उत्तराखंड सरकार से 'A' श्रेणी में मान्यता प्राप्त रही, 16 लाख से अधिक उपयोक्ताओं के द्वारा 12.6 मिलियन यानी 1.26 करोड़ से अधिक बार पढी गई अपनी पसंदीदा व भरोसेमंद समाचार वेबसाइट ‘नवीन समाचार’ में आपका स्वागत है...‘नवीन समाचार’ के माध्यम से अपने व्यवसाय-सेवाओं को अपने उपभोक्ताओं तक पहुँचाने के लिए संपर्क करें मोबाईल 8077566792, व्हाट्सप्प 9412037779 व saharanavinjoshi@gmail.com पर... | क्या आपको वास्तव में कुछ भी FREE में मिलता है ? समाचारों के अलावा...? यदि नहीं तो ‘नवीन समाचार’ को सहयोग करें। ‘नवीन समाचार’ के माध्यम से अपने परिचितों, प्रेमियों, मित्रों को शुभकामना संदेश दें... अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाने में हमें भी सहयोग का अवसर दें... संपर्क करें : मोबाईल 8077566792, व्हाट्सप्प 9412037779 व navinsamachar@gmail.com पर।

March 2, 2024

177 साल के नैनीताल में कुमाउनी रेस्टोरेंट की कमी हुई पूरी

0

-पूरी तरह कुमाउनी थीम पर स्थापित किया गया है 1938 में स्थापित अनुपम रेस्टोरेंट

-अब यहां लीजिये कुमाउनी थाली के साथ ही पहाड़ी शिकार सहित अनेक पहाड़ी जड़ी-बूटी युक्त व्यंजनों का भी स्वाद

नवीन जोशी, नैनीताल। 1841 में अपनी बसासत से ही अंग्रेजी रंग में रंगी ‘छोटी बिलायत’ भी कहलाने वाली सरोवरनगरी नैनीताल में अंग्रेजी व्यंजनों के साथ ही चायनीज, तिब्बती, स्पेनिश, इलैलियन सहित अनेक विदेशी व्यंजनों के रेस्टारेंट मौजूद हैं और कई रेस्टारेंट दक्षिण भारतीय, बंगाली तथा गुजराती थालियां भी परोसते हैं, किंतु यदि सैलानी कुमाऊं मंडल के इस मुख्यालय में कुमाउनी व्यंजन खाना चाहें तो उन्हें कुमाऊं मंडल विकास निगम लिमिटेड के पर्यटक आवास गृह में रहना व वहां के रेस्टारेंट में खाना होता है, अथवा टी-स्टॉल तरह के छोटे रेस्टोरेंटों में आलू के गुटके, छोले व रायते जैसे कुछ कुमाउनी व्यंजनों से ही गुजारा करना पड़ता है। लेकिन अब सही मायनों में 177 साल की सरोवरनगरी को एक पूरी तरह कुमाउनी रंग में रंगा व कुमाउनी लजीज व्यंजन परोसने वाला रेस्टोरेंट मिल गया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी संगठन से जुड़े नगर के युवा सामाजिक कार्यकर्ता व व्यवसायी रुचिर साह ने 1938 में अपने दादा द्वारा स्थापित अनुपम रेस्टोरेंट को कुमाउनी रंग में रंग डाला है। 

रुचिर ने बताया कि नगर में हर देशी-विदेशी व्यंजन की उपलब्धता के बीच कुमाउनी व्यंजनों का कोई रेस्टोरेंट न होना उन्हें हमेशा से अखरता था। इसलिए उन्होंने 1938 में अपने दादा किशोरी लाल साह द्वारा तल्लीताल व पिता प्रदीप साह द्वारा 2005 में मल्लीताल बड़ा बाजार में स्थापित रेस्टारेंट को कुमाउनी थीम में बदल डाला है।

रेस्टोरेंट के बाहर मुख्य द्वार पर परंपरागत कुमाउनी परिधान रंग्वाली घाघरा-पिछौड़ा पहने महिला की पेंटिंग आकर्षित करती है तो भीतर प्रख्यात चित्रकार पद्मश्री यशोधर मठपाल की कुमाउनी लोक संस्कृति से जुड़ी अन्य पेंटिंग व ऐपण लोककला भी ग्राहकों का ध्यान आकर्षित करती हैं।

साथ ही कुमाऊं के परंपरागत लोक वाद्य भी दीवारों की शोभा बढ़ाते हैं। रुचिर ने बताया कि वे रेस्टोरेंट में पहली बार कुमाउनी हर्ब्स युक्त कुमाऊं थाली, बेड़ू रोटी, मडुवे की रोटी, बडील, भांग की चटनी, डुबके-भात, कुमाउनी ककड़ी का राई युक्त रायता, जखिया डाले आलू के गुटके आदि शाकाहारी के साथ ही खड़े मसालों युक्त पहाड़ी शिकार, दूना चिकन, गंधरैंणी चिकन, भांगा चिकन आदि मांसाहारी व्यंजन परोस रहे हैं, साथ ही बुरांश का जूस भी ड्रिंक्स के रूप में दिया जा रहा है, और यह प्रयोग सैलानियों को भी खासा पसंद आ रहा है।

पूर्व में भी हुए हैं ऐसे प्रयास 

वरिष्ठ पत्रकार एवं नगर के अशोक होटल के स्वामी राजीव लोचन साह ने बताया कि उनकी  पत्नी और भाभी ने 1992-94 में माल रोड पर ‘पाहुन’ नाम से ऐसा ही रेस्टोरेंट चलाया था। उससे पूर्व तल्लीताल बाजार में ‘सिंगल’ बिकने की बात भी सुनी जाती है।

Leave a Reply

आप यह भी पढ़ना चाहेंगे :

 - 
English
 - 
en
Gujarati
 - 
gu
Kannada
 - 
kn
Marathi
 - 
mr
Nepali
 - 
ne
Punjabi
 - 
pa
Sindhi
 - 
sd
Tamil
 - 
ta
Telugu
 - 
te
Urdu
 - 
ur

माफ़ कीजियेगा, आप यहाँ से कुछ भी कॉपी नहीं कर सकते

नये वर्ष के स्वागत के लिये सर्वश्रेष्ठ हैं यह 13 डेस्टिनेशन आपके सबसे करीब, सबसे अच्छे, सबसे खूबसूरत एवं सबसे रोमांटिक 10 हनीमून डेस्टिनेशन सर्दियों के इस मौसम में जरूर जायें इन 10 स्थानों की सैर पर… इस मौसम में घूमने निकलने की सोच रहे हों तो यहां जाएं, यहां बरसात भी होती है लाजवाब नैनीताल में सिर्फ नैनी ताल नहीं, इतनी झीलें हैं, 8वीं, 9वीं, 10वीं आपने शायद ही देखी हो… नैनीताल आयें तो जरूर देखें उत्तराखंड की एक बेटी बनेंगी सुपरस्टार की दुल्हन उत्तराखंड के आज 9 जून 2023 के ‘नवीन समाचार’ बाबा नीब करौरी के बारे में यह जान लें, निश्चित ही बरसेगी कृपा नैनीताल के चुनिंदा होटल्स, जहां आप जरूर ठहरना चाहेंगे… नैनीताल आयें तो इन 10 स्वादों को लेना न भूलें बालासोर का दु:खद ट्रेन हादसा तस्वीरों में नैनीताल आयें तो क्या जरूर खरीदें.. उत्तराखंड की बेटी उर्वशी रौतेला ने मुंबई में खरीदा 190 करोड़ का लक्जरी बंगला नैनीताल : दिल के सबसे करीब, सचमुच धरती पर प्रकृति का स्वर्ग