नवीन समाचार, हल्द्वानी, 13 जनवरी 2024। हल्द्वानी के गौजाजाली में एक झोलाछाप महिला द्वारा पूर्व में बंद कराये गये अस्पताल के एक कमरे में अवैध तरीके से गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने के बाद महिला की मौत होने की घटना सामने आयी है। मामला प्रकाश में आने के बाद नगर प्रशासन व पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है।
बनभूलपुरा पुलिस ने झोलाछाप शकीरा उर्फ ममता और मृतक महिला के पति इरशाद के विरुद्ध अभियोग दर्ज कर लिया है। झोलाछाप ने जिस पूर्व में सील अस्पताल के एक कमरे में गर्भपात (avaidh garbhpat) कराया था, उस भवन को भी जिला विकास प्राधिकरण की टीम ने सील कर दिया है। मामले की जांच की जा रही है।
बनभूलपुरा के थानाध्यक्ष नीरज भाकुनी ने बताया कि घटना 4 दिन पुरानी यानी बीती नौ जनवरी की है। गौजाजाली के चौधरी कालोनी में रहने वाले इरशाद हुसैन ने अपनी 38 वर्षीय पत्नी अफसाना बेगम का क्षेत्र की शकीरा नाम की झोलाछाप से गर्भपात (avaidh garbhpat) करवाया था। गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने के बाद अफसाना की हालत बिगड़ गई।
इसके बाद इरशाद अपनी पत्नी अफसाना को डा. सुशीला तिवारी राजकीय चिकित्सालय (एसटीएच) ले गया। लेकिन तब तक महिला की हालत इतनी बिगड़ गई थी कि उसे बचाया जा नहीं सका। 11 जनवरी को जब यह मामला सिटी मजिस्ट्रेट ऋचा सिंह के पास पहुंचा तो उन्होंने तत्काल करवाई को कहा।
इधर जिला विकास प्राधिकरण की टीम ने क्लीनिक पहुंचकर उसे सील कर दिया है। साथ ही गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने वाली झोलाछाप महिला के साथ ही अपनी पत्नी का गर्भपात (avaidh garbhpat) करवाने वाले मृतका के पति पर गर्भपात (avaidh garbhpat) के दौरान महिला की गलत इरादे से जान लेने की धारा में अभियोग दर्ज कर लिया है।
उल्लेखनीय है कि झोलाछाप शकीरा ने पिछले वर्ष मई 2023 में भी एक महिला का गर्भपात (avaidh garbhpat) कराया था। जिसमें जच्चा-बच्चा दोनों की मौत हो गई थी। तब क्लीनिक को सील कर आरोपित शकीरा उर्फ ममता पर अभियोग दर्ज हुआ था। अब शकीरा ने उसी सील क्लीनिक के एक कमरे को गैरकानूनी तरीके से फिर से गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने का धंधा शुरू कर दिया था।
गौरतलब है कि जिस महिला की गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने के दौरान मौत हो गई, उसके पति व अन्य लोग मामले को दबाने में जुटे थे। पहले दिन तो उन्होंने लिखित में शिकायत तक नहीं दी। बल्कि लिखित में दे दिया था कि उसने गर्भपात (avaidh garbhpat) नहीं कराया है। लेकिन जब प्रशासन व पुलिस की ओर सख्ती बरती गई तो तब संबंधित आरोपित महिला के बारे में शिकायत की गई।
सिटी मजिस्ट्रेट ऋचा सिंह ने कहा कि झोलाछाप महिला की जिस तरीके से फिर से सील अस्पताल में गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने की शिकायत मिली है। यह गंभीर प्रकरण है। इस तरह के मामले को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस तरह की कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेगी।
आज के अन्य एवं अधिक पढ़े जा रहे ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। यहां क्लिक कर हमें गूगल न्यूज पर फॉलो करें। यहां क्लिक कर हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से, हमारे टेलीग्राम पेज से, कू से, कुटुंब एप से, डेलीहंट से और यहां क्लिक कर हमारे फेसबुक ग्रुप से जुड़ें। हमारे माध्यम से अमेजॉन पर सर्वाधिक छूटों के साथ खरीददारी करने के लिए यहां क्लिक करें। यदि आपको लगता है कि ‘नवीन समाचार’ अच्छा कार्य कर रहा है तो हमें सहयोग करें..।
यह भी पढ़ें : दुष्कर्म पीड़ित नाबालिग का कराया गया अवैध तरीके से गर्भपात (avaidh garbhpat) , अस्पताल के संचालक व डॉक्टर पर हुआ मुकदमा दर्ज (avaidh garbhpat)
नवीन समाचार, हरिद्वार, 7 जून 2023। (avaidh garbhpat) हरिद्वार जनपद के बहादराबाद में एक दुष्कर्म पीड़ित नाबालिग का अवैध रूप से गर्भपात कराए जाने का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले में संबंधित चिकित्सालय के संचालक और चिकित्सक के खिलाफ पुलिस ने अभियोग दर्ज कर लिया है। अलबत्ता दोनों के नाम अभी अज्ञात में लिखे गए हैं। माना जा रहा है पुलिस जांच के बाद उनके नामों को सार्वजनिक करेगी।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार दो दिन पूर्व यानी पांच जून की रात धनोरी रोड बहादराबाद स्थित भारत हॉस्पिटल में एक युवक एक नाबालिग लड़की को लेकर अस्पताल पहुंचा था। इसके बाद अस्पताल में उसका बिना किसी इजाजत के अवैध तरीके से गर्भपात (avaidh garbhpat) कराया जा रहा था। इसी दौरान कुछ लोग वहां पहुंच गए और जमकर हंगामा किया। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने बमुश्किल मामले को शांत कराया।
इस बीच नाबालिग की तबीयत बिगड़ गई। इस पर उसे हायर सेंटर रेफर करना पड़ा, जहां पर उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। थाना प्रभारी अनिल चौहान ने बताया कि नाबालिग के भाई की शिकायत पर अवैध रूप से उसका गर्भपात (avaidh garbhpat) कराने के आरोप में चिकित्सालय के संचालक और संबंधित चिकित्सक के खिलाफ भारतीय दंड संहिका की धारा 313 और 120 बी के तहत अभियोग दर्ज किया गया है। मामले की जांच इंस्पेक्टर विजय प्रकाश को दी गई है, जिन्होंने जांच शुरू कर दी गई है। (डॉ. नवीन जोशी) आज के अन्य एवं अधिक पढ़े जा रहे ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
‘डॉ.नवीन जोशी, वर्ष 2015 से उत्तराखंड सरकार से मान्यता प्राप्त पत्रकार, ‘कुमाऊँ विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में पीएचडी की डिग्री प्राप्त पहले पत्रकार’ एवं मान्यता प्राप्त राज्य आंदोलनकारी हैं। 15 लाख से अधिक नए उपयोक्ताओं के द्वारा 140 मिलियन यानी 1.40 करोड़ से अधिक बार पढी गई आपकी अपनी पसंदीदा व भरोसेमंद समाचार वेबसाइट ‘नवीन समाचार’ के संपादक हैं, साथ ही राष्ट्रीय सहारा, हिन्दुस्थान समाचार आदि समाचार पत्र एवं समाचार एजेंसियों से भी जुड़े हैं।
नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से जून 2009 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त रहा, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।















3 जून 2009 से संचालित उत्तराखंड का सबसे पुराना डिजिटल प्लेटफॉर्म ‘नवीन समाचार’ अपने आरंभ से ही उत्तराखंड और देश-दुनिया की सटीक, निष्पक्ष और जनहित से जुड़ी खबरें आप तक पहुँचाने का प्रयास करता आ रहा है। हिंदी में विशिष्ट लेखन शैली हमारी पहचान है। हमारा उद्देश्य केवल समाचार देना नहीं, बल्कि समाज की वास्तविक आवाज को मजबूती से सामने लाना, स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता देना और हिंदी पत्रकारिता को जीवित रखना है। हमारे प्रत्येक समाचार एक लाख से अधिक लोगों तक और हर दिन लगभग 10 लाख बार पहुंचते हैं।