नवीन समाचार, नई दिल्ली, 1 मार्च 2026 (Lateral Entry into BTech Without JEE)। देशभर के इंजीनियरिंग अभ्यर्थियों के लिए बीटेक (BTech) में बिना जेईई परीक्षा उत्तीर्ण किए और सीधे द्वितीय वर्ष में पार्श्व प्रवेश-लेटरल एंट्री (Lateral Entry) एक तेज और व्यावहारिक विकल्प बनता जा रहा है। इस व्यवस्था के तहत डिप्लोमा या बीएससी कर चुके विद्यार्थी बिना जेईई उत्तीर्ण किए सीधे बीटेक के दूसरे वर्ष में प्रवेश पा सकते हैं, जिससे एक वर्ष की बचत होती है और करियर की राह जल्दी खुलती है। तकनीकी क्षेत्र में आगे बढ़ने के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए यह मार्ग विशेष रूप से उपयोगी माना जाता है।
लेटरल एंट्री क्या है और कैसे मिलता है प्रवेश
लेटरल एंट्री वह प्रक्रिया है जिसके माध्यम से पात्र अभ्यर्थियों को बीटेक के प्रथम वर्ष को छोड़कर सीधे द्वितीय वर्ष में प्रवेश दिया जाता है। सामान्य बीटेक पाठ्यक्रम चार वर्ष का होता है, लेकिन इस व्यवस्था से विद्यार्थी तीन वर्ष में डिग्री पूरी कर लेते हैं।
आमतौर पर इसके लिए निम्न पात्रता आवश्यक होती है:
10वीं के बाद तीन वर्षीय इंजीनियरिंग डिप्लोमा या संबंधित विषय में बीएससी
न्यूनतम लगभग 50 प्रतिशत अंक (संस्थान अनुसार भिन्न हो सकते हैं)
संबंधित राज्य या विश्वविद्यालय की प्रवेश परीक्षा या परामर्श प्रक्रिया में सफलता
अधिकांश विश्वविद्यालय इसके लिए अलग प्रवेश परीक्षा या राज्य स्तरीय संयुक्त प्रवेश परीक्षा आयोजित करते हैं।
डिप्लोमा के बाद डिग्री क्यों जरूरी
डिप्लोमा से तकनीकी आधार और प्रारंभिक रोजगार के अवसर मिलते हैं, लेकिन अनेक बड़ी कंपनियों और उच्च पदों के लिए बीटेक डिग्री अनिवार्य होती है। डिग्री होने से—
पदोन्नति के अवसर बढ़ते हैं
वेतन स्तर बेहतर होता है
सार्वजनिक उपक्रमों और बहुराष्ट्रीय कंपनियों में अवसर मिलते हैं
इसी कारण बड़ी संख्या में डिप्लोमा धारक लेटरल एंट्री का विकल्प चुनते हैं।
किन बड़े संस्थानों में मिलता है मौका
देश के कई प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग संस्थान लेटरल एंट्री के माध्यम से प्रवेश देते हैं। प्रमुख संस्थान इस प्रकार हैं:
जादवपुर यूनिवर्सिटी (Jadavpur University), कोलकाता
अन्ना यूनिवर्सिटी (Anna University), तमिलनाडु
दिल्ली प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (Delhi Technological University)
कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग पुणे (College of Engineering Pune)
पीएसजी कॉलेज ऑफ टेक्नोलॉजी (PSG College of Technology), कोयंबटूर
एमिटी यूनिवर्सिटी (Amity University), उत्तर प्रदेश
मणिपाल प्रौद्योगिकी संस्थान (Manipal Institute of Technology)
थापर इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (Thapar Institute of Engineering and Technology), पंजाब
कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजी (KIIT), भुवनेश्वर
पांडिचेरी इंजीनियरिंग कॉलेज (Pondicherry Engineering College)
श्री वेंकटेश्वर यूनिवर्सिटी (Sri Venkateswara University)
बिट्स पिलानी (BITS Pilani)
कब और कैसे करें तैयारी
अधिकांश संस्थान हर वर्ष प्रवेश प्रक्रिया आयोजित करते हैं। अभ्यर्थियों को संबंधित विश्वविद्यालय की अधिसूचना पर नजर रखनी चाहिए और समय पर आवेदन करना चाहिए।
क्या आप डिप्लोमा के बाद सीधे इंजीनियर बनना चाहते हैं? लेटरल एंट्री आपके लिए समय और संसाधन दोनों बचाने वाला विकल्प साबित हो सकता है।
पाठकों से आग्रह है कि इस समाचार से संबंधित अपनी राय और विचार नीचे दिए गए कमेन्ट बॉक्स में अवश्य साझा करें।
नैनीताल में क्लिक करके नैनीताल जनपद में हाल के दिनों में हुई अन्य सभी महत्वपूर्ण घटनाओं से जुड़ी पूरी रिपोर्ट पढ़ी जा सकती हैं। इसी तरह पिथौरागढ़ के समाचार, अल्मोड़ा के समाचार, बागेश्वर के समाचार, चंपावत के समाचार, ऊधमसिंह नगर के समाचार, देहरादून के समाचार, उत्तरकाशी के समाचार, पौड़ी के समाचार, टिहरी जनपद के समाचार, चमोली के समाचार, रुद्रप्रयाग के समाचार, हरिद्वार के समाचार और उत्तराखंड से संबंधित अन्य समाचार भी पढ़ सकते हैं।
आज के अन्य एवं अधिक पढ़े जा रहे उत्तराखंड के नवीनतम अपडेट्स-‘नवीन समाचार’ पर पढ़ें। हमारे व्हाट्सएप चैनल से, फेसबुक ग्रुप से, गूगल न्यूज से, एक्स से, थ्रेड्स चैनल से और डेलीहंट से जुड़ें। अमेजॉन पर सर्वाधिक छूटों के साथ खरीददारी करने के लिए यहां क्लिक करें। यदि आपको लगता है कि ‘नवीन समाचार’ अच्छा कार्य कर रहा है तो हमें यहाँ क्लिक करके सहयोग करें..।
Tags (Lateral Entry into BTech Without JEE) :
Lateral Entry into BTech Without JEE, BTech Lateral Entry Admission Process India, Diploma To BTech Direct Second Year, Engineering Lateral Entry Eligibility Criteria, JEE Main Alternative Admission Route, Top Colleges Lateral Entry BTech India, Polytechnic To Engineering Career Path, BSc To BTech Entry Requirements, Engineering Degree Fast Track India, Technical Education Admission Guide, Lateral Entry Engineering Colleges List, #JEEMain2026 #BTechLateralEntry #EngineeringAdmission #TechnicalEducationIndia #CareerGuidance
डॉ.नवीन जोशी, पिछले 20 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, ‘कुमाऊँ विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में पीएचडी की डिग्री प्राप्त पहले और वर्ष 2015 से उत्तराखंड सरकार से मान्यता प्राप्त पत्रकार हैं। 15 लाख से अधिक नए उपयोक्ताओं के द्वारा 150 मिलियन यानी 1.5 करोड़ से अधिक बार पढी गई आपकी अपनी पसंदीदा व भरोसेमंद समाचार वेबसाइट ‘नवीन समाचार’ के संपादक हैं, साथ ही राष्ट्रीय सहारा, हिन्दुस्थान समाचार आदि समाचार पत्र एवं समाचार एजेंसियों से भी जुड़े हैं। देश के पत्रकारों के सबसे बड़े संगठन ‘नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स (इंडिया) उत्तराखंड’ के उत्तराखंड प्रदेश के प्रदेश महामंत्री भी हैं और उत्तराखंड के मान्यता प्राप्त राज्य आंदोलनकारी भी हैं। डॉ. जोशी के बारे में विस्तार से पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें।
नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से जून 2009 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त रहा, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।















3 जून 2009 से संचालित उत्तराखंड का सबसे पुराना डिजिटल प्लेटफॉर्म ‘नवीन समाचार’ अपने आरंभ से ही उत्तराखंड और देश-दुनिया की सटीक, निष्पक्ष और जनहित से जुड़ी खबरें आप तक पहुँचाने का प्रयास करता आ रहा है। हिंदी में विशिष्ट लेखन शैली हमारी पहचान है। हमारा उद्देश्य केवल समाचार देना नहीं, बल्कि समाज की वास्तविक आवाज को मजबूती से सामने लाना, स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता देना और हिंदी पत्रकारिता को जीवित रखना है। हमारे प्रत्येक समाचार एक लाख से अधिक लोगों तक और हर दिन लगभग 10 लाख बार पहुंचते हैं।