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नैनीताल: दुकान कर्मी ने दुकान स्वामी की मौत के बाद फर्जी वसीयत से अपने नाम करा ली दुकान !

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8 kinds of employee fraud and how to prevent it | BenefitsPROडॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 4 अक्टूबर 2021। नगर के तिब्बती बाजार स्थित एक दुकान को दुकान कर्मी द्वारा अपने नाम पर नामांतरित करने का मामला प्रकाश में आया है। बताया गया है कि दुकान कर्मी ने दुकान को अपने नाम कराने के लिए दुकान के मूल लीज स्वामी की फर्जी वसीयत लगाई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार तिब्बती बाजार में आवागढ़ कंपाउंड मल्लीताल निवासी इंद्रा बिष्ट को 1991 में पालिका से एक दुकान आवंटित हुई थी। वर्ष 2000 में इंद्रा बिष्ट और 2011 में उनके पति का देहांत हो गया था। उनके बेटे हर्षित की उम्र कम होने की वजह से दुकान को कर्मचारी संचालित करने लगे। इधर हर्षित को पता चला कि दो माह पूर्व उसकी दुकान नगर पालिका से उसके दुकान कर्मी चंचल सिंह देव कुँवर के नाम पर आवंटित हो गयी है। यह भी पता चला कि मामले में उसकी माता की फर्जी वसीयत लगा दी गई है। अब दुकान स्वामी हर्षित बिष्ट की शिकायत पर नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी अशोक कुमार वर्मा ने इस मामले में जांच कराने की बात कही है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : सावधान ! उत्तराखंड में सक्रिय हुआ महिलाओं का वशीकरण करने वाला बरेली का गिरोह, पलक झपकते उड़ा लेते हैं मंगलसूत्र, दो गिरफ्तार-दो फरार

1-1 तोले के 2 मगंलसूत्रों को कब्जे से किया बरामद, जनपद हरिद्वार से भी ठगी के मामले में जेल जा चुके है आरोपित
Stri Vashikaran Mantra in Hindi - Vashikaran Mantra for Loveनवीन समाचार, हल्द्वानी, 26 सितंबर 2021। ठगों ने दो महिलाओं से वशीकरण कर उनके मंगलसूत्र एक लिफाफे में डालने को कहा और लिफाफे घर जाकर खोलने को कहा। महिलाओं ने घर जाकर लिफाफे खोले तो लिफाफों में कंकर पत्थर निकले। महिलाओं की शिकायत पर पुलिस ने आरोपितों को पकड़कर उनके कब्जे से महिलाओं के मंगलसूत्र बरामद कर लिए हैं। पकड़े गए आरोपित पहले भी हरिद्वार में ठगी के आरोप में जेल जा चुके हैं।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार गत तीन सितंबर को भगवती पांडे पत्नी तारा दत्त पाण्डे निवासी मोटा हल्दू लालकुआं अपनी रिश्तेदार कमला कबडवाल पत्नी प्रकाश चंद्र कबडवाल के साथ सुयालबाड़ी जाने हेतु हल्द्वानी पहुंची थी। इसी दौरान अज्ञात ठग उन्हें सुयालबाडी के लिए गाड़ी जाने की बात कहकर नैनीताल रोड की ओर ले गये और महिलाओं से चेकिंग की बात कहकर उनके मंगलसूत्र उनके पास ही एक लिफाफे में डलवा दिये और मौका देखकर लिफाफों को बदल दिया, और खुद फरार हो गये। उधर दोनों महिलाएं उनके साथ हुई ठगी से अंजान लिफाफों को लेकर अपने घर सुयालबाड़ी पहुंच गईं। वहां जाकर उन्होंने देखा कि लिफाफों के अंदर कंकर-पत्थर भरे हैं। तब जाकर उन्हे अपने साथ हुई ठगी का एहसास हुआ। इस संबंध में भगवती पांडे के पुत्र कमल पांडे द्वारा थाना हल्द्वानी में भारतीय दंड संहिता की धारा 420 के तहत अज्ञात ठगों के खिलाफ अभियोग पंजीकृत कराया।
इस मामले में पुलिस ने तत्काल टीमों का गठन कर घटनास्थल व आस-पास के सीसीटीवी फुटेज का अवलोकन कर एवं पूर्व में इस प्रकार से लिफाफा बदलने के लिए में प्रकाश में आये अपराधियों को तलाश किया तो शनिवार को बरेली के थाना किला क्षेत्रांतर्गत मिनार वाली मस्जिद नाले के पास छिपीटोला निवासी मौहम्मद ईसान पुत्र स्व. दुल्हे खां व मोतीलाल बजरिया निवासी मौहम्मद नासिर उर्फ गुड्डू मछैना पुत्र मौहम्मत साबिर हुसैन को गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने पूछताछ में बताया कि वह बरेली से आकर हल्द्वानी रोडवेज व केमू स्टेशन एवं आस-पास पहाड़ों को आने-जाने वाले वाहनों में सवारियों को टारगेट करते हैं तथा उन्हें बोला जाता है कि वे बैंक या अन्य सरकारी विभाग के हैं तथा उनकी गाड़ी भी पहाड़ जा रही है।
इस दौरान वह लोगों को चेकिंग का बहाना कर उनसे उनके कीमती सामान को लिफाफे में डलवा देते हैं तथा इसी बीच मौका देखकर लिफाफे को बदल देते हैं और मौके से फरार हो जाते हैं। इस घटना में उनके साथ सावेज व इकरार भी शामिल थे। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। उनके कब्जे से पुलिस ने महिलाओं से ठगे गये दोनों मंगलसूत्र व घटना में प्रयोग किये जाने वाले लिफाफे एंव घटना मे प्रयुक्त कार को बरामद कर लिया है। वह हल्द्वानी, रुद्रपुर व हरिद्वार आदि जगहों पर इस प्रकार की कई घटनाओं को अन्जाम दे चुके हैं। पुलिस टीम में कोतवाली हल्द्वानी के प्रभारी निरीक्षक अरुण कुमार सैनी, दरोगा रविंद्र राणा, आरक्षी इसरार अहमद, इसरार नवी, सुरेंद्र सिंह, दिवान सिंह कोरंगा व ममता कश्यप शामिल रहे। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : रिलायंस कंपनी के नाम पर युवक से करीब तीन करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का बड़ा मामला

नवीन समाचार, हरिद्वार, 12 सितंबर 2021। हरिद्वार में रिलायंस कंपनी का प्रोजेक्ट दिलाने के नाम पर एक युवक से तीन करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले में पुलिस ने रिलायंस कंपनी के इंडिया हेड सहित 12 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
Attempting to cheat bank by cashing a fake check of 3.25 carorबहादराबाद थाना प्रभारी संजीव थपलियाल ने पत्रकारों को बताया कि गांव शांतरशाह निवासी अमित सैनी की आस्था कॉम्पलेक्स में अमित इंटरप्राइजेज के नाम से फर्म हैं। मई 2020 में पथरी के गांव सहदेवपुर निवासी तरनजीत सिंह उसके कार्यालय पर आकर उसे बताया कि रिलायंस कंपनी उत्तराखंड में अपना प्रोजेक्ट शुरू करने वाली है। जिसमें वायरलेस सेटअप बॉक्स, टीवी, जीपीएस स्टीकर का कार्य बड़े पैमाने पर किया जाएगा। वह टीम के इंडिया हेड अश्वनी कुमार चौबे को अच्छी तरह से जानता है। उन्होंने अमित को हरिद्वार जिले की समस्त रिलायंस डिजिटल मीडिया एवं मीडिया चैनल के अधिकार देने का प्रस्ताव भी रखा। इसके साथ ही अमित को मीडिया कंपनी पंजीकृत करवाने के लिए भी कहा। बताया कि इसके लिए 2 करोड रुपये जमा कराने होंगे। इस पर अमित ने अपनी फर्म अमित इंटरप्राइजेज के खाते से एक करोड़ 49 लाख रुपये जमा करा दिए। इसके बाद अश्वनी कुमार चौबे ने अमित को अपनी दूसरी कंपनी दमन मीडिया में रुपये जमा कराने के लिए कहा गया। जिसके बाद अमित ने दूसरे खाते में भी 1,71,08,955 जमा कराए दिए।
लेकिन इसके बाद भी कई दिनों बाद तकएग्रीमेंट न करने व काम शुरू न करने के कारण जब उसने अश्वनी कुमार चौबे व उनकी टीम से संपर्क किया तो उन्होंने टाल-मटोल करना शुरू कर दिया। इसके बाद अमित को खुद के साथ हुई धोखाधड़ी का अहसास हुआ। पुलिस ने अमित की शिकायत के बाद तरनजीत सिंह निवासी सहदेवपुर पथरी, अश्वनी कुमार चौबे, प्रशांत संगल, सतीश कुमार पांडे, प्रसून कुमार टेक्नीकल हेड, मोहम्मद आमीन नेटवर्क हेड, सुजाना शुक्ला कंपनी फाइनेंशियल हेड, दिशा शर्मा, शिवांगी, मीनू दास, सुतानी, रवि प्रधान के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : महिला से 74 लाख हड़पने के आरोपित प्रोफेसर का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 27 जुलाई 2021। जिला एवं सत्र न्यायाधीश नैनीताल राजेंद्र कुमार जोशी की अदालत ने एक महिला से 74 लाख रुपए धोखाधड़ी के आरोपित हल्द्वानी एमबी डिग्री कॉलेज के समाजशास्त्र विभाग के प्रोफेसर डॉ. अशोक कुमार का जमानत प्रार्थना पत्र सुनवाई के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए खारिज कर दिया है।
मंगलवार को न्यायालय में अमरावती कालोनी मुखानी, हल्द्वानी निवासी आरोपित के जमानत प्रार्थना पत्र का विरोध करते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने तर्क रखा कि आठ मई को थाना मुखानी में रिपोर्टकर्ता पल्लवी गोयल पत्नी आलोक गोयल निवासी शिवपुरी भवानी गंज ने अशोक कुमार ने अपनी पत्नी के इलाज व अपने घरेलू खर्च चलाने हेतु एवं मकान दिलाने के नाम पर वर्ष 2019 में कुल 74 लाख धोखाधड़ी से हड़प लिये, और धनराशि वापस मांगने पर बार-बार टालामटोली की और हल्द्वानी क्षेत्र से भागकर पटना बिहार चला गया और अपने हल्द्वानी स्थित घर को उसके नाम पर करने का आश्वासन देता रहा।
यही नहीं महिला द्वारा शिकायत दर्ज कराने पर 25 जून 2021 को आरोपित ने पीड़िता से गाली गलौच कर जान से मारने की धमकी दी। यह भी कहा कि आरोपित प्रोफेसर एक आपराधिक प्रकृति का व्यक्ति है। उसके विरूद्ध थाना मुखानी में इस मामले के अलावा दो अन्य आपराधिक मामले भी दर्ज हैं। इस पर न्यायालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपित प्रोफेसर अशोक कुमार का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें : नैनीताल में 25 लाख की लॉटरी के नाम पर 60 हजार की ठगी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 27 जुलाई 2021। नगर में एक युवक से उसकी 25 लाख रुपए की लॉटरी निकलने के नाम पर 60 हजार रुपए की ठगी करने का मामला सामने आया है। नगर राजभवन क्षेत्र निवासी जय बसंत नाम के युवक ने मल्लीताल कोतवाली में दी गई तहरीर में कहा है कि उसे दो दिन पूर्व फोन आया कि उसकी 25 लाख रुपए की लॉटरी निकली है। इसे पाने के लिए उसे सिक्योरिटी के तौर पर 60 हजार रुपए जमा करने होंगे। उसने यह धनराशि बताए गए बैंक खाते में जमा कर दी। लेकिन इसके बाद फोन करने वाले व्यक्ति का नंबर बंद आ रहा है। मल्लीताल कोतवाली पुलिस ने तहरीर लेकर मामले में जांच शुरू करने की बात कही है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें : पर्यटन व्यवसायी से टूर ऑपरेटर के नाम पर धोखाधड़ी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 25 जून 2021। राज्य में पर्यटकों की आमद बढ़ने के साथ धोखाधड़ी भी शुरू कर दी है। पर्यटन नगरी में इंद्रपाल सिंह नाम के एक व्यक्ति के द्वारा टूर ऑपरेटर बन कर नगर के पर्यटन व्यवसायियों से अलग-अलग नंबरों से फोन कर होटलों के कमरे बुक कराने और बाद में अन्य बहानों से अपने खाते में रुपए जमा कराकर धोखाधड़ी से रुपए हड़प लिए जाने का मामला प्रकाश में आया है।
इस मामले में नगर के पर्यटन व्यवसायी गोपाल सिंह रौतेला द्वारा मल्लीताल कोतवाली में दिए गए शिकायती पत्र में बताया गया है कि इंद्रपाल सिंह नाम के व्यक्ति ने पहले उसे 20 सैलानियों के एक ग्रुप के लिए नैनीताल के होटलों में कमरे बुक करवाए, और बाद में चालक के साथ दुर्घटना होने के नाम पर उसकी मदद के लिए 5500 रुपए अपने खाते में डलवा लिए। बाद में सैलानियों को बारापत्थर से होटलों में ले जाने के लिए गाड़ियां मंगवाईं। गोपाल सिंह ने उसके कहने पर 300 रुपए की दर से टैक्सियां बारापत्थर भिजवाईं, लेकिन वहां कोई सैलानी नहीं मिला। शिकायतकर्ता का कहना है कि इसी तरह इस व्यक्ति के द्वारा पर्यटन व्यवसायियों से 7827731811, 9990891825 व 9999591204 आदि नंबरों से फोन कर धोखाधड़ी की जा रही है। उन्होंने नगर के अन्य पर्यटन व्यवसायियों से भी उसके झांसे में न आने की अपील की है। इधर मल्लीताल कोतवाली ने अभी यह मामला दर्ज तो नहीं किया है, पर जांच तलब कर लिया है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें : उफ ऐसा नटवरलाल, खुद को केंद्रीय मंत्री बताकर व्यवसायी से ठग लिए 10 लाख रुपए

नवीन समाचार, हरिद्वार, 04 अप्रैल 2021। शहर कोतवाली क्षेत्र में एक ऐसी जालसाजी का मामला प्रकाश में आया है, जिसमें नटवरलाल ने खुद को केंद्रीय मंत्री बताकर एक व्यवसायी से 10 लाख रुपए की बड़ी धनराशि ठग ली। बताया गया है कि नटवरलाल ने खुद को केंद्रीय उपभोक्ता एवं खाद्य मंत्रालय में केंद्रीय राज्य मंत्री बताते हुए देहरादून निवासी व्यवसायी को मंत्रालय में सलाहकार सदस्य बनवाने का झांसा देकर यह ठगी की। पीड़ित ने इसकी पुलिस को शिकायत की, लेकिन पुलिस ने उसकी बात का विश्वास नहीं किया। इस पर व्यवसायी ने न्यायालय की शरण ली। अब न्यायालय के आदेश पर शहर कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। पीड़ित व्यवसायी का नाम अवनीश कौशिक पुत्र शिव कुमार शर्मा निवासी लोहियापुरम, एमडीडीए कॉलोनी, त्यागी रोड देहरादून बताया गया है। अवनीश ने न्यायालय को बताया कि 2019 में ट्रांसपोर्ट का काम करने वाले अपने दोस्त रवि के जरिए वह कौशल कुमार से मिले। कौशल ने उनको बताया कि वह हरिद्वार के ही रहने वाले है।
कई फैक्ट्रियों के मालिक है और उपभोक्ता खाद्य मंत्रालय में भारत सरकार की ओर से राज्यमंत्री है। इसके बाद कई महीनों तक उनकी मेल मुलाकात होती रही। आरोप है कि कौशल कुमार ने अवनीश कौशिक से कहा कि वह उनको उपभोक्ता खाद्य मंत्रालय भारत सरकार की ओर से सलाहकार सदस्य बनवा सकता है। विश्वास दिलाया कि वह राज्यमंत्री है और इतनी पावर है कि किसी भी पद पर नियुक्त कर सकता है। अवनीश ने उसकी बातों पर विश्वास कर लिया, और बायोडाटा, पैन कार्ड, आधार कार्ड, फोटो सहित अन्य दस्तावेजों के साथ 10 लाख रुपए कौशल को दे दिए। न्यायालय ने उसकी शिकायत पर धारा 156 (3) के तहत कौशल कुमार पुत्र कमलेश कुमार निवासी शिवालिक नगर बीएचईएल हरिद्वार, उसकी पत्नी संगीता और ड्राइवर राममूर्ति शुक्ला निवासी हरिद्वार के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। शहर कोतवाल एसएस नेगी ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें : ऑनलाइन भुगतान के फर्जी मैसेज से दुकानदार को एक लाख से अधिक का चूना लगाया…

-न्यायालय नेे आरोपित की जमानत अर्जी की खारिज
नवीन समाचार, नैनीताल, 15 मार्च 2021। प्रभारी जिला एवं सत्र न्यायाधीश-द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश राकेश सिंह की अदालत ने दुकान से ऑनलाइन भुगतान का झांसा देकर एक लाख रुपए से अधिक के आभूषण हड़पने की जमानत अर्जी खारिज कर दी। मामले में आरोपित प्रभुजोत सिंह उर्फ परम पुत्र अमरजीत सिंह निवासी शांति कॉलोनी रुद्रपुर मूल पता भगवंत नगर केलाखेड़ा जिला यूएस नगर की जमानत अर्जी का विरोध करते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता सुशील कुमार शर्मा ने अदालत को बताया कि गत 19 जनवरी को मंजीत सिंह पुत्र रिसपाल सिंह निवासी शांति कॉलोनी रुद्रपुर जिला यूएस नगर ने हल्द्वानी के गैस गोदाम तिराहे पर स्थित अशोक ज्वेलर्स नाम की दुकान से एक लाख नौ हजार 500 रुपए के आभूषणों की खरीददारी की और इसके ऑनलाइन भुगतान का मैसेज अपने मोबाइल पर दिखाया, लेकिन यह धनराशि दुकान स्वामी अशोक कुमार को नहीं मिली।
दुकान स्वामी ने मंजीत से इस बारे में कारण पूछा तो टालामटोली करने लगा। बाद में 10 फरवरी को आरोपित मंजीत के साथ ही प्रभुजोत सिंह को पुलिस ने दुकान स्वामी की शिकायत पर रुद्रपुर से दुकान से हड़पे गए आभूषणों के साथ पकड़ा। मामले में मंजीत सिंह ने बताया कि दुकान स्वामी को बदायूं निवासी दोस्त की मदद से बैंक का मैसेज भेजकर धोखाधड़ी की गई थी। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें : चौथी फेल-नाई की दुकान चलाने वाला निकला नौकरी के लिए विेदेश भेजने के नाम पर 30 से अधिक युवाओं से करीब 25 लाख रुपये हड़पने वाले गिरोह का सरगना…

नवीन समाचार, देहरादून, 03 मार्च 2021। देहरादून पुलिस ने विदेश में नौकरी लगवाने के नाम पर युवाओं को ठगने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के सरगना को कुरुक्षेत्र से गिरफ्तार कर मामले का भंडाफोड़ किया है। मामले में दिलचस्प बात यह है कि पकड़ा गया सरगना खुद चौथी कक्षा फेल है और गांव में नाई की दुकान चलाता था। वह अब तक उत्तराखंड के साथ ही पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के 30 से अधिक युवाओं से करीब 25 लाख रुपये हड़पकर फरार हो गया था। सोचने वाली बात है कि कैसे पढ़े-लिखे युवा ऐसे अनपढ़ व जालसाज व्यक्ति के झांसे में आ जाते हैं।
पुलिस अधीक्षक नगर सरिता डोबाल ने बताया कि कोतवाली कैंट में बीते आठ दिसंबर को रविंद्र सिंह निवासी क्लेमेनटाउन ने तहरीर दी थी कि बल्लूपुर चौक पर स्थित निर्मल सिंह व राजपाल सिंह के फास्ट वे टूर एंड ट्रैवल नाम के कार्यालय से विदेश भेजने व विदेश में नौकरी दिलाने का दावा किया जाता है। निर्मल सिंह ने अपने साथियों के साथ मिलकर उसे सिंगापुर में इंटर कॉन्टीनेंटल होटल में एकाउंट ऑपरेटर की नौकरी दिलाने का झांसा दिया था। इस पर पीड़ित ने 40 हजार रुपये नकद और 60 हजार रुपये चेक के माध्यम से आरोपितों को दिए। जिसके बाद न तो उसे विदेश भेजा गया और न ही रकम वापस की गई। इसके आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू की। एसपी सिटी ने बताया कि विवेचना के दौरान प्रकाश में आया कि निर्मल सिंह और उसके साथियों ने करीब 40 व्यक्तियों से विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर 20-25 लाख रुपये लेकर उनके पासपोर्ट आदि कागजात अपने पास रखे।
उसके बाद उन्हें विदेशी कंपनियों के फर्जी नियुक्ति पत्र व फर्जी वीजा देकर दो माह में ही कार्यालय बंद कर फरार हो गया था। पुलिस ने पीड़ितों से पूछताछ कर अभिलेखों की पड़ताल की तो पाया कि निर्मल सिंह पुत्र वीर सिंह निवासी उगो मोगा पंजाब गिरोह का सरगना है और उसका नाम-पता फर्जी है। उसके मोबाइल नंबर भी फर्जी आइडी पर लिए गए हैं। उसने नाम-पता बदलकर फर्जी परिचय पत्र बनवाया और देहरादून में कार्यालय खोला। निर्मल सिंह का असली नाम लक्ष्मी नारायण उर्फ विनोद निवासी वार्ड नं-1 रेलवे रोड ग्राम कलायत जिला कैथल हरियाणा है। यह भी जानकारी सामने आई कि हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ आदि स्थानों पर भी आरोपित कई व्यक्तियों को ठगी का शिकार बना चुका है। पुलिस को सूचना तंत्र से मिली जानकारी के बाद आरोपित लक्ष्मी नारायण उर्फ विनोद को कुरुक्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। जिसके कब्जे से कुछ फर्जी दस्तावेज भी बरामद हुए हैं।
गिरोह के सरगना ने पूछताछ मे बताया कि वह चौथी फेल है और अपने गांव में बाल काटने की नाई की दुकान चलाता है। पिछले साल उसकी मुलाकात चंडीगढ़ में विक्की उर्फ लखविंदर नाम के व्यक्ति से हुई। जो विदेश भेजने के नाम पर मोटी रकम ऐंठता था। तब उसने विक्की के साथ मिलकर यमुनानगर में ऑफिस खोला था। कुछ व्यक्तियों को ठगकर उनसे पैसा और व्यक्तियों के दस्तावेज जमा कराने के बाद वे उन लोगों के दस्तावेजों के आधार पर ही वे नए मोबाइल सिम और नए स्थान पर कार्यालय खोल लेते थे और एक से दो माह तक कार्यालय खोलने के बाद ठगी कर फरार हो जाते थे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें : महिला मित्र पर रौब गांठने के लिए फर्जी फौजी सूबेदार बना बी फार्मा का छात्र

नवीन समाचार, देहरादून, 18 फरवरी 2021। राजधानी देहरादून में सेना पुलिस व मिलिट्री इंटेलिजेंस ने संयुक्त आपरेशन के तहत कैंट स्थित मिलिट्री अस्पताल में घुस रहे एक फर्जी सूबेदार को गिरफ्तार किया है। बाद में उसे स्थानीय पुलिस को सौंप दिया गया है। एसपी सिटी सरिता डोबाल ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है।
बताया गया है कि पकड़े गए फर्जी सूबेदार का नाम कामख्या दुबे है। वह झारखंड का रहने वाला है और मात्र 22 साल का तथा बी फार्मा का छात्र है। उसने अपनी गर्ल फ्रेंड पर रौब गालिब करने के चक्कर मे यह हरकत की है।

यह भी पढ़ें : हर माह 15 हजार रुपए पेंशन का झांसा देकर 9 लाख से अधिक की धोखाधड़ी कर डाली, मामला दर्ज..

नवीन समाचार, बाजपुर, 31 जनवरी 2021। ऊधमसिंहनगर जिले के बाजपुर थाना क्षेत्र में हर माह 15 हजार रुपए पेंशन दिलाने का झांसा दिलाने के नाम नौ लाख रुपए से अधिक की ठगी करने का मामला सामने आया है। बाजपुर गांव निवासी रईश अहमद पुत्र रफीक अहमद की तहरीर पर पुलिस महानिरीक्षक के निर्देश पर पुलिस ने ठगी का मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है।
तहरीर में कहा गया है कि प्रभात गौतम पुत्र कृपाल सिंह निवासी बरखेड़ा पांडे काशीपुर द्वारा करीब एक दर्जन लोगों से नौ लाख दस हजार रुपए यह कहते हुए जमा करा लिये गये कि 70 हजार रुपए जमा करने पर उन्हें 15 हजार रुपये हर माह पेंशन मिलेगी। लेकिन कोई पेंशन नहीं दिलाई। इसी तरह कई अन्य लोगांे ने भी आरोपित के खिलाफ तहरीर दी। इस पर बाजपुर पुलिस ने धारा 420 के तहत मुकदमा पंजीकृत कर लिया है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। मामले में कनौरा गांव के वली मोहम्मद व लाल मोहम्मद से 1.4 लाख, मो. आसिम अली से 28000, महेशपुरा के सुभाष चंद्रा व मथरी प्रसाद, नजमा पत्नी रईश अहमद व रेशमा पत्नी कमरुद्दीन से 56-56 हजार तथा रईश अहमद व रफीक अहमद, जीशान अहमद व कमरुद्दीन, खुर्शीद अहमद, खलील, रफीक अहमद व सगीर अहमद से 1.4-1.4 लाख रुपयों की ठगी की गई है।

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