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मंदिर के अधर्मी सेवादार को दी कुकर्म की ऐसी सजा कि रूह कांप जाएगी…

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नवीन समाचार, हरिद्वार, 3 अक्टूबर 2021। धर्म की आढ़ में व धर्म के नाम पर अधर्म करने वालों की कमी नहीं। ऐसे ही मंदिर में रहने वाले अधर्मी सेवादार को उसके द्वारा किए जाने वाले कुकर्म की ऐसी सजा मिली है कि रूह कांप जाए। अलबत्ता पुलिस ने कुकर्मी सेवादार को खुद कानून हाथ में लेकर सजा देने वाले आरोपित को पकड़ लिया है। अब उसे भी अपने अपराध की सजा मिलेगी।उत्तराखंड: मंदिर के सेवादार की हत्या का राज खुला, कुकर्म की वजह से हुआ कत्ल  (Haridwar mandir sewadar murder mistry solved)

बहरहाल, मामला मामला हरिद्वार के मंगलौर कोतवाली क्षेत्र के नसीरपुर गांव में मंदिर के सेवादार की निर्मम तरीके से हुई हत्या का है। इस मामले में गत 17 सितंबर को मंदिर के सेवाराम नाम के सेवादार का शव कई दिनों बाद कमरे से दुर्गंध आने के बाद सड़ी-गली अवस्था में बरामद हुआ था। मृतक के जांघ के पास में एक सरिए को तार जरिए दीवार में लगे बिजली के स्विच से जोड़ा गया था।

अब जबकि पुलिस ने सेवादार के हत्यारोपित को पकड़ लिया है तो खुलासा हुआ है कि हत्यारोपित ने सेवादार की हत्या उसके निजी अंग में लोहे का सरिया लगाकर और उसमें बिजली का करंट छोड़कर बेहद निर्मम तरीके से की थी। ऐसा करने के पीछे कारण भी दर्दनाक है।

पकड़े गए हत्यारोपित धर्मेंद्र निवासी मिरकपुर ने अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि वह गांव में मजदूरी करता था और सेवादार उसके साथ जबर्दस्ती अप्राकृतिक तरीके से कुकर्म करता था। 7 सितंबर की शाम लगभग 7 बजे उसने सेवादार से खुद का भूखा होने की बात कहते हुए कुछ खाने के लिए मांगा। सेवादार ने उसे खाने के लिए नहीं दिया और कमरे में ले जाकर उससे दुष्कर्म का प्रयास किया। साथ ही उसे धमकी दी कि वह उसे मंदिर की चोरी के इल्जाम में फंसा देगा। इस पर दोनों में हाथापाई हुई जिसमें सेवाराम बेहोश हो गया। इसके बाद आरोपित ने उसके गुप्तांगों में सरिया डालकर उस पर करंट छोड़ दिया और कमरा बंद कर भाग आया। पुलिस ने आरोपी को अपनी गिरफ्त में ले लिया है और उसके ऊपर कानूनी कार्यवाही करने की तैयारी की जा रही है। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : शातिर नाबालिगों ने नैनीताल से हल्द्वानी लौटते हुए चुराई थी बाइक, बाइक का नंबर के साथ ही रंग भी बदल दिया था

डॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 17 सितंबर 2021। ज्योलीकोट चौकी पुलिस गत दिवस निकटवर्ती ज्योलीकोट में पुलिस चौकी के पास से गायब हुई मोटर साइकिल संख्या यूके07एस-8219 को हल्द्वानी से बरामद कर लिया है। खास बात यह है कि वाहन चोरी करने वाले तीनों किशोर नाबालिग हैं। उन्होंने चोरी की गई बाइक का रंग से लेकर नंबर तक बदल दिया था। पुलिस अब उन्हें किशोर न्यायालय में पेश करने की तैयारी कर रही है।

उल्लेखनीय है कि ज्योलीकोट के समीपवर्ती ग्राम भल्यूटी निवासी विक्रम सिंह बर्गली पुत्र हरपाल सिंह बर्गली की घर के समीप एनएच के किनारे खड़ी अपाची मोटरसाइकिल गत छह सितंबर की रात्रि चोरी हो गई। विक्रम ने इस संबंध में ज्योलीकोट चौकी में अपनी मोटरसाइकिल चोरी की तहरीर दी, और थाना तल्लीताल में ऑनलाइन रिपोर्ट दर्ज कराई। मामले का खुलासा करते हुए ज्योलीकोट चौकी प्रभारी जोगा सिंह ने पकड़े गऐ आरोपित नाबालिग किशोरों की स्वीकारोक्ति के हवाले से बताया कि उन्होंने 6 सितंबर की रात्रि दो बजे नैनीताल से हल्द्वानी लौटते हुए ज्योलकोट से बाइक चुराई थी और इसे हल्द्वानी ले गए थे, व वहां बाइक का नंबर तथा उसका सफेद रंग काला कर दिया था। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

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डॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 6 सितंबर 2021। नगर के मल्लीताल गाड़ी पड़ाव के पास स्थित शराब की दुकान में गत 31 अगस्त को चोरी की घटना हुई थी। दुकान के संचालक आकाश जायसवाल ने मामले में मल्लीताल कोतवाली में तहरीर देकर 29 व 30 अगस्त की रात्रि दुकान से 3 हजार रुपए व करीब 6 हजार रुपए की शराब चोरी होने की शिकायत की थी।

इधर सोमवार को मल्लीताल कोतवाली के एसआई नितिन बहुगुणा ने शराब की दुकान के पास ही रहने वाले देव सिंह पुत्र रघु निवासी गाड़ी पड़ाव को दुकान से चोरी की गई 4 बोतल व तीन पव्वे शराब के साथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपित के अनुसार वह चोरी किए तीन हजार रुपए खर्च कर चुका है। एसआई कश्मीर सिंह ने बताया कि आरोपित नशेड़ी प्रवृत्ति का है, और ऐसी कई घटनाओं को अंजाम दे चुका है। अब तक वह खुद को नाबालिग बताता था, लेकिन इस बार पकड़े जाने पर जांच में वह बालिग निकला। इसके बाद उसे न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : पकड़ा गया नशे के लिए तीन दिन में ताबड़तोड़ आठ चोरी व लूट की घटनाओं को अंजाम देने वाला, 19 मामले हैं दर्ज

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 3 सितंबर 2021। नैनीताल जनपद की हल्द्वानी पुलिस ने शुक्रवार को हरियाणा निवासी एक ऐसे बड़े चोर को गिरफ्तार किया है, जिसके खिलाफ हरियाणा के चंडीगढ़ व पंचकूला क्षेत्र में 10 एवं हल्द्वानी क्षेत्र में नौ यानी कुल 19 मामले दर्ज हैं। आरोपित मूलतः उत्तराखंड का निवासी है तथा पिछले 14 वर्षों से मोहाली चंडीगढ़ में रहता है। उसने यहां तीन दिनों के भीतर चोरी व लूट की आठ घटनाओं को अंजाम दिया था। उसके कब्जे से तीन स्कूटी सहित चोरी किए गए कई पर्स व अन्य सामग्री बरामद हुई है। उसका कहना है कि वह नशे के लिए इन घटनाओं को अंजाम देता था। जनपद की एसएसपी ने उसे गिरफ्तार करने वाली टीम को उत्साहवर्धन के लिए ढाई हजार रुपए का ईनाम देने की घोषणा की है।

नैनीताल जनपद की एसएसपी प्रीति प्रियदर्शिनी ने शुक्रवार को बाकायदा पत्रकार वार्ता कर हल्द्वानी क्षेत्र के राम लीला ग्राउंड मंगलपडाव से स्कूटी संख्या यूके0र्4-3391 एक्टिवा, एसडीएम कोर्ट के सामने नैनीताल रोड पर महिला से पर्स लूट, बृजवासी कालोनी पीलीकोठी से महिला से पर्स, आईटीआई से स्कूटी सं0 यूके0र्4-1768 एक्टिवा, जीआरपी काठगोदाम से स्कूटी संख्या यूपी87एन-2450 को चोरी करने, जजफार्म में महिला से पर्स लूट, गैस गोदाम रोड में बुजुर्ग महिला से पर्स लूट तथा मानपुर पश्चिम टीपीनगर से 50 हजार रुपए सहित पर्स चोरी के मामलों का खुलासा करने का दावा किया।

बताया कि इन घटनाओं के खुलासे के लिए गठित पांच टीमों ने क्षेत्र के लगभग 650 से अधिक सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन करने के बाद कवि बिष्ट पुत्र कुंदन सिंह बिष्ट निवासी ग्राम काँसिल थाना नया गांव जिला मोहाली चंडीगढ को इन चोरी व लूट की घटनाओं की स्कूटी व माल सहित गिरफ्तार किया है। पूछताछ में आरोपित ने बताया कि वह पहले हल्द्वानी में रहता था और वर्ष 2016 से परिवार सहित चंडीगढ मोहाली शिप्ट हो गया है। नशे की लत के कारण उसने पहले चंड़ीगढ हरियाणा में और इधर गत 30 व 31 अगस्त तथा एक सितंबर को हल्द्वानी आकर इन घटनाओं को ताबड़तोड़ अंजाम दिया।

एसएसपी ने उसे गिरफ्तार करने वाले उप निरीक्षक देवेन्द्र बिष्ट, मनोज यादव, रविंद्र राणा, दिनेश जोशी, इंद्रजीत सिंह, निर्मल लटवाल, धरम सिंह, त्रिभुवन जोशी, कीर्ति राय तथा आरक्षी संजय कुमार, परवेज अली, हितेन्द्र वर्मा, इसरार नवी व बंशीधर जोशी की टीम को उत्साहवर्धन के लिए ढाई हजार रुपए के पुरस्कार देने की घोषणा की है। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल में एक खास ब्रांड की कारों के साइलेंसर चोरों का अंतर्राज्यीय गिरोह पकड़ा गया, वजह बहुत ही खास

-चोरों से चार साइलेंसर बरामद, आधा दर्जन साइलेंसर चोरी की बात स्वीकारी, साइलेंसर चोरी का कारण खास

पुलिस की गिरफ्त में कारों के साइलेंसर चोर गिरोह के सदस्य।

डॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 28 अगस्त 2021। अब तक दिल्ली-एनसीआर में सक्रिय मारुति ईको कार के साइलेंसरों को चोरी करने वाला गिरोह नैनीताल भी पहुंच गया है। इस गिरोह की कारस्तानियों का खुलासा शनिवार को इनके पकड़े जाने के बाद हुआ।

हुआ यह कि शुक्रवार की रात्रि नगर के बाहरी क्षेत्र बारापत्थर स्थित पार्किंग में खड़ी नगर के मो. हुसैन पुत्र मो. जमील निवासी मेट्रोपोल कंपाउंड मल्लीताल की ईको कार से कुछ लोग साइलेंसर चोरी कर रहे थे। संयोग से कार मालिक ने उन्हें देख लिया और दोनों पिता-पुत्र ने साजिद नाम के युवक की मदद से उन्हें पकड़ लिया और पास ही स्थित बारापत्थर चौकी पर पुलिस कर्मियों के सुपुर्द कर दिया।

पकड़े गए लोगों की पहचान ग्राम मोहम्मदपुर रुस्तमपुर थाना बहादुरगढ़ जनपद हापुड़ उत्तर प्रदेश निवासी 32 वर्षीय अफजल उर्फ फतेह खान पुत्र जाहिद खान, 25 वर्षीय रिहान खां पुत्र अफसर खां व 19 वर्षीय कमाल अहमद पुत्र रियाज अहमद के रूप में हुई। उनके कब्जे से ईको कारों के ही चार साइलेंसर बरामद हुए, जबकि उन्होंने पिछले 15-20 दिन से यहां आने तथा नगर के तल्लीताल व भवाली सहित अन्य स्थानों से करीब आधा दर्जन साइलेंसर चोरी करने की बात स्वीकारी है। यह भी खुलासा किया है कि वह इन साइलेंसरों को पांच हजार रुपए में कामरान नाम के व्यक्ति को बेचते थे। उनके गिरोह में एक चांद नाम का व्यक्ति भी शामिल है। उन्हें पकड़ने वाली पुलिस टीम में एसआई नितिन बहुगुणा, गणेश कुमार, जय प्रकाश व शाहिद आदि पुलिस कर्मी शामिल रहे।

ईको कारों के साइलेंसर चोरी की खास वजह
नैनीताल। विशेषज्ञों के अनुसार सभी कारों के साइलेंसर में प्लेटिनम, पैलेडियम और रोडियम धातुओं के संयुक्त तौर पर पीजीएम यानी प्लेटिनम ग्रुप ऑफ मेटल्स कही जाने वाली धातु का पट्टी नुमा कैटेलिटिक कन्वर्टर मौजूद होता है। इसका कार्य वाहन से निकलने वाले धुंवे के कार्बन के प्रदूषण को समाप्त करना होता है। यह नई पट्टी बाजार में 12 से 13 हजार रुपये की आती है। चांदी की तरह सफेद दिखने वाले पीजीएम को ‘सफेद सोना’ या ह्वाइट गोल्ड और देशी भाषा में धूल या मिट्टी भी कहा जाता है, और इसकी कीमत सोने से भी ज्यादा होती है। अन्य वाहनों के साइलेंसर में 450 जबकि ईको के साइलेंसर में 950 ग्राम तक पीजीएम की मिट्टी होती है। इस कारण ही चोर देश भर में ईको कारों के साइलेंसर की बड़े पैमाने पर चोरी कर रहे हैं। बताया जाता है कि आगे इन धातुओं की धूल या मिट्टी को बड़े उद्योगों को प्रति 10 ग्राम 3 से 6 हजार रुपये के भाव में बेचा जाता हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : दीक्षा हत्याकांड का पुलिस ने 36 घंटों के भीतर किया खुलासा, साल भर से पहले ही पीछा छुड़ाने पर तुला था इमरान

-लिवइन में साथ रहते हुए एक वर्ष में ही पीछा छुड़ाना चाहता था हत्यारोपित, इसीलिए की हत्या

हत्यारोपित को न्यायालय में पेश करने ले जाती पुलिस।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 17 अगस्त 2021। सोमवार को नगर के मल्लीताल कोतवाली के पास नोएडा निवासी 30 वर्षीय दीक्षा मिश्रा नाम की महिला की नग्नावस्था में मौत के मामले में पुलिस ने 36 घंटे के भीतर ही हत्यारोपित इमरान उर्फ ऋषभ को पकड़ लिया है। हत्यारोपित से हुई पूछताछ के आधार पर पुलिस ने जानकारी दी है, उसके अनुसार आरोपित एक वर्ष से दीक्षा के साथ रह रहा था, और इतने समय में ही उससे परेशान हो गया था।

हत्यारोपित का कहना है कि 6-10 सबकुछ ठीक चलने के बाद पिछले दो-ढाई माह से दोनों के बीच अनबन होने लगी थी। इसलिए वह उससे पीछा छुड़ाना चाहता था। घटना के दिन भी जन्म दिन की पार्टी करने के बाद दोनों की तू-तू मैं-मैं हुई। इस पर दोनों ने एक-दूसरे को थप्पड़ मारे। फिर इमरान ने दीक्षा को धक्का दिया, जिससे उसका सिर पलंग पर लगा। तभी उसने पूर्व से चले आ रहे गुस्से के कारण दीक्षा की गला दबाकर हत्या कर दी।

बुधवार को मल्लीताल कोतवाली में आयोजित पत्रकार वार्ता में एसपी-अपराध देवेंद्र पींचा ने बताया कि हत्यारोपित इमरान उर्फ ऋषभ पुत्र इत्वेजामुद्दीन निवासी ई-220 पटेलनगर-़िद्वतीय थाना सिहानी जिला गाजियाबाद उत्तर प्रदेश को कोतवाली पुलिस ने एसओजी एवं स्थानीय पुलिस की मदद से मंगलवार शाम 7.40 बजे गाजियाबाद में उसके घर के पास से गिरफ्तार कर लिया। उसे गिरफ्तार करने वाली टीम में उप निरीक्षक नितिन बहुगुणा, आरक्षी जगपाल सिंह, एसओजी के त्रिलोक सिंह, कुंदन सिंह कठायत व शाहिद अली आदि शामिल रहे। एसएसपी की ओर से पुलिस टीम को ढाई हजार रुपए का ईनाम देने की घोषणा की जा रही है। आरोपित को न्यायालय में पेश करने के लिए ले जाया गया है।

पुराने प्रेमी से भी थे सम्बन्ध, परिजनों ने नहीं-दोस्त ने दर्ज कराई है प्राथमिकी

मामले में यह बात भी प्रकाश में आई कि अपने पति से शादी के करीब दो साल बाद ही तलाक हो गया था। इसके बाद दीक्षा करीब पांच वर्ष तक किसी अन्य युवक के साथ संबंधों में रही, और इधर एक वर्ष से इमरान उर्फ ऋषभ के साथ लिव-इन में रह रही थी। यह भी पता चला है कि दीक्षा की अपने पूर्व प्रेमी से अब भी बात होती थी। बताया जा रहा है कि घटना के दिन भी दीक्षा के मोबाइल पर उसके पूर्व प्रेमी का मैसेज आया था। इसे देखकर ही इमरान और दीक्षा के बीच विवाद हुआ था, और इसे लेकर ही उसकी हत्या कर दी गई। कुल मिलाकर इस घटना से फिर साबित हो गया कि अवैध संबंधों का अंजाम हमेशा बुरा ही होता है। फिर चाहे अवैध संबंध पुरुष रखे या महिला। इस मामले में भी जहां एक से अधिक लोगों से संबंध रखने वाली महिला की जान चली गई है, वहीं ऐसा ही कुछ करने वाले युवक की जिंदगी अब जेल की सींखचों के पीछे कटेगी। इस मामले में एक और बात यह भी है कि मामले में हत्यारोपित इमरान के खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट मृतका के भाई या किसी परिवार वाले ने नहीं, बल्कि उसकी दोस्त श्वेता ने दर्ज कराई है। ऐसे में वह भविष्य में इस केस को कितनी मजबूती से लड़ेगी यह कहना भी मुश्किल है। ऐसे में यदि इमरान जल्द जेल से छूट जाए तो आश्चर्य नहीं होगा।

घर वालों को लगा चुका है 70 लाख का चूना
नैनीताल। हत्यारोपित के बारे में यह भी खुलासा हुआ है कि उसने अपने परिजनों को बताए बिना अपने घर को गिरवी रखकर 70 लाख रुपए का लोन लिया हुआ है। इस कारण उसके अपने परिजनों से भी अच्छे संबंध नहीं है। इसके अलावा उसके विरुद्ध दुर्घटना के मामले में भी केस चल रहा है। यह भी दावा किया गया कि दीक्षा को उसका नाम इमरान होने का पता था। पर उसके साथ रहते हुए स्थानीय लोगों को आपत्ति न हो, इसलिए उसके साथ वह ऋषभ के नाम से रहता था।

नैनीताल व रामनगर के होटल का चालान, सब होटलों की होगी जांच
नैनीताल। इस मामले में मृतका सहित दो जोड़े यानी चार लोग 13 अगस्त को रामनगर के ‘ला सीजन’ व 14 व 15 अगस्त को नैनीताल के गैलेक्सी होम स्टे में रुके थे। दोनों जगह होटलों ने उनसे चारों की जगह दो ही लोगों के पहचान पत्र लिए थे। इसलिए पुलिस दोनों होटलों का पुलिस एक्ट में चालान कर रही है। साथ ही एसपी देवेंद्र पींचा ने बताया कि पर्यटन विभाग के साथ नगर के सभी होटलों की जांच की जाएगी कि वह वैध रूप से चल रहे हैं और उनमें मानकों का पालन किया जा रहा है और उनमें मानकों का पालन किया जा रहा है अथवा नहीं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

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-इमरान बना था ऋषभ, खुद भी पत्नी से तलाक ले चुका है, साथ आई दूसरे जोड़े की मुस्लिम लड़के के साथ आई हिंदू लड़की भी तलाकशुदा
-आरोपित दिल्ली से भी फरार, उसके अपने माता-पिता से भी ठीक संबंध नहीं, वहां भी धोखाधड़ी कर चुका

इमरान उर्फ़ ऋषभ के साथ कमरे में मृतका (फाइल फोटो)।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 17 अगस्त 2021। सोमवार को नगर के मल्लीताल कोतवाली के पास नोएडा निवासी 30 वर्षीय दीक्षा मिश्रा नाम की महिला की नग्नावस्था में मौत के मामले में कई सनसनीखेज खुलासे हुए हैं। पुलिस से प्राप्त जानकारियों के अनुसार मृतका को साथ लाया और उसकी हत्या कर फरार हुआ युवक अपना नाम ऋषभ तिवारी बताता था, लेकिन उसका वास्तविक नाम इमरान था, और वह कबाड़ी का काम करता था। जबकि महिला रियल स्टेट में अच्छी नौकरी करती थी, और अपने पिता की निधन के बाद वही पूरे घर को संभालती थी। देखें विडियो :

अपने पति से कई वर्षों से अलग रहने के बावजूद उसने दो माह पूर्व अपना फ्लैट व इधर हाल में नई कार ली थी और अपनी 10-11 वर्षीय बेटी को खुद पालती थी। यह भी खुलासा हुआ कि मृतका को इमरान उर्फ ऋषभ की हकीकत पता थी। वह 6 वर्ष से जाने कैसा ‘लव’ करते हुए उसके साथ लिव-इन में रह रही थी और उसने अपने सीने पर दिल के पास उसे नंगा कर मारकर फरार हुए इमरान का नाम गुदा रखा था।

यह भी खुलासा हुआ है कि हत्यारे इमरान का भी अपनी पत्नी से तलाक हो चुका है। साथ ही उसके अपने माता-पिता से संबंध ठीक नहीं है। वह करीब एक वर्ष से अपने माता-पिता के संपर्क में नहीं है। उसने अपने परिजनों के साथ भी धोखाधड़ी की है और बदमाश प्रवृत्ति का है। उसने धोखाधड़ी के लिए अपनी फेसबुक आईडी भी ऋषभ तिवारी के नाम से बनाई थी। यह खुलासा भी हुआ है कि उनके साथ जो एक अन्य युगल भी यहां आया था, उसमें लड़की श्वेता हिंदू व लड़का अलमास उल हक यानी मुस्लिम था और करीब 30 वर्षीय युवती से करीब 10 साल छोटा भी था। श्वेता का भी अपने पति से तलाक हो चुका है और उसके भी पूर्व पति से 11 व 12 वर्षीय दो बच्चे हैं। यानी दोनों युवक अच्छे पैंसों वाली तलाकशुदा महिलाओं से संबंध बनाए हुए थे।

यह भी पता चला है कि घटना से पहले मृतका के जन्म दिन की पार्टी में इमरान उर्फ ऋषभ के अलावा मृतका सहित तीनों ने शराब पी थी। इसके बाद दूसरे युगल के अपने कमरे में जाने के बाद इमरान ने दीक्षा की हत्या रात्रि साढ़े 12 से ढाई बजे के बीच किसी समय की और होटल के सीसीटीवी में वह रात्रि दो बजकर 55 मिनट पर होटल से भागा। वह साथ में मृतका का मोबाइल व अन्य कागजात भी साथ ले गया। दिल्ली पहुंचकर दीक्षा के फ्लैट में गया और उसकी बेटी से दीक्षा के मोबाइल का पासवर्ड लेकर व अन्य सामान व कागजात लेकर कहीं और फरार हो गया। यह भी पता चला है कि मृतका दीक्षा का विवाह 2008 में खुर्जा यूपी निवासी पवन शर्मा के साथ हुआ था। अक्सर पति द्वारा शराब पीकर मारपीट करने के कारण दो साल बाद ही दीक्षा बेटी के पैदा होने के बाद पति से अलग रहने लगी थी। फिलहाल दोनों का तलाक का मामला कोर्ट में लंबित है।

इधर एसपी-अपराध देवेंद्र पींचा ने बताया कि मामले में आरोपित इमरान उर्फ ऋषभ तिवारी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। साथ ही उसकी तलाश में एसओजी व कोतवाली के एसआई नितिन बहुगुणा की अगुवाई में पुलिस की टीमें भेजी गई हैं। हत्यारा दिल्ली से भी फरार हो गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि शीघ्र ही हत्यारा सलाखों के पीछे होगा।

‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ के साथ ‘बेटी संभालो’ भी जरूरी

बेटी का शव देखने के बाद बार-बार बेहोश हुई मां को होश में लाने का प्रयास करते परिजन।

नैनीताल। पोस्टमार्टम हाउस में मृतका के पोस्टमार्टम में काफी विलंब हुआ। गत रात्रि ही नगर में आ चुके मृतका के परिजन, उसकी मां बीना मिश्रा, भाई अंकुर मिश्रा, दोस्त सीमा शर्मा व कशिश चौधरी सुबह साढ़े 10 बजे मोर्चरी में बेटी का पोस्टमार्टम होने के भरोसे में पहुंच गए थे, ताकि पोस्टमार्टम के उपरांत उसके शव को जल्दी अपने घर ले जा सकें, लेकिन करीब साढ़े 11 बजे शव पहुंचा जबकि पोस्टमार्टम करीब सवा 12 बजे शुरू हो पाया। इस दौरान मृतका की मई कई बार बेहोश होती रही। इस कार उपस्थित लोग भी दुःखी होते रहे और पुलिस एवं चिकित्सकों की पोस्टमार्टम जैसे कार्यों में भी देरी करने को लेकर संवेदनहीनता के आरोप लगाते रहे। साथ ही यह भी सुना गया कि ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ के साथ ‘बेटी संभालो’ भी होना चाहिए। बेटियों को खुद भी संभलना चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल में नग्नावस्था में मृत मिली महिला के मामले में सनसनीखेज खुलासा, इमरान बना था ऋषभ, लव जिहाद की आशंका !

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 16 अगस्त 2021। सोमवार को नगर के मल्लीताल कोतवाली के पास नोएडा निवासी 30 वर्षीय दीक्षा मिश्रा नाम की महिला की नग्नावस्था में मौत के मामले में नया खुलासा हो रहा है। पुलिस के भरोसेमंद सूत्रों के अनुसार महिला के साथ जो युवक आया और रह रहा था और हत्या करने के बाद फरार हुआ, उसका नाम ऋषभ नहीं, बल्कि इमरान था, और वह कबाड़ का काम करता था। इस तरह यह मामला ‘लव जिहाद’ की दृष्टि से भी देखा जा रहा है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल में जन्म दिन मनाने आई महिला की हत्या, मुकदमा दर्ज, लिव-इन में रह रहा साथी फरार

बताया जा रहा है कि इमरान ने ऋषभ बनकर शादीशुदा व एक 10 वर्षीय बेटी की मां दीक्षा को अपने झूठे प्यार के जाल में फंसाकर उसका उसके पति से तलाक करवाया और फिर नोएडा से उसे मारने की नीयत से ही 13 अगस्त को यहां लेकर आया। 13 को रामनगर में रुकने के बाद 14 को वह नैनीताल पहुंचे थे और यहां गैलेक्सी होम स्टे में रुके थे। गौरतलब है कि उनके साथ जो दूसरा युगल आया है उसमें भी लड़की श्वेता यानी हिंदू और लड़का अलमास उल हक यानी मुस्लिम बताया जा रहा है। यह भी बताया जा रहा है कि दूसरा युगल भी आपस में पति-पत्नी नहीं हैं।

वहीं होमस्टे के सीसीटीवी से खुलासा हुआ है कि इमरान उर्फ ऋषभ दीक्षा को मारने के बाद रात्रि दो बजकर 55 मिनट पर होटल से भागा। बताया जा रहा है कि वह नैनीताल से पहले दिल्ली भागा और वहां से भी आगे फरार हो गया है। बहरहाल, पुलिस उसके काफी करीब पहुंच गई बताई जा रही है।

यह भी पता चला है कि दीक्षा नोएडा में एक रियल स्टेट कंपनी में काम करती थी। उसके पास अपनी गाड़ी भी थी, लेकिन नैनीताल आते समय दीक्षा ने अपने एक दोस्त को अपनी गाड़ी दे दी और खुद उसकी आई—20 कार लेकर यहां आई थी। इमरान नैनीताल से भागते समय इसी गाड़ी को लेकर फरार हुआ है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

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नवीन समाचार, खानपुर (हरिद्वार), 4 अगस्त 2021। उत्तराखंड के हरिद्वार जिले के लक्सर में बेटी की शादी से केवल एक दिन पहले एक पत्नी द्वारा अपने भाई व बेटे की मदद से अपने पति की हत्या किए जाने का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। खानपुर पुलिस ने बुधवार को खुलासा किया कि तुगलपुर से गत माह 13 जुलाई को लापता हुए जयभगवान गिरी की हत्या उसकी पत्नी ने बेटे व भाई की मदद से गला दबाकर की थी, और शव को बिना अंतिम संस्कार के गंगा नदी में फेंक दिया था। पुलिस ने इस मामले में मृतक की पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसका बेटा व भाई फरार हैं। शव भी अभी गंगा से बरामद नहीं हो सका है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार खानपुर थाने के तुगलपुर गांव के 42 वर्षीय जयभगवान गिरी ने अपनी बेटी की शादी गढ़ मुक्तेश्वर (मेरठ) से तय की थी। 14 जुलाई में बेटी की बारात आनी थी, लेकिन इससे ठीक 24 घंटे पहले 12-13 जुलाई की रात जयभगवान घर से लापता हो गया। उसके भाई सीताराम की तहरीर पर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर जांच की, पर पता नहीं लगा। पिछले हफ्ते गुमशुदगी को अपहरण में तरमीम किया गया था।

बुधवार को सीओ बीएस चौहान ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि जयभगवान अक्सर पत्नी अर्चना से मारपीट करता था। 12-13 जुलाई की रात भी उसने पत्नी से मारपीट की थी। नाराज अर्चना ने अपने बेटे आलोक व भाई मोनू गिरी निवासी कोठी, थाना परिक्षितगढ़ (मेरठ) की मदद से गला दबाकर जयभगवान की हत्या कर दी थी। इसके बाद रात में ही उन्होंने शव को गांव से थोड़ी दूर गंगा नदी में फेंक दिया था। खुलासा करने वाली टीम में एसओ अभिनव शर्मा, एसआई आशीष शर्मा, एसआई कल्पना शर्मा, एसआई आशीष नेगी, जौहर सिंह व सुष्मिता रावत शामिल हैं। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : 32 लाख की नगदी चोरी के मामले में कुमाऊं एसटीएफ ने पकड़े पिता-पुत्र सहित तीन शातिर

नवीन समाचार, देहरादून, 31 जुलाई 2021। कुमाऊं एसटीएफ और गैरसैंण पुलिस ने गत 10 जुलाई की रात गैरसैंण के पोस्ट आफिस से 32 लाख रुपये की नकदी चोरी होने के मामले में दो शातिर चोरों को कुंडेश्वरी और सोमेश्वर से गिरफ्तार किया है। एक आरोपित का पिता भी गिरफ्तार किया गया है। आरोपितों के पास से चोरी के 20 लाख रुपये नकद, बाइक, लेपटॉप व एप्पल का मोबाइल आदि सामान बरामद हुआ है। आरोपितों को गैरसैंण पुलिस ने जेल भेज दिया है।

कुमाऊं एसटीएफ प्रभारी एमपी सिंह ने बताया कि 10 जुलाई की रात गैरसैंण के पोस्ट आफिस से 32 लाख रुपये की नकदी चोरी के पर्दाफाश के लिए उत्तराखंड एसटीएफ और गैरसैंण पुलिस जुटी हुई थीं। इधर शाम को पुलिस को सूचना मिली कि एक आरोपित कैलाश नेगी पुत्र नरेंद्र सिंह नेगी निवासी चौखुटिया अल्मोड़ा कुंडेश्वरी काशीपुर की फौजी कालोनी में अपने ताऊ के घर में छिपा हुआ है। गैरसैंण पुलिस और एसटीएफ ने फौजी कालोनी में छापा मारकर आरोपित को पकड़ लिया।

इसी दौरान पता चला कि चोरी के पैसे ठिकाने लगाने में कैलाश का पिता नरेंद्र सिंह भी मदद कर रहा है। जबकि आरोपित ने कुछ पैसा दोस्तों के साथ मौज-मस्ती करने, महंगे मोबाइल, लेपटॉप आदि खरीदने में उड़ा दिया है। पिता नरेंद्र सिंह से भी चोरी के पैसे बरामद हुए, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। इसी मामले में दूसरे आरोपित चौखुटिया के ही रहने वाले राजेंद्र गिरी पुत्र कैलाश गिरी को भी सोमेश्वर से गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके पास से दस लाख रुपये नकद, दो मोबाइल, एक लेपटॉप बरामद हुआ है। शनिवार को गैरसैंण की कोर्ट में तीनों आरोपितों को पेश कर जेल भेज दिया गया है। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : लिव-इन में रखा, मन भर गया तो हत्या कर दी, हुआ दो माह से गायब युवती की मौत का सनसनीखेज खुलासा…

नवीन समाचार, नैनीताल, 27 जून 2021। देहरादून में करीब दो माह पूर्व ऑनलाइन भाषा अनुवादक का काम करने वाली पश्चिम बंगाल निवासी युवकी गायब हो गई थी। अब पुलिस ने खुलासा किया है कि युवती चंदपुर नकुड़ जिला सहारनपुर निवासी खनन सामग्री की आपूर्ति करने वाले अंकित नाम के युवक के साथ लिव-इन में रह रही थी। इस युवक ने ही मन भर जाने पर गत 28 अप्रैल को टैरेस से गिराकर उसकी हत्या कर दी थी और शव को किमाड़ी रोड पर ले जाकर जला दिया था।

राजपुर थानाध्यक्ष राकेश शाह ने बताया कि पश्चिम बंगाल निवासी युवती लंबे समय से अंकित निवासी चंदपुर, नकुड़ जिला सहारनपुर के संपर्क में थी। अंकित दून में खनन मेटिरियल सप्लायर है। युवती करीब एक साल पहले तक दिल्ली में नौकरी करती थी। वहां से आठ महीने पहले वह दून आकर युवक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगी। यहां वह ऑनलाइन भाषा अनुवादक के रूप में कार्य करती थी। इधर बेटी के गायब होने पर उसके परिजन दून पहुंचे और पुलिस में गुहार लगाई। पुलिस ने लापता युवती की कॉल डिटेल निकाली तो उसके अंकित के संपर्क में रहने की बात पता चली और उसकी आखिरी मोबाइल लोकेशन जाखन में मिली। इस पर पुलिस ने अंकित के खिलाफ शनिवार रात मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने बताया कि 28 अप्रैल को टैरेस से गिरकर उसकी मौत हो गई। उसने खुद को बचाने के लिए शव को किमाड़ी रोड पर ले जाकर जला दिया। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : ‘प्रेम में पागल’ प्रेमी ने की थी प्रेमिका के पति की हत्या

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 15 जून 2021। हल्द्वानी पुलिस ने गत दिवस हुई कैटरिंग कारोबारी सोनू गुप्ता की हत्या का खुलासा कर दिया है। उसकी हत्या उसके दोस्त और कभी व्यवसाय में सहयोगी रहे सोनू सैनी ने गमछे से गला घोंटकर की थी। आरोपित ने मृतक की पत्नी के साथ प्रेम संबंधों को और हत्या करना स्वीकार करते हुए कहा, वह प्रेम में पागल हो गया था। पुलिस ने उसे मंगलवार को हिरासत में लेकर न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया। मामले का खुलासा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल ने मंगलवार को प्रेस कांफ्रेस कर किया है।

मंगलवार को जनपद की एसएसपी ने बताया कि हत्याकांड का खुलासा करते हुए बताया कि हत्यारोपित का मृतक की पत्नी के साथ प्रेम संबंध था। वह पति की अनुपस्थिति में उसके घर उसकी पत्नी से मिलने जाता था। इधर घटना के दिन रात करीब साढे आठ बजे दोनों ने पूर्व में सहयोगी होने के नाते साथ बैठकर शराब पी। इसी दौरान सोनू गुप्ता ने सोनू सैनी से कहा कि वह उसकी पत्नी से दूर रहे, वरना वह उसकी हत्या कर देगा। इस पर सैनी गुप्ता को बहलाकर दानिश के बगीचे में ले गया, और वहां अपने अंगोछे से सोनू गुप्ता की गला घोंटकर हत्या कर दी। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त गमछा बरामद कर लिया गया है। उल्लेखनीय है कि इस मामले में मृतक की पत्नी अपने प्रेमी को बचाने की कोशिश कर रही थी। उसने अपने प्रेमी की जगह अपने जेठ आदि पर बच्चों के विवाद को लेकर हत्या करने का अंदेशा जताया था, किंतु पुलिस ने उसकी कहानी की हवा निकाल दी। अब पुलिस इस बात की भी जांच कर सकती है कि उसके पति की हत्या में उसका भी कोई हाथ था अथवा घटना क्षणिक आवेश की वजह से बिना योजना के कर दी गई। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : ‘नवीन समाचार’ एक्सक्लूसिव: खुल गया बीडी पांडे जिला चिकित्सालय को मिले बड़े गुप्तदान का राज…

नवीन समाचार, नैनीताल, 17 मई 2021। नैनीताल के बीडी पांडे जिला चिकित्सालय को गुप्त दान में मिले 210 ऑक्सीजन कंसंट्रेटरों का राज खुल गया है। यह ऑक्सीजन कंसंट्रेटर बंगलुरू की स्वयं सेवी संस्था ‘एक्ट ग्रांट्स’ के द्वारा दिए गए हैं। यह स्वयं सेवी संस्था ‘ऑक्सीजन फॉर एवरीवन’ यानी ‘हर व्यक्ति के लिए ऑक्सीजन’ के अपने थीम वाक्य के साथ लोगों से अनुदान लेती है, और विदेशों से देश के लिए ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मंगवाती है। इस संस्था ने भारत में 50 हजार ऑक्सीजन कंसंट्रेटर देने का लक्ष्य रखा है। यह जानकारी लगने पर नैनीताल जिला प्रशासन ने डीएम धीराज गर्ब्याल की अगुवाई में संस्था से गत 5 मई को 3 स्थानों के लिए 600 ऑक्सीजन कंसंट्रेटरों की मांग की थी। इस कार्य में नगर के सेंट जोसफ कॉलेज के पूर्व छात्र रहे अंतर्राष्ट्रीय धावक हरीश तिवारी और 1989 बैच के पूर्व छात्र आशुतोष जोशी की संस्था से संपर्क स्थापित करने में तथा जनपद के मुख्य विकास अधिकारी नरेंद्र सिंह भंडारी की इस हेतु प्रस्ताव तैयार करने में बड़ी भूमिका रही है।

डीएम श्री गर्ब्याल ने ‘नवीन समाचार’ को बताया कि इनमें से पूर्व में 21 और अब 210 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर प्राप्त हो गए हैं। उन्होंने बताया कि इन ऑक्सीजन कंसंट्रेटरों को जनपद की सभी 479 ग्राम सभाओं, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और दूरस्थ क्वारन्टाइन सेंटरों में उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन ने अब कोरोना के विरुद्ध रणनीति बदली है। इसके तहत एक ओर ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा सुविधाओं को बढ़ाया जा रहा है। इस कड़ी में जनपद के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को ऑक्सीजन कंसंट्रेटर सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराकर कोविद केयर सेंटर के रूप में बदला गया है, और अब प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में यह ऑक्सीजन कंसंट्रेटर उपलब्ध कराकर वहां भी चिकित्सा सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। इसके अलावा दूसरी ओर हर ग्राम विकास अधिकारी व ग्राम पंचायत सचिवों को पांच-पांच गांवों के ग्राम प्रधान को फोन कर वहां कोरोना की स्थिति पर नजर रखने का लक्ष्य दिया गया है। इस तरह हर गांव की स्थिति पर जिला प्रशासन नजर रख रहा है।

यह भी पढ़ें : अंधेरी रातों में ‘शहंशाह’ बन कर निकलता था एक नाबालिग और करता था चोरी….

नवीन समाचार, नैनीताल, 15 अप्रैल 2021। नगर के प्राचीन पाषाण देवी मंदिर में गत दिवस चोरी की घटना हुई थी। तल्लीताल थाने के चीता मोबाइल प्रभारी शिवराज राणा ने इस घटना का सनसनीखेज एवं दिलचस्प खुलासा हुआ है। चोर एक नौवीं कक्षा का 16 वर्षीय छात्र निकला है जो रात्रि ढाई से चार बजे के बीच अंधेरी रातों में निडर हो फिल्मी ‘शहंशाह’ की भांति नगर की गलियों में निकलता था। उसने ही तीन दिनों में पाषाण देवी मंदिर में चोरी की घटना को अंजाम दिया है। उससे चोरी की गई रेजगारी व मंदिर का कलश आदि पूरी सामग्री बरामद कर ली गई है। इसके बाद मंदिर के पुजारी ने नाबालिग चोर के भविष्य को देखते हुए उसके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई न करने का इरादा जताया है। अलबत्ता उसकी ओर से मंदिर के तोड़े गए सीसीटीवी कैमरों की भरपाई का आश्वासन मांगा है।

देखें ‘नवीन समाचार’ में प्रकाशित संबंधित समाचार : नैनीताल पुलिस को चोरों की चुनौती: कार के चारों पहियों के बाद अब मंदिर में कलश व छत्र आदि की चोरी…

बताया गया है कि चोरी करने वाला नाबालिग नगर के सूखाताल के कब्रिस्तान क्षेत्र में अपनी मां व छोटे भाई के साथ रहता है। उसके पिता नहीं हैं। कब्रिस्तान क्षेत्र में रहने की वजह से वह रात्रि में किसी बात से डरता नहीं है, इसलिए रात्रि में करीब ढाई बजे बिना अपनी मां व भाई की जानकारी के बिना चुपचाप घर से निकल जाता था और नगर में निडर हो निकलता था और रात्रि चार बजे तक वापस घर लौटकर अपने कमरे में सो जाता था। इसी तरीके से उसने पहले दिन शातिर तरीके से पाषाण देवी मंदिर के सीसीटीवी कैमरे तोड़ डाले। दूसरे दिन आकर रेजगारी व कलश आदि की चोरी की। इसी दिन चोरी की घटना का मामला सार्वजनिक होने पर उसने अपने दोस्तों को कहते सुना कि जिसने भी चोरी की होगी वह चीता मोबाइल प्रभारी से बच नहीं पाएगा। इस पर वह तीसरी रात्रि फिर मंदिर आया और सीसीटीवी कैमरों की डीबीआर चोरी करने का प्रयास किया किंतु मंदिर के पुजारी के कक्ष मंे ताला लगा होने की वजह से वह ऐसा नहीं कर पाया और अब सुरागकसी के बाद पकड़े जाने पर स्वयं उसने ऐसा खुलासा किया है। उसका कहना है कि घर की कमजोर आर्थिक स्थिति की वजह से चोरी करता था।

यह भी पढ़ें : पहाड़ पर मैदानों जैसी वारदात ! व्यावसायिक रंजिश के लिए कर दी ममेरे भाई की हत्या…

नवीन समाचार, गरुड़-बागेश्वर, 01 मार्च 2021। लगता है मैदानी क्षेत्रों के अपराधी प्रवृत्ति के लोग पहाड़ों तक पहुंच गए हैं। प्रदेश के दूरस्थ पर्वतीय जनपद बागेश्वर के गरुड़ क्षेत्र में एक युवक द्वारा व्यावसायिक रंजिश के लिए अपने रिश्ते के ममेरे भाई की हत्या करने का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। पुलिस ने हत्यारोपित को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही आरोपित की निशानदेही पर जंगल से मृतक का क्षत-विक्षत शव बरामद कर पीएम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। हत्यारोपित गरुड़ में टाइल लगाने का काम करता था। उसने ही मृतक को वहां बुलाकर काम दिलाया था, लेकिन बाद में मृतक का काम अधिक बढ़ गया, जबकि आरोपित का काम घटने लगा। इसी कारण उसने हत्या कर दी।
प्राप्त जानकारी के अनुसर सोमवार को जनपद के बैजनाथ थाने में पुलिस अधीक्षक अमित श्रीवास्तव ने 22 वर्षीय राशिद के सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि बीती 26 फरवरी को मोहम्मद नवी नाम के व्यक्ति ने अपने बेटे राशिद की गुमशुदगी की रिपोर्ट थाना बैजनाथ में दर्ज कराई थी। साथ ही उन्होंने 23 वर्षीय दानिश पुत्र मेहंदी हसन निवासी बहेड़ी पर अपने पुत्र राशिद की हत्या का शक भी जताया था। इस पर थानाध्यक्ष पंकज जोशी के नेतृत्व में पुलिस ने जब दानिश से पूछताछ की तो उसने कबूल कर लिया कि व्यवसायिक रंजिश के कारण उसने राशिद की हत्या कर दी थी। पुलिस ने बताया कि आरोपित दानिश बीती 18 फरवरी को राशिद पुत्र मुहम्मद नवी निवासी बहेड़ी को अपने साथ बाइक से अणा-लोहारचौरा के जंगल की ओर ले गया। एकांत में मौका देखकर डंडे से उसके सिर में वार कर उसकी हत्या कर दी। पहचान मिटाने के लिए उसने राशिद के चेहरे को जला दिया और शव को पत्थरों से एक खाई में दबा दिया। घर न पहुंचने पर राशिद के परिजनों ने दानिश से उसके बारे में पूछा तो वह राशिद के दिल्ली, मुंबई चले जाने की बात करने लगा। इसके बावजूद परिजनों ने राशिद की काफी ढूंढ-खोज की, लेकिन उसका कहीं कोई पता नहीं लगा। तब उन्हें दानिश पर ही शक होने लगा। इसलिए उन्होंने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस अधीक्षक श्रीवास्तव ने बताया कि आरोपित दानिश पिछले आठ सालों से गरुड़ में टाइल लगाने का काम करता था। काम बढ़ता देख उसने अपने ममेरे भाई राशिद को डेढ़ साल पूर्व अपने साथ काम करने के लिए बुला लिया। काम करते हुए राशिद ने अच्छी खासी पहचान बना ली और उसका काम बढ़ने लगा। जबकि दानिश काम में पिछड़ता चला गया। इस कारण दानिश राशिद से व्यावसायिक रंजिश रखने लगा। उसने उसे ठिकाने लगाने की योजना बना ली और बीती 18 फरवरी को उसकी हत्या कर दी। आरोपित दानिश के खिलाफ धारा 302 व 201 के तहत मुकदमा दर्ज कर दिया गया है। मंगलवार को उसे न्यायालय में पेश किया जाएगा।

यह भी पढ़ें : आज व दो दिन पूर्व हुई चोरियों का पुलिस ने किया चौंकाने वाला खुलासा…

नवीन समाचार, नैनीताल, 16 फरवरी 2021। नैनीताल पुलिस ने कुछ ही घंटों के भीतर नगर के तल्लीताल क्षेत्र में मंगलवार सुबह व दो दिन पूर्व वाहनों से हुई चोरियों का खुलासा कर दिया है। बड़ी बात यह है कि चोरी के सामान के साथ पकड़े गए आरोपित 13 व 15 साल के तीन नाबालिग किशोर हैं। उनके कब्जे से पुलिस ने मोटरसाइकिलों की 3 बैटरी, 3 म्यूजिक सिस्टम तथा 1-1 बेस ट्यूब एवं बड़ा व छोटा स्पीकर तथा चार कार स्पीकर बरामद बरामद किए हैं।

यह भी पढ़ें : खड़ी चढ़ाई पर कार सड़क से बाहर लटकी, युवक-युवती को बमुश्किल बाहर निकाला…
तल्लीताल थाना प्रभारी विजय मेहता ने बताया कि मंगलवार सुबह राजकुंवर पुत्र हुकम सिंह निवासी मैलविल हॉल मालरोड नैनीताल ने थाना तल्लीताल पर अनामिका होटल जिला पंचायत रोड पर खड़े अपने वाहन संख्या यूके05ं-3448 का अज्ञात व्यक्तियों द्वारा शीशा तोड़कर म्यूजिक सिस्टम व स्पीकर चोरी कर लिए जाने की सूचना दर्ज कराई थी। इसके अलावा गत 13 फरवरी को जिला पंचायत रोड पर खड़ी सुमित कुमार की कार से भी म्यूजिक सिस्टम चोरी हुई थी व अन्य वाहनों की बैटरी चोरी होने की सूचना भी दर्ज कराई गई थी। इन सूचनाओं पर थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 379 व 427 के तहत मामला पंजीकृत किया गया था और मामले की विवेचना उपनिरीक्षक दीपक बिष्ट को सोंपी गई थी। इस पर विवेचना तथा सुरागकसी करते हुए मंगलवार शाम को 13 व 15 वर्षीय तीन विधि विवादित किशोरों को पुरानी चुंगी भवाली रोड के पास चुराए गए सम्मान के साथ गिरफ्तार किया गया है। फिलहाल उन्हें बाल पुलिस अधिकारी के समक्ष उनके परिजनों के सुपुर्द किया गया है और शीघ्र ही उन्हें किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया जाएगा।

यह भी पढ़ें : बददिमाग बीएससी पास युवक ने किया था पौराणिक मंदिर की मूर्ति को खंडित कर चोरी, अपवित्र भी किया

नवीन समाचार, द्वाराहाट-अल्मोड़ा, 11 फरवरी 2021। बुधवार को नगर के रानीखेत रोड स्थित कत्यूरकालीन महामृत्युंजय मंदिर समूह के प्राचीन व पौराणिक महत्व के भैरव मंदिर से शिवलिंग व मूर्ति उखाड़ कर चोरी कर ली गई थी। इस मामले में पुलिस ने अगले दिन ही सीसीटीवी की मदद से शिवलिंग चुराने वाले बीएससी कर चुके बददिमाग युवक को गिरफ्तार कर लिया है। युवक ने शिवलिंग क्षतिग्रस्त कर चोरी करने का जो कारण बताया और जैसी हरकत की, उससे न केवल मानवता शर्मसार हुई है, वरन उसकी हरकत धार्मिक भावनाओं को जबर्दस्त ठेस पहुंचाने वाली है। युवक ने शिवलिंग को अपवित्र भी किया है।
उल्लेखनीय है कि इस मामले में एसएसपी पंकज भट्ट ने मौके पर पहुंच कर एसओजी तैनात करते हुए आरोपित को पकडने के निर्देश दिए थे। इसके बाद से ही एसओजी व पुलिस नगर के साथ ही गांवों तक तहकीकात में जुट गई। द्वाराहाट क्षेत्र में लगे सीसीटीवी खंगाले गए। फुटेज में भागते नजर आए संदिग्ध के कपड़े, जूते, बैग आदि की सटीक पहचान के बाद गुरुवार को पुलिस ने चितैलीगाढ़ चित्रेश्वर गांव में दबिश दी। वहां घर पर मौजूद 24 वर्षीय युवक तारा सिंह राणा को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपित तारा सिंह ने बताया कि उसने बीएससी किया है। जब वह इंटर में पढ़ता था, उसके पैरों में तेज दर्द रहता था। स्थानीय मान्यता व लोगों से पूछने पर बताया गया कि भैरव बाबा की पूजा करने से शारीरिक पीड़ा दूर हो जाएगी। तब से वह रोज भैरव मंदिर में पूजा करता था। मगर पीड़ा कम न होने पर उसने आवेश में यह कदम उठाया। आइजी कुमाऊं अजय रौतेला ने मामले के जल्द पर्दाफाश पर पुलिस टीम में शामिल एसआई एसओजी नीरज भाकुनी, एसओ द्वाराहाट गौरव जोशी व टीम को पांच हजार जबकि विधायक महेश नेगी व भाजपा जिलाध्यक्ष रवि रौतेला ने भी ढाई-ढाई हजार रुपये का इनाम दिया।

यह भी पढ़ें : जय गुरु ज्वैलर्स की स्वामी से जेल से मांगी गई थी 50 लाख की रंगदारी, 2 महिलाओं सहित 6 गिरफ्तार

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 5 फरवरी 2021। हल्द्वानी पुलिस ने बीती एक फरवरी को जय गुरु ज्वैलर्स की स्वामिनी रीता खंडेलवाल से मोबाइल पर 50 लाख रुपए की फिरौती मांगने तथा न देने पर उनके बच्चो को जान से मारने की धमकी देने के आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।
शुक्रवार को घटना का खुलासा करते हुए बताया कि इस घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए जनपद की एसएसपी ने सीओ हल्द्वानी के पर्यवेक्षण में तत्काल पुलिस व एसओजी की संयुक्त टीमो का गठन किया और धमकी देने वाले मोबाइल को सर्विलांस पर लगाया, तो यह नंबर घटना के समय केंद्रीय कारागार सितारंगज मे क्रियाशील मिला। वहीं मोबाईल हाईटेक एटीएम के पास मौजे की दुकान लगाने वाले दुर्गा प्रसाद निवासी रुद्रपुर का निकला। लेकिन पूछताछ में दुर्गा प्रसाद ने उस नंबर को कभी भी प्रयोग नहीं करने की बात बताई।

जांच में यह भी पता चला कि दुर्गा प्रसाद की बगल में दो फुफेरे भाई महेंद्र गंगवार व नरेंद्र गंगवार छतरी लगाकर सिम का काम करते थे। उनकी दोस्ती हुंडई रुद्रपुर मे काम करने वाले दीपक राठौर पुत्र श्याम चरण राठौर से थी तथा दीपक का भाई राहुल राठौर हत्या के मुकदमे मे आजीवन कारावास की सजा से दंडित हुआ है और वर्तमान मे केंद्रीय कारागार सितारगंज मे निरुद्ध है। इसी बीच राहुल राठौर ने अपना वर्चस्व बढ़ाने के लिये प्रभावशाली व पैसे वाले लोगो से रंगदारी वसूलने की योजना बनाई और इसके लिये उसने उससे अक्सर जेल मे मिलने आने वाली अपनी महिला मित्र अंकिता पत्नी धीरेंद्र कुमार और अंजलि उर्फ अंजू पत्नी अजय रस्तोगी को अपने भाई दीपक राठौर की मदद से एक फर्जी सिम की व्यवस्था करने की जिम्मेदारी दी। इस पर अंकिता और अंजलि ने दीपक राठौर की मदद से उसके मित्र महेंद्र और नरेंद्र से दुर्गा प्रसाद के नाम से उसका वोडाफोन का नंबर बंद होने के नाम पर आधार कार्ड की फोटो कापी, हस्ताक्षर व उसके अंगूठे के बायोमैट्रिक साईन लेकर सिम ले लिया था। इस सिम से ही राहुल राठौर को सितारगंज जेल से एक फरवरी को रीता खंडेलवाल को दल्लू बनकर रंगदारी की माँग की थी। इस तरह साक्ष्य एकत्र कर पुलिस ने दीपक राठौर, महेंद्र गंगवार, नरेंद्र गंगवार, अंकिता व अंजलि को गिरफ्तार कर लिया है और सितारगंज जेल में निरूद्ध राहुल राठौर की रिमांड की कार्यवाही की जा रही है। यह खुलासा करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार, एसओजी प्रभारी निरीक्षक मनोज रतूड़ी, उप निरीक्षक प्रथम मंगल सिंह, आरक्षी जितेंद्र कुमार, प्रकाश मेहरा, गिरीश भट्ट, कैलाश नेगी किशन चन्द्र शर्मा, दिलवर भण्डारी, चंदन नेगी, कुंदन कठायत, उमेश पंत, वंशीधर जोशी, बीरेन्द्र चौहान व इसरार अहमद शामिल रहे।

यह भी पढ़ें : कुमाऊं एसटीएफ के हाथ लगा ऐसा पत्नी का हत्यारा जो 14 साल की उम्र में अपने भाई की भी हत्या कर चुका था…

नवीन समाचार, हरिद्वाऱ, 08 जनवरी 2021। कुमाऊं एसटीएफ यानी विशेष टास्क फोर्स व हरिद्वार पुलिस को एक ऐसा बदमाश हाथ लगा है जो करीब पांच वर्ष पूर्व अपनी पत्नी की हत्या करने के बाद गायब हुआ था। यही नहीं, उसने 14 वर्ष की उम्र में अपने भाई की भी हत्या की थी। उस पर पांच हजार रुपये का इनाम भी था।
प्राप्त जानकारी के अनुसार शुक्रवार को एसटीएफ हरिद्वार को सूचना मिली कि हरिद्वार का एक इनामी अपराधी विश्वजीत मलिक उर्फ राजू पुत्र दयाल मणि निवासी 3 नंबर जेल कैम्प सितारगंज, अपनी पत्नी की हत्या करने के बाद से फरार होकर यूपी के कानपुर में छिपा हुआ है। सूचना पाकर एसटीएफ की कुमाऊं यूनिट के निरीक्षक एमपी सिंह के नेतृत्व में एसटीएफ व हरिद्वार पुलिस की सयुंक्त टीम द्वारा कानपुर यूपी जाकर आरोपित की खोजबीन शुरु की गई। इस पर करीब 10 दिन की कड़ी मेहनत के बाद पुलिस ने आरोपी को कानपुर के थाना रसूलाबाद के महेंद्र नगर से गिरफ्तार किया। गिरफ्तार करने के बाद पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसके अपनी पत्नी के साथ संबंध अच्छे नहीं थे। उसकी पत्नी छोटी-छोटी बातों पर आये दिन लड़ाई करती थी। इससे परेशान होकर 25 नवम्बर 2015 को उसने अपनी पत्नी की हत्या कर दी थी और उत्तराखण्ड, उत्तरप्रदेश सहित कई राज्यों में जगह-जगह छिपता रहा। पूछताछ में आरोपी ने यह भी बताया की 14 साल की उम्र में उसने अपने बड़े भाई गोपाल मलिक की हत्या कर दी थी। जिसके बाद उसे सितारगंज से हल्द्वानी जेल में भी भेजा गया था, जहां वह 6 माह के बाद छूट गया था।

यह भी पढ़ें : काठगोदाम के बहुचर्चित अमित हत्याकांड का खुलासा, दूसरी ‘वो’ ही निकली वजह…

नवीन समाचार हल्द्वानी 03 जनवरी 2021। काठगोदाम के चांदमारी में होटल व्यवसाई अमित कुमार की बीते 24 दिसंबर को घर के पास ही गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने रविवार को खुलासा करते हुए एक आरोपी को हत्या में प्रयुक्त 315 बोर का तमंचा और एक खोखा कारतूस के साथ गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित ने अपनी पत्नी के मोबाइल में मृतक को भेजे संदेशों से संबंधों के शक में अमित की हत्या की थी। कोई उस पर शक न करे इस हेतु वह अमित के अंतिम संस्कार में शामिल होने भी गया था। उल्लेखनीय है कि इस मामले में मृतक के परिजनों की ओर से मृतक की पत्नी व उसके परिवार पर शक जताया जा रहा था और उनके खिलाफ नामजद मुकदमा भी दर्ज करा दिया था जबकि आपके प्रिय एवं भरोसेमंद समाचार वेबसाइट ‘नवीन समाचार’ ने पहले ही मामला कुछ और होने का इशारा कर दिया था। 

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हत्याकांड के पीछे की वजह का खुलासा करते हुए पुलिस ने बताया कि काली चौड़ सुल्तान नगरी निवासी हरीश चंद्र पंत द्वारा इस हत्याकांड को अंजाम दिया गया है। आरोपित के हवाले से पुलिस ने बताया कि वह अमित के परिवार के साथ पूर्व में होटल व्यवसाय करता था। व्यवसाय के बीच दोनों में आपसी मनमुटाव और रंजिश भी हो गई थी। इस घटना से 6-7 दिन पहले हरीश ने अपनी पत्नी के मोबाइल में अमित को भेजे व्हाट्सएप मैसेज देखे थे और अपनी पत्नी को समझाया भी था जिसके बाद हरीश ने अमित की हत्या का प्लान बनाया। उसका कहना था कि यदि वह अमित के पिता से इस बारे में कुछ कहता तो वह अपनी पत्नी को संभालने को ही कहता और उल्टा उससे ही लड़ता। इसलिए उसने अमित को मारने का निर्णय लिया। दो तीन बार पहले भी वह अमित के होटल के पास मास्क पहनकर उसे मारने के लिए गया लेकिन वहां पर बाप-बेटा दोनों थे और उसके पास बंदूक में एक ही गोली थी इसलिए वह वापस लौट आया। जिसके बाद फिर से उसने रेकी की। घटना के दिन आरोपी हरीश ने शराब पी और उसके बाद अपनी बाइक को कैनाल रोड पर खड़ी कर अमित की गली में चला गया। जैसे ही अमित वहां आया उसे मौका देखकर गोली मार कर भाग गया। आरोपी ने बताया कि वह इसके अलावा दूसरे दिन मृतक के घर पर गया था और सब आने से पहले श्मशान घाट भी चला गया ताकि उस पर कोई शक ना करे। लेकिन पुलिस ने गहनता से छानबीन करते हुए आखिरकार आरोपी को हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया।

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नवीन समाचार, अल्मोड़ा, 02 जनवरी 2021। आखिर पुलिस ने बीती एक दिसंबर को विंदेश्वरी एक्जिम प्राइवेट लिमिटेड द्वारा अपने डडुवा सोडूं-टिहरी गढ़वाल स्थित बाटलिंग प्लांट से ट्रक संख्या यूके01सीए-8933 विदेशी शराब हल्द्वानी भेजी गई करीब 35 लाख रुपये की विदेशी मदिरा को छह लाख में बेच कर फरार हुए ट्रक चालक विजय जोशी को आखिर करीब एक माह के बाद गिरफ्तार कर लिया। उसकी गिरफ्तारी हिमांचल प्रदेश में चीन-तिब्बत सीमा से हुई है।
उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड की पुलिस इस मामले में पहले 450 पेटी शराब गायब होने के मामले को दर्ज भी नहीं कर रही थी। परंतु प्रदेश के डीजीपी तक बात पहुंचने के बाद सक्रिय हुई अल्मोड़ा पुलिस ने संबंधित थानेदार को निलंबित करने के बाद मामले का खुलासा करने का दावा किया और 450 में से 390 पेटी अंग्रेजी शराब के साथ आठ आरोपितों को गिरफ्तारी किया, जबकि मुख्य आरोपित ट्रक चालक विजय जोशी उर्फ पप्पू जोशी पुत्र महेश चन्द्र जोशी निवासी शेर विजयपुर गांव चमोली उत्तराखंड पकड़ से बाहर रहा। अलबत्ता आधी सफलता पर ही डीजीपी ने अल्मोड़ा के प्रभारी एसएसपी आयूष अग्रवाल व पुलिस टीम को 20 हजार के पुरस्कार देने की घोषणा कर दी थी।
इधर आरोपी चालक को पकड़ने के बाद पुलिस ने दावा किया है कि वह गैरसैंण में सरकारी मदिरा का सौदा कर नेपाल भागने की फिराक में था। मगर सीमा सील होने के कारण पहले चंडीगढ़ और फिर हिमाचल प्रदेश में चीन-तिब्बत सीमा से लगे किन्नौर जनपद के पूह क्षेत्र में रह रहा था। एसआई (एसओजी) मोहन सिंह ने सर्विलांस व द्वाराहाट पुलिस के साथ तालमेल से फरार चालक विजय जोशी की लोकेशन पता की। आरोपित को चीन व तिब्बत की सीमा से लगे जनपद किन्नौर स्थित स्पिलौ कस्बे के पूह थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। चालक ने पूछताछ में खुलासा किया कि उसने शराब की सभी 450 पेटियां राजू नेगी को अनिल पवार के जरिये छह लाख रुपये में बेची। 75 हजार रुपये अनिल पवार को मीटिंग कराने के लिए बतौर कमीशन दिए। फिर वह ट्रक को द्वाराहाट में छोड़ नेपाल जाने को बनबसा तक वाहन बुक कर ले गया। नेपाल सीमा सील होने पर वह एक प्राइवेट कार बुक कर चंडीगढ़ पहुंचा। दो तीन दिन वहीं ठहरा। फिर हिमाचल प्रदेश के सीमांत जिला किन्नौर के तहसील पूह में शरण ली। कुबेर अतिथि गृह में किराए पर रहने लगा। स्थानीय यूको बैंक शाखा में अपना नया खाता खोल उसमें 68 हजार रुपये जमा कराए। पुख्ता सूचना व सर्विलांस के जरिये पुलिस वहीं पहुंच गई और उसे दबोच लिया गया। पुलिस ने आरोपित ट्रक चालक के पास से 3.23 लाख तथा उसके खाते में जमा 68 हजार रुपये बरामद कर लिए। उसे शनिवार को न्यायिक मजिस्ट्रेट रानीखेत की अदालत में पेश किया जा रहा है

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नवीन समाचार, अल्मोड़ा, 11 दिसम्बर 2020। उत्तराखंड की पुलिस गत दिवस 450 पेटी शराब गायब होने के मामले को दर्ज भी नहीं कर रही थी। परंतु प्रदेश के डीजीपी तक बात पहुंचने के बाद सक्रिय हुई अल्मोड़ा पुलिस ने संबंधित थानेदार को निलंबित करने के बाद मामले का खुलासा करने का दावा किया है। मामले में 450 में से 390 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद आठ आरोपितों की गिरफ्तारी कर ली है, जबकि मुख्य आरोपित ट्रक चालक विजय जोशी उर्फ पप्पू जोशी पुत्र महेश चन्द्र जोशी निवासी शेर विजयपुर गांव चमोली उत्तराखंड अभी फरार ही है। बहरहाल, इस सफलता पर डीजीपी ने अल्मोड़ा के प्रभारी एसएसपी आयूष अग्रवाल व पुलिस टीम को 20 हजार के पुरस्कार देने की घोषणा की है।
उल्लेखनीय है कि गत 1 दिसंबर की शाम को विंदेश्वरी एक्सिम प्राइवेट लिमिटेड का एक ट्रक संख्या यूके07सीए-8933 डडुआ टिहरी से 450 पेटी मैकडॉवल रम अंग्रेजी शराब लेकर हल्द्वानी के लिए निकला था, लेकिन हल्द्वानी नहीं पहुंचा। सरकारी जीपीएस में ट्रक की लोकेशन द्वाराहाट अल्मोड़ा के पास मिली। इस पर कंपनी की ओर से द्वाराहाट पुलिस को तहरीर सौंपी गई थी, जिस पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। बाद में खाली ट्रक द्वाराहाट के कुमाऊं इंजीनियरिंग कॉलेज के पास बरामद हुआ, लेकिन चालक फरार रहा। इसके बावजूद द्वाराहाट थाना प्रभारी द्वारा मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। डीजीपी अशोक कुमार ने मामले में संज्ञान लेते हुए एसएसपी अल्मोड़ा से मामले पर कार्रवाई करने को कहा। इस पर अनुपम सेमवाल पुत्र महावीर प्रसाद सेमवाल निवासी कपूर फर्म सेमवाल निवासी गुमानीवाला ऋषिकेश देहरादून ने अपने शराब से लदे ट्रक के गायब होने के संबंध में प्राथमिकी दर्ज कराई। जिसके बाद अल्मोड़ा के एसएसपी के स्तर से इस मामले में लापरवाही बरतने वाले द्वाराहाट थाना प्रभारी को निलंबित कर दिया गया, और मामले में एसटीएफ को कार्यवाही के निर्देश दिए।
इधर शुक्रवार को जनपद के प्रभारी एसएसपी पुनीत अग्रवाल ने प्रेस वार्ता में बताया कि आठ आरोपितों-राजेन्द्र सिंह पुत्र पदम सिंह निवासी ग्राम खेती पो. खेती थाना गैरसैंण जनपद चमोली उम्र-36 वर्ष, हयात सिंह पुत्र पदम सिंह निवासी उपरोक्त (इसकी पत्नी जिला पंचायत सदस्य मालसी क्षेत्र गैरसैंण जनपद चमोली है), जयवीर सिंह पुत्र स्व. फतेह सिंह निवासी ग्राम मालसी थाना गैरसैंण जनपद चमोली, बलवन्त सिंह पुत्र स्व. गबर सिंह निवासी ग्राम खेती थाना गैरसैंण जनपद चमोली, गोविंद सिंह पुत्र स्व. मान सिंह निवासी ग्राम सुगड़ पोस्ट आदि बद्री चमोली, हरीश सिंह पुत्र स्व. श्याम सिंह निवासी ग्राम खेती, कमल सिंह पुत्र लक्ष्मण सिंह निवासी ग्राम खेती तथा अनिल पंवार पुत्र कुंवर सिंह निवासी ग्राम दिवालीखाल को गढ़वाल के सुगड़, मैयथान, चमोली से गिरफ्तार कर लिया। उन पर धारा 407, 420, 424 भादवि के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है। उनके कब्जे से 10 व 11 दिसंबर को अलग-अलग कुल 390 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद की गई। अल्मोड़ा क्षेत्राधिकारी वीर सिंह के निर्देशन में एसओजी प्रभारी उपनिरीक्षक नीरज भाकुनी के नेतृत्व में विवेचक दरोगा गौरव जोशी, सुनील धनिक प्रभारी चौकी मासी, दरोगा भूपेंद्र सिंह मेहता प्रभारी चौकी खीड़ा थाना चौखुटिया, द्वाराहाट एवं एसओजी, साइबर की पुलिस टीम ने यह सफलता पाई। जांच में पता चला है कि चालक विजय जोशी ने पूरी शराब गैरसैंण, मैयथान, गोचर चमोली के सरकारी अंग्रेजी शराब के ठेके चलाने वाले राजेन्द्र सिंह उर्फ राजू को 6 लाख रुपए में बेच दिया था और राजू ने इस शराब को अलग-अलग स्थान में छुपाकर रखा था। इसमें से काफी शराब बरामद कर ली गई।

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नवीन समाचार, हरिद्वार, 27 दिसम्बर 2020। पिछले सप्ताह से धर्मनगरी-हरिद्वार को दहलाने, आक्रोशित करने वाला, एक 11 वर्षीय मासूम से कुकृत्य पर उसकी हत्या करने वाला, आज की तिथि में उत्तराखंड का मोस्ट वांटेड, जिस पर उत्तराखंड पुलिस ने एक लाख रुपए का ईनाम घोषित किया था, आखिर पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। उत्तराखंड पुलिस ने राजीव नाम के इस अपराधी को डीसीपी द्वारा बनाई गई सीओ मंगलौर अभय कुमार की टीम ने यूपी के गोरखपुर से गिरफ्तार कर लिया है। अब पुलिस उसे वहां के न्यायालय में पेश कर टांजिट रिमांड पर हरिद्वार लाने की कोशिश कर रही है। बताया गया है कि आरोपी प्रॉपर्टी डीलिंग का काम भी करता था और उस पर अनेक लोगों का कर्जा भी चढ़ा हुआ था। उसकी गिरफ्तारी की मांग पर पिछले 7 दिनों से जनाक्रोश से धर्मनगरी उबल रही थी। बताया जा रहा है कि पुलिस ने इससे पहले उसके भाई को गिरफ्तार किया था। जिससे उसके बारे में कई अहम सुराग मिले थे। इसके आधार पर ही वह पकड़ा जा सका।
उल्लेखनीय है कि हरिद्वार में पिछले रविवार को ऋषिकुल नई बस्ती निवासी 11 वर्षीय बालिका की तब दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी गई थी, जब वह शाम करीब चार बजे खेलने गयी थी। देर शाम तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने उसकी तलाश की लेकिन उसका पता नहीं चला। बालिका के लापता होने की सूचना पुलिस को दी गयी जिसके बाद उसने क्षेत्र के सीसीटीवी कैमरों को खंगालते हुए तलाश शुरू की। इसी दौरान, एक पांच साल के बच्चे ने खुलासा किया कि कालोनी में स्थित राजीव के रेडीमेड गारमेंट्स की दुकान पर काम करने वाले उसके भांजे राम तीरथ ने लापता बालिका को पंतग लेने के लिए बुलाया था। इस जानकारी के मिलते ही पुलिस ने तत्काल राम तीरथ को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की जिसके बाद मामला खुल गया। उसकी निशानदेही पर गोदाम की दूसरी मंजिल से लापता का शव बरामद किया गया। मृतका के पिता की तहरीर पर गोदाम मालिक राजीव और उसके भांजे राम तीरथ के खिलाफ दुष्कर्म, हत्या सहित पोक्सो की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया। इस बीच, घटना से गुस्साए क्षेत्रवासियों ने राजीव के गोदाम में तोड़फोड़ करते हुए वहां पर खड़ी दो बाइकों को क्षतिग्रस्त कर दिया और एक अन्य को आग लगा दी। आगे इस मामले में पुलिस ने अगले दिन यानी सोमवार को एक आरोपी-भांजे को गिरफ्तार किया था। जबकि अपराध में शामिल आरोपी का मामा फरार हो गया था। रविवार की रात सामने आई इस घटना से क्षेत्र में आक्रोश व्याप्त हो गया, जिसके बाद वहां भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। पुलिस के अनुसार, मृतका का पोस्टमार्टम सोमवार को तीन चिकित्सकों के पैनल द्वारा वीडियोग्राफी के बीच कराया गया और इस दौरान भी भारी पुलिस बल घटना स्थल और जिला अस्पताल में मौजूद रहा। इधर यह मामला विधानसभा में भी उठा और आरोपित राजीव पर डीजीपी ने एक लाख रुपए के ईनाम की घोषणा की।

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नवीन समाचार, रुद्रपुर, 21 दिसम्बर 2020। शहर के पांच सितारा होटल रेडिशन के जीएम अरविंद शिनॉय को अप्रैल 2011 में अगवा कर उनकी कार व नगदी लूट ली गई थी। इस मामले में पुलिस ने करीब आठ माह के बाद आरोपित पांच हजार के इनामी बदमाश को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस की एसटीएफ यानी स्पेशल टास्क फोर्स को गत दिनों सूचना मिली कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मेरठ व मवाना में सक्रिय बदमाश गुरमीत सिंह पुत्र जगीर सिंह ऊधमसिंह नगर में अपराधिक वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। इस पर एसटीएफ और पुलिस सतर्क हो गई थी। इधर शनिवार रात सूचना पर पुलिस ने गुरमीत सिंह को सितारगंज से दबोच लिया था। पूछताछ में उसने स्वीकार लिया कि अप्रैल 2011 में उसने दो साथियों के साथ रुद्रपुर के पांच सितारा होटल रेडीशन के जीएम अरविंद शिनॉय को अगवा किया था। तब पुलिस ने उसके दो साथियों को असलहों और लूटे माल के साथ गिरफ्तार कर लिया था। जबकि वह लूटी गई होंडा सिटी कार के साथ नेपाल भाग गया था। इस उस पर जिला पुलिस ने पांच हजार रुपए का ईनाम घोषित किया था। सोमवार को पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है।

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नवीन समाचार, हल्द्वानी, 5 दिसंबर 2020। बीती 17 नवंबर को दीवानी न्यायालय हल्द्वानी में द्वितीय अपर जिला जज मौहम्मद सुल्तान के सरकारी आवास में हुई चोरी की घटना का आखिरकार खुलासा हो गया है। बनभूलपुरा के हिस्ट्रीशीटर सहित तीन बदमाशों ने उनके घर पर सेंध लगाई थी। पुलिस ने तीनों बदमाशो को गिरफ्तार कर चोरी और लूट की घटना का खुलासा कर दिया है। उनसे चोरी और लूट की नकदी, जेवरात और सामान भी बरामद हुआ है।
उल्लेखनीय है कि अपर जिला जज मौ. सुल्तान के दीपावली की छुट्टी के बाद घर से लौटने पर 17 नवम्बर को चोरी की घटना का पता चला था। बदमाश उनके घर से नकदी समेत तीन एलईडी टीवी, कारतूस और सोने-चांदी के जेवर उड़ा ले गए थे। इस घटना का खुलासा पुलिस के लिए चुनोती बन चुका था। इधर पुलिस चोरों की तलाश में जुटी ही थी कि गत दो दिसंबर की रात मंडी बाईपास पर ट्रक खड़ा कर सोए पीलीभीत निवासी चालक से तीन बदमाशों द्वारा हथियार दिखाकर पर्स लूटने की घटना हुई थी। दोनों घटनाओं के खुलासे के लिए कोतवाली पुलिस के साथ ही एसओजी भी जुटी थी। शनिवार को सीओ भूपेंद्र सिंह धौनी ने बताया कि बीती रात मंडी बाईपास से पुलिस ने शक के आधार पर बनभूलपुरा निवासी हिस्ट्रीशीटर फईम उर्फ बबलू, जुनैद उर्फ पप्पू और उजाला नगर निवासी मो. उवेश उर्फ मुन्ना को उठाया। पूछताछ में तीनों ने चालक के साथ लूट के अलावा अपर जिला जज के आवास में चोरी की घटना को अंजाम देने का भी जुर्म कबूल लिया। उनकी निशानदेही पर 34 हजार रुपये, दो कान के झुमके, तीन एलईडी टीवी, .32 बोर के 20 कारतूस, दो चांदी के दो हजार के नोट, पर्स और चाकू बरामद किया गया है। दोपहर में तीनों बदमाशों को न्यायालय के आदेश पर जेल भेज दिया गया है।

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नवीन समाचार, केलाखेड़ा-ऊधमसिंहनगर, 28 अक्टूबर 2020। ऊधमसिंह नगर जिले के फतेहपुर ग्राम के गांगुली नदी के पुल के पास केलाखेड़ा से बैरिया जाने वाली लिंक रोड के करीब एक शव मिला। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने में मृतक की पहचान केलाखेड़ा के थाना क्षेत्र बैरिया दौलत निवासी कैटरिंग का काम करने वाले करीब 43 वर्षीय प्रेम सिंह पुत्र बैरागी लाल के रूप में हुई। मृतक के शव से करीब तीन मीटर दूरी पर एक 315 बोर का लोडेड तंमचा मिला। मृतक की शिनाख्त प्रेम सिंह पुत्र बैरागी लाल निवासी बैरिया दौलत के रूप मे हुई। उसे दो गोलियां मारकर हत्या की गई थीं जिसमें एक गोली मृतक की पीठ में व दूसरी गोली बाई ओर की कनपटी से सटा कर मारी गई थी जो जबडे को भेदती हुई ठुड्डी से पार हो गई थी। पुलिस की तीन टीमें हत्यारों की तलाश में जुट गई हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतक मंगलवार की देर शाम अपने घर से बरैहनी जाने की बात कह कर बाइक से निकला था। उसने बैरिया मेन बाजार में मुर्गे की दूकान पर बाइक खड़ी कर दुकानदार से मुर्गा पैक करने के लिए कहा और पैदल ही चल दिया। देर रात तक जब वह घर नहीं पहुचा तो उसके परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की। लेकिन बाइक तो परिजनों को मिल गई पर प्रेम सिंह का कोई पता नहीं चल पाया। इधर बुधवार सुबह केलाखेड़ा थाने के थानाध्यक्ष प्रभात कुमार को एक स्थानीय कृषक ने फोन कर बताया कि एक व्यक्ति का शव फतेहपुर ग्राम के गांगुली नदी के पुल के पास केलाखेड़ा से बैरिया को जाने वाली लिंक रोड से करीब दस मीटर अंदर पड़ा है। सूचना मिलते ही केलाखेड़ा थाना प्रभारी पुलिस बल के साथे घटना स्थल पहुंच़े। निरीक्षण करने पर मृतक की तलाशी लेने पर उसकी जेब से बरामद आधार कार्ड से मृतक की शिनाख्त प्रेम सिंह पुत्र बैरागी लाल निवासी बैरिया दौलत के रूप मे हुई। परिजनों को सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन भी घटना स्थल पर पहुंच गए। मौके पर कोई भी खोखा कारतूस बरामद नहीं हुआ। मृतक के परिजनों ने घटना की तहरीर केलाखेड़ा थाने मे अज्ञात लोगों के खिलाफ दे दी है।

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नवीन समाचार, हल्द्वानी, 21 अगस्त 2020। बीती रात्रि हल्द्वानी के दमुवाढुंगा स्थित मित्रपुरम कॉलोनी में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई थी। यहां कुछ माह से अपनी पत्नी व बेटे के साथ रहने वाले मूल रूप से किच्छा ऊधमसिंह नगर निवासी व ई रिक्शा मैकेनिक के रूप में कार्य करने वाले नरेश गंगवार की 36 वर्षीया पत्नी उषा की बीती रात्रि गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने हत्यारे का खुलासा कर दिया है। हत्या मृतका के सौतेले बेटे यानी नरेश की पहली पत्नी के बेटे अभिषेक ने की थी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर हत्या का मुकदमा दर्ज कर दिया है।

मां-बेटी के खून से सने शव मिलने से सनसनी

पुलिस का हत्यारोपित के हवाले से कहना है कि अभिषेक अपनी मां को पिता द्वारा छोड़ दिये जाने से आहत था और इसके लिए सौतेली मां उषा को जिम्मेदार मानता था। इस कारण ही वह बीती शाम अपने पिता की अनुपस्थिति में घर में घुसा और सौतेली मां की गला रेतकर हत्या कर दी। इसका खुलासा तब हुआ, जब पुलिस को तफ्तीश के दौरान कहीं से यह पता चला कि अभिषेक को घटना से पहले क्षेत्र में देखा गया था। उसे पकड़कर जब सख्ती से पूछताछ की गई तो पुलिस के अनुसार उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। कुल मिलाकर मामला समाज में पारिवारिक संबंधों से बाहर जाने का है। यदि नरेश पहली पत्नी को छोड़कर दूसरा विवाह न करता तो आज एक महिला का जीवन न जाता।

यह भी पढ़ें : दिन दहाड़े गोली चलाने वाला एक आरोपी गिरफ्तार…

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 4 दिसम्बर 2020। तीन दिन पूर्व गत 1 दिसंबर को चोरगलिया के नंधौर नदी एमबीआर गेट पर कुछ आपराधिक लोगों ने फायरिंग की घटना की थी। घटना में एक व्यक्ति के हाथ मे गोली लगी थी। इस घटना पर थाना चोरगलिया में आईपीसी की धारा 307/232/504 के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया था। इस मामले में पुलिस ने बृहस्पतिवार 3 दिसंबर को एक आरोपी सुरेश पुत्र जितेंद्र सिंह निवासी शक्ति फार्म सितारगंज जिला ऊधमसिंह नगर को गिरफ्तार किया था। आज उसे जेल भेज दिया गया। थाना प्रभारी ने कहा है कि अन्य आरोपियों की तलाश हेतु दबिश दी जा रही हैं।

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यह भी पढ़ें : साथ सो रहे पति की हो गई थी हत्या, और पत्नी को पता ही न चला, मिले थे धमकी भरे पत्र व खास टोपी, अब हुआ खुलासा कि मामला कुछ और ही था….

नवीन समाचार, केलाखेड़ा (ऊधमसिंह नगर), 18 नवम्बर 2020। बीते शनिवार की रात केलाखेड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम रम्पुरा काजी में गांव के 40 वर्षीय जसवंत सिंह की रात्रि में सोते हुए कनपटी से सटाकर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। दिलचस्प बात यह थी कि उसकी पत्नी सुरजीत कौर उसके साथ सोई हुई थी, और उसे पति की हत्या होने का पता सुबह चला था। मौके से एक धमकी भरा पत्र और समुदाय विशेष की सफेद टोपी बरामद हुई थी। अब खुलासा हुआ है कि मौके से मिला धमकी भरा पत्र और समुदाय विशेष की सफेद टोपी पुलिस को भ्रमित करने के लिए प्लॉट की गई थी। जबकि हत्या मृतक की पत्नी ने ही अपने अवैध संबंधों के कारण अपने प्रेमी की मदद से करवाई थी। कत्ल के बाद मृतक की पत्नी ने प्रेमी को यह कह कर भगा दिया था कि वह सब संभाल लेगी। उसने ही धमकी भरे पत्र व टोपी से पुलिस को गुमराह करने की भी कोशिश की, लेकिन वह नाकाम रही।पुलि‍स ने आरोपि‍त पत्‍नी को उसके प्रेमी के साथ ग‍िरफ्तार कर ल‍िया है।
बुधवार को पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए अपर पुलिस अधीक्षक राजेश भट्ट ने बताया कि थाना प्रभारी प्रभात कुमार ने मृतक की पत्नी सुरजीत कौर से सख्ती से पूछताछ की तो उसने बताया कि ग्राम भोगपुर डैम निवासी रणजीत सिंह से उसका प्रेम संबंध था। वह उसके साथ रहना चाहती थी। उसके कहने पर रणजीत सिंह ने सो रहे जसवंत की कनपटी पर गोली चलाई। वहां छोड़ा गया धमकी भरा पत्र रणजीत ने अपने भतीजे बंटी से लिखवाया था। सफेद रंग की टोपी वह पुलिस को गुमराह करने के लिए खरीद कर लाया था, जो मौके पर फेंक गया था। सुरजीत कौर अपने छोटे पुत्र को रणजीत का बेटा बताती है। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया तथा हत्या में प्रयुक्त तमंचा बरामद कर लिया है। एएसपी का कहना है कि पुलिस टीम को पुरस्कृत किया जाएगा।

यह भी पढ़ें : व्यवसायी के बेटे ही निकले बहन को बांधकर नशीला इंजेक्शन लगाकर अपने ही घर में की थी लूट के आरोपी, पुलिस ने 24 घंटे से भी पहले किया खुलाशा..

नवीन समाचार, देहरादून, 17 नवंबर 2020। सोमवार को लालकुआं में व्यवसायी के घर में उसकी बेटी को बांधकर नशीला इंजेक्शन लगाने और लाखों रुपए की लूट की घटना को अंजाम देने के आरोप में व्यवसायी के दो पुत्रों मोहम्मद राज व मोहम्मद चांद को घर से लूटे गए दो लाख पांच हजार रुपए तथा 60 ग्राम सोने व 954 ग्राम चांदी के आभूषणों सहित कुल करीब सवा छह लाख के सामान के साथ पुलिस ने 24 घंटे से भी पहले गिरफ्तार कर लिया है।
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आईपीएल मैचों में सट्टेबाजी करते नैनीताल पुलिस ने तीन सटोरिये किए गिरफ्तार, एक और की तलाश

उल्लेखनीय है कि नसीमा बानो पत्नी सिराज अली निवासी राजीव नगर कॉलोनी लाल कुआं जिला नैनीताल सोमवार की शाम तीन अज्ञात लोगों परा घर में घुसकर उसकी पुत्री रेशमा को बंधक बनाकर नशीला इंजेक्शन देकर बेहोश कर बेहोश होने के बाद उसके हाथ-पैर बांधकर घर में रखी नकदी व सोने के जेवरात व कीमती सामान लूटकर ले जाने की लालकुआं कोतवाली में दी थी। इस पर पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 392, 452, 328 व 411 के तहत मामला पंजीकृत किया। इस मामलो में एसएसपी व सीओ के निर्देशों लालकुआं के प्रभारी निरीक्षक के नेतृत्व वाली टीम ने पीड़िता रेशमा के दो भाईयों को गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने बताया कि घटना के दिन दीपक नाम का व्यक्ति रेशमा से मिलने के लिए उसके घर आया था, जिसको रेशमा के भाई मोहम्मद राज ने घर में देख लिया। देख लिए जाने पर दीपक रेशमा के घर से फरार हो गया। मोहम्मद राज ने दीपक के घर पर अपनी बहन से मिलने आने की सूचना अपने बड़े भाई मोहम्मद चांद को दी। इस पर मोहम्मद चांद व मोहम्मद राज ने अपनी बहन रेशमा से मारपीट की और उसे नशे का इंजेक्शन भी लगाया। रेशमा की तबीयत अत्यंत खराब होने पर दोनों भाइयों मोहम्मद राज व मोहम्मद चांद द्वारा ने अपनी बहन के हाथ पांव बांधकर उसे घर में डाल दिया एवं अपने माता-पिता को इस बारे में अवगत कराया कि घर में बहन को तीन व्यक्तियों ने बांधकर डाल दिया है, एवं लूट कर दी है। इस पर उनकी मां ने 2 लाख व सोना-चांदी के आभूषण लूटे जाने के संबंध में कोतवाली लालकुआं पर अभियोग पंजीकृत कराया। इधर मंगलवार को पुलिस ने दोनों से लूटे गए रुपए व आभूषण के बरामद कर उन्हें गिरफ्तार कर उन्हें न्यायालय में पेश किया। पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक सुधीर कुमार, एसओजी प्रभारी अबुल कलाम, एसएसआई रोहताश सिंह, एसआई मनोज कुमार, संजय बृजवाल व चंद्रशेखर जोशी तथा आरक्षी सुरेंद्र सिंह, आनंद पुरी, राजेंद्र मेहरा, गीता जोशी व चालक सुखजिंदर सिंह शामिल रहे।

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-पुलिस का दावा-नशे के लिए करता था चोरी
नवीन समाचार, नैनीताल, 9 नवम्बर 2020। नैनीताल की मल्लीताल कोतवाली पुलिस ने आखिर पांच दिन बाद नगर के एक होटल से पार्किंग संचालक के साथ हुई चोरी की वारदात का खुलासा करते हुए आरोपित को गिरफ्तार करने का दावा किया है। आरोपित के पास से करीब डेढ़ लाख रुपए की धनराशि एवं कुछ अन्य सामान बरामद हुआ है, जिस आधार पर पुलिस का मानना है कि वह चोरी की अन्य वारदातों में भी शामिल हो सकता है। खास बात यह भी है कि आरोपित एमसीए उत्तीर्ण यानी उच्च शिक्षा प्राप्त है। पुलिस का दावा है कि वह नशे की लत के कारण चोरी करता है।

पुलिस की गिरफ्त में चोर एमसीए उत्तीर्ण युवक।

उल्लेखनीय है कि गत चार नवंबर को जिला मुख्यालय के डीएसए मैदान स्थित नगर पालिका द्वारा संचालित नगर की प्रमुख कार पार्किंग के संचालक आशु मुन्ग्याल जब नगर के मल्लीताल स्थित एक होटल में ठहरे थे, तभी सुबह उठने पर उन्हें पता चला कि उनका कई दिनों की पार्किंग शुल्क के रूप में ली गई करीब ढाई लाख रुपए की नगदी से भरा गायब था। उनकी तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ आईपीसी की धारा 380 के तहत मुकदमा दर्ज किया था। इधर सोमवार सुबह होटल के सीसीटीवी में दिखे युवक सा दिखने वाला युवक नगर के सात नंबर क्षेत्र में देखे जाने की मुखबिर की सूचना पर कोतवाली पुलिस की टीम ने विकास पांडे पुत्र गिरीश पांडे निवासी सात नंबर को पकड़ा तो उसके कब्जे से 1.52 लाख रुपए, दो महंगे मोबाइल व चांदी की दो पाजेब आदि सामग्री मिली। इसके बाद पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया व जेल भेज दिया। युवक की गिरफ्तारी करने वाली टीम में एसआई हरीश सिंह, आरक्षी ललित कांडपाल, शाहिद अली व दिनेश कोहली शामिल रहे हैं।

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नवीन समाचार, रामनगर, 8 नवम्बर 2020। रुद्रपुर के पार्षद प्रकाश सिंह धामी की विगत दिवस हुई हत्या में फरार चल रहे मुख्य अभियुक्त पूर्व सभासद राजेश गंगवार को रामनगर में पुलिस ने गिरफ्तार करने का समाचार है। साथ ही हत्या में शामिल अन्य पांच आरोपितों की तलाश तेज कर दी है। अन्य आरोपितों के भी जल्द ही गिरफ्तार होने की संभावना है। पुलिस संदग्ध ठिकानों पर छापामारी कर रही है।
सूत्रों के अनुसार राजेश रामनगर में किसी से मिलने आया था, जहाँ मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने उसे दबोच लिया। उल्लेखनीय है कि बीते अक्टूबर माह में पार्षद धामी की उसके घर के बाहर गोली मार कर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने गत दिनों अलीगढ़ निवासी शूटर रामप्रकाश को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में उसने बताया कि पूर्व सभासद राजेश गंगवार, अन्नू गंगवार और उनके साथी दिनेश शर्मा ने चार लाख की सुपारी देकर राजनीतिक और व्यक्तिगत रंजिश में पार्षद प्रकाश धामी की हत्या कराई थी। इस प्रकार इस मामले में भदईपुरा के ही रहने वाले पूर्व सभासद राजेश और उसका भाई अन्नू गंगवार सहित कई आरोपी फरार चल रहे थे। इनमें से पुलिस ने राजेश को अब गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आज रविवार को किसी समय इसका खुलासा कर सकती है। 

यह भी जानकारी आ रही है कि बीटी देर रात ऊधमसिंहनगर के काशीपुर क्षेत्र से पुलिस ने पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड के मुख्य आरोपी साजिशकर्ता राजेश गंगवार को नाटकीय ढंग से गिरफ्तार कर लिया है। सूत्रों की मानें तो पुलिस के लगातार बढ़ते दबाव के कारण पहले तो राजेश गंगवार हाईकोर्ट की शरण में गया और वहां से जल्द राहत न मिलने के कारण राजेश गंगवार ने कुछ मजबूत लोगों की मदद से बीती देर रात काशीपुर क्षेत्र में पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। हम आपको बता दें कि पुलिस ने राजेश गंगवार और उसके भाई अनु गंगवार के गिरफ्तारी के लिए कोर्ट से एनबीडब्ल्यू लेने के बाद उनके घर पर कुर्की का नोटिस भी चस्पा कर दिया था। फिलहाल पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड के मामले में पुलिस ने कुल 7 हत्या आरोपियों में से अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है|

यह भी पढ़ें : नैनीताल : उच्च न्यायालय के पास हुई चोरी का कुछ ही घंटों में हुआ खुलासा

नवीन समाचार, नैनीताल, 01 अक्टूबर 2020। जिला मुख्यालय में उत्तराखंड उच्च न्यायालय परिसर के पास से बीती 18 से 28 सितंबर के बीच अज्ञात चोरों ने पानी की चलती लाइन से 13 पाइप चोरी हो गए थे। इस मामले में लोनिवि के अपर सहायक अभियंता जयेंद्र कुमार ने बुधवार 30 सितंबर की दोपहर मल्लीताल कोतवाली पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इधर कोतवाली पुलिस ने कुछ ही घंटों में देर शाम घटना का खुलासा कर आरोपितों को जेल भेज दिया है।
इस मामले में दो प्लंबरों-गैरीखेत निवासी पुष्कर सिंह पुत्र पूरन सिंह और रुकुट कंपाउंड मल्लीताल निवासी हरीश नेगी पुत्र गजेंद्र नेगी को धूप कोठी के पास से गिरफ्तार कर चोरी के पाईप धूप कोठी स्थित मंजू आर्या पत्नी शिव कुमार के पास से बरामद कर लिए गए है। बताया गया है कि आरोपितों ने पाइप सस्ते में महिला को बेच दिए थे। नगर कोतवाल अशोक कुमार सिंह ने बताया कि दोनों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है। चोरी किये गये पाइपों की कीमत करीब 15 हजार रुपए बताई गई है। दोनों ने चोरी की बात कबूल कर ली है। पुलिस टीम में कोतवाल अशोक कुमार सिंह, महिला उप निरीक्षक सोनू बाफिला, आरक्षी देवेंद्र मेहता व आरक्षी शाहिद अली शामिल रहे।

यह भी पढ़ें : कोतवाली पुलिस ने 24 घंटे में किया होटल से चोरी की घटना का खुलासा

नवीन समाचार, नैनीताल, 31 अगस्त 2020। कोतवाली मल्लीताल ने नगर के एक होटल में हुई चोरी की एक घटना का करीब 24 घंटे के भीतर अनावरण किया है। इस मामले में पुलिस को शुक्रवार को अयारपाटा स्थित लॉंगडेल एनेक्सी के केयर टेकर शाहबुद्दीन पुत्र अब्दुल हसन निवासी मुंडापांडे जनपद मुरादाबाद उत्तर प्रदेश ने तहरीर देकर होटल के कमरा नंबर 102 में लगा 32 इंच का सैमसंग एलईडी टीवी गायब होने की सूचना दी थी। इस मामले की विवेचना करते हुए एसआई नरेंद्र कुमार ने सहयोगी पुलिस कर्मियों की मदद से सोमवार को मोहन सिंह पुत्र माधव सिंह निवासी ग्राम सौड़ पंगोट जनपद नैनीताल को चोरी गए सैमसंग एलइडी टीवी 32 इंच के साथ समय करीब सुबह करीब पौने 11 बजे गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उसे मान्य न्यायालय में पेश किया गया है।

यह भी पढ़ें : बड़ी वारदात ! दामाद ने संपत्ति के लिए सास, ससुर व दो सालियों को मार कर घर में गाढ़ दिया, पति-पत्नी हिरासत में

कैलाश जोशी @ नवीन समाचार, रुद्रपुर, 28 अगस्त 2020। ऊधमसिंह नगर जनपद के मुख्यालय रुद्रपुर में एक व्यक्ति द्वारा ससुराल की तीन महिलाओं सहित चार लोगों को घर में मारकर गाढ़ने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार रुद्रपुर के ट्रांजिट कैंप थाने के अंतर्गत राजा कॉलोनी में संपत्ति के लालच में पड़कर दामाद ने अपने दोस्त के साथ मिलकर अपने ससुर हीरा लाल (65), सास हेमवती (55) और दो सालियों-दुर्गा (26) व पार्वती (20) की हत्या कर दफना दिया गया। बताया जा रहा है दामाद ने लगभग 1 वर्ष पहले इस घटना को अंजाम दिया था। जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने राजा कॉलोनी में स्थित ससुर के घर में शवों की खोजबीन के लिए खुदाई शुरू कर दी है। मामले की जानकारी मिलने पर आईजी कुमाऊं अजय रौतेला और एसएसपी दलीप सिंह कुंवर मौके पर पहुंच गए हैं।
मृतक की बेटी और दामाद को हिरासत में ले लिया गया है। मृतक और आरोपी नरेंद्र गंगवार मूल रूप से बरेली की मीरगंज तहसील अंतर्गत पैगा नगरी गांव के निवासी थे और 15 साल से रुद्रपुर में घर बनाकर रह रहे थे। पुलिस के अनुसार हत्या संपत्ति विवाद में की गई है।

यह भी पढ़ें : जिसे डेढ़ वर्ष से ढूंढ रहे थे गली-गली, वह नैनीताल पुलिस के सामने अचानक आ मिला..

नवीन समाचार, नैनीताल, 26 अगस्त 2020। बुधवार को नगर के तल्लीताल में चीता मोबाइल पुलिस के सामने एक अनोखी घटना घटी। हुआ यह कि यहां नवाड़खेड़ा गौलापार हल्द्वानी का ललित गुप्ता नाम का एक युवक अपने बड़े भाई जितेंद्र गुप्ता (32) पुत्र राम अवतार गुप्ता की डेढ़ वर्ष से खोज करता हुआ उसका पोस्टर चिपकाने के लिए पहुंचा था। वह चीता मोबाइल के वरिष्ठ आरक्षी शिवराज राणा को अपने खोए हुए भाई के बारे में बता ही रहा था कि तभी सामने से एक युवक मोटरसाइकिल में आता हुआ दिखाई दिया। पूछताछ में उसने ढूंढ रहे व्यक्ति का भाई होने से पहले तो इंकार किया, लेकिन बाद में मान लिया कि वह वही है। उसके भाई ललित ने बताया कि 19 फरवरी 2020 को उसकी गुमशुदी थाना काठगोदाम में दर्ज कराई गई थी। भाई का यह भी कहना था कि वह कहीं से कर्ज लेने के बाद पत्नी-बच्चों आदि को भी बिना बताये घर से भाग आया था, तभी से परिजन उसकी तलाश कर रहे थे।

चीता मोबाइल पुलिस कर्मी के साथ अपने ही पोस्टर के साथ डेढ़ वर्ष से गुमशुदा युवक, साथ में उसे ढूंढता हुआ आया उसका छोटा भाई।

उसने बताया कि घर में उसकी पत्नी व दो बेटियां व एक बेटा तथा पिता व तीन भाई हैं। घर में रोज-रोज की किच-किच से परेशान होकर वह नैनीताल आ गया था और यहां मल्लीताल के केबल डिस्ट्रीब्यूटर के पास नौकरी कर रहा था। पुलिस के हस्तक्षेप के बाद उसे उसके भाई के साथ घर भेज दिया गया।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी में विवाहिता की गला रेतकर की गई हत्या का खुलासा, घर का ही निकला हत्यारा

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 21 अगस्त 2020। बीती रात्रि हल्द्वानी के दमुवाढुंगा स्थित मित्रपुरम कॉलोनी में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई थी। यहां कुछ माह से अपनी पत्नी व बेटे के साथ रहने वाले मूल रूप से किच्छा ऊधमसिंह नगर निवासी व ई रिक्शा मैकेनिक के रूप में कार्य करने वाले नरेश गंगवार की 36 वर्षीया पत्नी उषा की बीती रात्रि गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने हत्यारे का खुलासा कर दिया है। हत्या मृतका के सौतेले बेटे यानी नरेश की पहली पत्नी के बेटे अभिषेक ने की थी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर हत्या का मुकदमा दर्ज कर दिया है।

मां-बेटी के खून से सने शव मिलने से सनसनी

पुलिस का हत्यारोपित के हवाले से कहना है कि अभिषेक अपनी मां को पिता द्वारा छोड़ दिये जाने से आहत था और इसके लिए सौतेली मां उषा को जिम्मेदार मानता था। इस कारण ही वह बीती शाम अपने पिता की अनुपस्थिति में घर में घुसा और सौतेली मां की गला रेतकर हत्या कर दी। इसका खुलासा तब हुआ, जब पुलिस को तफ्तीश के दौरान कहीं से यह पता चला कि अभिषेक को घटना से पहले क्षेत्र में देखा गया था। उसे पकड़कर जब सख्ती से पूछताछ की गई तो पुलिस के अनुसार उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। कुल मिलाकर मामला समाज में पारिवारिक संबंधों से बाहर जाने का है। यदि नरेश पहली पत्नी को छोड़कर दूसरा विवाह न करता तो आज एक महिला का जीवन न जाता।

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-12 दिन पहले गायब हुई बाइक की सूचना आज पुलिस को दी, पुलिस ने तत्काल खोज निकाली
नवीन समाचार, नैनीताल, 15 फरवरी 2020। सालों पुरानी कहावत ‘गवाह चुस्त-मुद्दई सुस्त’ शनिवार को नैनीताल में सही साबित होती हुई दिखाई दी। यहां तल्लीताल थाना पुलिस की ओर से बताया गया कि उन्हें शनिवार को मल्लीताल बड़ा बाजार निवासी चंदन सिंह बिष्ट पुत्र पान सिंह बिष्ट ने सूचना दी कि उसने बीती तीन फरवरी की शाम अपनी मोटर साइकिल संख्या यूके02ए-4040 शीला होटल के सामने माल रोड पर खड़ी की थी। आज आवश्यकता पड़ने पर मोटरसाइकिल लेने गया तो मोटर साइकिल उसे वहां नहीं मिली। इसकी सूचना उसने तल्लीताल थाना पुलिस को दी। पुलिस ने तत्काल मुकदमा पंजीकृत किया और विवेचना उप निरीक्षक दिलीप कुमार को सोंपी। तत्काल ही जनपद के एसएसपी के निर्देशों पर एएसपी व सीओ नैनीताल के नेतृत्व में पुलिस टीम का गठन किया गया। टीम ने सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया और मुखबिर की सूचना पर अरुण अधिकारी पुत्र पुत्र हरीश अधिकारी निवासी तेज कुटीर तल्लीताल को चोरी की मोटर साइकिल के साथ गिरफ्तार कर लिया। बताया गया है कि आरोपित का आपराधिक इतिहास भी खंगाला जा रहा है। पुलिस टीम तल्लीताल थानाध्यक्ष विजय मेहता, आरक्षी राजा राम, उपेंद्र राठी, शिवराज राणा आदि भी शामिल रहे।

नवीन समाचार
‘नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से ‘मन कही’ के रूप में जनवरी 2010 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।
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2 Replies to “मंदिर के अधर्मी सेवादार को दी कुकर्म की ऐसी सजा कि रूह कांप जाएगी…

  1. Amit ka shadi se phele kafi salo se chakkar the xxxxxx xxxx se
    Is wajha se Nikita Amit ko chod k apne mayke rhene lgi

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