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कांग्रेस के गढ़, 37% मुस्लिमों के क्षेत्र में सीएम धामी की जनसभा में उमड़ी मुस्लिम महिलायें, क्या बदल रही उत्तराखंड की राजनीति !

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Hundreds Of Muslim Women Joined Bjp In Varanasi - पीएम मोदी के संसदीय  क्षेत्र में सैकड़ों मुस्लिम महिलाओं ने ली भाजपा की सदस्यता - Amar Ujala  Hindi News Liveनवीन समाचार, नैनीताल, 1 दिसंबर 2021। कुमाऊं के प्रवेशद्वार जसपुर, कांग्रेस के गढ़, जहां लगातार कांग्रेस जीतती रही है, यहां तक कि 2017 में प्रचंड मोदी लहर में भी जहां से कांग्रेस जीती, जहां 37 फीसद आबादी मुस्लिमों की है, बुधवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की जनसभा में बड़ी संख्या में मुस्लिम महिलाएं पहुंची। इसे जानकार उत्तराखंड में भी राजनीति के बदलने का संकेत मान रहे हैं।

जसपुर में मुस्लिम महिलाओं की सीएम की जनसभा में भीड़ को देखकर महिला आयोग की उपाध्यक्ष सायरा बानो ने इसका इशारा भी किया। उन्होंने कहा कि भाजपा की नीति सबका साथ और सबका विश्वास है। यही कारण है कि आज बड़ी संख्या में मुस्लिम महिलाएं पार्टी के साथ जुड़ रही हैं। उन्होंने कहा मुस्लिम महिलाओं के हित में पूर्व सरकारों ने सिर्फ बातें कीं, लेकिन भाजपा ने करके दिखाया। इसलिए आज भाजपा से बड़ी तादाद में महिलाएं जुड़ रही हैं।

मुख्यमंत्री की जनसभा में उमड़ी मुस्लिम महिलाओं की भीड़ तो सायरा बानो ने कही ये बातउल्लेखनीय है कि जसपुर विधान सभा क्षेत्र में अल्पसंख्यक चुनाव में निर्णायक भूमिका निभाने की स्थिति में हैं। 2017 में प्रचंड मोदी लहर में जब भाजपा राज्य की 70 में से 57 सीटें जीती, तब भी जसपुर से भाजपा से कांग्रेस में दलबदल कर गए प्रत्याशी आदेश चौहान चुनाव जीते, और एक चिकित्सक के रूप में उत्कृष्ट छवि रखने वाले कांग्रेस में विधायक रहे डॉ. शैलेंद्र मोहन जिंदल चुनाव हार गए।

यदि यहां कुछ बदलाव दिख रहा है तो इसका प्रभाव राज्य की दूसरी मुस्लिम बहुल विधानसभाओं में भी दिख सकता है। जरूर, खासकर मुस्लिम महिलाओं के लिए पारिवारिक बंदिशें कुछ अधिक होती हैं। ऐसे में उनके लिए अपने मन में क्या है, दिखा पाना उतना आसान नहीं होता, लेकिन यह भी है कि पहनावा जहां उनकी उपस्थिति को साफ-साफ दिखा देता है, वहीं खासकर भाजपा जैसी विपक्ष के द्वारा ‘साम्प्रदायिक’ तथा मुस्लिम अल्पसंख्यकों के लिए अछूत कही जाने वाली पार्टी की रैली में उनकी उपस्थिति राजनीतिक इशारा अवश्य करती है।

जानिए, यूपी में मुसलमानों ने किस तरह बीजेपी को जिताया - know whom muslims  voted in UP election 2017ऐसे में कहा जा रहा है कि मुस्लिम महिलाओं का हजारों की तादाद में भाजपा की रैली में उमडना भाजपा के लिए आगे की राह आसान करने वाला प्रतीत हो रहा है। यानी अब तक भाजपा विरोधियों के कब्जे में रहे जसपुर के 37 प्रतिशत से ज्यादा अल्पसंख्यक वोटों का मिथक टूटता दिख रहा है। मुस्लिम महिलाओं में सैकड़ों ऐसी थीं, जो समूहों के जरिये आत्मनिर्भर बनने की तरफ बढ़ चुकी हैं। जसपुर इलाके से समूह चलाने वाली एक महिला ने बताया कि कोविड के दौरान समूहों के जरिये काम कर अपना घर चलाया। इस दौरान भाजपा सरकार की तरफ से दिए जाने वाले राशन से ही हमारी रसोई चली। नफरत की राजनीति नहीं, हम विकास करने वालों के साथ हैं।

इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जसपुर की ग्राम पंचायत गढ़ीनेगी को नगर पंचायत का दर्जा देने की घोषणा की। साथ ही तीरथ को राजस्व ग्राम बनाए जाने का एलान करते हुए जसपुर को स्टेडियम की भी सौगात दी। इसके अलावा जसपुर कृषि मंडी में सीएम धामी ने 15.89 करोड़ के विकास कार्यों का शिलान्यास किया। जसपुर में स्टेडियम का निर्माण व ग्राम तीरथ को राजस्व ग्राम बनाए जाने की घोषणा भी की। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : Breaking : अंजुमन इस्लामिया के चुनाव के परिणाम घोषित

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 17 नवंबर 2021। पांच वर्ष बाद अंजुमन ए इस्लामिया की 23 सदस्यीय कार्यकारणी के लिये मंगलवार को हुए मतदान के बाद देर रात्रि चुनाव परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। चुनाव परिणाम के अनुसार क्रम से शुएब अहमद, दानिश लईक सिद्दीकी, हारून खान, शाहनवाज खान, महमूद अली, मोहम्मद कय्यूम, जमाल, मोहम्मद आसिम, फैसल खान, हामिद अली, कय्यूम, मोहम्मद इब्राहीम, शाह फैसल, मोहम्मद जुहैब, अतीक हुसैन, समीर अली, मोहम्मद हनीफ, शाकिर अली, मोहम्मद फुरकान, शानू अहमद, जाहिद हुसैन, मोहम्मद फारूक सिद्दीकी व अब्दुल अलीम खान जीते हैं

गौरतलब है कि चुनाव में अंजुमन-ए-इस्लामिया के करीब 300 स्थायी सदस्यों सहित 1975 मतदाताओं में से 1257 ने चुनाव में पहली बार खड़े हुए रिकॉर्ड 82 प्रत्याशियों में से अपनी पसंद के 23 या उससे कम प्रत्याशियों के लिए मतदान किया। गौरतलब है कि इन प्रत्याशियों मे कईं निवर्तमान कार्यकारिणी के पदाधिकारी भी शामिल थे।

बताया गया है कि अंजुमन ए इस्लामिया के चुनाव में केवल पुरुष ही मतदान कर सकते थे। चुनाव व मतदान की प्रक्रिया में चुनाव अधिकारी अधिवक्ता नावेद सिद्दीकी, नाजिम बख्श, अथर सिद्दीकी, सुवाले अली व अफजाल सिद्दीकी आदि लोग जुटे रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल में पांच वर्ष बाद एक खास चुनाव में 23 पदों के लिए रिकॉर्ड 82 प्रत्याशी, सिर्फ पुरुष ही करेंगे मतदान…

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 13 नवंबर 2021। पांच वर्ष बाद आगामी 16 नवम्बर को अंजुमन ए इस्लामिया की 23 सदस्यीय कार्यकारणी के लिये होने वाले चुनाव दिलचस्प हो गये हैं। कारण, इस चुनाव में पहली बार रिकॉर्ड 82 प्रत्याशी मैदान में उतर आए हैं। इन प्रत्याशियों मे कईं निवर्तमान कार्यकारिणी के पदाधिकारी भी पुनः अपनी किस्मत आजमा रहे हैं ।

प्राप्त जानकारी के अनुसार अंजुमन ए इस्लामिया के चुनाव हेतु इस माह के शुरुआत में ही नामांकन प्रक्रिया सम्पन्न हो चुकी थी। इसके फलस्वरूप पहली बार 23 सदस्यीय कार्यकारिणी के लिये 82 प्रत्याशी मैदान में उतर गए। उल्लेखनीय है कि इस चुनाव हेतु करीब 21 सौ लोगों ने मतदाता सूची में नाम दर्ज कराया है, जबकि करीब 300 लोग इंजुमन-ए-इस्लामिया के स्थायी सदस्य हैं। जिन्हें मतदान का अधिकार है। खास बात यह भी है कि इस चुनाव में केवल पुरुष ही मतदान करते हैं। महिलाओं को मतदान का अधिकार नहीं है।

अंजुमन ए इस्लामिया के चुनाव हेतु अधिवक्ता नावेद सिद्दीकी को चुनाव अधिकारी तथा नाजिम बख्श, अथर सिद्दीकी, सुवाले अली व अफजाल सिद्दीकी को सहायक चुनाव अधिकारी बनाया गया है। सहायक चुनाव अधिकारी नाजिम बख्श ने बताया कि 16 नवम्बर को प्रातः 8 बजे से रजा क्लब मल्लीताल में मतदान शुरू होगा जो सायं 5 बजे तक चलेगा । उसके बाद मतगणना शुरू होगी। उन्होंने बताया कि एक मतदाता 23 प्रत्याशियों के पक्ष में मतदान कर सकता है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : यूपी निवासी ने उत्तराखंड में दूसरे के घर को फर्जी कागजों से मस्जिद दिखाकर उसे वक्फ घोषित करने को आवेदन किया

-मस्जिद बनाने के लिए चंदा भी वसूला, पकड़ा गया
आरोपी गिरफ्तार।नवीन समाचार, हरिद्वार, 29 अक्टूबर 2021। पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जनपद के एक प्रॉपर्टी डीलर ने ज्वालापुर में दूसरे के मकान को अपना बताते हुए मस्जिद दर्शा दिया और फर्जी कागजात तैयार करके उसे वक्फ घोषित कराने के लिए आवेदन कर दिया।

आरोप यह भी है कि उसने मस्जिद के नाम पर चंदा उगाही भी शुरू करा दी थी। मामला खुलने पर रिपोर्ट दर्ज हो गई है, और ज्वालापुर थाना पुलिस ने आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार ज्वालापुर के मोहल्ला कैथवाड़ा निवासी जावेद आलम के मकान को अब्दुल हाफिज व उसके बेटों मुस्तफा व मुजबता द्वारा फर्जी कागजों के जरिये मस्जिद दर्शाते हुए वक्फ घोषित कराने की प्रक्रिया होती सामने आई। उत्तराखंड वक्फ बोर्ड के निरीक्षक ने इस मामले की जांच की तो सच्चाई सामने आई कि मकान अब्दुल हाफिज या उसके बेटों के नाम नहीं है।

इस पर जावेद आलम ने कोतवाली ज्वालापुर में अब्दुल हाफिज तथा उसके पुत्रों मुस्तफा व मुजबता के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत करवाया। इस पर बीती शाम ज्वालापुर थाना पुलिस ने खान आलमपुरा से अब्दुल हाफिज को गिरफ्तार कर लिया गया, लेकिन मौके पर उसके पुत्र नहीं मिले।

बताया गया है कि आरोपित अब्दुल हाफिज सहारनपुर के मोहल्ला खान आलमपुरा का रहने वाला है और प्रापर्टी डीलर है। जांच में पता चला है कि आरोपित ने मस्जिद के नाम पर चंदा भी वसूला है। इस पर उसके खिलाफ सिडकुल थाने में भी रिपोर्ट दर्ज है। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : उत्तराखंड में आसान किस्तों में मुस्लिम कॉलोनी में प्लॉट उपलब्ध बताने वालों के खिलाफ जांच के आदेश

नवीन समाचार, रुद्रपुर, 25 अक्टूबर 2021। गत दिवस 19 अक्टूबर को ‘नवीन समाचार’ ने रुद्रपुर में धर्म के आधार पर मुस्लिम कॉलोनी काटे जाने के समाचार को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इस मामले के प्रकाशित होने के बाद कुमाऊं परिक्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक डॉ. नीलेश आनंद भरणे से संज्ञान लेते हुए मामले की जांच के आदेश दिए हैं।

डॉ. भरणे ने सोमवार को जनपद के एसएसपी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि इस मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ अभियोग पंजीकृत किया जाएगा। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। इसके बाद मुस्लिम कॉलोनी के लिए पोस्टर लगाने वालों में हड़कंप मचना तय है। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : उत्तराखंड में जनसांख्यिकी बदलाव पर बड़ा समाचार: उत्तराखंड में आसान किस्तों पर मुस्लिम कॉलोनी में प्लॉट उपलब्ध, यूपी में लगे पोस्टर

नवीन समाचार, रुद्रपुर, 19 अक्टूबर 2021। उत्तराखंड में जनसांख्यिकी में बदलाव पर तेज हुई चर्चाओं के बीच राज्य के सीमावर्ती ऊधमसिंह नगर जनपद में मुस्लिम धर्म विशेष के लिए कालोनी बनाई जा रही है। चिंताजनक बात यह भी है कि इसका प्रचार न केवल स्थानीय तौर पर बल्कि उत्तर प्रदेश के बहेड़ी व रामपुर के बिलासपुर में बकायदा बैनर व पोस्टर लगाकर तथा पंफलेट बांटकर किया जा रहा है।

इस प्रकार चिंताजनक बात यह भी है कि बाहरी राज्य के लोगों के मुस्लिम लोगों से उत्तराखंड में आकर बसने को कहा जा रहा है। पोस्टरों पर लिखा गया है, ‘लालपुर-रुद्रपुर में पहली बार मुस्लिम कालोनी, आसान मासिक किस्तों में, 50 वर्ग गज का प्लाट मात्र 2.50 लाख रुपए में।’ पोस्टरों पर जनता इंटर कॉलेज के निकट होटल कॉर्बेट इन, रुद्रपुर का पता और दो मोबाइल नंबर भी लिखे गए हैं।

उल्लेखनीय है कि ऊधमसिंह नगर जनपद एक संप्रदाय विशेष की बढ़ती आबादी के लिए और जनसांख्यिकी बदलाव के चिंताजनक स्तर पर है। राज्य सरकार भी इस पर गंभीर बताई जा रही है। इस पर स्थानीय लोगों में नाराजगी भी देखी जा रही है। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष दिवाकर पांडे ने इस पर कहा है कि लोकतंत्र में किसी को जाति, धर्म विशेष के नाम से कालोनी बनाने का हक नहीं है। इससे समाज में गलत संदेश जाता है। यह उत्तराखंड व तराई के लिए ठीक नहीं है।

एसपी क्राइम मिथिलेश सिंह ने इस पर कहा कि मामला संज्ञान में आने पर जांच कराई जाएगी और रिपोर्ट के आधार पर कालोनाइजर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं, डीडीए उपाध्यक्ष हरीश चंद्र कांडपाल का कहना है कि संप्रदाय विशेष के नाम पर कालोनी व प्लाटिंग का किसी को अधिकार नहीं है। किसी को ऐसी अनुमति भी नहीं दी गई है। कालोनाइजर से सभी दस्तावेज तलब किए जाएंगे। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल : फतेह निशान, ताजियों की झांकी, नोहे, मरसिया व जंजीर के मातम के साथ मनाया गया मोहर्रम

-सरकार के कोविड संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन भी करने का प्रयास किया गया

ताजियों के साथ मुस्लिम समुदाय के लोग।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 20 अगस्त 2021। नगर में कोविड-19 की महमारी के चलते मोर्हरम कमेटी द्वारा सादगी के साथ मोर्हरम मनाया गया। सुबह मल्लीताल स्थित रजा क्लब इमामबाड़े में फातिया, कुरानखानी ने मोहर्रम की शुरुआत हुई। इसके बाद सुबह 11 बजे से 3 बजे तक आम लंगर एवं अपराह्न साढ़े तीन बजे से रायल होटल से फतेह निशान रजा क्लब इमामबाड़े लाया गया। मोर्हरम कमेटी द्वारा तीन ताजियो की झांकी इमामबाडे में बनायी गयी। इस दौरान रजा क्लब में अखाड़ा भी खेला गया और वहीं पर डोल ताशों के साथ ताजियों का समापन किया गया और सूखाताल स्थित कर्बला में ताजियों को सुपुर्द-ए-खाक किया गया।

इस अवसर पर मोर्हरम कमेटी के अध्यक्ष नाजिम बख्श, उपाध्यक्ष मो. नसीम, महासचिव मो. समीर, कोषाध्यक्ष मो. साबिर,, सचिव मो. कासिम मौजूद रहे। जबकि ताजियों बनाने वालों मे सहूद बख्श, अबरार अहमद, तालिख अहमद, मो. फैसल, मो. अयान, मो. अनस, तथा अखाड़ा समिति के अध्यक्ष अब्दुल अजीज, अब्दुल हकीम, इकराम हुसैन, अबरार हुसैन, मो. ताहिर, साहिद वारसी, अब्दुल वासिद आदि ने योगदान दिया।

जबकि उधर तल्लीताल स्थित कृष्णापुर मोटापानी इमामबाड़े में शिया समुदाय द्वारा 10वें मोर्हरम पर सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत मजलिस की गई। इस दौरान मंगलौर से आए मौलाना सलीम हैदर ने मजलिस को खिताब फरमाते हुए बताया कि किस तरह से रसूल के नवासे इमाम हुसैन ने कर्बला में इंसानियत को जिंदा रखते हुए 72 साथियां के साथ अपनी शहादत पेश की थी। इस तरह मोहम्मद साहब के नवासे इमाम हुसैन ने कर्बला के मैदान में इस्लाम को बचाने के लिए अपने पूरे खानदान और अपने असहाबरों यानी साथियों की कुर्बानी पेश की। कहा गया कि आज अगर इस्लाम जिंदा है तो वह रसूल के नवासे इमाम हुसैन की वजह से ही है।

इस दौरान नोहे मरसिया भी पढे़ गए और जंजीर का मातम भी किया गया। इस दौरान एक छोटी बच्ची ने भी इमाम हुसैन के बारें में जानकारी दी। इस दौरान सदर एआर खान, फरमान खान, मंजूर हुसैन, गुलाम अली, अमजद अली, मुस्ताक खान, सरवर खान, सुल्तान खान, रजाक खान, रजा खान, रमजानी खान, कासिम खान, महमूद अली, हुसैन अली, एहसान खान, अमजद खान, गुड्डू खान, रजब खान, मुख्तार खान, अकबर खान, मेंहदी हसन आदि शिया समुदाय के लोग मौजूद थे। शिया समुदाय द्वारा जुलूस नहीं निकाला गया। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : ऐसे अता की गई ईद की नमाज

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 21 जुलाई 2021। सरोवर नगरी में ईद उल अजहा की नमाज बुधवार को जामा मस्जिद मल्लीताल में प्रातः 7 बजे रुक-रुक कर हो रही वर्षा के बीच कोरोना गाइडलाइन का पालन करते हुए अता की गई। मस्जिद में 50 लोगों ने नमाज अता की। बताया गया कि अंजुमन मस्जिद कमेटी ने कोरोना की गाइडलाइन का पालन करते हुए 50 लोगों के मस्जिद के अंदर आने के बाद मस्जिद के द्वार बंद कर दिए जिसके चलते दर्जनों लोग बाहर ही खड़े रहे और अपने घरों को वापस लौटना पड़ा। इसके बाद लोगों ने घर पर जाकर ही ईद उल अजहा की नमाज अता की। इस दौरान मौलाना मुफ्ती अब्दुल खालिक ने ईद की नमाज अता कराई और मुल्क की खुशहाली और कोरोना संक्रमण खात्मे के लिए खुदा के दरबार में हाथ फैला कर दुआ मांगी।

मल्लीताल जामा मस्जिद में ईद की नमाज अता करते मुस्लिम समुदाय के लोग।

उधर, तल्लीताल स्थित छोटी मस्जिद में भी ईद उल अजहा की नमाज प्रातः 7 अता की गई। यहां मौलाना मोहम्मद नईम ने नमाज अता कराई। बारिश व कोरोना गाइड लाइन के कारण ईद की नमाज में रौनक नजर नहीं आई। अधिकतर लोगों ने घरों पर ही नमाज अता की। इसके बाद लोगों ने स्लॉटर हाउस जाकर कुर्बानी दी। ईद की नमाज के कारण प्रातः से ही नगर कोतवाल अशोक कुमार वर्मा जामा मस्जिद पर व तल्लीताल थाना प्रभारी विजय मेहता व उप निरीक्षक हरीश पुरी तल्लीताल छोटी मस्जिद पर पुलिस जवानों के साथ तैनात दिखाई दिए।

इस मौके पर नमाज पढ़ने वालों में अंजुमन इस्लामिया कमेटी के सदर मोहम्मद फारुख, मतलूब अहमद, मोहम्मद शाहनवाज, शोएब अहमद, कौशल सिद्दीकी, जमाल सिद्दीकी, दिलशाद हुसैन, अकरम शाह, एजाज कुरैशी, वसी कुरैशी, गुड्डू, मोहम्मद उस्मान, मोहम्मद तैयब, मोहम्मद फुरकान, नदीम अहमद अफजल फौजी, शादली शाह, मुजरफ शाह, सरफराज कुरैशी जकी कुरैशी, शानू कुरैशी, महफूज सिद्दीकी, महबूब सिद्दीकी आदि मुस्लिम समाज के लोग प्रमुख रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : ईद पर नमाज पढ़ने व गले मिलने के लिए तय हुए कोविड प्रोटोकॉल

-ईद पर मस्जिद में सिर्फ 50 लोग पढ़ेंगे नमाज, गले मिलने से भी रहेगा परहेज
डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 18 जुलाई 2021। नगर में कोविड-19 की परिस्थितियों के कारण ईद पर मस्जिद में केवल 50 लोग ही नमाज अदा करेंगे। रविवार को मल्लीताल कोतवाली में एसडीएम अनुराग आर्य की अध्यक्षता में हुई शांति कमेटी की बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में श्री आर्य ने भाईचारे के साथ ईद का त्योहार मनाने की अपील की। साथ ही इमाम अब्दुल खालिक ने सभी मुस्लिम धर्मावलंबियों से गुजारिश की कि वह कोरोना को देखते हुए नमाज के बाद गले न मिलें। बैठक में कोतवाल अशोक कुमार, तल्लीताल एसओ विजय मेहता, दिलशाद, गुड्डू खान, मतलूफ, मो. फारुख, मो. जुनैद, शहबाज, कय्यूम आदि मौजूद थे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : ब्रेकिंग: भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा की जिला कार्यकारिणी व मंडल अध्यक्षों की हुई घोषणा

नवीन समाचार, नैनीताल, 27 दिसम्बर 2020। भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के नैनीताल जिलाध्यक्ष मेहबूब अली ने रविवार देर रात्रि जिला कार्यकारिणी की घोषणा कर दी हैं। जमील अहमद, मो. इलियास, मो. नफीस पप्पू व दानिश सिद्दीकी को जिला उपाध्यक्ष, निमरत पाल सिंह व अली नकवी को महामंत्री, हल्द्वानी के पार्षद महबूब आलम, नेनीताल की सभासद गजाला कमाल, मो. खालिद बेग, हसीन अहमद अंसारी व मो. राजा को मंत्री, महमूद मियां को कोषाध्यक्ष, कालाढुंगी के पत्रकार शाकिर हुसैन को मीडिया प्रभारी, अफरोज कमाल अंसारी को सोशल मीडिया प्रभारी व शोएब सिद्दीकी को सह सोशल मीडिया प्रभारी तथा राहत हुसैन खान, सरफरात हुसैन, मो. अबरार सलमानी, आबिद शाह, मो. रिजवान, मो. मुशैब मिकरानी, आबिद हुसैन अंसारी, मो. शादाब गुड्डू व अनीस आलम को जिला कार्यकारिणी सदस्य बनाया गया है।

इनके अलावा मो. यूसुफ मलिक को हल्द्वानी नगर, तसलीम अहमद कुरैशी को कालाढुंगी, तोफीक उमर को लालकुआं, फैसल कुरैशी को नैनीताल, मो. यामीन सलमानी को रामनगर उत्तर व जगजीत सिंह भुल्लर को हल्द्वानी पश्चिमी का मंडल अध्यक्ष बनाया गया है। सभी पदाधिकारियों को भाजपा व अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश व जिला पदाधिकारियों ने बधाई दी हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चे के लगातार चौथी बार प्रदेश उपाध्यक्ष बने बंजारा..

नवीन समाचार, कालाढूंगी (नैनीताल), 06 दिसम्बर 2020। महमूद हसन बंजारा भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चे के चौथी बार प्रदेश उपाध्यक्ष मनोनीत किए गए हैं। उनकी पार्टी के प्रति वफादारी व इमानदारी को देखते हुए चौथी बार फिर से मोर्चे के प्रदेश अध्यक्ष इंतेजार हुसैन ने प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत व प्रदेश नेतृत्व की संस्तुति पर बंजारा को प्रदेश उपाध्यक्ष मनोनीत किया है।

उल्लेखनीय है कि स्वच्छ व साफ छवि के नेता महमूद हसन बंजारा ने 1990 से सक्रिय कार्यकता के रूप में भाजपा की सदस्यता ली थी। तब से वह मंडल महामंत्री, मोर्चे के जिला अध्य्ाक्ष, प्रदेश कार्यकरणी सदस्य, प्रदेश मंत्री व लगातार 3 बार अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष रह चुके हैं। उनके मनोयन पर प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत, प्रदेश महामंत्री सुरेश भट्ट, मोर्चे के प्रदेश अध्यक्ष इंतेजार हुसैन, राज्य मंत्री मजहर नईम नवाब, जिला अध्यक्ष प्रदीप बिष्ट, प्रदेश प्रवक्ता प्रकाश रावत, राजेन्द्र बिष्ट, मनोज पाठक, गजराज बिष्ट, रहमत अली खा, मंडल अध्य्ाक्ष महेंद्र दिगारी, नगर पंचायत अध्यक्ष पुष्कर कत्यूरा, अखिलेश वर्मा, तारा चंद्र पांडे, गोपाल बुड़लाकोटी, दीवान बिष्ट, कैलाश बुड़लाकोटी, भगवान सिंह कुमटिया, जहिर अंसारी, पूर्व सभासद नसीम जहाँ, तसलीम कुरैसी व शाकिर हुसैन आदि कार्यकर्ताओं ने उनको शुभकामनाएं दी हैं। इस दौरान महमूद हसन बंजारा ने प्रदेश नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुवे कहा कि उनको जो जिमेदारी दी गई है वह उसको पूरी इमानदारी से निभाएंगे। आगामी 2020 में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुवे अधिक से अधिक अल्पसंख्यकांे को पार्टी से जोड़ा जाएगा। 

यह भी पढ़ें : क्वारंटाइन में रखे 41 जमातियों व परिजनों को मिली छुट्टी

पर्यटक आवास गृह सूखाताल से क्वारंटाइन से जमातियों व उनके परिजनों को घर भेजते पुलिस स्वास्थ्य व पुलिस कर्मी।

नवीन समाचार, नैनीताल, 15 अप्रैल 2020। नैनीताल। दिल्ली से आई जमात के संपर्क में आने के कारण केएमवीएन के पर्यटक आवास गृह सूखाताल में पिछले करीब 14 दिनों से क्वारन्टाइन में रखे गए 53 में से 41 जमातियों व उनके पारिवारिक सदस्यों को बुधवार को छुट्टी दे दी गई। चिकित्सकों ने बताया कि वे पूरी तरह से स्वस्थ हैं। फिर भी उन्हें आगे घर पर भी ऐहतियात के साथ रहने और आगे किसी तरह की सर्दी, जुकाम, बुखार आदि के लक्षण देने पर चिकित्सकों को सूचित करने को कहा गया है। इनमें महिलाएं व बच्चे भी शामिल थे। इसके बाद यहां 12 लोग क्वारन्टाइन में बच गए हैं। बताया गया है कि उन्हें भी 14 दिन के एकांतवास की अवधि पूरी करने पर घर भेज दिया जाएगा।

इससे पूर्व बीडी पांडे जिला चिकित्सालय के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. केएस धामी व वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. एमएस दुग्ताल ने उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया और उन्हें स्वस्थ घोषित किया। इस मौके पर स्वास्थ्य कर्मचारियों, पुलिस जवानों और होटल कर्मचारियों ने ताली बजाकर उन्हें घर के लिए रवाना किया। इस मौके पर डॉ. अनिरुद्ध गंगोला, डॉ. सोहरेंद्र धूलिया, डॉ. प्रियांशु श्रीवास्तव, डॉ. रीता, शिवप्रसाद, कुंदन बिष्ट, शालिनी, किरण चौहान केएस कोरंगा, उप निरीक्षक मोहम्मद यूनुस सहित व शाहिद खान सहित कई पुलिस कर्मी मौजूद रहे।

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coronavirus : उत्तराखंड के हॉटस्पॉट बनभूलपुरा में बवाल, हजारों लोग सड़क पर उतरे, म‍िल चुके हैं दस कोरोना पॉजीटि‍वनवीन समाचार, हल्द्वानी, 12 अप्रैल 2020। देश-दुनिया में कोरोना विषाणु कोविद-19 के कारण महामारी एवं स्वास्थ्य आपातकाल घोषित है, बावजूद कुछ लोग अपनी हरकतों से स्वयं को ही नहीं पूरी मानवता को खतरे में डालने से बाज नहीं आ रहे। रविवार को जनपद के कोरोना के दृष्टिगत एकमात्र घोषित हॉट स्पॉट व सील किये गए बनभूलपुरा क्षेत्र में कुछ दिन पूर्व पुलिस-प्रशासन पर फूल बरसाने वालों में से ही, हजारों लोग सामाजिक दूरी के सिद्धांत को धता बताते हुए उनकी चिकित्सा एवं सुविधाएं प्रदान करने वाले फ्रंट लाइन कोरोना फाइटर्स के खिलाफ एकत्र होकर नारेबाजी करने लगे। यही नहीं आरोपों के अनुसार उन्होंने घरों की छतों से पथराव भी किया। गनीमत रही कि इससे किसी को चोट नहीं लगी। क्षेत्र के कुछ समझदार लोगों ने उन्हें समझाने का प्रयास भी किया किंतु संख्या सीमित होने के कारण उनकी आवाज निष्प्रभावी रही, और उन्हें भी अपने ही लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। ऐसे में क्षेत्र में भारी पुलिस बल भी किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैनात कर दिया गया है। क्षेत्र में शांति एवं सौहार्द बनाने के प्रयास भी तेज हो रहे हैं। समाज के प्रतिष्ठित लोग भी उन्हें शांत करने का प्रयास कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि विवाद कथित तौर पर एक मस्जिद के इमाम को क्वारन्टाइन करने को लेकर शुरू हुआ।
उल्लेखनीय है कि बनभूलपुरा क्षेत्र में ही जनपद के आठ में से सात लोगों का निवास है। ये सातों जमाती हैं। साथ ही मुरादाबाद यूपी में भी यहां के निवासी तीन लोगों का उपचार किया जा रहा है। शनिवार को इस क्षेत्र का एक कोरोना जैसे लक्षणों वाला युवक यहां से भागकर नैनीताल पहुंच चुका है। फिर भी क्षेत्रीय लोगों के हजारों की संख्या में एकत्र होने को किसी भी तरह उचित नहीं ठहराया जा सकता है।

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नवीन समाचार, देहरादून, 9 अप्रैल 2020। इस वर्ष जनवरी से अब तक उत्तराखंड में तबलीगी जमात के कुल 1,493 सदस्य लौटे हैं जिनमें से 1,481 को पृथक किया जा चुका है और बाकी के विवरण का सत्यापन किया जा रहा है। उप महानिरीक्षक (विशेष कार्यबल-एसटीएफ) रिद्धिम अग्रवाल ने पत्रकारों को बताया कि जमात के सदस्यों के संपर्क में आए अन्य 27,500 लोगों को भी चिन्हित किया जा चुका है तथा इन्हें पृथक कर उनका चिकित्सा परीक्षण किया जा रहा है।
इधर पुलिस ने बृहस्पतिवार को तीन और व्यक्तियों के खिलाफ हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर लिया। प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) अशोक कुमार ने बताया कि प्रशासन और पुलिस के सामने प्रस्तुत न होने पर हरिद्वार में तीन और लोगों पर हत्या के प्रयास के अन्तर्गत मुकदमा पंजीकृत किया गया है। इस प्रकार अब तक प्रदेश में कुल पांच व्यक्तियों पर हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया जा चुका है। इससे पहले सात अप्रैल को तबलीगी जमात के दो सदस्यों के खिलाफ हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया गया था। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए रेलवे पटरी और जंगल के रास्ते प्रदेश की सीमा में दाखिल होने वालों पर ड्रोन कैमरों से नजर रखी जा रही है। इसके अलावा प्रदेश में लागू लॉकडाउन का उल्लघंन करने पर बृहस्पतिवार को कुल 69 मामले पंजीकृत किये गये और 257 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। इस प्रकार प्रदेश में लॉकडाउन उल्लंघन के लिए अब तक कुल 1,155 मामले दर्ज किए गये हैं और 4,692 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल : जामा मस्जिद के इमाम व अंजुमन इस्लामिया पर तब्दीगी जमात से संबंध के आरोप

नवीन समाचार, नैनीताल, 9 अप्रैल 2020। मुख्यालय स्थित सबसे बड़ी जामा मस्जिद के इमाम एवं जामा मस्जिद का संचालन करने वाली अंजुमन इस्लामिया कमेटी पर नगर के मुस्लिमों की ही एक संस्था ने तब्लीगी जमात से सीधा संबंध होने के आरोप लगाये हैं। दरअसल मोहर्रम कमेटी ने प्रेस को जारी एक बयान में जामा मस्जिद के इमाम उस बयान का खंडन जारी किया गया है, जिसमें इमाम ने तब्लीगी जमात से कोई संबंध न होने का दावा किया था। इस पर मोहर्रम कमेटी की ओर से सदर नाजिम बख्श, इकराम हुसैन व मो. ताहिर आदि का दावा है कि लगभग 15 वर्षों से तबलीगी जमात का कार्य अंजुमन इस्लामिया के तत्वावधान में संचालित किया जा रहा है। साथ ही तब्लीगी जमात के लिए जामा मस्जिद में रहने के साथ ही किचन का इंतजाम भी अंजुमन इस्लामिया द्वारा किया गया है। यह भी दावा किया गया है कि मस्जिद में तमाम जमातों की सरपरस्ती इमाम अब्दुल खलिक कासमी की देखरेख ही की जाती रही है। लिहाजा मोहर्रम कमेटी ने इमाम अब्दुल खलिक की ओर से जारी पुराने बयान का खंडन किया है। इधर बताया गया है कि इमाम अब्दुल खलिक पिछली 20 मार्च से शहर में नहीं हैं, लिहाजा उनसे इस बारे में बात नहीं हो पाई। यदि वे इस मामले में अपना कोई पक्ष रखेंगे तो उसे भी यथासमय प्रकाशित किया जाएगा।

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नवीन समाचार, देहरादून, 1 अप्रैल 2020। उत्तराखंड में निजामुद्दीन मरकज दिल्ली की तब्लीगी जमात की खबरों से संबंधित एक बड़ा राहत देने वाला समाचार है। निजामुद्दीन मरकज में हुई 40 दिन की तब्लीगी जमात में शामिल होने गयी उत्तराखंड की जमात के सभी 26 सदस्य अभी दिल्ली में ही हैं। उत्तराखंड नहीं लौटे हैं। राज्य के पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) अशोक कुमार ने बुधवार को देहरादून में बताया कि निजामुद्दीन मरकज में उत्तराखंड से शामिल जमात के सभी 26 लोग अभी दिल्ली में ही हैं। उन्होंने कहा कि इन लोगों की मोबाइल लोकेशन से भी इस बात की पुष्टि कर ली गयी है। साथ ही कुमार ने कहा कि तबलीगी जमातें देश में एक जगह से दूसरी जगह आती-जाती रहती हैं और ऐसे में अगर किसी भी सदस्य में कोरोना संक्रमण के लक्षण नजर आयें तो उसे छुपाना नहीं चाहिए और सामने आना चाहिए। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड सरकार इस मामले में पूरी तरह से मुस्तैद है। अगर किसी को पृथक रखने की जरूरत है तो ऐसा किया जायेगा। उन्होंने कहा कि कोरोना विषाणु से मृत्यु दर केवल दो प्रतिशत है और इससे पीड़ित लोगों के स्वस्थ होने की काफी संभावना है इसलिए इसे छुपाना नहीं चाहिए।

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नवीन समाचार, हल्द्वानी, 21 दिसंबर 2019। तमाम अटकलों को खारिज करते हुए शनिवार के दिन हल्द्वानी में हजारों लोगों ने गंगा जमुनी तहजीब के इतिहास के एक नए अध्याय का सृजन किया। नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ वक्ताओं ने केंद्र सरकार की जमकर आलोचना की, लेकिन कहीं से भी शांति के संकल्प को नहीं टूटने दिया। करीब दो घंटे तक मुजाहिद चौक से ताज चौराहे तक उमड़े जनसैलाब से पुलिस एवं प्रशासन भयाक्रांत था, लेकिन यहां सब जगह सर्व धर्म समभाव का नजारा दिखा। लोगों ने एक स्वर से इस नए कानून को वापस लेने तक संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया, जबकि समापन डीएम एवं एसएसपी की मौजूदगी में राष्ट्रगान से किया गया।
शनिवार को सुबह आठ बजे से नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और एनआरसी को रद्द करने की मांग को लेकर मुजाहिद चौक पर भीड़ एकत्र होनी शुरू हुई हो गई थी। करीब दो घंटे के भीतर पूरा चौक हजारों की भीड़ में तब्दील हो गया। लोग हाथों में तख्ती, पोस्टर, बैनर और राष्ट्रीय ध्वज लेकर नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन में जुटे। यहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित साह के खिलाफ भीड़ में भारी आक्रोश नजर आया। इस मौके पर हुई सभा को जामा मस्जिद के इमाम मुफ्ती शाहिद रजा अजहरी, मुफ्ती नईमउद्दीन साहब ने संबोधित किया। इसके बाद मंच पर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन पढ़ा गया।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी में शांतिपूर्व ऐसे निपटा सीएए का विरोध, नैनीताल पुलिस ने सोशल मीडिया के लिए जारी की एडवाइजरी…
नवीन समाचार, नैनीताल, 21 दिसंबर 2019।
नैनीताल पुलिस ने सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक, अभद्र एवं भड़काऊ पोस्ट न करने के लिए एडवाइजरी जारी की है। जनपद के एसएसपी सुनील कुमार मीणा की ओर से जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि लोग फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम, यूट्यूब व व्हाट्सएप आदि पर किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक, अभद्र एवं भड़काऊ पोस्ट न करें, एवं किसी भी प्रार की अफवाहों पर ध्यान न दें। सोशल मीडिया पर झूठी अफवाहों, पोस्टों पर किसी भी प्रकार का संशय होने पर तत्काल पुलिस के अधिकारियों से संपर्क कर सही सूचना की पुष्टि करें। पुलिस सोशल मीडिया के सभी माध्यमों पर नजर रखे हुए है।

उधर हल्द्वानी में शनिवार को मुस्लिम उलेमाओं द्वारा आहूत सीएए का विरोध शांतिपूर्वक निपटने से पुलिस ने राहत की सांस ली है। बताया गया है कि विरोध में भारी संख्या में उमड़े लोगों ने तिरंगा राष्ट्रध्वज हाथों में लेकर विरोध किया और राष्ट्रज्ञान भी गाया।

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यह भी पढ़ें : ब्रेकिंग: शनिवार को उत्तराखंड में 41 मस्जिदों के उलेमाओं की सीएए के विरोध में बड़े प्रदर्शन की तैयारी

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 20 दिसंबर 2019। नागरिकता संशोधन कानून पर उत्तराखंड के हल्द्वानी में शनिवार को बड़ा विरोध प्रदर्शन हो सकता है। हल्द्वानी में मुस्लिम उलेमा ने वनभूलपुरा चौकी पुलिस को नोटिस देकर शनिवार को शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की इजाजत मांगी है। खबरों के अनुसार हल्द्वानी की 41 मस्जिदों के मौलाना शनिवार को की जाने वाले इस रैली का नेतृत्व कर सकते हैं। हालांकि मुस्लिक उलेमाओं की ओर से आश्वस्त किया गया है कि विरोध प्रदर्शन पूरी तरह से शांतिपूर्ण होगा, किंतु शुक्रवार को दिल्ली में जामा मस्जिद के पास शांति पूर्ण प्रदर्शन के नाम पर देर शाम जो हुआ, उससे सबक लेकर पुलिस किसी तरह की ढिलाई बरतने के मूड में नजर नहीं आ रहे हैं। नैनीताल पुलिस ने ऐहतियातन पक्के सुरक्षा इंतजाम करते हुए शहर में तीन कंपनी पीएसी, एक कंपनी महिला पीएसी सहित फायर और दंगा नियंत्रण बल को तैनात कर किसी भी तरह की अराजकता को बर्दास्त न करने के दिये है।

यह भी पढ़ें : ईद पर बलि न होने की फैली वायरल खबर की यह है सच्चाई

नवीन समाचार, नैनीताल, 10 अगस्त 2019। ईद के त्योहार से ठीक पहले शनिवार को सोशल मीडिया पर यह अफवाह तेजी से फैली की उच्च न्यायालय ने प्रदेश में ईद पर होने वाली बलि पर रोक लगा दी गयी है। शहर में भी अफवाह काफी चर्चा में रही। मुस्लिम धर्म से जुड़े लोग इसके बाद चिंतित हो गये और आपस में इस अफवाह की सच्चाई जानने और ऐसा होने पर बलि कैसी होगी, इस पर बात करने लगे। इस पर शनिवार को मल्लीताल कोतवाली में एसडीएम विनोद कुमार ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों एवं मुस्लिम समाज के लोगों को बुलाकर ‘शांति कमेटी’ की बैठक ली, एवं तथ्यों की जांच कर बताया कि प्रवीण शर्मा वर्सेज उत्तराखंड सरकार के एक मामले में उत्तराखंड उच्च न्यायालय पूर्व में ही आदेश दे चुका है कि बलि कुछ प्रतिबंधों के साथ ही की जाएगी। खुले में एवं सार्वजनिक स्थानों पर बलि नहीं की जाएगी, और जानवरों के अंश, रक्त आदि खुले में नहीं बहाये जाएंगे। लिहाजा इन प्रतिबंधों के साथ बलि की जा सकेगी। बलि पर पूरी तरह से कोई रोक नहीं है। श्री कुमार ने बताया कि यह प्रतिबंध न केवल मुस्लिम बल्कि हिंदू एवं अन्य समाजों के लिए भी हैं। इसी आधार पर मंदिरों में होने वाली बलि पर प्रतिबंध लगाया गया है। इस स्पष्टीकरण के बाद लोग संतुष्ट हो गये। इधर बताया जा रहा है कि इस प्रकार की अफवाह पौड़ी अथवा अल्मोड़ा जनपद से फैलाने की शुरुआत हुई, जिससे के बाद लोग बिना पुष्टि किये इसे फैलाते चले गये।

यह भी पढ़ें : नैनीताल में मुस्लिम समाज के दर्जनों लोगों ने ली अब तक अस्पृश्य मानी जाने वाली पार्टी की सदस्यता !

नवीन समाचार, नैनीताल, 30 जुलाई 2019। क्या केंद्र सरकार द्वारा तीन तलाक बिल पास कर दिये जाने के बाद भारतीय जनता पार्टी मुस्लिम समाज के लिए भी अब अस्पृश्य नहीं रही ? मंगलवार को पार्टी के अल्पसंख्यक मोर्चा की नगर इकाई द्वारा चलाये गये सदस्यता अभियान की बैठक के दौरान दर्जनों मुस्लिम समाज के लोगों के द्वारा भाजपा की सदस्यता लेने का दावा किया गया। पार्टी ने मोहम्मद मुस्तफा को अल्पसंख्यक मोर्चा के नैनीताल मंडल का सदस्यता प्रमुख नियुक्त किया है। बताया गया कि मुस्लिम समाज के लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की भाजपा सरकार पर अपना भरोसा जताते हुए पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर रहे हैं। बैठक में अल्पसंख्यक मोर्चा के जिलाध्यक्ष इकबाल हुसैन, जिला सदस्यता प्रमुख महमूद हसन बंजारा, मंडल अध्यक्ष फैसल कुरैशी, मोहम्मद जीशान, तस्लीम कुरैशी, मुस्तफा, साजिद हुसैन, अब्दुल रब, साजिद लुकमान, यूसुफ व उस्मान सहित अनेक अन्य लोग उपस्थित रहे।

यह भी पढ़ें : उत्तराखंड में आरएसएस खोलने जा रहा है ऐसा मदरसा, जहां डॉक्टर, इंजिनियर व प्रोफेशनल बनाने के साथ ही सिखाया जाएगा राष्ट्रवाद भी…

नवीन समाचार, देहरादून, 21 मई 2019। स्कूली शिक्षा के साथ-साथ धार्मिक शिक्षा को ध्यान में रखते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) का विंग मुस्लिम राष्ट्रीय मंच (एमआरएम) जल्द ही उत्तराखंड में एक ख़ास मदरसा खोलने जा रहा है। एमआरएम का यह पूरे देश में छठा मदरसा होगा। इससे पहले एमआरएम ने पश्चिमी यूपी के तीन जिलों- मुरादाबाद, बुलंदशहर और हापुड़ में एक-एक और मुजफ्फरनगर में दो मदरसों की नींव रखी है। उत्तराखंड में मदरसे के लिए जमीन पहले से ही खरीद ली गई है और संभव है कि अगले 6 महीने में इसका काम पूरा हो जाएगा। यहां पढ़ने वाले छात्रों को मामूली फीस भी अदा करनी होगी। मदरसे में कक्षा एक से लेकर तीसरी कक्षा तक की पढ़ाई होगी और बाद में फीडबैक के आधार पर इन्हें बढ़ाने का फैसला लिया जाएगा।

‘डॉक्टर, इंजिनियर प्रोफेशनल बने छात्र’
एमआरएम के नैशनल डेप्युटी ऑर्गनाइजिंग जनरल सेक्रटरी तुषार कांत हिंदुस्तानी यह प्रॉजेक्ट देख रहे हैं। उन्होंने बताया, ‘हमारे मदरसे में सुनिश्चित किया जाएगा कि यहां पढ़ने वाले छात्र सिर्फ काजी (शरिया कोर्ट के जज) और इमाम, मौलाना और मुफ्ती ही बनकर न रह जाएं बल्कि डॉक्टर, इंजिनियर, साइंटिस्ट और दूसरे प्रोफेशनल के रूप में भी ग्रैजुएट हों।’

‘यहां से निकलने वाले बच्चे बनेंगे अब्दुल कलाम, अशफाकउल्ला खां’
तुषार इसे हिंदुस्तानी मदरसा कहते हैं। वह बताते हैं कि मदरसे का लक्ष्य छात्रों के मन में मानवता और राष्ट्रवाद का भाव पैदा करना है। उन्होंने कहा, ‘पाठ्यक्रम ऐसा होगा कि सिर्फ ज्ञान ही नहीं बल्कि स्टूडेंट मैनर भी सिखाया जाएगा। उन्होंने कहा कि ताकि यहां से निकलने वाले बच्चे एपीजे अब्दुल कलाम और अशफाक उल्ला खां की तरह बने न कि अजमल कसाब की तरह। उन्होंने बताया कि सभी धर्म और बैकग्राउंड के लोगों को मदरसे में ऐडमिशन मिलेगा।’

यह भी पढ़ें : राहुल गाधी शक्ति संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने रईश भाई

हज कमेटी उत्तराखंड के सदस्य रईस भाई

नवीन समाचार, नैनीताल, 27 अप्रैल 2019। नगर के वरिष्ठ कांग्रेस नेता, कांग्रेस पार्टी के अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूूर्व दर्जा राज्य मंत्री रईश भाई के नाम बड़ी उपलब्धि जुड़ गयी है। उन्हें राहुल गाधी शक्ति संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है। वे अब तक इस राष्ट्रीय संगठन के प्रदेश महासचिव थे, लेकिन संगठन में हुए एक ताजा घटनाक्रम के बाद उन्हें राष्ट्रीय अध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गयी है। उल्लेखनीय है रईश भाई पूर्व में एनडी तिवारी की सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण तथा वक्फ विकास निगम में दर्जा राज्य मंत्री, जबकि हरीश रावत सरकार के दौरान हज समिति के सदस्य बनाये गये थे। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड सहित गुजरात, महाराष्ट्र, राजस्थान, मध्य प्रदेश सहित कई प्रदेश में हजारों कार्यकर्ताओं वाला यह संगठन कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव वेणुगोपाल के निर्देशन में चलता है एवं कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के हाथों को मजबूत करता है। आगे शीघ्र ही वे देश भर में संगठन का विस्तार एवं दायित्वों का वितरण करने जा रहे हैं।

यह भी पढ़ें : हो गयी ‘कुर्रा अंदाजी’, 70 साल से अधिक के बुजुर्गों व बिना मेहरम महिलाओं सहित इतने जाएंगे उत्तराखंड से इस बार हज पर

नवीन समाचार, नैनीताल, 12 जनवरी 2019।उत्तराखंड से इस वर्ष 70 वर्ष से अधिक उम्र के 243 बुजुर्गों एवं 5 बिना किसी पुरुष साथी के यानी मेहरम से जाने वाली महिलाओं सहित कुल 1232 लोग हज के लिए जा पाएंगे। उत्तराखंड हज कमेटी के सदस्य रईश भाई ने शनिवार को हज जाने के इच्छुक लोगों की ‘कुरा अंदाजी’ यानी लॉटरी की प्रक्रिया के बाद यह जानकारी दी। बताया कि हज जाने के लिए इस वर्ष कुल 3019 लोगों ने आवेदन किया था। उन्होंने बताया कि जिन 1232 लोगों को हज जाने के लिये चयन हुआ है उनमें सर्वाधिक 582 हरिद्वार जिले से, उधमसिंह नगर जिले से 314, नैनीताल जिले से 91, टिहरी, पौड़ी से 18, अल्मोड़ा से 9, चंपावत से 6 तथा टिहरी से 4 लोग शामिल हैं। उन्होंने सभी हाजियों को चयन पर मुबारकबाद देने हुए उनसे अपील की है कि हज पर अपने सूबे व मुल्क की खुशहाली के लिए दुवा करें।

पूर्व समाचार : हज जाने के इच्छुक 17 नवंबर तक कर सकते हैं आवेदन

नैनीताल, 12 नवंबर 2018। आगामी वर्ष 2019 में हज जाने के इच्छुक लोगों के लिए फॉर्म भरने की आखिरी तिथि 17 नवंबर है। हज कमेटी के सदस्य रईश भाई ने यह जानकारी देते हुए बताया कि फार्म मुख्यालय में मल्लीताल व तल्लीताल मस्जिद से फॉर्म लिये जा सकते हैं, एवं ऑनलाइन भी भरे जा सकते हैं। उन्होंने बताया कि फॉर्म भरने के लिए 17 नवंबर 2018 से पहले का बना पासपोर्ट एवं आवेदक की उम्र 70 वर्ष से कम यानी उसकी जन्मतिथि 18 नवंबर 1948 से पहले की नहीं होनी चाहिए। महरम में यानी बिना पुरुष के जाने वाली महिलाओं की जन्मतिथि 17 नवंबर 1973 से पूर्व ही होनी चाहिए। बच्चों की उम्र 20 नवंबर 2019 को दो की होनी चाहिए। एक कवर नंबर यानी एक फॉर्म में छह बड़े अथवा पांच बड़ों व दो बच्चों के लिए ही आवेदन किया जा सकता है। फॉर्म के साथ आधार कार्ड की कॉपी लगानी भी अनिवार्य है। राज्य के लिए पिछली बार का कोटा ही बरकरार रह सकता है।

यहाँ क्लिक करके भी हज जाने के लिए आवेदन कर सकते हैं 

यह भी पढ़ें : उत्तराखंड के 46 अतिरिक्त लोग इस वर्ष जा सकेंगे हज करने (2017 की खबर)

नैनीताल। प्रदेश से इस वर्ष हज यात्रा के लिये 4,100 आवेदन प्राप्त हुए हैं, इनमें से 1220 के नामों का यात्रा के लिए लाटरी के माध्यम से चयन किया जायेगा। इसमें 269 यात्री 70 वर्ष से अधिक वाले होंगे। हज कमेटी उत्तराखंड के सदस्य रईस भाई ने बताया कि इस वर्ष उत्तराखण्ड से पहली बार 45 वर्ष से अधिक उम्र की चार महिला यात्रियों ने भी आवेदन किया है, जो कि बिना मेहरम के यानी बिना किसी पुरुष सहयोगी के अकेले ही इस यात्रा में प्रतिभाग करेंगी। इनमें रफीन पत्नी नसीर, फातमा, जमीला पत्नी मो. रफीक व रमजाने पत्नी जमील शामिल हैं। उन्होंने बताया कि हज यात्रियों के चयन की लाटरी प्रक्रिया आगामी 23 जनवरी को उत्तराखंड राज्य हज हाउस कलियर सरीफ रुड़की में सम्पन्न होगी।

यह भी पढ़ें : उत्तराखण्ड में 10 वर्ष में दोगुने हो गये मुस्लिम, इसलिए दोगुने जा पाएंगे हज पर (2016 की खबर)

-हज यात्रा के लिए आवेदन के साथ ही मेडिकल कराने, आल इंडिया हज कमेटी के सूटकेस ले जाने और कुर्बानी के लिए पहले इस्लामिया बैंक से कूपन लेने संबंधी नियमों में मिली छूट

नवीन जोशी, नैनीताल। उत्तराखंड से इस वर्ष 1406 यात्री हज के लिए जा सकेंगे। यह संख्या पिछले वर्ष के 772 की करीब दो गुनी होगी। ऐसा प्रदेश में वर्ष 2011 की जनसंख्या में मुस्लिमों की संख्या के वर्ष 2001 की जनगणना के मुकाबले करीब दो गुना हो जाने की वजह से संभव हुआ है। इसके अलावा ऑल इंडिया हज कमेटी के साथ गत माह हुई बैठक के फलस्वरूप तीन महत्वपूर्ण निर्णयों में छूट मिल गयी है। अब हज के लिए आवेदन करने वाले सभी को मेडिकल नहीं कराना होगा, बल्कि केवल चयनित होने वाले यात्रियों की ही मेडिकल जांच करायी जायेगी। कुर्बानी के लिए इस्लामिया बैंक से कूपन लेने और ऑल इंडिया हज कमेटी से 5100-5100 रुपये में दो सूटकेस लेने के नियम में भी छूट मिल गयी है। अब यात्री अपनी मर्जी से तय आकार के सूटकेस ले पायेंगे तथा कुर्बानी भी अपनी मर्जी से कर पायेंगे।

उत्तराखंड हज कमेटी के सदर राव शेर मोहम्मद ने शनिवार को पत्रकार वार्ता में बताया कि जनगणना के 0.1 फीसद मुस्लिमों को हज पर जाने की इजाजत होती है। ऑल इंडिया हज कमेटी पिछले वर्ष तक वर्ष 2001 की जनगणना में मुस्लिमों की संख्या के आधार पर प्रदेश का हज कोटा निर्धारित कर रही थी। इस वर्ष गत 19 दिसम्बर को मुंबई में हुई हज कमेटी की बैठक में उत्तराखंड ने 2011 की जनगणना को स्वीकारने का आग्रह किया। इस पर वर्ष 2011 की जनगणना में प्रदेश में मुस्लिमों की संख्या 14 लाख छह हजार के आधार पर 1406 लोगों का हज कोटा निर्धारित हो गया है। इसमें चार वर्ष से लगातार आवेदन करने वालों व 70 वर्ष से अधिक आयु वालों को स्वत: तथा शेष बची सीटों पर लॉटरी की पद्धति से हज पर जाने की अनुमति मिल सकती है। इसके अलावा 300 यात्रियों पर एक के कोटे के अनुसार पहले के तीन के सापेक्ष इस बार पांच सरकारी अधिकारी-कर्मचारी खादिम-उल-हुज्जाम के बतौर हज यात्रियों की सहायता के लिये हज जा पायेंगे।उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के प्रयासों से यह संभव हो पाया है। पहली बार रावत सरकार के कार्यकाल में केंद्र सरकार की एमएसडीपी योजना का पूरा सदुपयोग हो पाया है। अल्पसंख्यक वर्ग को बेहतर शिक्षा व रोजगार के अवसर देना सरकार की प्राथमिकता में है।

हल्द्वानी, रुद्रपुर और देहरादून भी कर सकेंगे हज के लिये आवेदन

नैनीताल। उत्तराखंड हज कमेटी के सदर राव शेर मोहम्मद ने बताया कि कलियर शरीफ में हज के लिये आवेदन करने की सुविधा लगातार उपलब्ध रहेगी, और इसके साथ ही हल्द्वानी, रुद्रपुर और देहरादून भी शिविर लगाये जायेंगे, जहां हज पर जाने के इच्छुक लोग आवेदन कर सकेंगे। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी मुस्लिम आबादी के शहरों में पहले ही आवेदन फार्म भिजवा दिये गये हैं।

नवीन समाचार
‘नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से ‘मन कही’ के रूप में जनवरी 2010 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।
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