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यूकेएसएसएससी भर्ती घोटाले में सीबीआई जांच की मांग पर 14 को हल्द्वानी में गरजेंगे युवा…

-एमबीपीजी कॉलेज में लगेगा युवाओं का जमावड़ा, विभिन्न संगठन एक बैनर तले करेंगे आंदोलन, एसडीएम के माध्यम से भेजा जाएगा ज्ञापन
Gagan Kamboj (@Gagan4Kashipur) / Twitterडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 11 सितंबर 2022। यूकेएसएसएससी यानी उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की भर्ती परीक्षाओं में प्रश्न पत्रों के लीक होने के मामले में सीबीआई जांच की मांग पूरे प्रदेश भर में तूल पकड़ रही है। इस मांग पर देहरादून के बाद अब हल्द्वानी में बड़े विरोध प्रदर्शन की तैयारी की जा रही है। उत्तराखंड युवा एकता मंच के बैनर तले युवाओं के विभिन्न संगठन इस मांग पर आगामी 14 सितंबर को हल्द्वानी के एमबीपीजी कालेज में एकत्रित होंगे और यहां से तिकोनिया चौराहे पर करेंगे और एसडीएम कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौपेंगे।

इस मामले में उत्तराखंड युवा एकता मंच के पीयूष जोशी ने ‘नवीन समाचार’ को बताया कि मंच के बैनर तले उत्तराखंड बेरोजगार संघ, सुराज सेवा दल, यूथ कांग्रेस, हल्द्वानी ऑनलाईन सहायता समूह, आम आदमी पार्टी, उत्तराखंड प्रगतिशील पार्टी व परिवर्तनकामी छात्र संगठन आदि विभिन्न संगठनों के पूरे प्रदेश से हजारों युवा उत्तराखंड की युवाओं की आवाज बन उत्तराखंड में व्याप्त भ्रष्टाचार के विरोध में 14 सितंबर को एमबीपीजी कालेज हल्द्वानी पहुंचेंगे। इस प्रदर्शन में खानपुर के विधायक उमेश कुमार, हल्द्वानी के विधायक सुमित हृदयेश सहित प्रदेश के कई बड़े नेताओं से भी संपर्क करने का प्रयास टीम के द्वारा जारी है।

वहीं मंच के संस्थापक सदस्य तेजस्व घुघुतियाल ने कहा कि उत्तराखंड के युवाओ ने पूरे उत्तराखंड के राजनीतिक व गैर राजनीतिक संगठनों से निवेदन किया कि अपने झंडे व पार्टी की विचारधारा को घर ही रख कर आयें। हल्द्वानी में केवल और केवल भ्रष्टाचार के इस मामले की सीबीआई जांच की मांग को लेकर एकजुट होकर प्रदर्शन करें। इस मुहिम में उत्तराखंड के युवाओ के नाम अपील जारी करते हुए उत्तराखंड युवा एकता मंच ने आग्रह किया है कि गढ़वाल की तरह यहां भी सरकार व विपक्ष को युवाओं की शक्ति का अहसास कराना जरूरी है। यह लड़ाई युवाओ की है, इसलिए युवाओ को आगो आने की आवश्यकता है।

ये है युवाओं के आंदोलन की प्रमुख मांगे
1. यूकेपीसीएस व यूकेएसएससी में राज्य गठन के बाद अभी तक जितनी भी भर्तियां हुई हैं उन सभी की सीबीआई जांच हो।
2. उत्तराखंड के सभी नेताओं की निजी संपत्ति की जांच की जाए, व जिन भ्रष्टाचारियों द्वारा भ्रष्टाचार कर धनार्जन किया है, उन सभी की संपत्ति को लेकर राज्य कोष में जमा करा कर उस धन को युवाओं के विकास में खर्च किया जाए। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : हेलंग प्रकरण पर विभिन्न संगठनों ने किया कुमाऊं कमिश्नरी कूच..

-कहा, हेलंग प्रकरण के बहाने सरकार को जनमुद्दों पर जगाना और चेताना चाहते हैं
डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 1 सितंबर 2022। गत 15 जुलाई को हेलंग गांव की महिलाओं द्वारा वहां के चरागाह से लाई जा रही घास को पुलिस द्वारा छीनने एवं बदसलूकी करने के विरोध में जल, जंगल, जमीन से जुड़े अधिकारों को लेकर चिंतित आधा दर्जन से अधिक संगठनों के लोगों का नैनीताल कूच गुरुवार को धरातल पर उतरा। इस दौरान राज्य के विभिन्न क्षेत्रों से दर्जनों लोग नगर में पहंुचकर मल्लीताल पंत पार्क में एकत्रित हुए, और यहां से हाथों में तख्तियां, बैनर, पोस्टर और माइक लेकर मॉल रोड होते हुए कुमाऊं कमिश्नरी तक जुलूस निकाला। कहा कि हेलंग प्रकरण के बहाने वह सरकार को जगाना और चेताना चाहते है कि उत्तराखंडियों का उत्पीड़न छोड़ दे। उन्हें जल, जंगल, जमीन पर उनका हक दिया जाए।

इस बीच तल्लीताल डांठ में आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि हेलंग में हुई घटना से सिर्फ उत्तराखंड के मूलवासियों से उनके हक ही नहीं छीने गए, बल्कि औद्योगिक इकाई के दबाव में काम करते हुए महिलाओं पर निंदनीय कार्रवाई भी की गई। इस दौरान जुलूस में शामिल लोगों ने नारेबाजी व जन गीतों के माध्यम से राज्य के जन मुद्दों को उठाया तथा राज्य वासियों के हक-हकूक और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन में मुख्य रूप से राजीव लोचन साह, डॉ. शेखर पाठक, डॉ. उमा भट्ट, चंपा उपाध्याय, कैलाश जोशी, इंद्रेश मैखुरी, पीसी तिवारी, कमला कुंजवाल, भारती जोशी आदि लोग शामिल रहे।

मांग पत्र में यह मागें शामिल
प्रदर्शनकारियों ने डांठ में सभा करने के बाद जुलूस की शक्ल में लोगों का हुजूम आयुक्त कार्यालय पहुँचा, जहां प्रतिनिधिमंडल ने कुमाऊं आयुक्त कार्यालय में पांच सूत्रीय मांग पत्र सौपा, जिसमें महिलाओं से घास छीनने और हिरासत में रखने वाले सीआईएसएफ कर्मियों को निलंबित करने, चमोली के डीएम पर उत्पीड़ित महिलाओं के खिलाफ अभियान चलाने का आरोप लगाते हुए उन्हें पद से हटान, टीएचडीसी के विरुद्ध नदी में मलबा डालने पर मुकदमा दर्ज करने, हेलंग मामले की जांच हाईकोर्ट के सेवारत अथवा सेवानिवृत्त न्यायाधीश से कराने तथा वन पंचायत नियमावली के विरुद्ध दी गयी वन पंचायत की गैरकानूनी स्वीकृति को रद्द किये जाने की मांग की गई। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : एक सितंबर को ‘नैनीताल चलो’ का आह्वान..

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 29 अगस्त 2022। आगामी 1 सितंबर को ‘नैनीताल चलो’ का आह्वान किया गया है। नैनीताल समाचार के संपादक राजीव लोचन साह द्वारा उपलब्ध कराए गए एक पोस्टर के अनुसार जल, जंगल, जमीन से जुड़े अधिकारों को लेकर चिंतित उत्तराखंड वासी गत 15 जुलाई को हेलंग गांव की महिलाओं द्वारा वहां के चरागाह से लाई जा रही घास को पुलिस द्वारा छीनने एवं बदसलूकी करने के विरोध में 1 सितंबर को प्रातः 11 बजे नैनीताल के पंत पार्क में एकत्र होंगे और यहां से जुलूस की शक्ल में मॉल रोड से तल्लीताल गांधी मूर्ति होने हुए कमिश्नरी पहुंचेंगे।

बताया गया है इससे पूर्व हेलंग की घटना के विरोध में पहला प्रदर्शन 24 अगस्त को हेलंग में हुआ था। ‘नैनीताल चलो’ जन प्रदर्शन भी इसी क्रम में किया जा रहा अगला प्रतिरोध है। राज्य वासियों से इस प्रतिरोध का हिस्सा बनने का अनुरोध भी किया गया है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : पलिकाध्यक्ष के साथ कमिश्नर से मिले वाल्मीकि समाज के लोग, की आवासों का मालिकाना हक देने की मांग

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 26 जुलाई 2022। देवभूमि उत्तराखण्ड सफाई कर्मचारी संघ के एक प्रतिनिधिमंडल ने नगर पालिका नैनीताल के अध्यक्ष सचिन नेगी के नेतृत्व में कुमाऊं मंडल के आयुक्त दीपक रावत से भेंटकर सूखाताल एवं मेट्रोपोल स्थित वाल्मीकि समाज के कर्मचारियों के आवासों का मालिकाना हक देने की मांग की है।

उन्होंने कहा कि देश को आजाद हुए 74 वर्ष होने के बावजूद और देश के मूल निवासी होने के बावजूद भी उनके पास अपनी कोई भूमि या अपना कोई आवास नहीं है। कहा कि सूखाताल व मेट्रोपाल में समाज के लोग अपनी तीन पीढ़ियों से निवास करते चले आ रहे हैं। अपने बच्चों के भविष्य के लिए एकत्र की गई धनराशि को भी अपने आवासों की मरम्मत में लगा चुके हैं। लिहाजा उन्होंने नैनीताल के समस्त वाल्मीकि समाज के लोगों को उन आवासों मालिकाना अधिकार दिलाने की मांग की है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : ठेकेदारों ने किया रॉयल्टी संबंधी शासनादेश का विरोध, सीएम को भेजा ज्ञापन

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 18 जुलाई 2022। कॉन्ट्रैक्टर्स वेलफेयर सोसाइटी नैनीताल के पदाधिकारियों ने सोमवार को जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन भेजकर ठेकेदारों से पांच गुना रॉयल्टी वसूलने का विरोध किया, और इस आदेश को वापस लेने की मांग की।

डीएम को ज्ञापन सोंपते ठेकेदार।

सोमवार को शहर के ठेकेदार लोक निर्माण विभाग कार्यालय में एकत्र होकर जिला कलक्ट्रेट पहुंचे और जिलाधिकारी धीराज गर्ब्याल के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में 28 जून 2022 को जारी शासनादेश का विरोध करते हुए उसे निरस्त करने की मांग की गई। बताया गया कि शासनादेश में कार्यदायी संस्था की ओर से रॉयल्टी न देने की स्थिति में ठेकेदारों से पांच गुना अधिक रॉयल्टी वसूलने के निर्देश दिए गए हैं। इससे पूरे प्रदेश के ठेकेदार नाराज हैं।

ज्ञापन देने वालों में ठेकेदार संघ के अध्यक्ष राजेंद्र मेहरा, सचिव ललित बर्गली, कोषाध्यक्ष जीवन सिंह बोहरा, पान सिंह खनी, गोविंद जोशी, मो. फैजल, प्रेम सिंह रावत, गोविंद बर्गली, बहादुर रौतेला व दीपक सिंह आदि शामिल रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : डीएम से की पाषाण देवी मंदिर में शौचालय व रौखड़ में सड़क की सफाई की मांग

नवीन समाचार, नैनीताल, 11 जुलाई 2022। सत्तारूढ़ भारतीय जनता पाटी्र के एक शिष्टमंडल ने सोमवार को नैनीताल के जिलाधिकारी धीराज गर्ब्याल से मुलाकात की एवं उन्हें ज्ञापन सोंपकर नगर के पाषाण देवी मंदिर में शौचालय का निर्माण करने व जलाल गाँव-देचौरी मार्ग पर रौखड़ में आए मलबे की सफाई कराने की मांग की।

बताया कि उनकी मांगों पर संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने प्राधिकरण सचिव व लोक निर्माण विभाग को प्राथमिकता के आधार पर संबंधित कार्य को पूरा करने को आदेश दिए। शिष्टमंडल में पार्टी के गोपाल रावत, आनंद बिष्ट, हरीश भट्ट, विश्वकेतु वैद्य व संजय कुमार सहित अन्य पार्टी कार्यकर्ता शामिल रहे। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल : ओपन एयर थियेटर के निर्माण के खिलाफ न्यायालय जाने की धमकी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 8 जुलाई 2022। आर्य समाज मंदिर नैनीताल के मंत्री केदार सिंह रावत ने आर्य समाज मंदिर के पास बीएम शाह ओपर एयर थियेटर के निर्माण पर नाराजगी व्यक्त की है। प्रेस को जारी बयान में श्री रावत ने आरोप लगाते हुए कहा है कि एक धार्मिक संस्था के बगल में नगर पालिका गार्डन को ओपन थियेटर के रूप में विकसित करना हास्यास्पद है।

आरोप लगाया कि निर्माण के दौरान ठेकेदार एवं शासन के तानाशाही पूर्ण तरीके से आर्य समाज मंदिर की दीवारों का रंग भी बदल दिया गया है। धार्मिक संस्था के साथ इस तरह की छेड़छाड़ धार्मिक अपराध है। लिहाजा उन्होंने इस कार्रवाई को रोकने की मांग की है, और अन्यथा की स्थिति में न्यायालय की शरण में जाने की चेतावनी दी है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : हिंदू जागरण कार्यकर्ताओं ने उदयपुर की घटना पर राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन

जिले के प्रभारी अधिकारी को राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सोंपते हिंदू जागरण के कार्यकर्ता।डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 30 जून 2022। अपने नाम के साथ कार्यशैली में बदलाव कर ‘हिंदू जागरण मंच’ से ‘हिंदू जागरण’ हुए संगठन की नैनीताल इकाई ने उदयपुर में हुई हिंदू युवक कन्हैया लाल तेली गला काटकर की गई घटना पर जिलाधिकारी के माध्यम से देश के राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर इस तरह की जघन्य घटनाओं पर रोक लगाने की मांग की है।

जिलाधिकारी की अनुपस्थिति में जिला कार्यालय के प्रभारी राहुल साह को सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया है कि आतंकवादियों ने दिनदहाड़े नृशंस तरीके से की गई यह हत्या राज्य की कानून व्यवस्था को खुली चुनौती है। राजस्थान में जब से कांग्रेस सरकार बनी है, तभी से लगातार हिंदुओं पर हमलों की घटनाएं हो रही हैं। इससे लगता है कि हिंदुओं पर हमला करने वाले एक संप्रदाय विशेष के लोगों को राजस्थान सरकार का संरक्षण प्राप्त है। इसलिए ऐसी सरकार को बर्खास्त किए जाने की आवश्यकता है।

यह भी कहा है कि इस घटना में हत्यारे खुलेआम धार्मिक नारे लगा रहे हैं, और देश के प्रधानमंत्री की भी हत्या करने की खुली धमकी दे रहे हैं। इसलिए इस घटना की जांच सीबीआई या अन्य किसी केंद्रीय एजेंसी से जांच होनी चाहिए। साथ ही हिंदुओं को भयभीत करने वाले ऐसे जेहादी मानसिकता के लोगों के खिलाफ देश में कड़े कानून बनाने की जरूरत है। मामले में कन्हैया लाल को सुरक्षा मांगे जाने के बावजूद उपलब्ध न कराने वाले पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।

ज्ञापन सोंपने वाले प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश सह संयोजक भास्कर जोशी, प्रदेश सह विधि प्रमुख राहुल कंसल, प्रांत प्रचार प्रमुख हरीश राणा, नगर अध्यक्ष पान सिंह बिष्ट, गिरीश जोशी, अमित मेहरा, सुनील उपाध्याय, हेम जोशी, हेमंत मेहरा, अर्जुन जीना व मनोज जोशी आदि लोग मौजूद रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ ने दी नगर पालिका में 1 जुलाई से कार्य बहिष्कार की धमकी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 25 जून 2022। देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ ने नगर पालिका नैनीताल के अध्यक्ष एवं अधिशासी अधिकारी को अपनी मांगों के संबंध में ज्ञापन सोंपा है, और मांगों को न माने जाने पर आगामी 1 जुलाई से कार्य बहिष्कार पर जाने की धमकी दी है।

ज्ञापन में कहा गया है कि 3 वर्षों से सफाई कर्मचारियों को बरसाती नहीं दी गई है, इस कारण वह वर्षाकाल में उन्हें कार्य करने में परेशानी हो रही है। प्रदेश के मुख्यमंत्री की घोषणा व शासनादेश जारी होने पर भी आउटसोर्सिंग व संविदा कर्मियों को 500 रुपए प्रतिदिन दैनिक भत्ता नहीं दिया जा रहा है। लिहाजा जून माह से 500 रुपए दैनिक मानदेय देने की मांग की गई है। याद दिलाया है कि पालिका ने भवन व सफाई कर न बढ़ाते हुए दरों को शून्य कर दिया है। पालिका अब तक भवन व सफाई कर का 5 करोड़ 20 लाख रुपए नहीं वसूल पाई है। इससे पालिका की आर्थिक स्थिति कमजोर हो रही है।

इसके अलावा पालिका पर 4 वर्षों से मृतक व सेवानिवृत्त कर्मियों को अर्जित अवकाश, ग्रेज्युटी एवं 7वें वेतनमान के एरियर का भुगतान नहीं देने, 3 प्रतिशत डीए के एरियर एवं पिछले दो माह से पेंशन भी शेष होने, 3 वर्ष से सर्दियों में पर्यावरण मित्रों को कंबल न दिए जाने की समस्याएं भी गिनाई गई हैं। साथ ही 10 वर्ष से आउटसोर्स पर कार्य करने के बाद दिवंगत हो चुके 2 पर्यावरण मित्रों के परिवार के सदस्यों को मानवता के दृष्टिकोण से आउटसोर्स पर नियुक्ति देने की मांग भी की गई है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : भोजनमाताओ ने मांगा अपना हक

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 23 जून 2022। प्रगतिशील भोजनमाता संगठन उत्तराखंड ने अपना मानदेय बढ़ाने व किसी भी परिस्थिति में उन्हें विद्यालय से न निकाले जाने के संबंध में शहर के बुद्ध पार्क में सभा कर एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में शिक्षा सचिव द्वारा सरकार को भेजे गए प्रस्ताव के अनुसार 5 हजार रुपए प्रतिमाह एवं वर्ष में पूरे 12 माह मानदेय देने, विद्यालयों के विलयीकरण व बच्चे कम होने की स्थिति में भी उन्हें न निकालने, न्यूनतम वेतन लागू करने, स्थाई करने एवं ईएसआई, पीएफ, प्रसूति अवकाश आदि सुविधाएं लागू करने की मांग की गई।

इस दौरान हुई सभा में यूनियन की महामंत्री रजनी जोशी ने कहा कि भोजनमाताएं 19-20 सालों से विद्यालयों में खाना बनाने के अलावा माली, चतुर्थ कर्मचारी व सफाई कर्मचारी का भी काम कर रही हैं। फिर भी उन्हें मात्र तीन हजार रुपए प्रतिमाह को केवल 11 माह का ही मानदेय दिया जा रहा हैं। यह भी याद दिलाया कि शिक्षा सचिव ने भोजन माताओं का मानदेय पांच हजार रुपए करने का प्रस्ताव सरकार को भेजा है। याद दिलाया कि उत्तराखंड के अलावा केरल, पुडूचेरी, तमिलनाडु, लक्ष्यदीप आदि राज्यों में मध्याह्न भोजन कर्मियों को न्यूनतम वेतन दिया जा रहा है। (डॉ. नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : 10वीं-12वीं के साथ टेबलेट पाएंगे डिग्री कॉलेजों के बच्चे, देखकर तरसेंगे विश्वविद्यालयों के बच्चे… गहरी नाराजगी

-कूटा ने परिसरों के विद्यार्थियों को टेबलेट योजना का लाभ न मिलने पर सीएम को भेजा ज्ञापन
Uttarakhand Free Tablet Yojana 2021: ऑनलाइन आवेदन, पात्रता व पंजीकरण  प्रक्रियाडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 2 जनवरी 2022। राज्य सरकार की ओर से 10वीं व 12वीं कक्षाओं तथा राजकीय महाविद्यालयों के विद्यार्थियों को टैबलेट दिए जा रहे हैं, किंतु विश्वविद्यालयों के परिसरों के लिए यह घोषणा नहीं की गई है। इसलिए कुमाऊं विश्वविद्यालय के डीएसबी परिसर के छात्र-छात्राओं में सरकार के लिए इस उपेक्षा के कारण नाराजगी नजर आ रही है। कुमाऊं विश्वविद्यालय शिक्षक संघ-कूटा ने भी इस संबंध में उत्तराखंड शासन द्वारा राजकीय महाविद्यालयों तथा 12वीं एवं 10वी के विद्यार्थियों को निःशुल्क टेबलेट योजना का स्वागत किया है। साथ ही इस योजना से विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों को वंचित रखने पर नाराजगी जताई है।

कूटा ने इस पर प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन भेजकर सभी विश्वविद्यालयों सहित कुमाऊं विश्विद्यालय के दोनों परिसरों-डीएसबी परिसर नैनीताल तथा सर जेसी बोस तकनीकी परिसर भीमताल के विद्यार्थियों को भी इस योजना का लाभ देने का निवेदन किया है। कूटा की ओर से ज्ञापन भेजने वालां में प्रो.ललित तिवारी, डॉ.विजय कुमार, डॉ.सुहैल जावेद, डॉ.दीपिका गोस्वामी, डॉ.दीपक कुमार, डॉ.पैनी जोशी, डॉ.प्रदीप कुमार, डॉ.सीमा चौहान, डॉ.गगन होती, डॉ.रीतेश साह, डॉ.युगल जोशी व डॉ.ललित मोहन इत्यादि शामिल रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : कूटा ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सोंपकर उठाईं प्राध्यापकों की मांगें

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 5 दिसंबर 2021। कुमाऊं विश्वविद्यालय शिक्षक संघ-कूटा ने प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन भेजकर संविदा तथा अतिथि प्राध्यापकों को यूजीसी अधिनियम द्वारा निर्धारित मानदेय 50 हजार रुपए देने तथा 5 वर्ष से अधिक समय से कार्य कर रहे हैं संविदा प्राध्यापकों को नियमित अथवा तदर्थ नियुक्ति देने की मांग की है। कहा कि कई संविदा प्राध्यापकों को 10 वर्ष से भी अधिक समय कार्य करते हो गए हैं।

इसके अलावा पुरानी पेंशन व्यवस्था कों लागू करने, विश्वविद्यालय के प्राध्यापकों एवं कर्मचारियों को राज्य कर्मचारियों की भांति गोल्डन कार्ड की सुविधा उपलब्ध करवाने की भी मांग की गई है। ज्ञापन सोंपने वालों में कूटा के अध्यक्ष प्रोफेसर ललित तिवारी, डॉ. विजय कुमार, डॉ. सोहेल जावेद, डॉ. दीपक कुमार, डॉ. दीपिका गोस्वामी, डॉ. प्रदीप कुमार, डॉ. युगल जोशी, डॉ. रितेश शाह, डॉ. गगन होती, डॉ. पेनी जोशी, डॉ. सीमा चौहान व डॉ. ललित मोहन इत्यादि रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : अभिनेत्री के खिलाफ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिस को दी तहरीर

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 13 नवंबर 2021। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शनिवार को मल्लीताल कोतवाली आकर बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना राणावत के विरुद्ध एक शिकायती पत्र दिया है। शिकायती पत्र में मांग की गई है कि उनके विरुद्ध देश-विरोधी धाराओं में मुकदमा दर्ज करके उन पर कार्यवाही की जाए। नगर कोतवाल प्रीतम सिंह ने बताया कि शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त किया गया है। आगे शिकायती प्रार्थना पत्र संबंधित व्यक्ति को प्रेषित किया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि अभिनेत्री कंगना पिछले दिनों कथित तौर पर देश की आजादी प्राप्त करने के बारे में एक विवादित टिप्पणी करने को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के निशाने पर हैं। वह पूर्व में महाराष्ट्र सरकार के भी निशाने पर रही हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : कुमाऊं मंडल के लिए अविलंब विशेष राहत पैकेज देने की मांग, PM-CM को भेजे ज्ञापन

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 22 अक्टूबर 2021। नगर पालिका नैनीताल के पूर्व नामित सभासद त्रिभुवन फर्त्याल ने कुमाऊं मंडल के आयुक्त को ज्ञापन सोंपकर कुमाऊं संभाग में गत दिवस आई दैवीय आपदा के दृष्टिगत केंद्र सरकार से राज्य हेतु आपदा मोचन निधि से तत्काल अविलंब विशेष राहत आर्थिक पैकेज एवं राज्य सरकार से प्रभावित किसानों, प्रदेश वासियों, कारोबारियों को आर्थिक व्यक्तिगत सहायता देने की मांग की है। पत्र की प्रतियां देश के प्रधानमंत्री व गृह मंत्री तथा प्रदेश के मुख्यमंत्री को भी भेजी गई है।

पत्र में कहा गया है कि विगत 18 अक्टूबर से 20 अक्टूबर तक हुई मूसलाधार बारिश के चलते पूरे कुमाऊं संभाग के विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल लाइनें पूर्ण रूप से ध्वस्त एवं गांव के आंतरिक संपर्क सीसी मार्ग अपना अस्तित्व खो बैठे हैं। बिजली, सड़क, पानी इत्यादि की व्यवस्थाएं रसातल में चली गई हैं। खरीब की तैयार फसलें लगभग बर्बाद हो चुकी हैं और पर्यटन से जुड़ी गतिविधियां शून्य होने के चलते पर्यटन कारोबारियों को भारी आर्थिक क्षति हुई है।

साथ ही याद दिलाया है कि कोविड-19 के चलते पूर्व में ही पर्यटन कारोबार अपने संघर्षमय दौर से गुजर रहा था। जबकि इधर त्यौहार का सीजन गतिमान हैं। अपर मंडलायुक्त प्रकाश चंद्र को यह ज्ञापन सोंपने के मौके पर जिला बार एसोसिएशन के महासचिव दीपक रुबाली, सूरज पांडे, जीनू पांडे, अंकित चंद्रा, संजय कुमार, नितिन, कुंगा खम्पा, फहीम उस्मान व कृष्ण कुमार आदि भी साथ रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल: युवक ने डीएम को पत्र लिखकर दी आत्मदाह की धमकी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 7 अक्टूबर 2021। केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ न मिलने पर बेतालघाट निवासी एक युवक ने जिलाधिकारी को पत्र के माध्यम से आत्मदाह की धमकी दी है।

बेतालघाट निवासी हेम चंद्र तिवारी ने जिलाधिकारी कार्यालय में पत्र देकर आगामी 10 अक्टूबर को आत्मदाह करने की धमकी दी है। युवक के अनुसार उसने केंद्र सरकार की एमएसएमई योजना का लाभ लेने के लिए कई बार सभी दस्तावेजों को बैंकों में जमा किया, लेकिन अब तक उसको किसी भी प्रकार का लाभ नही मिल सका। युवक के अनुसार उसने 3 वर्ष पूर्व उत्तराखंड में लघु उद्योग लगाने के लिए ऋण लेने हेतु जिला उद्योग कार्यालय हल्द्वानी में आवेदन किया था।

आवेदन की स्वीकृति के बाद ग्रामीण बैंक ने उसे ऋण देने से मना कर दिया, और उसे इंडियन ओवरसीज बैंक नैनीताल जाने को कहा गया। इंडियन ओवरसीज बैंक ने भी उसके सभी दस्तावेज जमा कर लिए गए लेकिन ऋण नही दिया।युवक के अनुसार बैंकों के चक्कर लगाते हुए उस पर लाखों रुपए का कर्जा हो गया है। इस कारण वह मानसिक अवसाद से गुजर रहा है। जल्द ही यदि उसे योजना का लाभ नही दिया गया तो वह आत्महत्या कर लेगा। इसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी।

इधर गुरुवार को एडीएम अशोक कुमार जोशी ने युवक को अपने कार्यालय बुलाया, और उसकी समस्या व शिकायत सुनी, और उसे सोमवार तक बैंक के अधिकारियों सहित सभी पक्षों वार्ता के लिए बुलाकर उसकी समस्याओं का समाधान करने का आश्वासन दिया। श्री जोशी ने बताया कि युवक 70 लाख रुपए का ऋण चाहता है। बैंक ने प्रपत्रों की कमी की बात कह उसका ऋण प्रस्ताव अस्वीकार कर दिया है। अब सोमवार को लीड बैंक मैनेजर को इस मामले में बुलाया गया है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : अटल आदर्श विद्यालय के प्रभारी प्रधानाचार्य को हटाने की मांग को लेकर मुख्यालय पहुंचे ग्रामीण

अक्टूबर में बोर्ड परीक्षा फॉर्म भरे गए थे जिसमें प्रति छात्र बोर्ड परीक्षा शुल्क से 50-50 रुपये अधिक लिए गए।डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 19 अगस्त 2021। जनपद के अटल आदर्श विद्यालय के रूप में चयनित राजकीय इंटर कॉलेज धानाचूली के प्रभारी प्रधानाचार्य के तबादले की मांग को लेकर क्षेत्रीय लोगों ने बृहस्पतिवार को मुख्यालय में अपर शिक्षा निदेशक रघुनाथ लाल आर्य को ज्ञापन सौपा। ग्राम प्रधान राजेंद्र सिंह, गंगा सिंह बिष्ट, गोपाल बिष्ट, लाल सिंह आदि ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षक ने गत वर्ष बोर्ड फीस से अधिक रुपए लिए। इस मामले की जांच कर शिक्षक का अन्यत्र स्थानांतरण किया जाए। कहा गया कि यदि स्थानांतरण नहीं किया गया तो क्षेत्रवासी उग्र आंदोलन करेेंगे। विद्यालय में स्थायी प्रधानाचार्य की नियुक्ति की मांग भी की गई है।

बृहस्पतिवार को भाजपा के किसान मोर्चा के प्रदेश मंत्री प्रदीप बिष्ट के नेतृत्व में क्षेत्रवासी शिक्षा विभाग के अपर निदेशक कार्यालय पहुंचे और अपर निदेशक रघुनाथ लाल आर्य को ज्ञापन सौपा। ज्ञापन में कहा गया कि गत वर्ष विद्यालय के पूर्णकालीन प्रधानाचार्य पीबी दूबे के सेवानिवृत्त होने के बाद विद्यालय के भूगोल प्रवक्ता को प्रभारी प्रधानाचार्य का दायित्व दिया गया। आरोप लगाया कि प्रभारी प्रधानाचार्य ने अक्टूबर माह में बोर्ड परीक्षा के फॉर्म भरने के दौरान प्रति छात्र बोर्ड परीक्षा शुल्क से 50 रुपये अधिक लिए।

विद्यालय के छात्र-अभिभावक समिति ने मामले की जानकारी लगने पर मामले की विभागीय जांच की मांग की थी। इस पर खंड शिक्षा अधिकारी द्वारा दिसंबर में जांच की गई। जांच में प्रभारी प्रधानाचार्य को प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर धानाचूली से हल्द्वानी संबद्ध कर दिया गया था। किंतु विभाग द्वारा मामले का स्थाई निस्तारण नहीं किया गया। जबकि अब सामने आ रहा है कि आरोपित शिक्षक को दोबारा धानाचूली विद्यालय में नियुक्ति दी जा रही है। इससे क्षेत्रवासी आक्रोशित हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

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डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 30 जून 2021। बुधवार को कुमाऊं मंडलायुक्त के पेशकार के पद पर कार्यरत 37 वर्षीय चंदन थापा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत पर जिला बार एसोसिएशन नैनीताल ने शोक जताया, एवं उनकी मौत की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। बृहस्पतिवार को जिला बार एसोसिएशन के सचिव दीपक रुबाली ने स्वर्गीय थापा की असामयिकम मृत्यु पर कहा कि वह एक सज्जन व्यक्ति थे। उनका व्यवहार सभी के प्रति समान व हंसमुख था। वह अपने कार्य के प्रति ईमानदार थे।

इसके बावजूद जिस तरह उनका मृतक शरीर अरविंदो आश्रम के पास लावारिश अवस्था में मिला। जिस अज्ञात कारण की वजह से उनका आकस्मिक निधन हुआ, उसकी उच्च स्तरीय जांच कराई जानी चाहिए। उन्होंने कुमाऊं मंडलायुक्त को इस आशय का ज्ञापन भेजकर स्वर्गीय चंदन थापा की आकस्मिक मृत्यु की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। ज्ञापन सोंपने वालों में बार के उपाध्यक्ष संजय सुयाल, तरुण चंद्रा, उप सचिव उमेश कांडपाल, किरन आर्या, कोषाध्यक्ष मनीष कांडपाल व ऑडिटर मेघा उप्रेती सहित कई अधिवक्ता शामिल रहे।

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इधर बताया जा रहा है कि स्वर्गीय थापा किसी भारी दबाव में थे, जिस कारण उन्होंने ऐसा कदम उठाया। पिछले दिनों वह अपनी छवि के बिल्कुल विपरीत रुद्रपुर कोतवाली में बुर्का पहनकर दाखिल हुए थे। वह अपने पीछे मां, पत्नी व एक वर्ष के बेटे के साथ अविवाहित बड़ी बहन को छोड़ गए हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : विधायक ने की मुख्यमंत्री से व्यवसायियों, असंगठित कामगारों को राहत देने की मांग

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 04 जून 2021। नैनीताल के विधायक संजीव आर्य ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कोविड कर्फ्यू की वजह से कारोबार को अत्यधिक नुकसान पहुंचने का उल्लेख करते हुए अब बाजारों को खोलने तथा व्यापारियों एवं अन्य व्यवसायियों द्वारा लिये गये ऋणों पर ब्याज एवं मूल ऋण की किस्तों को वापस जमा करने की अवधि में विस्तार किये जाने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि 1 वर्ष से अधिक समय से कोरोना की वजह से व्यवसायियों के साथ ही दैनिक मजदूरी करने वालों की आर्थिक स्थिति बेहद दयनीय हो गई है। ऐसे में व्यवसायियों को 2013 की दैवीय आपदा के दौरान भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा नेशनल क्रेडिट गारंटी ट्रस्टी कंपनी-एनसीजीटीसी की क्रेडिट गारंटी पर दी गई राहत की तरह ऋणों की अदायगी में राहत दी जा सकती है। पत्र में यह भी कहा है कि कोरोना की वजह से पर्यटन के पूरी तरह से प्रभावित होने से पर्यटन व्यवसाय से जुड़े असंगठित क्षेत्र के निर्धन फड़ व्यवसायी, टूरिस्ट गाइड, नाव चालक, घोड़े वाले व लाखों होटलकर्मी तंगहाली में जी रहे हैं। ऐसे में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की सलाह को स्वीकार करते हुए बाजारों को खोलने की आवश्यकता है।

पाालिका सभासदों ने की आर्थिक सहायता हेतु आवेदन तिथि बढ़ाने की मांग
नैनीताल। नगर पालिका नैनीताल के सभासदों ने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर कोविड-19 के संकट काल में लॉक डाउन के कारण नगरीय निकायों में व्यवसाय करने वाले बुरी तरह से प्रभावित गरीब दुकानदारों व कामगारों को आर्थिक सहायता दिए जाने वाले आवेदन पत्र भरने की अंतिम तिथि आगे बढ़ाने की मांग की है। सभासद मनोज साह जगाती, कैलाश रौतेला, निर्मला चंद्रा, मोहन नेगी, प्रेमा अधिकारी, गजाला कमाल व मनोनीत सभासद राहुल पुजारी ने पत्र में कहा है कि इस योजना की जानकारी सभासदों को भी समय से नहीं दी गई, इस कारण नगर के पात्र जरूरतमंद लोग इस योजना के लिए आवेदन नहीं कर पाए हैं। इसलिए आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाने की आवश्यकता है।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 24 मई 2021। कुमाऊं विश्वविद्यालय शिक्षक संघ-कुटा ने कोविड-19 की वैश्विक महामारी से कुशलता से लड़ने तथा पूरे कुमाऊं मंडल की स्वास्थ्य सुविधाओं को नई ऊंचाई देने के लिए रानीबाग स्थित एचएमटी फैक्ट्री में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान यानी एम्स की स्थापना करने की मांग की है।
इस संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन तथा मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को ज्ञापन भेजकर कहा है कि अधिकांश पर्वतीय भूभाग वाले कुमाऊं मंडल में स्वास्थ्य व्यवस्था बहुत उच्च स्तर की नहीं है। यहां पर कोई भी ऐसे बड़े अस्पताल नहीं है जहां गंभीर रोगों का उपचार किया जा सके। इस कारण यहां के गंभीर रोगियों को उपचार के लिए ऋषिकेश स्थित एम्स अथवा दिल्ली एम्स जाना पड़ता है। अधिक दूरी एवं अधिक व्यय होने के कारण यहां के गंभीर रोगी इन संस्थानों तक नहीं पहुंच पाते हैं, यह इन एम्स के रोगियों के आंकड़ों में भी देखा जा सकता है। इस कारण यहां के रोगियों को उपचार न मिल पाने के कारण अपनी जान से हाथ धोना पड़ता है। इन सब स्थितियों के मद्देनजर रानीबाग की कई वर्षों से पूर्णतया बंद पड़ी एचएमटी फैक्टरी में एम्स की स्थापना की जाए तो यह इस क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं के वरदान साबित हो सकता है। इसके अलावा कूटा ने कोरोना के विरुद्ध प्रथम पंक्ति के योद्धाओं के रूप में कार्य कर रहे स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सकों, पुलिस, पर्यावरण मित्र, एनएसएस व एनसीसी के स्वयं सेवकों, कोविड केयर केंद्रों में अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहें शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों तथा अन्य संस्थाओं के प्रति आभार व्यक्त किया है तथा उनके इस कार्य के लिए सराहना की है। ज्ञापन कुटा के अध्यक्ष प्रोफेसर ललित तिवारी, डॉ. विजय कुमार, डॉ. सोहेल जावेद, डॉ. दीपक कुमार, डॉ. दीपिका गोस्वामी, डॉ. पैनी जोशी, डॉ. प्रदीप कुमार, डॉ. रितेश साह, डॉ.सीमा चौहान तथा डॉ. गगन होती की ओर से भेजा गया है।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 03 मार्च 2021। नगर के मनुमहारानी होटल में कोरोना काल में निकाले गए करीब 30 कर्मी पिछले तीन दिनों से होटल के गेट पर फिर से नौकरी पर रखे जाने की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं। बुधवार को धरने के तीसरे दिन आम आदमी पार्टी और भाजपा उनके समर्थन में आ गए। जबकि इस मुद्दे को झटकने में प्रमुख विपक्षी दल कांग्रेस पीछे छूट गई लगती है। आज आम आदमी पार्टी नैनीताल के विधानसभा प्रभारी प्रदीप दुम्का, नगर अध्यक्ष शाकिर अली व नगर मंत्री विजय साह ने धरना स्थल पर जाकर प्रदर्शनकारी कर्मियों को समर्थन जताया। कहा कि आम आदमी पार्टी उनके इस आंदोलन से शुरुआती दौर से शामिल हैं। यह भी कहा कि यदि होटल प्रबंधन ने अतिशीघ्र इस आंदोलन को गंभीरता पूर्वक हल नहीं किया तो पार्टी के नगर के समस्त कार्यकर्ता सड़कों पर उतरने को मजबूर होंगे। वहीं भाजपा की ओर से नगर अध्यक्ष आनंद बिष्ट का बयान भी आया कि अब नगर में पर्यटन के लिए अनूकूल हो चुकी परिस्थितियों में यदि होटल कर्मचारियों को रखता है तो निकाले गए पूर्व कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

10 लाख रुपए तक ले चुके हैं कर्मी: प्रबंधन
नैनीताल। इधर मनुमहारानी होटल के महाप्रबंधक नरेश गुप्ता ने कहा कि श्रम कानूनों का पूरा पालन करते हुए 32 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया है। निकाले जाते समय उन्हें श्रम कानूनों के तहत ग्रेच्युटी, कोरोना काल में सभी कर्मियों की काटी गई 10 से 15 फीसद की धनराशि, गत वर्ष की दीवाली का बोनस, अवकाशों एवं एक महीने के नोटिस अवधि का वेतन सहित छह से 10 लाख रुपए तक दिए हैं। अभी होटल केवल एक तिहाई क्षमता में चल रहा है। इसलिए अभी कर्मियों को काम पर रखा जाना संभव नहीं है। अलबत्ता, जब होटल पूरी क्षमता में खुलेगा तथा निकाले गए पूर्व कर्मियों को नौकरी मंे रखने मे ंप्राथमिकता दी जा सकती है।

यह भी पढ़ें : निकाले गए आउटसोर्स कर्मियों की हाईकोर्ट जाने की धमकी

नवीन समाचार, नैनीताल, 11 फरवरी 2021। नगर के दो पूर्व आउटसोर्स कर्मियों ने नगर पालिका प्रशासन पर उनके द्वारा आत्मदाह का प्रयास किये जाने व इस दौरान दिये गए आश्वासन के बावजूद कार्य पर न लिये जाने का आरोप लगाते हुए उच्च न्यायालय की शरण में जाने का इरादा जताया है। उन्होंने दावा किया कि 6 फरवरी को आत्मदाह किए जाने के दिन नगर पालिका अध्यक्ष उन्हें 8 फरवरी तक ‘डोर टु डोर’ कूड़ा एकत्रीकरण के वाहनों में चालक के पद पर रखने की बात कही थी। लेकिन अब तक उन्हें नहीं रखा गया है। इस कारण वह व उनका परिवार पिछले 11 माह से बेरोजगारी से जूझ रहा है।

यह भी पढ़ें : नगर पालिका के दो पूर्व आउटसोर्स कर्मियों ने किया आत्मदाह का प्रयास, खुद पर केरोसीन उड़ेला

नवीन समाचार, नैनीताल, 06 फरवरी 2021। नगर पालिका के दो पूर्व आउटसोर्स कर्मियों-पवन पुत्र भागवत व सौरभ पुत्र राजू निवासी सदर लाइन मल्लीताल नैनीताल ने शनिवार को अपनी पूर्व घोषणा पर अमल करते हुए नगर पालिका के पास खुद के सिर पर केरोसीन उड़ेल कर आत्मदाह करने का प्रयास किया। अलबत्ता, एलआईयू एवं पुलिस कर्मियों ने बेहद सक्रियता एवं संवेदनशीलता दिखाते हुए आग लगाने से पहले ही बचा लिया। इसके बाद उन्हें मल्लीताल कोतवाली ले जाया गया। यहां उनके विरुद्ध शांति भंग की आशंका में भारतीय दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 151 के तहत कानूनी कार्रवाई की जा रही है। बताया गया है कि पूर्व में भी वे भारतीय दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 107, 116 के तहत निरुद्ध किया जा चुका है।

यह घटना शनिवार दोपहर करीब डेढ़ बजे तब हुई जब नगर पालिका के अध्यक्ष सचिन नेगी के कक्ष में उन्हें पूर्व आश्वासन पर कहीं अन्य नौकरी पर रखने के लिए वार्ता चल रही थी, तभी दोनों अचानक नगर पालिका कार्यालय के पास एक-एक लीटर की बोतलों में मिट्टी का तेल लेकर पहुंच गये और इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, उन्होंने खुद पर तेल उड़ेल लिया। लेकिन इससे पहले कि वह माचिस जलाते, एलआईयू के इंस्पेक्टर नवीन जोशी, स्पेशल ब्रांच के एसआई जयपाल सिंह, भीष्म सिंह तथा नगर कोतवाली अशोक कुमार सिंह आदि ने दबोचकर उनमें से एक के पास मिली माचिस और केरोसीन की बोतल आदि को अलग कर दिया। इस कोशिश में एलआईयू कर्मियों के कपड़ों पर भी केरोसीन गिर गया।

इधर नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी ने बताया कि इन कर्मचारियों को ‘डोर टु डोर’ कूड़ा एकत्र करने के कार्य में लगाया जाएगा। इस हेतु ठेकेदार से बात की जाएगी।

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-नगर पालिका से बिना कारण निकाले जाने का लगाया आरोप

आत्महत्या की धमकी देने वाले पूर्व कर्मचारी।

नवीन समाचार, नैनीताल, 04 फरवरी 2021। नगर पालिका में आउटसोर्सिंग माध्यम से कार्य कर दो युवकों-पवन पुत्र भागवत व सौरभ पुत्र राजू निवासी सदर लाइन मल्लीताल नैनीताल ने पुनः आगामी छह फरवरी को अपराह्न एक बजे आत्मदाह करने की धमकी दी है। बृहस्पतिवार को उन्होंने इस आशय का एक ज्ञापन कुमाऊं मंडल के आयुक्त, जिला अधिकारी नैनीताल, उत्तराखंड राज्य सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष, नेता प्रतिपक्ष एवं वाल्मीकि सभा नैनीताल को भेजने का दावा किया है। उनका कहना है कि वे वाहन चालक के रूप में कार्यरत थे। उन्हें बिना कारण नौकरी से निकाला गया। इस पर उन्होंने गत 28 दिसंबर 2020 को उन्होंने 31 दिसंबर 2020 को आत्मदाह करने की घोषणा की थी। उन्होंने दावा किया कि तब नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी ने उन्हें 10 दिनों के अंदर अन्य कार्य पर रखने का आश्वासन दिया था। लेकिन उन्हें गुमराह किया गया है। पिछले 13 महीनों से उनके परिवार को आर्थिक स्थितियों का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए वह 6 फरवरी की दोपहर 12 बजे तक कार्य पर वापस न लिए जाने की दशा में अपराह्न एक बजे आत्मदाह करेंगे। इसके लिए उन्होंने पालिकाध्यक्ष के साथ ही अधिशासी अधिकारी अशोक कुमाार वर्मा व सफाई निरीक्षक कुलदीप कुमार को जिम्मेदार बताया है। वहीं इस बारे में पूछे जाने पर नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी ने कहा कि उनसे बात हो रही है। एक-दो दिन में उन्हें कार्य पर रख लिया जाएगा।

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-आत्मदाह के लिए पूरे वाल्मीकि समाज को किया गया था नगर पालिका पर आमंत्रित

नवीन समाचार, नैनीताल, 31 दिसम्बर 2020। नगर पालिका के निकाले गए दो आउट सोर्स कर्मियों-सौरभ पुत्र राजू व पवन पुत्र भागवत ने बृहस्पतिवार को दोपहर 1 बजे नगर पालिका कार्यालय के समक्ष आत्मदाह करने की अपनी धमकी दोहराई थी। और दूसरी बार भी उनका आत्मदाह का ऐलान स्थगित हो गया है। वाल्मीकि सभा के सरपंच मनोज पंवार व महासचिव दिनेश कटियार एवं अन्य पदाधिकारियों की मौजूदगी में नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी ने उनके परिवार की समस्याआंे को देखते हुए उन्हें नगर पालिका अथवा नगर पालिका में आउट सोर्स से कर्मचारी उपलब्ध कराने वाली कंपनी के माध्यम से नगर पालिका में अथवा अन्यत्र आउट सोर्स पर नौकरी पर रखवाने का आश्वासन दिया। साफ किया गया कि नगर पालिका में उनके पूर्व कार्य पर उन्हें वापस नहीं लिया जाएगा। पुलिस के अधिकारियों ने ताकीद की कि आगे से सोशल मीडिया पर इस तरह की बातों को न फैलाएं। इस दौरान दोनों कर्मचारियों ने माफी भी मांगी।
उल्लेखनीय है कि दोनों पूर्व कर्मचारियों ने अपने आत्मदाह की घोषणा पर अमल करने के लिए पूरे वाल्मीकि समाज को दोपहर साढ़े 12 बजे से नगर पालिका कार्यालय के समक्ष एकत्र होने को आमंत्रित किया था। अलबत्ता इस पर गिने-चुने लोग ही नगर पालिका पहुंचे। वाल्मीकि सभा के सरपंच मनोज पंवार व महासचिव दिनेश कटियार के साथ ही धर्मेश प्रसाद व अन्य लोगों ने नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी के कक्ष में इस मौके पर वार्ता की और तय किया कि उन्हें आउटसोर्स से कहीं कार्य दिलाया जाएगा। वार्ता के अंतिम चरण में बात बन जाने के बाद दोनों कर्मचारी पहुंचे और इस दौरान हुई सहमति पर हामी भरी।

यह भी पढ़ें : आत्मदाह के लिए पूरे वाल्मीकि समाज को किया नगर पालिका पर आमंत्रित

नवीन समाचार, नैनीताल, 30 दिसम्बर 2020। नगर पालिका के निकाले गए दो कर्मियों-सौरभ पुत्र राजू व पवन पुत्र भागवत ने बृहस्पतिवार 31 दिसंबर को दोपहर 1 बजे नगर पालिका कार्यालय के समक्ष आत्मदाह करने की अपनी धमकी दोहराई हैं। इस मौके के लिए उन्होंने अपने पूरे वाल्मीकि समाज को भी दोपहर साढ़े 12 बजे से नगर पालिका कार्यालय के समक्ष आमंत्रित किया है। उन्होंने कहा है कि उन्हें एक वर्ष पूर्व नगर पालिका द्वारा झूठा इल्जाम लगाकर कार्य से हटाया गया है। आत्मदाह की धमकी देने के बावजूद उनकी मांग पर संज्ञान नहीं लिया गया है। ऐसे में वह अपना व परिवार का जीवन यापन करने में असमर्थ हैं। इसलिए आत्मदाह करने के अलावा उनके समक्ष कोई चारा नहीं है। इस बारे में नगर पालिका अध्यक्ष से उनका पक्ष जानने का प्रयास किया गया, किंतु उनका फोन नहीं उठा।

यह भी पढ़ें : पालिका के दो कर्मचारियों ने घोषित किया आत्मदाह का दिन व समय, सफाई कर्मचारी आयोग ने भी कहा-बहाल करो..

नवीन समाचार, नैनीताल, 28 दिसम्बर 2020। नगर पालिका के निकाले गए दो कर्मियों-सौरभ पुत्र राजू व पवन पुत्र भागवत ने पूर्व आत्मदाह की तिथि नियत कर दी है। घोषणा की है कि आगामी 31 दिसंबर को दोपहर एक बजे पालिका कार्यालय के समक्ष आत्मदाह करेंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी व सफाई निरीक्षक कुलदीप कुमार की होगी। इस संबंध में उनकी शिकायत पर राज्य सफाई कर्मचारी आयोग ने भी संज्ञान लिया है। आयोग के अध्यक्ष अमिलाल सिंह वाल्मीकि ने नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी को पत्र लिखकर कहा है कि उनके (पालिका के अधिशासी अधिकारी के) द्वारा आयोग में इन कर्मचारियों को निकाले जाने का कोई ठोस प्रमाण नहीं दिया गया। इसलिए आयोग का मत है कि निकाले गए कर्मचारियों को पुनः बहाल करें और आयोग को की गई कार्रवाई से शीघ्र अवगत कराएं।
इस बारे में आत्मदाह की धमकी देने वाले कर्मचारियों ने कहा है कि उन्हें एक वर्ष पूर्व झूठा इल्जाम लगाकर कार्य से हटाया गया है। इस पर गत दो नवंबर को उन्होंने कुमाऊं कमिश्नर, डीएम नैनीताल, नैनीताल विधायक, वाल्मीकि सभा के सचिव तथा देवभूमि उत्तराखंड सफाई मजदूर संघ को पत्र देकर 10 दिन के भीतर उन्हें कार्य पर वापस लेने व नगर पालिका के सफाई निरीक्षक पर कार्रवाई करने की मांग पर नगर पालिका के समक्ष आत्मदाह करने की धमकी दी थी। इस पर नगर पालिका अध्यक्ष ने 9 नवंबर को एक समिति बनाई व 12 नवंबर को पत्र के जरिये 10 दिन में जांच पूरी कर आरोपी अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही थी। किंतु अब तक भी न ही उन्हें कार्य पर वापस लिया गया है, न ही अधिकारी पर कोई कार्रवाई की है। वाल्मीकि समुदाय के होने के कारण उनके साथ भेदभाव किया गया है। अधिकारियों ने अपना दोष उन पर डाला है।

इस विषय में नगर पालिका के सफाई निरीक्षक कुलदीप कुमार का पक्ष:

जून 2018 से नवम्बर 2019 तक डीजल व्यय का ब्यौरा व 22 दिसम्बर 2019 से उपरोक्त कर्मचारियों के पालिका द्वारा हटाने के बाद डीजल पर व्यय में काफी अंतर हैं। मेरे द्वारा नगर पालिका में हो रहे भृष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाई गई, इसलिए मुझे बदनाम करने के लिए वे दोषारोपण कर रहे हैं, उनके द्वारा जो भ्रष्टाचार किये गए हैं, उन पर पर्दा डालने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वो लोग कब तक सच्चाई से बचते फिरेंगे, सच एक दिन सभी के सामने आ ही जायेगा।

यह भी पढ़ें : नगर पालिका के तीन पूर्व कर्मियों ने दी कल आत्मदाह करने की धमकी

नवीन समाचार, नैनीताल, 11 नवम्बर 2020। नगर पालिका से निकाले गए तीन कर्मचारियों-पवन कुमार, मोहित पवार व सौरभ साजन ने उन्हें रोजगार पर वापस न लिए जाने पर बृहस्पतिवार 12 नवंबर को दोपहर 12 से 1 बजे के बीच आत्मदाह करने की धमकी दी है। उनका कहना है कि उनके पत्र पर नगर पालिका ने संज्ञान नहीं लिया। इस पर उन्होंने दो नवंबर को कुमाऊं कमिश्नर, डीएम, विधायक तथा वाल्मीकि सभा के अध्यक्ष एवं सचिव को आखिरी पत्र देकर 10 दिन के भीतर उन्हें कार्य पर वापस लेने की मांग की थी और अन्यथा आत्मदाह करने की धमकी दी थी। इसकी पूरी जिम्मेदारी नगर पालिका के अध्यक्ष व सफाई निरीक्षक की होगी।
उल्लेखनीय है कि मंगलवार को नगर पालिका अध्यक्ष ने तीनों पूर्व कर्मियों के पत्र का हवाला देते हुए उनके द्वारा लगाए गए आरोपों पर नगर पालिका के सफाई निरीक्षक कुलदीप कुमार के खिलाफ सात दिन के भीतर जांच के आदेश दिए हैं।

यह भी पढ़ें : भाजपा अध्यक्ष से मिलकर उच्च शिक्षा की समस्याएं गिनाईं

नवीन समाचार, नैनीताल, 24 जनवरी 2021। कुमाऊं विश्वविद्यालय शिक्षक संघ-कूटा के एक शिष्टमंडल ने अध्यक्ष प्रो. ललित तिवारी की अगुवाई में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने प्रदेश में उच्च शिक्षा के अतिथि व संविदा प्राध्यापकों का वेतन यूजीसी के नियमों के अनुसार प्रतिमाह 50 हजार रुपए करने तथा संविदा प्राध्यापकों को नियमित करने सहित उन्हें तदर्थ नियुक्ति देने और नवसृजित सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय में समायोजित करने की मांग की। इस दौरान उन्होंने शिक्षकों को नियमित करने से संबंधित कागजात भी प्रदेश अध्यक्ष को सोंपे। शिष्टमंडल में डा. ललित मोहन, डा. धीरज बिष्ट, डा. ममता लोहनी, डा. मयंक पांडे व डा. आदेश कुमार आदि भी शामिल रहे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 18 जनवरी 2021। लालकुआं कोतवाली क्षेत्र में इन दिनों चल रहे विवाद में कांग्रेस पार्टी से जुड़े लोगों ने सोमवार को मंडल मुख्यालय में आईजी अजय रौतेला से मुलाकात की और लालकुआं के कोतवाल को हटाने की मांग की। उन्होंने लालकुआं कोतवाल पर जनप्रतिनिधियों व वरिष्ठ नागरिकों के साथ दुर्व्यवहार करने व अपमानजनक शब्दों का प्रयोग करने का आरोप लगाते हुए हटाने की मांग की। साथ ही पुलिस द्वारा 45 लोगों पर दर्ज मुकदमे निरस्त नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी। वहीं आईजी ने उन्हें भरोसा दिया कि मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
नैनीताल में आईजी से मिले लालकुआं क्षेत्र के कांग्रेसी, कोतवाल को हटाने की मांगसोमवार दोपहर पूर्व मंत्री हरीश दुर्गापाल व कांग्रेस जिलाध्यक्ष सतीश नैनवाल के नेतृत्व में कांग्रेसी नेताओं ने नैनीताल में आईजी अजय रौतेला से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बताया कि गत 10 जनवरी को जन्मदिन की पार्टी में दो पक्षों में विवाद के बाद अगले दिन जब जनप्रतिनिधि व ग्रामीण कोतवाली में वार्ता करने पहुंचे और संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर पुलिस के खिलाफ कोतवाली में ही धरने पर बैठे, और उच्चाधिकारियों के साथ वार्ता के बाद चले गए। लेकिन अगले दिन पता चला कि पुलिस ने 45 लोगों पर संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। इस दौरान आईजी से मिलने वालों में पूर्व सांसद डा. महेंद्र पाल, हल्द्वानी महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल छिमवाल, नगर पंचायत लालकुआं के अध्यक्ष लाल चंद्र सिंह, पूर्व चेयरमैन रामबाबू मिश्रा, हरेंद्र बोरा, किरन डालाकोटी, संध्या डालाकोटी, खष्टी बिष्ट, गोपाल बिष्ट, राजेंद्र खनवाल, जीवन कबड़वाल व संजय कुमार आदि शामिल रहे।

यह भी पढ़ें : फ्रंट लाइन वॉरियर्स के रूप में पर्यावरण मित्रों को कोरोना वैक्सीन लगाने की मांग

नवीन समाचार, नैनीताल, 04 जनवरी 2021। नगर पालिका नैनीताल के मनोनीत सभासद एवं भाजपा के मंडल मंत्री राहुल पुजारी ने फ्रंट लाइन वॉरियर्स के रूप में पर्यावरण मित्रों को कोरोना वैक्सीन लगाने की मांग उठाई है। उन्होंने इस मामले में कुमाऊं मंडल के आयुक्त के माध्यम से प्रदेश के मुख्यंत्री को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में उन्होंने कहा है कि कोरोना की महामारी में पर्यावरण मित्रों ने भी स्वास्थ्य एवं पुलिस कर्मियों की तरह अपनी जान की परवाह किए बिना प्रथम मोर्चे पर कार्य किया है, और अभी भी कर रहे हैं। इसलिए कोरोना वैक्सीन का टीकाकरण शुरू होने पर प्रथम पंक्ति के कोरोना योद्धाओं के सम्मान स्वरूप पर्यावरण मित्रों को भी प्राथमिकता के साथ कोरोना के टीके लगाए जाएं। इससे सभी पर्यावरण मित्रों में अपने कार्य व समाज तथा देश के प्रति विश्वास बढ़ेगा।

यह भी पढ़ें : आशाओं ने की एक माह के कार्य बहिस्कार का ऐलान, ….एसडीएम व डॉक्टर को हटाने की की मांग

नवीन समाचार, नैनीताल, 24 जुलाई 2020। एक्टू से संबद्ध उत्तराखंड आशा हेल्थ वर्कर्स यूनियन शुक्रवार को मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को ज्ञापन सोंपकर 25 जुलाई से 25 अगस्त तक कार्य बहिस्कार पर रहने का ऐलान किया है। प्रदेश अध्यक्ष कमला कुंजवाल की ओर से दिये गये ज्ञापन में कहा गया है कि एक आशा कार्यकत्री के कोरोना पॉजिटिव निकलने के बाद से लोगों में हड़कंप मचा हुआ है। लोगों ने अन्य आशाओं से भी उनके घर न आने न आने को कहा है। उन्होंने कार्य बहिस्कार की घोषणा करते हुए कहा है कि यदि कोई आशा कार्य पर आती है तो यूनियन की कोई जिम्मेदारी नहीं होगी। ज्ञापन में रश्मि राणा, पुष्पा खुल्बे, रमा गैड़ा, प्रेमा पंत, कुसुम सनवाल व पंकज गहलौत सहित करीब दो दर्जन आशाओं के के हस्ताक्षर भी हैं।

आशाओं ने की पाटी की एसडीएम व प्रभारी चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाई की मांग
नैनीताल। एक्टू से संबद्ध उत्तराखंड आशा हेल्थ वर्कर्स यूनियन से शुक्रवार को अपनी मांगों पर मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में पाटी जिला चंपावत की एसडीएम सुप्रिया पर यूनियन की पाटी ब्लॉक की अध्यक्ष ज्योति उपाध्याय के साथ सर्वे के दौरान दुर्व्यवहार करने, सभी आशाओं को बैठक कक्ष से बाहर करने, प्रताणित करने व धमकाने का आरोप लगाने एवं इस कार्य में पीएसी पाटी के प्रभारी चिकित्सक डा. आभास सिंह व उपस्थित एएनएम द्वारा भी उनका साथ देने का आरोप लगाते हुए इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है और एसडीएम सुप्रिया और डा. सिंह के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। कार्रवाई न होने पर आंदोलन की धमकी भी दी गई है। ज्ञापन में प्रदेश अध्यक्ष कमला कुंजवाल, प्रेमा पंत, दीपा अधिकारी, नीरू पुजारी, कमला बिष्ट, रश्मि राणा, भगवती शर्मा, निर्मला चंद्रा, माधवी दर्मवाल, कुसुम सनवाल आदि के भी हस्ताक्षर हैं।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 22 जुलाई 2020। एक्टू से संबद्ध आशा कार्यकत्रियों के संगठन उत्तराखंड आशा हेल्थ वर्कर्स यूनियन ने बुधवार को कुमाऊं मंडल के आयुक्त अरविंद सिंह ह्यांकी को चार सूत्रीय ज्ञापन सोंपा। ज्ञापन में कहा गया कि वे कोरोना से जंग में अग्रिज पंक्ति में अपनी सेवाएं दे रही हैं। फिर भी उनकी उपेक्षा की जा रही है। यहां तक कि कोरोना से पीड़ित आशा कार्यकत्रियों की देखभाल भी ठीक से नहीं की जा रही है। लिहाजा उन्होंने कोरोना पीड़ित आशाओं का मुफ्त में एवं उचित उपचार करने, उनके परिवार का पूरा खर्चा भी वहन करने, उन्हें 10 हजार रुपए लॉक डाउन भत्ता व मासिक मानदेय देने की मांगें भी की गई हैं। ज्ञापन सोंपने वालों में संगठन की प्रदेश अध्यक्ष कमला कुंजवाल, रश्मि राणा, रमा गैड़ा, दुर्गा टम्टा, हेमा आर्या, नीरू पुजारी, मिर्मला चंद्रा, कमला बिष्ट व नीता नैनवाल आदि आशा बहनें मौजूद रहीं।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार
‘नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से ‘मन कही’ के रूप में जनवरी 2010 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।
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