चिंताजनक: हिमालय की छटा इस वर्ष मनमोहक नहीं

नवीन समाचार, नैनीताल, 08 दिसम्बर 2020। नगर के हिमालय दर्शन प्वाइंट सहित किलबरी रोड एवं नैना पीक चोटी, स्नो व्यू व टिफिन टॉप आदि से गढ़वाल मंडल की पोरबंदी, केदारनाथ, कर्छकुंड से लेकर चौखंभा, नीलकंठ, कामेत, गौरी पर्वत, हाथी पर्वत, नंदाघुंटी, त्रिशूल, मैकतोली (त्रिशूल ईस्ट), प्रख्यात पिंडारी व सुंदरढूंगा ग्लेशियर, नंदा देवी, नंदाकोट, राजरम्भा, लास्पाधूरा, … Read more

पढ़ें 1 अक्टूबर 2021 के ‘राष्ट्रीय सहारा’ का कुमाऊं संस्करण

आज के ‘राष्ट्रीय सहारा’ के ‘कुमाऊं संस्करण’ में पूरे उत्तराखंड एवं देश-दुनिया के चुनिंदा बड़े समाचार बिल्कुल छपे हुए अखबार की तरह पीडीएफ फॉरमेट में, बड़ा करके पढ़ने के लिये यहां क्लिक करें👉RS DDN KUM-01.10.2021 देखें पिछले अंक : 30 सितंबर का राष्ट्रीय सहारा⇒RS DDN KUM-30.09.2021 29 सितंबर का राष्ट्रीय सहारा⇒RS DDN KUM 29.09.2021 28 सितंबर … Read more

आ गये उत्तराखंड सरकार के सामाजिक, धार्मिक, खेल, मनोरंजन, शैक्षिक, सांस्कृतिक, मनोरंजन गतिविधियों व स्विमिंग पूल के लिए नए दिशा-निर्देश

नवीन समाचार, देहरादून, 29 नवंबर 2020। उत्तराखंड सरकार ने रविवार को कोरोना से बचाव के लिए वह नए दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं, जिनका इंतजार किया जा रहा था। नए दिशा-निर्देशों के अनुसार सबसे बड़ी बात, सामाजिक, धार्मिक, खेल, मनोरंजन, शैक्षिक, सांस्कृतिक कार्यक्रम जिस कमरे या हॉल में होंगे, उसकी क्षमता के 50 फीसद या … Read more

उत्तराखंड में फिर ‘बलूनी है तो मुमकिन है!’: राज्य को मिल सकता है टाटा से बड़ा तोहफा..

नवीन समाचार, नई दिल्ली, 28 नवम्बर 2020। उत्तराखंड को जल्द ही कैंसर इंस्टीट्यूट के रूप में एक बड़ी सौगात मिल सकती है।  भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता और राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी ने इसके लिए पहल की है।

उल्लेखनीय है कि बलूनी पिछले दिनों कैंसर से ग्रस्त हो गए थे। इस दौरान मुंबई के टाटा इंस्टीट्यूट मैं उनका उपचार हुआ था। बताया जा रहा है कि इस दौरान ही उनके मन में विचार आया था कि उत्तराखंड के आम लोगों के लिए भी इस तरह की सुविधा होनी चाहिए तभी उन्होंने टाटा समूह के प्रमुख रतन टाटा से इस इंस्टीट्यूट की शाखा उत्तराखंड में खोलने की बात कही, जिस पर ही उन्हें रतनजी टाटा की ओर से खत लिख कर भरोसा दिलाया गया है। अनिल बलूनी ने इसकी जानकारी अपने फेसबुक पेज पर भी दी है।

जानकारी के मुताबिक टाटा ग्रुप ने इसके लिए सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है और सब कुछ ठीक रहा तो जल्द कैंसर इंस्टीट्यूट का तोहफा राज्य को मिल सकता है।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 8 मार्च 2019। राज्य सभा सांसद बनने के बाद छोटी सी अवधि में ही पूरे राज्यवासियों के दिलों पर छा गये और वास्तव में ‘सांसद’ पद की उपयोगिता साबित करने वाले अनिल बलूनी अब प्रदेश की दो पर्वतीय पर्यटन नगरों-नैनीताल व मसूरी वासियों का दिल जीतने की राह पर नजर आ रहे हैं। शुक्रवार को बलूनी ने अपने फेसबुक खाते के जरिये सूचना दी है ‘मसूरी की पेयजल योजना स्वीकृत और नैनीताल की 333 करोड़ की योजना पर कार्य जारी, माननीय प्रधानमंत्री जी का शत-शत अभिनंदन!!’ साथ ही एक अन्य पोस्ट में लिखा है कि उन्होंने 25 दिसंबर को बताया था कि मसूरी व नैनीताल की पेयजल समस्या के लिए प्रयासरत हैं। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए अवगत करा रहे हैं कि प्रधानमंत्री की विशेष निधि से मसूरी के पेयजल संकट के समाधान के लिए 187 करोड़ की योजना स्वीकृत करते हुए इस वित्तीय वर्ष में 8 करोड़ रुपये जारी भी कर दिये गये हैं। मोदी हैं तो मुमकिन है।

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Anil Baluni Prasoon Joshiनवीन समाचार, नैनीताल, 3 मार्च 2019 । राज्य सभा सांसद अनिल बलूनी लगातार उत्तराखंड के उत्थान  के लिए नई पहल  करते  जा रहे हैं  इसी कड़ी में  बलूनी ने प्रसिद्ध गीतकार, लेखक और भारतीय सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष प्रसून जोशी से भेंट की है। अनिल बलूनी ने प्रसून जोशी से अनुरोध किया कि वे उत्तराखंड में पर्यटन के विकास हेतु एक ऐसा प्रेरक गीत लिखें कि पर्यटन और तीर्थाटन हेतु देश-विदेश के सैलानी और श्रद्धालु उत्तराखंड आयें। इससे जनता उत्तराखंड को देखेगी और उत्तराखंड से पलायन रुकेगा। अनिल बलूनी ने कहा, हमें गर्व है कि देवभूमि के बेटे प्रसून जोशी ने अपनी कलम से उत्तराखण्ड का नाम रोशन किया है।  माना जा रहा है कि प्रसून जोशी ने बलूनी केेेे अनुरोध पर उत्तराखंड के लिए एक सुंदर गीत लिखने का मन बना लिया है।

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-बलूनी ने कहा-उद्घाटन का इंतजार न करें, जनता के लिए शुरू करें नई योजनाएंं, इसे कहां जा रहा है बदलती राजनीति का संकेत

-बलूनी की सांसद निधि से लगभग पूर्ण हो चुके कोटद्वार व उत्तरकाशी आईसीयू एवं वेंटिलेटर सेंटर

नवीन समाचार, नैनीताल, 25 फरवरी 2019 ।राज्यसभा सांसद एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रमुख अनिल बलूनी ने अपनी सांसद निधि से लगभग पूर्ण हो चुके कोटद्वार और उत्तरकाशी आईसीयू एवं वेंटीलेटर सेंटरों के उद्घाटन का इंतजार किए बगैर शुरू कर देने को कहा है।अनिल बलूनी ने कोटद्वार और उत्तरकाशी आईसीयू एवं वेंटीलेटर सेंटरों के बाबत में प्रदेश के स्वास्य सचिव को पत्र भेजकर कहा है कि आईसीयू सेंटर का निर्माण कार्य पूर्ण होते ही उद्घाटन की औपचारिकता की प्रतीक्षा करने के बजाय तत्काल उसे जनता की सेवा में समर्पित कर दिया जाए।सांसद बलूनी ने कहा की जनता के धन से जनता के लिए तैयार की गई सुविधा तत्काल जनता की सेवा में समर्पित हो जानी चाहिए। हमें शिलान्यास, उद्घाटन आदि की औपचारिकताओं से ऊपर उठ कर व्यावहारिक होने की आवश्यकता है। समय के साथ हमें अपनी कार्यसंस्तुतियों में बदलाव करना चाहिए। उन्होंने कहा कि आईसीयू का निर्माण पूर्ण होते ही उसे तत्काल जनता की सेवा में प्रारंभ कर देना चाहिए। ऐसा न हो कि उद्घाटन की औपचारिकताओं के कारण तैयार आईसीयू होते हुए भी कोई महत्वपूर्ण जीवन संकट में पड़ जाए क्योंकि तैयार होते ही यह जनता की स्वत: संपत्ति है। सांसद बलूनी ने कहा कि संतोषजनक समय में आईसीयू सेंटर का निर्माण पूर्ण हुआ है। इनका कुशल संचालन हो और अपेक्षित मेडिकल स्टाफ की तैनाती कर जनता को सुविधा देना हमारी प्राथमिकता है़ दुर्गम क्षेत्रों में आईसीयू सेंटर गंभीर रोगियों के लिए वरदान साबित होंगे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 5 फरवरी 2019 । राज्यसभा सांसद और भाजपा के राष्ट्रीय मीडिया प्रमुख अनिल बलूनी एम्स ऋषिकेश और सुशीला तिवारी अस्पताल हल्द्वानी के नजदीक सांसद निधि व अन्य संस्थाओं के सहयोग से आरोग्य सदनों का निर्माण कराएंगे। गढ़वाल और कुमाऊं मंडल में बनने वाले इन आरोग्य सदनों से पहाड़ के दुर्गम क्षेत्रों से आने वाले गरीब रोगियों और उनके परिजनों को बड़ी राहत मिलेगी।

बलूनी ने मंगलवार को इस संबंध में देहरादून और नैनीताल के जिलाधिकारियों व ऋषिकेश और हल्द्वानी के मेयरों से चर्चा कर आरोग्य सदनों के लिए शीघ्र भूमि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया। बलूनी ने कहा कि सुदूर क्षेत्रों से आने वाले रोगियों एवं उनके परिजनों को उपचार के अलावा भोजन, परिवहन और प्रवास में काफी पैसा खर्च करना पड़ता है। अस्पताल के निकट बनने वाले आरोग्य सदन उनका परिवहन एवं प्रवास खर्चा बचाएंगे। साथ ही उन्हें कम लागत पर भोजन उपलब्ध कराने के लिए कैंटीन का भी निर्माण कराया जाएगा। बलूनी ने कहा कि प्रथम चरण में इन सदनों में 100 से अधिक व्यक्तियों के रुकने के लिए कक्षों के साथ-साथ दो डोरमेट्री हॉल (पुरुष-महिला) और कैंटीन का निर्माण कराया जाएगा।

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बलूनी ने मांगा उत्तराखण्ड के लिये सम्पूर्ण स्वास्थ्य कवच
नैनीताल, 24 नवंबर 2018। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रमुख और राज्यसभा सांसद  अनिल बलूनी ने उत्तराखंड की स्वास्थ्य सेवाओं के संपूर्ण समाधान के लिए एक विस्तृत फार्मूला प्रस्तुत किया है। हाल ही में अपनी हल्द्वानी में हुई पत्रकार वार्ता में बलूनी ने कहा था कि वह उत्तराखंड की स्वास्थ्य समस्याओं के बड़े समाधान के विषय में होमवर्क कर रहे हैं ताकि राज्य की जनता को प्रदेश में ही उपचार सुलभ हो सके और नागरिकों को उपचार के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े। इस सम्बन्ध में उन्होने आज एक पत्र प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी को लिखा है व शीघ्र ही  प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी जी से भेंट करेंगे और  स्वास्थ्य मंत्री  जे पी नड्डा जी से इस विषय में चर्चा करेंगे।
उन्होंने इस विषय पर विस्तृत अध्ययन करके एक ब्लूप्रिंट पत्र के माध्यम से  प्रधानमंत्री जी के समक्ष प्रस्तुत किया है। उन्होंने कहा उन्हें उम्मीद है कि आगामी दिनों में उनके प्रस्ताव पर प्रदेशवासियों को सुखद समाचार प्राप्त होगा। बलूनी ने कहा कि प्रधानमंत्री  का उत्तराखंड से भावात्मक संबंध है, वे देश के ऐसे पहले यशस्वी प्रधानमंत्री हैं जिन्होंने सर्वाधिक बार उत्तराखंड की यात्राएं की हैं और उत्तराखंड की सम्पूर्ण समस्याओं से अवगत हैं। “अटल जी ने बनाया है, मोदी जी संवारेंगे” के मन्त्र के साथ भारतीय जनता पार्टी उत्तराखंड के विकास के लिए अनवरत सेवारत है।
श्री बलूनी ने कहा अटल जी द्वारा प्रदान ऋषिकेश एम्स अब प्रभावी रूप से सेवाएं देने लगा है, किंतु उत्तराखंड राज्य की जनता को संपूर्ण उपचार देने हेतु पर्याप्त नहीं है। श्री बलूनी ने प्रधानमंत्री जी को संबोधित पत्र में कहा है कि ऋषिकेश एम्स का एक अतिरिक्त परिसर कुमाऊं मंडल के हल्द्वानी में स्थापित किया जाए। इसके साथ ही श्रीनगर गढ़वाल और अल्मोड़ा में एक-एक मेडिकल पीजीआई की स्थापना की जाए। इन चार संस्थानों की स्थापना के बाद उत्तराखंड की जनता को उच्च कोटि का उपचार प्राप्त होगा और राज्य से बाहर जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। यह स्वास्थ्य सेवाओं की दृष्टि में एक ऐतिहासिक कदम होगा और राज्य के लिए वरदान साबित होगा।
सांसद बलूनी ने उम्मीद जताई कि माननीय प्रधानमंत्री जी जिनका उत्तराखंड के प्रति विशेष स्नेह है, वह राज्य की जनता को निःसन्देह यह सौगात देंगे। उत्तराखंड अंतर्राष्ट्रीय सीमा से लगा हुआ सामरिक प्रांत है। स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी मूलभूत सुविधाएं प्रदान करने हेतु सरकार कृत संकल्प है, किंतु इसके संपूर्ण समाधान के लिए बड़े कदम उठाने की आवश्यकता है।

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नवीन जोशी, नैनीताल, 22 सितंबर 2018। भारतीय जनता पार्टी के राज्य सभा सांसद अनिल बलूनी ने फिर एक अभूतपूर्व फैसला लेते हुए उत्तराखंड राज्य के एक गैर-आबाद निर्जन ‘घोस्ट विलेज’ यानी भुतहा गांव कहे जा रहे पौड़ी जिले के दुगड्डा ब्लॉक के दूरस्थ गांव बौर को गोद लेने का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि इस गांव को पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर लिया गया है, इसके बाद अन्य ऐसे गैर-आबाद गांवों को भी इसी मॉडल पर आबाद करने के प्रयास किये जायेंगे। इस गाँव को पुनर्जीवित करने के लिए मूलभूत सुविधाओं बिजली, पानी, सड़क, स्वास्थ्य और रोजगार से जोड़ा जाएगा ताकि यह गांव पुनर्जीवित होकर अपने पूर्व के स्वरूप में आबाद हो सके। इस संबंध में शीघ्र ही इस गांव के प्रवासियों के साथ बैठक की जायेगी।

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तीन करोड़ प्रवासी उत्तराखंडियों की ‘घर वापसी’ कराएगा आरएसएस !

उनकी इस ‘रिवर्स माइग्रेशन’ की पहल पर विपक्ष की ओर से पूर्व सीएम हरीश रावत की ओर से प्रतिक्रिया काफी कुछ कहने वाली है। हरीश रावत ने भाजपा नेताओं को सलाह दी है कि वह बलूनी की पहलों से घबरायंे नहीं वरन प्रतिस्पर्धा करें। इससे साफ होता है कि अपनी पहलों से बलूनी विपक्ष के बड़े नेताओं का भी ध्यान अपनी ओर आकृष्ट करने में सफल रहे हैं। वहीं यह भी दिखाई दे रहा है उनकी पार्टी-भाजपा के लोग अभी भी उन्हें अधिक महत्व देने से बच रहे हैं। पिछले दिनों उनकी पहल पर नैनी-दून जन शताब्दी एक्सप्रेस रेलगाड़ी चलाने पर राज्य के उनकी पार्टी के नेताओं में रही श्रेय लेने की होड़ पर स्वयं केंद्रीय रेलमंत्री पीयूष गोयल को सफाई देनी पड़ी थी।
बलूनी की गैर-आबाद ग्रामों के पुनर्जीवन की कार्ययोजना के तहत वे उत्तराखण्ड के प्रवासी परिवारों-संगठनों के बीच जाकर संवाद करेंगे। उत्तराखंड के लाखों प्रवासी जो कि दिल्ली, लखनऊ, बरेली, मेरठ, गाजियाबाद, चंडीगढ़, भोपाल, इंदौर, जयपुर, मुंबई आदि शहरों में जाकर बस गए हैं, उन सबसे चर्चा कर गांव के पुनर्जीवन हेतु अनुरोध किया जाएगा और उनकी मांगों के निराकरण हेतु प्रयास किया जाएगा। साथ ही प्रवासियों से संवाद अभियान के माध्यम से उत्तराखंड के कौथीग (मेले), ऋतुपर्व और पारंपरिक आयोजनों को पुनः पुनर्जीवित करने के लिए संपर्क किये जायेंगे। उल्लेखनीय है कि इस तरह की मुहिम की घोषणा पूर्व में आरएसएस के द्वारा भी की गयी थी, जिसमें प्रवासी उत्तराखंडियों से वर्ष में एक बार अपने गांव आने का आह्वान करने की बात कही गयी थी। लेकिन योजना कहीं धरातल पर उतरी हो, इसकी जानकारी नहीं है।
उल्लेखनीय है कि बलूनी इससे पूर्व पौड़ी जिले के धूमाकोट-नैनीडांडा में बीती 4 जुलाई 2018 को हुई 48 यात्रियों की जान लेने वाली भीषण बस दुर्घटना के बाद अपने छह वर्ष के कार्यकाल में हर वर्ष 2-3 कर उत्तराखंड के हर जिले में 18 आईसीयू बनाने की घोषणा करके भी सुर्खियों में रहे थे। इसके अलावा वे राज्य में सेना के अस्पतालों में स्थानीय लोगों को भी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने और राज्य में केंद्रीय संस्थान स्थापित करने की पहलों के साथ भी लगातार अपना सियासी कद बढ़ाते नजर आ रहे हैं। यह भी विदित हो कि 2017 में उत्तराखंड के विस चुनावों के बाद उनका नाम भी राज्य के मुख्यमंत्री पद के लिए प्रमुखता से सियासी हलकों में चला था, लेकिन तब तक जनता से सीधे तौर पर न जुड़े होने की कमी उनकी राह में आढ़े आ गयी थी। लेकिन राज्य सभा सदस्य के तौर पर निर्वाचित होने के बाद से वे लगातार जनता के दिलों पर छाते जा रहे हैं। यह कहना भी गलत न होगा कि पूर्व रास सांसद तरुण विजय के बाद वे एक रास सांसद की क्षमताओं का जनता को अहसास कराने में सफल रहे हैं। ऐसे में वे भविष्य में राज्य के मुख्यमंत्री पद के प्रमुख दावेदारों में गिने जाएं और मुख्यमंत्री बन जाएं तो आश्चर्य न होगा।

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    • खुशखबरी : सेना के डॉक्टर सूबे में आम लोगों का इलाज भी करेंगे 
    • केंद्रीय रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने दी सैद्धांतिक सहमति 
  • सांसद अनिल बलूनी के अनुरोध पर मिली प्रदेश को Anil Baluniसौगात 

देहरादून, 15 सितंबर 2018 । डॉक्टरों की कमी की समस्या झेल रहे उत्तराखंड के लिए खुशखबरी है। प्रदेश के छावनी क्षेत्रों में तैनात सेना के डॉक्टर अब आम लोगों का इलाज भी करेंगे। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रमुख और उत्तराखंड से राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी ने उत्तराखंड की जनता के लिए स्वास्य के क्षेत्र में बड़ी सौगात दी है। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व 25 अगस्त 2018 को नैनी-दून जनशताब्दी एक्सप्रेस का तोहफा भी दिलाया था। इसके अलावा वे हाल में संसद में उत्तराखंड के लिए विशेष राहत पैकेज और एनडीआरएफ की स्थाई यूनिट स्थापित करने की मांग भी उठा चुके हैं।

शनिवार को रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण के साथ हुई बैठक में उन्होंने उत्तराखंड के सामान्य नागरिकों को भी सेना के चिकित्सकों द्वारा प्राथमिक उपचार देने के लिए अनुरोध किया, जिस पर रक्षा मंत्री ने सैद्धांतिक सहमति दी है। यह फैसला पर्वतीय जनता की स्वास्य सेवा के क्षेत्र में मील का पत्थर होगा। सांसद बलूनी की रक्षा मंत्री के साथ उनके साउथ ब्लॉक स्थित कार्यालय में भेंट हुई। बैठक में उत्तराखंड के उन सैन्य क्षेत्रों (छावनियों) में, जहां सेना के चिकित्सक उपलब्ध हैं, उनके द्वारा राज्य के सामान्य नागरिकों को भी चिकित्सकीय सहायता मिले, इस विषय पर रक्षा मंत्री से भेंट की तथा दुर्गम क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्य की सुविा प्रदान करने पर र्चचा हुई। सांसद अनिल बलूनी ने कहा कि रक्षा मंत्री ने राज्य के पलायन की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वह स्वयं उत्तराखंड की परिस्थितियों से अवगत हैं और स्वास्य, शिक्षा तथा रोजगार के लिए निरंतर राज्य से पलायन के कारण चिंतित हैं। रक्षा मंत्री ने कहा कि सीमांतवासियों के लिए स्वास्य की सुविधा प्राथमिक रूप से मिलनी चाहिए। इसके कार्यान्वयन के लिए सेना के संबंधित कमान से र्चचा करेंगी। सांसद बलूनी ने कहा कि सेना के देहरादून, रुड़की, लैंसडाउन, हर्षिल, रुद्रप्रयाग, जोशीमठ, रानीखेत, अल्मोड़ा, पिथौरागढ़ व धारचूला में सैन्य क्षमता के आधार पर मिलिट्री हॉस्पिटल, फील्ड हॉस्पिटल, सेक्शन हस्पिटल और जनरल हॉस्पिटल कार्य कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त जिला स्तर पर आईसीएचएस क्लीनिक कार्य कर रही हैं। रक्षा मंत्री जी से अनुरोध किया गया कि केवल प्राथमिक उपचार, औषाि और मरहम पट्टी स्तर की क्लीनिक जो आम नागरिकों के लिए कुछ घंटे दैनिक रूप से सेवा दें ताकि नागरिकों को स्वास्य के क्षेत्र में बड़ी राहत मिल सके।

अर्धसैनिक बलों के डॉक्टरों को लेकर आज केंद्रीय गृहमंत्री से मिलेंगे बलूनी

देहरादून। अर्धसैनिक बलों के चिकित्सकों से भी प्रदेश की आम जनता का इलाज मिल सके इस बाबत राज्य सभा अनिल बलूनी का रविवार को केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह से भेंट का समय तय हुआ है। सांसद बलूनी ने कहा कि उत्तराखंड प्रदेश में सेना के साथ-साथ आईटीबीपी, एसएसबी और सीआरपीएफ की बटालियनें भी हैं, इस संबंध में वह रविवाव को केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह से मिलेंगे और गृहमंत्री से अपील करेंगे कि वह अर्धसैन्य बलों के चिकित्सकों के माध्यम से भी स्थानीय नागरिकों को मेडिकल सुविधा देने की कृपा करें।

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दिल्ली होते हुए काठगोदाम जैसलमेर एक्सप्रेस को मिली ‘हरी झंडी’, कार्यक्रम जारी…

नवीन समाचार, नैनीताल, 25 नवम्बर 2020। पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा यात्रियों की सुविधाओं को देखते हुए 28 नवंबर से अग्रिम आदेशों तक काठगोदाम जैसलमेर एक्सप्रेस के संचालन का निर्णय लिया गया है। ट्रेन के संचालन से मुरादाबाद, दिल्ली, जयपुर समेत तमाम क्षेत्रों में जाने वाले यात्रियों को काफी सुविधाएं होंगी। पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा जारी समय सारणी … Read more

नैनीताल को आज मिलीं सर्वधर्म की दुवाएं, पर क्या आपको पता है नैनीताल आये पहले अंग्रेज बताये जाने वाले बैरन ने कॉपी किया था 16 वर्ष पहले आये ट्रेल का आलेख

नवीन समाचार, नैनीताल, 17 नवम्बर 2020। माना जाता है कि नगर में बसासत शुरू करने वाले पहले अंग्रेज पीटर बैरन 18 नवंबर 1841 को पहली बार नैनीताल आए थे। इसलिए इस दिन को कुछ लोग नगर के जन्म दिन के रूप में मनाते हैं। जबकि अन्य का मानना है कि आज के दिन से नगर … Read more

उत्तराखंड को धनतेरस पर केंद्र सरकार से मिला 84.59 करोड़ रुपए का तोहफा

नवीन समाचार, देहरादून, 13 नवम्बर 2020। दीपावली-धनतेरस के मौके पर केन्द्र सरकार की ओर से उत्तराखंड को बड़ा तोहफा मिला है। कुम्भ मेले के दृष्टिगत राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के तहत मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत के अनुरोध पर उत्तराखंड को 84.59 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है।
हरिद्वार कुंभ मेले में स्वच्छता, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन एवं अन्य गतिविधियों के लिए 79.12 करोड़ रुपये, पेयजल निगम को 2.55 करोड़ रुपये एवं उत्तराखंड जल संस्थान को 2.92 करोड़ रुपये की धनराशि इसमें शामिल है। स्वच्छ गंगा मिशन के तहत हरिद्वार कुंभ मेले में स्वच्छता के साथ ही ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की कार्य योजना के क्रियान्वयन में इस धनराशि की स्वीकृति से गति मिलेगी तथा कुम्भ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं को इससे लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जल शक्ति मंत्रालय द्वारा उत्तराखंड में विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन में पूरा सहयोग दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री द्वारा पूर्व में हरिद्वार कुंभ मेले के आयोजन से सम्बन्धित कार्यों के अंतर्गत केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री से राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा के तहत विभिन्न कार्यों के लिए सहायता का अनुरोध किया था, जिसके तहत यह धनराशि राज्य को प्राप्त हुई है। इसके साथ ही आगामी कुम्भ मेले के दृष्टिगत मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने ऋषिकेश क्षेत्र में त्रिवेणी घाट पर सरस्वती नाले की टेपिंग किये जाने के कारण क्षतिग्रस्त घाट एवं प्लेट फार्म पुनर्निर्माण के लिये एक करोड़ की धनराशि स्वीकृत की है। मुख्यमंत्री ने हरिद्वार जलोत्सरण योजना में सीवर लाइनों को बदलने एवं मैन हॉल चेम्बरों के पुनर्निर्माण आदि के लिए भी 4.87 करोड़ की धनराशि स्वीकृत की है। यह धनराशि मेलाधिकारी कुम्भ मेले के माध्यम से उपलब्ध करायी जाएगी।

यह भी पढ़ें : उत्तराखंड सरकार के एक कैबिनेट मंत्री ने किया 2022 का चुनाव न लड़ने का बड़ा ऐलान..

नवीन समाचार, देहरादून, 23 अक्टूबर 2020। उत्तराखंड से इस वक्त की बड़ी खबर कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत को लेकर आ रही है। जी हां उत्तराखंड सरकार में कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि वह 2022 का विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे। पत्रकारों से बातचीत में हरक सिंह रावत ने कहा कि उन्होंने अपने फैसले से पार्टी आलाकमान को अवगत करा दिया है। हरक सिंह रावत ने कहा भाजपा के प्रदेश संगठन महामंत्री अजय कुमार को उन्होंने पहले ही अवगत करा दिया था कि वह 2022 का विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे।हरक सिंह रावत ने कहा कि वह राजनीति से संन्यास नहीं ले रहे हैं वे जनता के मुद्दों को लेकर संघर्ष करते थे और करते रहेंगे। जनता उनके लिए सर्वोपरि है।

यह भी पढ़ें : ब्रेकिंग: मुख्यमंत्री ने बताया कब करेंगे मंत्रिमंडल का विस्तार

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नवीन समाचार, गैरसैंण, 6 मार्च 2020.। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने अपनी सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों पर कुछ-कुछ स्थिति साफ कर दी है। बृहस्पतिवार को पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में मुख्यमंत्री ने माना कि मंत्रिमंडल के विस्तार की जरूरत महसूस होने लगी है। 18 मार्च को सरकार के तीन साल पूरे होने के बाद कभी भी मंत्रिमंडल का विस्तार कर दिया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार अपने तीन साल के कार्यकाल के दौरान विधानसभा चुनाव के वक्त जारी किए गए दृष्टिपत्र के लगभग 75 प्रतिशत वादे पूरी कर चुकी है। उन्होने कहा कि गैरसैंण को ग्रीष्मकालीन राजधानी बनाए जाने का सरकार का फैसला पहाड़ी क्षेत्र के दूरस्थ गांवों के विकास में मील का पत्थर साबित होगा। उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलन की अवधारणा ही यही थी कि गैरसैंण को केंद्र बिंदु मानते हुए गढ़वाल और कुमाऊं मंडल का संतुलित विकास हो सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार अब विशेषज्ञों से गैरसैंण को ग्रीष्मकालीन राजधानी बनाए जाने का ब्लू प्रिंट तैयार कराएगी, जिसमें यह ध्यान रखा जाएगा कि प्रशासनिक व्यय कम से कम हो और विकास कार्यों में बजट का सदुपयोग हो। उन्होंने कहा कि यह एक बड़ा प्रोजेक्ट है, जिसमें बड़े बजट की आवश्यकता है, लिहाजा सरकार प्राथमिकताएं तय करते हुए इस दिशा में आगे बढ़ेगी। उन्होंने गैरसैंण को ग्रीष्मकालीन राजधानी बनाए जाने पर कांग्रेस के विरोध को जनभावना के साथ खिलवाड़ बताया। उन्होंने कहा कि पृथक राज्य निर्माण के बाद कांग्रेस ने उत्तराखंड में 10 साल तक राज किया है जबकि भाजपा अभी तक कुल मिलाकर आठ साल ही सत्ता में रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने गैरसैंण के नाम पर सिर्फ राजनीति की है जबकि हमने इस पर निर्णय लेकर शहीदों के सपने और जनभावनाओं का सम्मान किया है।

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नवीन समाचार, देहरादून, 20 जनवरी 2020। उत्तराखंड में बहुप्रतीक्षित मंत्रिमंडल का विस्तार जल्द हो सकता है। सूत्रों के अनुसार मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को शनिवार को दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के दौरान मंत्रिमंडल के विस्तार पर हरी झंडी मिल गई है। आगे इस संबंध में सोमवार को बैठक भी होने जा रही है। वहीं, नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत ने भी पार्टी के भीतर से उठ रही आवाज के बाद मंत्रिमंडल विस्तार की जरूरत खुलकर जताई है। भगत ने कहा कि मंत्री पद भरना हालांकि मुख्यमंत्री के विवेकाधिकार का मामला है, मगर इतने समय तक मंत्री पदों को खाली रखना ठीक नहीं है। उन्होंने कहा है कि वह दिल्ली जा रहे हैं और रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से एवं आगे राष्ट्रीय अध्यक्ष से शिष्टाचार भेंट के दौरान भी राज्य मंत्रिमंडल में मंत्री पदों को भरे जाने के संबंध में चर्चा कर सकते हैं।

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नवीन समाचार, देहरादून, 17 जनवरी 2020। उत्तराखंड में पौने तीन वर्ष से लटके प्रदेश सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार की यूं तो कई बार अटकलें लगीं, किंतु अब ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि मंत्रिमंडल विस्तार अगले सप्ताह अथवा बहुत से बहुत देर हुई तब भी जनवरी माह में ही हो जाएगा। साथ ही यह भी चर्चाएं हैं कि यदि मंत्रिमंडल विस्तार अभी नहीं होता है तो इससे राज्य में नेतृत्व परिवर्तन की संभावना और अधिक बढ़ जाएगी।

राज्य में मंत्रिमंडल विस्तार अभी होने या न होने के पीछे जो फैक्टर काम कर रहे हैं, वह यह कि झारखंड व महाराष्ट्र आदि राज्यों में मिली हार के बाद केंद्र सरकार पार्टी की राज्य सरकारों के कामकाज पर नये स्तर से आंकलन कर रही है। राज्य सरकारों द्वार विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की रिपोर्ट को ‘क्रॉस चेक’ किया जा रहा है, साथ ही भाजपा सरकारों की जनता में छवि को भी फिर से आंका जा रहा है। इस कसौटी पर यदि सरकार खरी उतरती है, तभी उसे आगे विस्तार दिया जा सकता है। सुधार के लिए कुछ समय भी दिया जा सकता है। ऐसी स्थिति में ही अभी मंत्रिमंडल विस्तार कर पार्टी में नये विधायकों को मंत्री पद देकर सरकार में नई ऊर्जा लाने का प्रयास किया जा सकता है। लेकिन यदि केंद्रीय नेतृत्व को यह विकल्प उतना कारगर नहीं लगता तो ऐसी स्थिति में सरकार का चेहरा-छवि बदलने यानी बड़ी सर्जरी का विकल्प भी अपनाया जा सकता है, ताकि अगले विधानसभा चुनाव में पार्टी पुरानी छवि का चोला उतारकर नये चेहरे के साथ चुनाव मैदान में जाए। इधर अभी मंत्रिमंडल विस्तार होने की स्थिति में बलवंत सिंह भौंर्याल, सुरेंद्र जीना, चंद्रा पंत, मुन्ना सिंह चौहान व महेंद्र भट्ट के नामों की चर्चा तेज हो गई है।

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-कुमाऊं के 5 जिलों के इन विधायकों की खुल सकती है लॉटरी..

नवीन समाचार, देहरादून, 16 जनवरी 2020। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत द्वारा 10 पार्टी कार्यकर्ताओं को राज्य मंत्री स्तर के दायित्व और 13 मंडी परिषदों में अध्यक्ष व उपाध्यक्ष पदों पर नियुक्तियां कर देने और हाल में सरकार के मंत्रिमंडल में संभावित विस्तार के बारे में संकेत दिये जाने के बाद एक बार फिर लगभग दो दर्जन दावेदारों में मंत्री पद पाने की उम्मीद जग गयी है। इधर बृहस्पतिवार देर शाम मुख्यमंत्री दिल्ली रवाना हो रहे हैं। उनका शुक्रवार को दिल्ली में उत्तराखंड से जुड़ी विकास योजनाओं को लेकर कई मंत्रियों से मुलाकात तथा आगे 18 जनवरी को या फिर 20 जनवरी के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात प्रस्तावित है। वह पार्टी अध्यक्ष से भी मुलाकात कर सकते हैं। इस दौरान शीर्ष नेताओं से मंत्रिमंडल विस्तार पर भी बात एवं फैसला हो सकता है।

उल्लेखनीय है कि करीब पौने तीन साल पहले 2017 में हुए विधानसभा चुनावों में जबरदस्त बहुमत से सत्ता में आयी भाजपा सरकार में केवल दस सदस्यीय मंत्रिमंडल को ही शपथ दिलायी गयी थी जबकि उत्तराखंड में अधिकतम 12 मंत्री हो सकते हैं। राज्य मंत्रिमंडल में रिक्त ये दो स्थान उसके बाद कभी भरे ही नहीं गये। पिछले साल जून में प्रदेश के संसदीय कार्य मंत्रालय सहित कई अहम विभाग संभाल रहे प्रकाश पंत का निधन हो जाने के बाद मंत्रिमंडल के रिक्त पदों की संख्या बढ़कर तीन हो गयी। पंत के अचानक निधन के बाद मंत्रिमंडल के रिक्त पदों को भरे जाने को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया लेकिन शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक को संसदीय कार्य मंत्रालय और वित्त मंत्रालय की अतिरिक्त जिम्मेदारी दिये जाने के बाद इन चर्चाओं ने भी दम तोड़ दिया। हालांकि इस बारे में अटकलों ने फिर से जोर पकड़ लिया है। हाल में मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि मंत्रिमंडल में रिक्त पड़े स्थानों को भरे जाने की आवश्यकता महसूस की जा रही है क्योंकि हर मंत्री बहुत सारे विभागों की जिम्मेदारी संभालने के कारण बहुत बोझ उठा रहा है। मंत्रिमंडल में रिक्त तीन स्थानों के लिये करीब दो दर्जन दावेदारों के नाम चर्चाओं में चल रहे हैं। पूर्व में मंत्री रह चुके पांच विधायकों को उनके अनुभव के चलते सबसे मजबूत दावेदारों में गिना जा रहा है। इनमें हरबंस कपूर, बिशन सिंह चुफाल, बंशीधर भगत, बलवंत सिंह भौर्याल और खजान दास हैं। इनके अलावा विधायक मुन्ना सिंह चौहान, सुरेंद्र सिंह जीना, हरभजन सिंह चीमा तथा पुष्कर सिंह धामी को भी मंत्री पद की दौड़ में माना जा रहा है। हालांकि, पार्टी सूत्रों का कहना है कि अगर तीनों रिक्त पदों को भरा जायेगा तो क्षेत्रीय संतुलन भी एक निर्णायक कारक होगा। उन्होंने कहा कि त्रिवेंद्र सिंह रावत के मंत्रिमंडल में शामिल नौ मंत्रियों में से छह गढ़वाल क्षेत्र के होने तथा कुमाऊं मंडल के पांचों पर्वतीय जिलों से कोई प्रतिनिधित्व न होने के कारण अब कुमाऊ के इन जिलों के विधायकों-बिशन सिंह चुफाल, बलवंत सिंह भौर्याल व सुरेंद्र जीना का दावा ज्यादा मजबूत हो सकता है। इधर बंशीधर भगत के भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बनाने के बाद उनका मंत्री बनने का दावा कमजोर हो गया है 

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ओखलकांडा विकास खंड में 10.07 करोड़ की लागत से होगा 16.33 सड़क का निर्माण
Ajay Bhattनवीन समाचार, भीमताल, 26 दिसंबर 2019। क्षेत्रीय सांसद अजय भट्ट ने बृहस्पतिवार को रास्ते में हुए हादसे के बावजूद ओखलकाडा ब्लाक के दूरस्थ क्षेत्र ग्राम सभा बासकोटी तोक पहुंचे। उन्होंने यहां आयोजित कार्यक्रम में पीएमजीएसवाई योजना के अंतर्गत 10 करोड़ 7 लाख रुपए से स्वीकृत पतलिया-जस्यूडा के बीच 3.58 किमी तथा ढोलीगांव-धैना के बीच 12.75 किमी यानी कुल 16.33 किमी सड़क का वैदिक मंत्रो के बीच शिलान्यास किया। साथ ही भीडापानी, लूगड, भटेलिया, धैना में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलने के लिए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार से पैरवी करने की बात भी कही।

इस मौके पर सासंद भट्ट ने कहा कि गॉव-गॉव को मुख्य सड़क मार्ग से जोड़कर विकास की धारा को गांवो तक पहुंचाने के लिए पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेई द्वारा प्रधान मंत्री ग्राम सडक योजना चलाई गयी थी। उन्होने कहा कि सरकार जनता के साथ है उनकी समस्याओ का प्राथमिकता से निदान किया जायेगा। क्षेत्रीय विधायक राम सिंह कैडा ने ताया कि भारत सरकार से विकासखंड के दुर्गम क्षेत्रों में पीएमजीएसवाई के अर्तगत 9 सड़कों की स्वीकृति प्राप्त हो चुकी है। उन्होने सांसद के समक्ष भीमताल में नवीन मंडी खोलने की मांग रखी ताकि पर्वतीय क्षेत्रों के किसानों को उनके उपज का बेहतर दाम मिल सके। कार्यक्रम में ब्लाक प्रमुख ओखलकांडा कमलेश कैडा, धारी ब्लाक आशा रानी, प्रधान नारायण राम, कमल किशोर पाण्डे, अमित कुमार,नरेश कुमार, गीता कान्डपाल, पंजक बोरा, क्षेत्र पंचायत सदस्य जीवन चन्द्र पुजारी, बिशन परगाई, निलाम्बर, अध्यक्ष दुग्ध संघ मुकेश बोरा, कुन्दन सिंह चुलवाल, देवन्द्र सिंह बिष्ट, दीवना सिंह मेहरा, देवेन्द्र असगोला, किशन सिंह बिष्ट सहित उपजिलाधिकरी विजय नाथ शुल्क, अधिशासीय अभियंता लो.नि.वि एबी कान्डपाल, पीएमजीएसवाई मीना भट्ट, समाज कल्याण अधिकारी अमन अनिरूद्ध, जिला शिक्षा अधिकारी गोपाल स्वरूप, आदि मौजूद रहे।

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Yashpal Sanjiv Aryaनवीन समाचार, नैनीताल, 16 दिसंबर 2019। प्रदेश के परिवहन एवं समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य सोमवार को बर्फबारी के बाद कड़ाके की ठंड के बीच क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य व अनुसूचित जाति आयोग के उपाध्यक्ष पीसी गोरखा आदि के साथ लगभग 5 किमी पैदल चल कर विकास खंड कोटाबाग के दुर्गम क्षेत्र बगड़ मल्ला पहंुच कर क्षेत्रवासियों की समस्याएं सुनीं व राजकीय प्राथमिक विद्यालय में 12.86 लाख की लागत से निर्मित भवन का लोकार्पण भी किया। साथ ही तुषारपानी से मेहरोड़ा इंटर कॉलेज तक सडक निर्माण हेतु 15 लाख रुपये देने की घोषणा भी की। वहीं क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य ने राइंका बगड मे स्कूल फर्नीचर खरीदने, दोनियाखान-घुघु चौकी तक सडक सुधार तथा ओडियार-पिनौनिया-करेलीखेत सडक सुधारीकरण हेतु 4-4 लाख तथा राजकीय प्राथमिक विद्यालय बगड में कम्प्यूटर एवं एलईडी तथा चाहरदीवारी के लिए 1-1 लाख रुपये विधायक निधि से देने की घोषणा की। साथ ही बताया कि विधायक निधि से 4 लाख रूपये देने की घोषणा की। साथ ही बगड मे 25 केवीए का ट्रान्सफार्मर स्थापित करने तथा क्षेत्र पेयजल योजनाओं हेतु 30 लाख की धनराशि स्वीकृत होने की जानकारी दी।
इस दौरान श्री आर्य ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नारायण गंगोला राजकीय इंटर कॉलेज बगड़ का निरीक्षण किया व विद्यार्थियों को जीवन मे सफलता अर्जित करने हेतु मूल मंत्र दिए। इस दौरान उन्होंने डेढ वर्ष पहले भवन निर्माण हेतु एससीपी मद से आवंटित 14 लाख व जिला योजना से 16 लाख की उपलब्ध धनराशि के बावजूद भी कार्य अभी तक कार्य पूर्ण न होने पर नाराजगी व्यक्त की, तथा संबंधित विभागों से आपसी तालमेल से अप्रेल 2020 तक निर्माण कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान आयोजित जनसम्पर्क कार्यक्रम में उन्होंने जनता की दर्जनों समस्याओ को सुनकर शीघ्र समाधान करने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य पूजा अरोरा, शिक्षक अभिभावक संघ के अध्यक्ष इंद्र सिह, पूर्व बीडीसी सदस्य हरीश मेहरा, गणेश मेहरा, हेम नैनवाल, दया पोखरिया, सौड़ की प्रधान जीवंती देवी, घुघु के प्रधान मोहन अधिकारी, कृपाल मेहरा, रमेश राम, खुशाल हल्सी, यशपाल आदि मौजूद रहे। संचालन कल्पना बिनवाल ने किया।

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-प्रदेश के उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डॉ. धनसिंह रावत ने कुमाऊं विवि के डीएसबी परिसर में 240 छात्र-छात्राओं के रहने की क्षमता के तीन छात्रावासों के लोकार्पण अवसर पर कहा

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नवीन समाचार, नैनीताल, 11 जुलाई 2019। प्रदेश के उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डा. धनसिंह रावत ने कहा कि 25 जुलाई तक राज्य के सभी कॉलेजों में सभी तरह के शिक्षकों तथा शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के करीब एक हजार यानी 100 फीसद रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इन नियुक्तियों में सवर्ण, अनुसूचित जाति, जनजाति आदि के आरक्षण का बैकलॉग भी पूरा कर लिया जाएगा। पूछे जाने पर उन्होंने कुमाऊं विवि में अवैध रूप से की गई नियुक्तियों पर जांच के बाद संबंधित के खिलाफ कार्रवाई करने की बात भी कही। इस दौरान श्री रावत ने कुमाऊं विवि के डीएसबी परिसर के नैनीताल व भीमताल परिसरों कुलपति प्रो. केएस राणा के साथ गुरुवार को 240 छात्र-छात्राओं के रहने की क्षमता के डीएसबी परिसर के केनफील्ड स्थित केसी पंत छात्रावास तथा भीमताल स्थित कल्पना चावला बालिका छात्रावास व बाबू जगजीवन राम छात्रावास का लोकार्पण किया एवं इन छात्रावासों का दौरा कर निरीक्षण भी किया।
इस दौरान पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि यूजीसी रेगुलेशन 2018 को उत्तराखंड सरकार लागू कर रही है। इसके तहत एक विवि को एक यूनिट माना जाएगा। इसके बाद वर्षों से खाली पड़े पदों पर मानकों के तहत आने वाले बेरोजगार नेट तथा पीएचडी शोधार्थियों को 25 जुलाई से विज्ञापित होने वाले राज्य के सभी विवि में करीब एक हजार पदो पर नियुक्ति मिल जाएगी। उन्होने कहा कि राज्य में त्रिवेंद्र रावत सरकार के आने के बाद प्रदेश के 104 राजकीय सहित 19 सरकार सहायतित कॉलेजों में प्राचार्यों की कमी को पूरा करने के लिए पिछले सवा दो वर्ष में 15 बार डीपीसी की जा चुकी है। इसके बाद राज्य के सभी डिग्री कॉलेजों में प्राचार्य व 93 फीसद पदों पर शिक्षक हैं। बताया कि राजकीय कॉलेजों में रिक्त 877 असिस्टेंट प्रोफेसरों के रिक्त पद पर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है। इनमें से 14 विषयों के असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों को लोक सेवा आयोग की ओर से भर भी लिया गया है। उन्होंने कहा कि शिक्षक विहीन कॉलेज के प्राचार्य को अधिकार दिया गया है कि यूजीसी के मानकों को पूरा करने वाले बेरोजगारों को 25 हजार रुपए के मानदेय पर संविदा पर तैनाती दे सकते हैं। विकास कार्यों के लिए कुमाऊं विवि को रूसा के तहत 40 करोड़ रुपये दिए गए हैं। इसमें 18 करोड़ रुपये का कार्य पूरा हो चुका है। जबकि 22 करोड़ की डीपीआर विवि से मांगी गई है। उन्होंने कहा कि स्नातक स्तर पर छात्रों के बहुमत के आधार पर ही सेमेस्टर सिस्टम में बदलाव संभव है। इस मौके पर कुल सचिव डा.. महेश कुमार, परीक्षा नियंत्रक प्रो. संजय पंत, वार्डन डॉ. प्रकाश चन्याल, डॉ. संतोष कुमार, प्रो. ललित तिवारी, प्रो. एचसी चंदोला, प्रो. पीएस बिष्ट, प्रो. एसपीएस मेहता, प्रो. एचसीएस बिष्ट आदि रहे।

मंत्री का दावा 6000 छात्रों वाले पिथौरागढ़ महाविद्यालय में 102 सहायक प्राध्यापक व 1.1 लाख किताबें

नैनीताल। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धनसिंह रावत ने कहा कि पिथौरागढ़ में किताब तथा शिक्षकों के लिए किए जा रहे आंदोलन पर सरकार सकारात्मक निर्णय लेगी। बताया कि पिथौरागढ़ महाविालय में 102 असिस्टेंट प्रोफेसर तैनात हैं। देश के किसी भी ऐसे संस्थान में इतने शिक्षक तैनात नहीं हैं। छह हजार छात्र संख्या वाले इस कॉलेज में एक लाख दस हजार किताबें हैं। इसके बाद भी यदि किताबों की कमी है तो सरकार उनकी व्यवस्था करेगी। साथ ही शिक्षकों की कमी भी पूरी की जाएगी। इस दौरान कुमाऊं विवि के कार्य परिषद सदस्य कैलाश जोशी ने डा. रावत को एक ज्ञापन सोंपकर पिथौरागढ़ डिग्री कॉलेज के छात्र-छात्राओं की मांग के अनुरूप नये संस्करणों की अच्छी किताबें उपलब्ध कराने व शिक्षकों की कमी दूर करने की मांग युक्त ज्ञापन दिया। कहा कि प्रदेश के हर डिग्री कॉलेज में अच्छी पुस्तकों की कमी को देखते हुए शिक्षा बजट को बढ़ाया जाना चाहिए। बताया कि बीते वर्ष शुरू किए गए पुस्तकदान अभियान में एक लाख किताबें एकत्रित की गई हैं, जिन्हें 15 कॉलेजों में सोंपा जा रहा है। हर बच्चे को 10 किताबंे दी जा रही हैं।

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-35 कार्यों के लिए स्वीकृत किये 397 लाख, नैनीताल विधानसभा में 6 कार्यों के लिए भी मिले 70 लाख

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संजीव आर्य

नवीन समाचार, नैनीताल, 8 मार्च 2019। उत्तराखंड सरकार ने शुक्रवार को प्रदेश भर में अल्पसंख्यक विकास निधि योजना के अंतर्गत देहरादून, हरिद्वार, नैनीताल एवं ऊधमसिंह नगर जिलों से संबंधित 35 कार्यों के लिए 3.97 करोड़ रुपये स्वीकृत किये हैं। शुक्रवार को अपर मुख्य सचिव डा. रणवीर सिंह के द्वारा जारी शासनादेश के अनुसार योजना की मूल्यांकन-अनुश्रवण समिति द्वारा संस्तुत 48 कार्यों के सापेक्ष 397.02 लाख रुपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय व व्यय की स्वीकृति हेतु वित्तीय वर्ष 2018-19 के लिये 300 लाख तथा बैंक खाते से 97.02 लाख की स्वीकृति प्रदान की गयी है।
इनमें नैनीताल विधानसभा के 6 कार्य भी शामिल हैं। विधायक संजीव आर्य ने बताया कि जिला व मंडल मुख्यालय में अल्पसंख्यक विकास निधि योजना से विभिन्न कार्यों के लिए 70 लाख रुपये अवमुक्त किये गये हैं। इनमें नगर के मल्लीताल में गुरुद्वारा परिसर में टिन शेड निर्माण के लिए 5.54 लाख, मुख्य मार्ग से सूखाताल की मजार तक पहुंच मार्ग के निर्माण के लिए 2.64 लाख, कृष्णापुर क्षेत्र से सटे देवता गांव की पहाड़ियों पर स्थित कब्रिस्तान के पैदल मार्ग निर्माण के लिए 18.35 लाख, कृष्णापुर में हीी स्थित इमामबाड़े के पास सड़क एवं दीवार के पुर्ननिर्माण के लिए 26.41 लाख, बारापत्थर स्थित इसाई कब्रिस्तान में सीसी मार्ग, दीवारों एवं विश्राम गृह के निर्माण के लिए 11.69 लाख एवं नैनीताल विधानसभा के डीविटो हाईस्कूल, भवाली-नैनीताल में कम्प्यूटर एवं पुस्तकालयों में किताबों की खरीद के लिए 4.24 लाख रुपये अवमुक्त किये गये हैं। विधायक आर्य ने इस हेतु मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत एवं काबीना मंत्री यशपाल आर्य का आभार जताया है।

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Koshyari Kaidaनवीन समाचार, नैनीताल, 26 फरवरी 2019। प्रदेश के परिवहन मंत्री यशपाल आर्य व क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य ने मंगलवार को संयुक्त रूप से निकटवर्ती भवाली के लिए लगभग 9 करोड की योजनाओं का शिलान्यास किया। इनमें भवाली नगर में रोडवेज डिपो में मल्टीस्टोरी कार पार्किग के लिए 4.5 करोड, फरसौली रोडवेज डिपो कार्यशाला हेतु 3.65 करोड व टम्टयूडा रेहड क्षेत्र मे पेयजल लाइन विस्तारीकरण हेतु 35 लाख एवं विभिन्न क्षेत्रो मे जनमिलन केन्द्र एवं सडक निर्माण हेतु 34 लाख रूपये की योजनाओं का शिलान्यास किया।
इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री एव सांसद भगत सिह कोश्यारी भी मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की आयुष्मान भारत व प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजनाओं की जानकारी दी। वहीं परिवहन मंत्री यशपाल आर्य ने कार्यों में समयबद्वता एवं गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने की ताकीद की। उन्होंने श्री नन्दादेवी सांस्कृतिक मंच भवाली के लिए टिन सेड व प्रांगण में सीसी कराने का भरोसा भी दिलाया। वहीं क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य ने प्रस्तावित मल्टीस्टोरी पार्किग मंे 120 वाहनो की पार्किग दो हाईटैक शौचालय व परिवहन विभाग के कर्मचारियों हेतु 6 कक्ष भी बनाने की जानकारी दी। बताया कि क्षेत्र मे 8 करोड रूपये की लागत से 33 केवीए का सब स्टेशन तथा टम्टयूडा रेहड क्षेत्र मे पेयजल लाइन विस्तारीकरण हेतु 35 लाख रूपये की योजनाओं का शिलान्यास भी किया गया है। नगर पालिका अध्यक्ष संजय वर्मा ने योजनाओं के लिए सभी का आभार व्यक्त किया। इस दौरान सूचना विभाग के पंजीकृत दल कुमाऊं सास्कृतिक कला समिति एवं मां सरस्वती कला समिति के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओ की जानकारी दी। कार्यक्रम में प्रकाश आर्य, देवेन्द्र ढैला, ममता विष्ट, किशन अधिकारी, मुकेश कुमार, पूजा भारती, विनोद तिवारी,सुनील मेहता, मोहन विष्ट,घनश्याम सिह विष्ट, मनोज तिवारी, नजमा खान,विजय आर्य, कंचन बेलवाल, मुकेश गुररानी, जुगल मठपाल, शरद पांडे, संजय जोशी, ललित भट्ट, हरीश भट्ट, लच्छी बेलवाल, संयुक्त मजिस्टेट अभिषेक रूहेेला, महाप्रबन्धक परिवहन दीपक जैन, रीजनल मैनेजर यशपाल,अधिशासी अभियन्ता जल संस्थान बीसी पाल, संतोष कुमार उपाध्याय के अलावा बडी संख्या में क्षेत्रीय जनता एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

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PC Gorkhaनवीन समाचार, नैनीताल, 22 फरवरी 2019। सितारे बुलंद हों तो नैनीताल जनपद के बेतालघाट विकासखंड अंतर्गत अमेल जिला पंचायत क्षेत्र के सदस्य प्रताप गोरखा की तरह। गोरखा के क्षेत्र पर राज्य सरकार शुक्रवार को ऐसी मेहरबान हुई कि शासन ने विश्व बेंक से वित्त पोषित यूडीआरपी यानी उत्तराखंड डिसासटेर रिफाईनेंसिंग प्रोग्राम के तहत क्षेत्र में तिवारीगाव-घंघरेटी, बेतालघाट-रोपा, अमेल-खैराली और तल्लीसेठी-सिमतया के बीच चार झूला पुलों के निर्माण के लिए 58 करोड़ रुपये स्वीकृत कर दिये हैं। गोरखा ने इसके लिए नैनीताल विधायक संजीव आर्य का आभार जताया है।
उन्होंने बताया कि इन चार पुलों के लिए विकास खंड बेतालघाट में जनता के द्वारा पुलों के निर्माण के लिए लंबा संघर्ष किया गया साथ ही विधायक संजीव आर्य को ज्ञापन दिये गये थे। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारो ने इस हेतु ईमान्दारी से पहल नही की। उल्टे कई पुलों का तो दो-दो बार शिलान्यास तक कर दिया गया। ऐसे में जनता अपने आप को ठगा सा महसूस करने लगी थी। बताया कि प्रत्येक पुल की लागत 14.50 करोड़ रुपये आनी है।

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-सांसद-विधायक ने राइंका जीतुवापीपल व भतरोंजखान को सांसद-विधायक निधि से दिये पांच लाख

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बेतालघाट के राइंका जीतुवापीपल में 15 करोड़ रुपये की योजनाओं का शिलान्यास, लोकार्पण करते सांसद, मंत्री व विधायक।

नवीन समाचार, नैनीताल, 28 जनवरी 2019। किस्मत हो तो बेतालघाट वासियों जैसी। जनपद के दूरस्थ विकास खंड बेतालघाट के दूरस्थ गांव जीतुवापीपल स्थित राजकीय इंटर कालेज में पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद भगत सिह कोश्यारी, परिवहन मंत्री यशपाल आर्य व क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य ने 15.25 करोड रुपये की योजनाओं का लोकापर्ण एवं शिलान्यास कर तोहफे दिये। इस मौके पर जनता मिलन कार्यक्रम भी आयोजित हुआ, जिसमें दर्जनों शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण भी किया गया। इस दौरान सांसद कोश्यारी ने राइंका जीतुवापीपल के मैदान के समतलीकरण हेतु सांसद निधि से 3 लाख रुपये एवं विधायक संजीव आर्य ने स्कूल मे फर्नीचर केे लिए एक लाख रुपये तथा स्कूल में पर्याप्त संख्या मे कम्प्यूटर उपलब्ध कराने की घोषणा की। साथ ही राइंका भतरौजखान में फर्नीचर के लिए विधायक निधि से एक लाख रुपये और स्कूल में पेयजल कनेक्शन देने की घोषणा भी की।

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बेतालघाट के राइंका जीतुवापीपल में आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित सांसद, मंत्री व विधायक।

इस मौके पर ग्रामवासियो को सम्बोधित करते हुये पूर्व मुख्यमंत्री व सांसद कोश्यारी ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा शिक्षा, सडक, बिजली एवं स्वास्थ के क्षेत्र में आमूलचूल परिवर्तन किये जा रहे है। उन्होंने विद्युत विभाग के अधिकारियों को विद्युत लाइन बिछवाने की कठिनाई वाले स्थानों पर सौर ऊर्जा से बिजली उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने बताया कि दीनदयाल किसान कल्याण योजना के तहत किसानों को 1 लाख तक का ऋण मात्र 2 फीसद ब्याज पर दिया जा रहा है। वहीं परिवहन एवं समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य ने कहा कहा कि जनता द्वारा दिये गये विश्वास व भरोसे पर खरा उतरने के लिए दिन रात कोशिश कर रहे हैं। उन्होने ग्रामीणों को शिक्षित होने तथा बच्चों से पूरी मेहनत, लगन से पढाई करने तथा खेल मे भी अभिरूचि के अनुसार प्रतिभाग करने का आह्वाहन किया।येगीै। उन्होनेे कहा जनता ने जनप्रतिनिधियों से दलगत राजनीति से ऊपर उठकर एकजुट होकर कार्य करने और सरकार की योजनाओं का लाभ जनता तक पहुंचाने की बात कही। कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य पीसी गोरखा, धीरज जोशी, क्षेपं सदस्य रोहित अग्रवाल ,प्रधान राजेंद्र सिह, चंद्रशेखर, व खुशाल के अलावा पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष मनोज साह, प्रताप बोरा, दलीप नेगी, दिवान राम, मंजू पंत, राजेंद्र कैडा, डा. कुलवंत जलाल, तारा भंडारी, दीप, एस लाल, हेमा पांडे, एलडी पंत व नवीन कश्मीरा के अलावा एसडीएम प्रमोद कुमार सहित बडी संख्या मे महिलायें बच्चे व ग्रामीण उपस्थित रहे।
इन योजनाओं का हुआ लोकार्पण

Rashtriya Sahara 17 May 2018 1
पूर्व समाचार : विधायक संजीव आर्य ने बेतालघाट के लिये खोली तिजोरी (राष्ट्रीय सहारा, 17 मई 2018)

नैनीताल। जीतुवापीपल में आयोजित कार्यक्रम में पेयजल निगम द्वारा निर्मित तौराड़ पेयजल योजना लागत 31 लाख 60 हजार रूपये, जलागम विभाग द्वारा ग्राम पंचायत सौनली तोक में पाइप लाइन हेतु 7 लाख एवं सौनली तोक मे पेयजल योजना हेतु 4 लाख एवं सौनली तोक में सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 5 लाख सहित कुल 47 लाख 60 हजार रुपये की योजनाओं का लोकापर्ण किया गया। साथ ही तल्लीपाली-मल्लीपाली सूखा मोटर मार्ग लागत 173.86 लाख, बिनकोट चंद्रकोट मोटर मार्ग लागत 1045.97 लाख, कालाखेत से दिग्थरी मोटर मार्ग लागत 205.78 लाख, ग्राम सुनस्यारी में सामुदायिक भवन निर्माण 12.95 हजार, ग्राम तौराड़ मोटर मार्ग निर्माण लागत 2.68 लाख, गा्रम ढोलगांव मे पैदल मार्ग निर्माण हेतु 8.53 लाख एवं सुनस्यारी मे सीसी मार्ग हेतु 2.84 लाख सहित कुल 14 करोड 53 लाख रूपये की योजनाओं का शुभारम्भ किया गया।

-हरीश ताल के लिए सांसद कोश्यारी ने किया सड़क का शिलान्यास, 22.68 करोड़ रुपये से होगा निर्माण

Harish Tal
हरीशताल
Koshyari Kaida
हरीशताल-स्यूड़ा मोटर मार्ग का शिलान्यास करते सांसद कोश्यारी, साथ में विधायक व अन्य।

नवीन समाचार, नैनीताल, 30 जनवरी 2019। झीलों के जनपद का एक अनछुवा ताल अब दुनिया के सामने होगा। बुधवार को स्थानीय सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिह कोश्यारी ने स्थानीय विधायक विधायक राम सिंह कैडा व ब्लाक प्रमुख आनन्द आर्य की मौजूदगी में 21वीं सदी में भी सड़क से कोसों दूर प्रकृति की अनुपम खूबसूरती को सहेजे हरीशताल को सड़क मार्ग से जोड़ने के लिए लगभग 22 करोड 68 लाख की लागत से बनने वाले स्यूड़ा-कौन्ता-ककोड़-हरीशताल मोटर मार्ग का शिलान्यास किया।
इस मौके पर श्री कोश्यारी ने अपने संबोधन में सडक को विकास की आत्मा बताते हुए कहा कि भारत सरकार ने हर व्यक्ति तक विकास की किरणें पहुंचाने के लिए प्रधानमंत्री सडक योजना के अन्तर्गत हर गांव को पहुच मार्गों तथा सडकों को जोड़ने का अभियान चलाया है। स्यूडा-हरीशताल मोटर मार्ग की मांग दशकोें पुरानी मांग थी। इस सडक के निर्माण से कौन्ता, पटरानी, ककोड़, आम तथा हरीशताल ग्रामों की हजारों की आबादी को लाभ मिलेगा। क्षेत्र के काश्तकारों को अपनी उपज को बाजार तक लाने मे सुविधा होगी। उन्होंने केंद्र सरकार की उज्जवला एवं आयुष्मान भारत योजनाओं की भी जानकारी दी एवं लोगों से इसका लाभ उठाने की अपील की। विधायक रामसिह कैडा ने इस मोटरमार्ग के लिए सांसद कोश्यारी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में चंपावत के जिला पंचायत अध्यक्ष खुशाल सिह अधिकारी, नैनीताल के पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज साह, चतुर सिह बोरा, आलम नदगली, योगेश रजवार, प्रेम विष्ट, सुरेश मेवाडी, रघुवर सम्भल, ध्रुव रौतेला, भरत सिह, गंगा सिह, भान सिंह सम्भल, शंकर कोरंगा, उमेश पलडिया, सुरेश जोशी, हरेंद्र बोरा, सज्जन साह, मनोज जोशी, ललित चिलवाल, गोपाल अधिकारी, दीवान राम, केडी रूवाली व खीम सिह के अलावा पीएमजीएसवाई के एसई जेएस ह्यांकी व ईई आरसी पंत सहित बडी संख्या मे क्षेत्रवासी मौजूद रहे।

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-सांसद-विधायक ने राइंका जीतुवापीपल व भतरोंजखान को सांसद-विधायक निधि से दिये पांच लाख

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बेतालघाट के राइंका जीतुवापीपल में 15 करोड़ रुपये की योजनाओं का शिलान्यास, लोकार्पण करते सांसद, मंत्री व विधायक।

नवीन समाचार, नैनीताल, 28 जनवरी 2019। किस्मत हो तो बेतालघाट वासियों जैसी। जनपद के दूरस्थ विकास खंड बेतालघाट के दूरस्थ गांव जीतुवापीपल स्थित राजकीय इंटर कालेज में पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद भगत सिह कोश्यारी, परिवहन मंत्री यशपाल आर्य व क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य ने 15.25 करोड रुपये की योजनाओं का लोकापर्ण एवं शिलान्यास कर तोहफे दिये। इस मौके पर जनता मिलन कार्यक्रम भी आयोजित हुआ, जिसमें दर्जनों शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण भी किया गया। इस दौरान सांसद कोश्यारी ने राइंका जीतुवापीपल के मैदान के समतलीकरण हेतु सांसद निधि से 3 लाख रुपये एवं विधायक संजीव आर्य ने स्कूल मे फर्नीचर केे लिए एक लाख रुपये तथा स्कूल में पर्याप्त संख्या मे कम्प्यूटर उपलब्ध कराने की घोषणा की। साथ ही राइंका भतरौजखान में फर्नीचर के लिए विधायक निधि से एक लाख रुपये और स्कूल में पेयजल कनेक्शन देने की घोषणा भी की।

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बेतालघाट के राइंका जीतुवापीपल में आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित सांसद, मंत्री व विधायक।

इस मौके पर ग्रामवासियो को सम्बोधित करते हुये पूर्व मुख्यमंत्री व सांसद कोश्यारी ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा शिक्षा, सडक, बिजली एवं स्वास्थ के क्षेत्र में आमूलचूल परिवर्तन किये जा रहे है। उन्होंने विद्युत विभाग के अधिकारियों को विद्युत लाइन बिछवाने की कठिनाई वाले स्थानों पर सौर ऊर्जा से बिजली उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने बताया कि दीनदयाल किसान कल्याण योजना के तहत किसानों को 1 लाख तक का ऋण मात्र 2 फीसद ब्याज पर दिया जा रहा है। वहीं परिवहन एवं समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य ने कहा कहा कि जनता द्वारा दिये गये विश्वास व भरोसे पर खरा उतरने के लिए दिन रात कोशिश कर रहे हैं। उन्होने ग्रामीणों को शिक्षित होने तथा बच्चों से पूरी मेहनत, लगन से पढाई करने तथा खेल मे भी अभिरूचि के अनुसार प्रतिभाग करने का आह्वाहन किया।येगीै। उन्होनेे कहा जनता ने जनप्रतिनिधियों से दलगत राजनीति से ऊपर उठकर एकजुट होकर कार्य करने और सरकार की योजनाओं का लाभ जनता तक पहुंचाने की बात कही। कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य पीसी गोरखा, धीरज जोशी, क्षेपं सदस्य रोहित अग्रवाल ,प्रधान राजेंद्र सिह, चंद्रशेखर, व खुशाल के अलावा पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष मनोज साह, प्रताप बोरा, दलीप नेगी, दिवान राम, मंजू पंत, राजेंद्र कैडा, डा. कुलवंत जलाल, तारा भंडारी, दीप, एस लाल, हेमा पांडे, एलडी पंत व नवीन कश्मीरा के अलावा एसडीएम प्रमोद कुमार सहित बडी संख्या मे महिलायें बच्चे व ग्रामीण उपस्थित रहे।
इन योजनाओं का हुआ लोकार्पण

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पूर्व समाचार : विधायक संजीव आर्य ने बेतालघाट के लिये खोली तिजोरी (राष्ट्रीय सहारा, 17 मई 2018)

नैनीताल। जीतुवापीपल में आयोजित कार्यक्रम में पेयजल निगम द्वारा निर्मित तौराड़ पेयजल योजना लागत 31 लाख 60 हजार रूपये, जलागम विभाग द्वारा ग्राम पंचायत सौनली तोक में पाइप लाइन हेतु 7 लाख एवं सौनली तोक मे पेयजल योजना हेतु 4 लाख एवं सौनली तोक में सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 5 लाख सहित कुल 47 लाख 60 हजार रुपये की योजनाओं का लोकापर्ण किया गया। साथ ही तल्लीपाली-मल्लीपाली सूखा मोटर मार्ग लागत 173.86 लाख, बिनकोट चंद्रकोट मोटर मार्ग लागत 1045.97 लाख, कालाखेत से दिग्थरी मोटर मार्ग लागत 205.78 लाख, ग्राम सुनस्यारी में सामुदायिक भवन निर्माण 12.95 हजार, ग्राम तौराड़ मोटर मार्ग निर्माण लागत 2.68 लाख, गा्रम ढोलगांव मे पैदल मार्ग निर्माण हेतु 8.53 लाख एवं सुनस्यारी मे सीसी मार्ग हेतु 2.84 लाख सहित कुल 14 करोड 53 लाख रूपये की योजनाओं का शुभारम्भ किया गया।

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18 वर्ष के युवा शताब्दी मतदाताओं को सम्मानित करते उच्च शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत।

-प्रदेश के सभी करीब 3 लाख कॉलेज छात्र-छात्राओं का निःशुल्क 2-2 लाख रुपए का बीमा कराएगी राज्य सरकार, ऐसा करने वाला पहला राज्य होगा उत्तराखंड
-प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री ने भाजयुमो के ‘लीड अप इंडिया’ कार्यक्रम में ‘शताब्दी मतदाताओ’ को सम्मानित करते किया दावा
नैनीताल। उत्तराखंड की त्रिवेंद्र रावत सरकार मौजूदा अगले वर्ष 2019 में होने वाले लोक सभा चुनावों के लिए चुनावी मोड में आने जा रही है।  इस वर्ष सरकार युवाओं को रोजगार देकर पार्टी की ओर आकर्षित करने व उनके भरोसे को बनाए रखने पर जोर देगी। इस कोशिश में सरकार का फोकस युवाओं के साथ आरक्षित वर्ग को साधना भी होगा।

प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने मुख्यालय में दो महत्वपूर्ण दावे किये। पहला, प्रदेश की त्रिवेंद्र रावत सरकार मौजूदा वर्ष 2018 को ‘रोजगार वर्ष’ के रूप में मना रही है। इस वर्ष सरकार प्रदेश के सभी विभागों में करीब 6000 रिक्त पदों पर नियुक्तियां निकालेगी। इन नियुक्तियों में आरक्षण का पूरा खयाल रखा जाएगा। दूसरा, राज्य के सभी डिग्री कॉलेजों व विश्वविद्यालयों के परिसरों में अध्ययनरत करीब 3 लाख छात्र-छात्राओं का राज्य सरकार 2-2 लाख का निःशुल्क बीमा कराएगी। हालांकि उन्होंने साफ नहीं किया, परंतु माना जा रहा है कि यह बीमा, ग्रुप दुर्घटना बीमा होगा। इतनी बड़ी संख्या में बीमा होने के कारण ऐसे बीमों की प्रीमियम प्रति व्यक्ति के हिसाब से कम ही होती है।

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नैनीताल : नगर पालिका के एक अधिकारी के खिलाफ जांच के आदेश

-निकाले गए तीन कर्मचारियों ने लगाए थे आरोप
नवीन समाचार, नैनीताल, 10 नवम्बर 2020। नैनीताल नगर पालिका के अध्यक्ष सचिन नेगी ने नौकरी से निकाले गए तीन कर्मचारियों-सौरभ पुत्र राजू, पवन पुत्र भगवत एवं मोहित पुत्र मनोज के द्वारा लगाए गए आरोपों पर नगर पालिका के सफाई निरीक्षक कुलदीप कुमार के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं। इस मामले में नगर पालिका के वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया है। जांच समिति में नगर पालिका के अवर अभियंता एवं लेखाधिकारी को सदस्य बनाया गया है, तथा जांच समिति से एक सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट देने को कहा गया है। उल्लेखनीय है कि तीनों कर्मचारियों ने इस संबंध में अपने समाज की वाल्मीकि सभा को इस संबंध में पत्र लिखा था और नगर पालिका अध्यक्ष को पृष्ठांकित किया था, तथा वाल्मीकि सभा ने भी नगर पालिका अध्यक्ष से इस संबंध में कार्रवाई करने को कहा था।

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-वर्ष 2010-11 में लेक ब्रिज चुंगी का मामला, मामले में हुई थी सीबीआई की जांच
-धारा 471 के मामले भी किसी पर साबित नहीं, दो आरोपितों पर निचली अदालत में होगा परीक्षण
नवीन समाचार, नैनीताल, 31 अगस्त 2019। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने वर्ष 2010-11 में नैनीताल नगर पालिका की लेक ब्रिज चुंगी के मामले में सभी आरोपितों ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के आरोप खारिज कर दिये हैं। उच्च न्यायालय द्वारा जारी 30 पन्नों के आदेश में साफ कहा गया है कि मामले में सभी आरोपितों-तत्कालीन नगर पालिका अध्यक्ष मुकेश जोशी, अधिशासी अधिकारी नीरज जोशी, ठेकेदार आलोक चौधरी, क्लर्क राजेंद्र जोशी आदि के खिलाफ आपराधिक शडयंत्र, धोखाधड़ी या जालसाजी के आरोप में सीबीआई द्वारा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 120बी, 420, 468 के तहत लगायी गयी धाराओं का कोई मामला नहीं बनता है। धारा 471 में भी किसी पर आरोप साबित नहीं हुए हैं, बल्कि दो आरोपितों पर निचली अदालत में परीक्षण होगा। यानी सीबीआई द्वारा आरोपितों पर याचिकाकर्ता ठेकेदार नवबहार अली को निविदा प्रक्रिया से बाहर कर ठेकेदार आलोक चौधरी को ठेका दिलाने के लिए लाभ पहुंचाने के आरोप खारिज हो गये हैं।
मामले में उच्च न्यायालय ने माना कि 25 मार्च 2010 को नव बहार अली को उसके नाम पर निविदा निकलने की जानकारी देते हुए उसे निविदा की 50 फीसद धनराशि जमा करने को कहा गया। उसके मना करने पर दूसरे निविदादाता नवीन अग्रवाल से भी निविदा लेने को कहा गया। नवबहार अली इसके बाद तीन अप्रैल को हुई बोर्ड बैठक में भी मौजूद रहा। उसके द्वारा भी मना करने के बाद निविदा की प्रक्रिया नये सिरे से की गयी। मामले में नगर पालिका के तत्कालीन डिस्पैच क्लर्क राजेंद्र जोशी एवं यस कोरियर के एजेंट राजेंद्र शर्मा पर भी भारतीय दंड संहिता की धारा 471 के तहत भी आरोप सिद्ध नहीं हुए हैं, बल्कि उनके विरुद्ध केवल धारा 471 के तहत ट्रायल कोर्ट में मामला चलेगा। इस मामले में राजेंद्र जोशी पर केवल इतना आरोप है कि उसने कोई जालसाजी नहीं की, बल्कि उसने (बीच में आत्महत्या करने वाले) पत्रवाहक राजेंद्र मेहरा द्वारा देरी से कोरियर की रसीद लाने पर डाक रजिस्टर में कोरियर के 15 रुपए चढ़ाने में संशोधन किया। वहीं कोरियर एजेंट मनोज शर्मा पर आरोप है कि उसने कोरियर की रसीद में नवबहार अली के हस्ताक्षर खुद कर दिये। इसीलिए उच्च न्यायालय की न्यायमूति रवींद्र मैठाणी की अदालत ने धारा 471 के मामले को ट्रायल कोर्ट में परीक्षण कराने को कहा है।

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-तत्कालीन नगर पालिका अध्यक्ष, अधिशासी अधिकारी व ठेकेदार के खिलाफ सीबीआई को नहीं मिले अपेक्षित सबूत, मामला खारिज
नवीन समाचार, नैनीताल, 30 अगस्त 2019। वर्ष 2010-2011 में नगर पालिका नैनीताल के लेकब्रिज चुंगी मामले में हुई सीबीआई जांच के बहुचर्चित मामले में सीबीआई द्वारा देहरादून की सीबीआई कोर्ट में पेश की गई चार्जशीट को धारा 482 के तहत उच्च न्यायालय में चुनौती देने वाली याचिकाओं पर न्यायमूर्ति रविंद्र मैठाणी की एकलपीठ से बहुप्रतीक्षित फैसला आ गया है। मामले में बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं के अनुसार एकलपीठ ने याचिकाओं को यह कहते हुए स्वीकार किया है कि सीबीआई ने नगर पालिका नैनीताल के तत्कालीन पालिका अध्यक्ष मुकेश जोशी, अधिशासी अधिकारी नीरज जोशी व ठेका प्राप्त करने वाले ठेकेदार आलोक चौधरी के खिलाफ जो आरोप लगाये थे, उसके उनके पास अपेक्षित जरूरी साक्ष्य नहीं हैं, जिससे कि यह मामला आगे चल सके। अलबत्ता, नगर पालिका के तत्कालीन डीलिंग क्लर्क एवं कोरियर वाले की जालसाजी में भूमिका के भारतीय दंड संहिता की धारा 471 के तहत तथ्य मिले हैं।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2010-11 लेक ब्रिज चुंगी की निविदा प्रक्रिया विवादों में आ गई थी। मामले में चुंगी की निविदा नवबहार के नाम पर 2 करोड़ 10 लाख में हुई थी, लेकिन वह निर्धारित समय के भीतर निविदा की 50 फीसदी राशि जमा करने नही आये। इस कारण नगर पालिका को दुबारा से निविदा निकालनी पड़ी। जबकि नवबहार ने नगर पालिका पर आरोप लगाया था कि निविदा के संबंध में उसे किसी भी प्रकार की सूचना नही दी गयी। बाद में कोर्ट के आदेश पर इस मामले की सीबीआई जाँच हुई थी। सीबीआई ने जाँच रिपोर्ट कोर्ट में पेश कर दी थी, जिसे नगर पालिका नैनीताल के तत्कालीन पालिका अध्यक्ष मुकेश जोशी, अधिशासी अधिकारी नीरज जोशी व ठेका प्राप्त करने वाले ठेकेदार आलोक चौधरी ने चुनौती देकर उन पर सीबीआई द्वारा लगाई गई आपराधिक मामलों व शडयंत्र की धाराएं लगाने को गलत बताते हुए कहा था कि सभी निर्णय केवल उनके नहीं, बल्कि नगर पालिका बोर्ड के सर्वानुमति से लिये गये हैं। जो कुछ भी किया गया वह प्रोक्योरमेंट नियमावली के तहत ही किया गया। उनसे किसी प्रकार का धन आदि भी बरामद नहीं हुआ।

करीब 9 वर्ष बाद बेदाग साबित हुए

नैनीताल। तत्कालीन नगर पालिका अध्यक्ष मुकेश जोशी व तत्कालीन अधिशासी अधिकारी नीरज जोशी सीबीआई के आरोपों से 9 वर्ष बाद बेदाग साबित हुए हैं। इससे उन्होंने बड़ी राहत की सांस ली है। उल्लेखनीय है कि नैनीताल में सीबीआई के दायरे में आने का पहला मामला था। आरोपों से खासकर मुकेश जोशी का राजनीतिक कॅरियर भी प्रभावित हुआ था। बेदाग साबित होने पर उन्होंने अपनी सभी सुभेच्छुओं का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि सीबीआई जांच से उनकी छवि को जो आघात पहुंचा, उसकी भरपाई नहीं हो सकती है। मामले में न्यायालय का फैसला आने से इन के साथ देश की दूसरे नंबर की ऐतिहासिक नैनीताल नगर पालिका में इस मामले में भ्रष्टाचार के आरोप भी एक तरह से खारिज हुए हैं।

यह भी पढ़ें : नैनीताल नगर पालिका की सीबीआई जांच का मामला फिर सतह पर, हाईकोर्ट ने निर्णय सुरक्षित रखा…

नवीन समाचार, नैनीताल, 23 अगस्त 2019। वर्ष 2010-2011 में नगर पालिका नैनीताल के लेकब्रिज चुंगी मामले में हुई सीबीआई जांच का बहुचर्चित मामला फिर से सतह पर आ गया है। मामले में सीबीआई की चार्जशीट को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करते हर न्यायमूर्ति रविंद्र मैठाणी की एकलपीठ ने शुक्रवार को अपना निर्णय सुरक्षित रख लिया है। निर्णय अगले 10 दिन के भीतर सुनाया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2010-11 लेक ब्रिज चुंगी की निविदा प्रक्रिया विवादों में आ गई थी। मामले में चुंगी की निविदा नवबहार के नाम पर 2 करोड़ 10 लाख में हुई थी, लेकिन वह निर्धारित समय के भीतर निविदा की 50 फीसदी राशि जमा करने नही आये। इस कारण नगर पालिका को दुबारा से निविदा निकालनी पड़ी। जबकि नवबहार ने नगर पालिका पर आरोप लगाया था कि निविदा के संबंध में उसे किसी भी प्रकार की सूचना नही दी गयी। बाद में कोर्ट के आदेश पर इस मामले की सीबीआई जाँच हुई थी। सीबीआई ने जाँच रिपोर्ट कोर्ट में पेश कर दी थी, जिसे नगर पालिका नैनीताल के तत्कालीन पालिका अध्यक्ष मुकेश जोशी, अधिशासी अधिकारी नीरज जोशी व ठेका प्राप्त करने वाले ठेकेदार आलोक चौधरी ने चुनौती देकर उन पर सीबीआई द्वारा लगाई गई आपराधिक मामलों व शडयंत्र की धाराएं लगाने को गलत बताते हुए कहा था कि सभी निर्णय केवल उनके नहीं, बल्कि नगर पालिका बोर्ड के सर्वानुमति से लिये गये हैं। जो कुछ भी किया गया वह प्रोक्योरमेंट नियमावली के तहत ही किया गया। उनसे किसी प्रकार का धन आदि भी बरामद नहीं हुआ।

यह भी पढ़ें : सीबीआई जांच के दायरे में आईं राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त प्रधानाचार्या व वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री

-उनकी प्रधानाचार्य पद पर नियुक्ति और राष्ट्रपति पुरस्कार के लिए हुए नामांकन से संबंधित अधिकारी भी आ सकते हैं जांच के दायरे में
नैनीताल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने रामनगर के गोमती पूरन प्रसाद आर्य कन्या इंटर कालेज में विभिन्न पदों के लिए हुई भर्ती की प्रक्रिया में धांधली के आरोपों पर सीबीआई को चार माह के भीतर जांच कर रिपोर्ट न्यायालय में पेश करने के आदेश दिए हैं। मामले में दिलचस्प तथ्य यह भी है कि विद्यालय की प्रधानाचार्य हरिप्रिया सती वर्ष 2014 के राष्ट्रपति पुरस्कार से 5 सितंबर 2015 को तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के हाथों सम्मानित हो चुकी हैं, तथा वर्तमान में सेवानिवृत्ति की आयु पूरी होने के बाद राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त करने पर मिलने वाले दो वर्ष के सेवा लाभ के तहत ही पद पर कार्यरत हैं। साथ ही वे 35 वर्षों से कांग्रेस पार्टी से जुड़ी वरिष्ठ नेत्री भी हैं। इधर उन्होंने रामनगर नगर पालिका अध्यक्ष पद के लिए भी दावेदारी की हुई है।

इधर 31 मई को उत्तराखंड उच्च न्यायालय की मुख्य न्यायाधीश केएम जोसफ की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने एकलपीठ के सीबीआई जांच कराने से संबंधित आदेश पर रोक लगा दी है।

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नैनीताल : भौतिकी का नोबल पुरस्कार जीतने वाली प्रो. एंड्रिया का नैनीताल से है खास संबंध

-‘टीएमटी’ परियोजना के लिए भौतिकी का नोबल पुरस्कार जीतने वाली एंड्रिया के सहयोगी रहे हैं एरीज नैनीताल के डा. पांडे नवीन समाचार, नैनीताल, 9 नवम्बर 2020। वर्ष 2020 का भौतिकी के लिए नोबल पुरस्कार ‘टीएमटी’ यानी ‘थर्टी मीटर टेलीस्कोप’ यानी दुनिया की सबसे बड़ी 30 मीटर व्यास यानी फुटबॉल के मैदान जितनी बड़ी दूरबीन की … Read more

डीएलएड प्रशिक्षितों ने उठाई छोटी सी मांग, पर क्या सरकार सुनेगी ?

नवीन समाचार, नैनीताल, 2 नवम्बर 2020। केंद्र सरकार के निर्देशों पर एनआईओएस यानी राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान से डीएलएड प्रशिक्षण प्राप्त प्रशिक्षितों ने बहुत छोटी सी मांग उठाई है। उनका कहना है कि प्रदेश के प्राथमिक विद्यालयों में रिक्त पड़े शिक्षकों के पदों पर शुरू होने वाली नियुक्ति प्रक्रिया में डीएलएड व बीएड-टीईटी परीक्षा … Read more

चीन के दबाव में कालापानी पर नेपाल का दावा भ्रामक और झूठा : कार्की

-हिंदू जागरण मंच के प्रदेश संगठन मंत्री ने कहा विकट परिस्थितियों के बावजूद सीमावर्ती नागरिकों का देशप्रेम का जज्बा अनुकरणीय -अगले साथ अगस्त 2021 में आदि कैलाश महोत्सव का आयोजन करेगा हिजामं नवीन समाचार, नैनीताल, 18 अक्टूबर 2020। हिंदू जागरण मंच के प्रदेश संगठन मंत्री भगवान कार्की ने एक सप्ताह पूर्व से भारत-नेपाल व चीन … Read more

आईएसबीटी तो गौलापार में ही चाहिए, लोगों ने बुद्ध पार्क में किया अनशन व प्रदर्शन

आईएसबीटी तो गौलापार में ही चाहिए, लोगों ने बुद्ध पार्क में किया अनशन व प्रदर्शन डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार‘डॉ.नवीन जोशी, वर्ष 2015 से उत्तराखंड सरकार से मान्यता प्राप्त पत्रकार, ‘कुमाऊँ विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में पीएचडी की डिग्री प्राप्त पहले पत्रकार’ एवं मान्यता प्राप्त राज्य आंदोलनकारी हैं। 15 लाख से अधिक नए उपयोक्ताओं के … Read more

मोदी होने के मायने….

PM Modi in Uttarakhand

डॉ.नवीन जोशी, नैनीताल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) के आप कटु आलोचक हो सकते हैं। उनके संबोधनों में प्रस्तुत आंकड़े कई बार गलत व बढ़ा-चढ़ाकर पेश किए गऐ हो सकते हैं। उनके द्वारा किए गये नोटबंदी, कोरोना से निपटने में लगाए गए ‘लॉक डाउन’ के फैसलों को आप भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा पेश किये गए … Read more

हनुमानगढ़ी में पर्यटन के लिए मौजूद है एक अनछुवा आयाम

-हिरन प्रजाति के वन्य जीवों से गुलजार है यह क्षेत्र, बन सकते हैं पर्यटन का नया जरिया
नवीन समाचार, नैनीताल, 06 सितंबर 2020। जैव विविधता से परिपूर्ण सरोवरनगरी का हनुमानगढ़ी क्षेत्र इन दिनों हिरन प्रजाति के वन्य जीवों से गुलजार है। इस मौसम में यहां हिरन प्रजाति के घुरड़ों के कई सारे झुंड कई बार नैनीताल-हल्द्वानी राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी आसानी से नजर आ जाते हैं। खुले में वन्य जीवों को इस तरह सड़क के पास खुले में घूमते देखना आम लोगों के लिए भी अनूठा व रोमांचक अनुभव होता है। सामान्यतया मानवों से दूर भागने वाले ये वन्य जीव हालिया समय से यहां लगातार वाहनों एवं लोगों के गुजरने से भी अधिक डरते नहीं हैं और अपनी जगह पर बने रहकर लोगों को फोटो खींचने का मौका भी देते हैं।
उल्लेखनीय है कि हनुमानगढ़ी क्षेत्र सूर्यास्त तथा सर्दियों में खूबसूरत ‘विंटर लाइन’ के प्राकृतिक दृश्यों के लिए भी विश्व प्रसिद्ध है। साथ ही यहां बाबा नीब करौरी द्वारा स्थापित, कई नई-पुरानी फिल्मों में दिख चुका हनुमानगढ़ी मंदिर, स्वामी लीला शाह का आश्रम जहां कभी विवादित धर्म गुरु आशाराम भी रहा था, तथा चेचक व छोटी-बड़ी माता आदि त्वचा संबंधी रोगों के निदान के लिए जाना जाने वाला माता शीतला देवी का मंदिर भी स्थित है, और इन्हें देखने के लिए प्रतिवर्ष हजारों की संख्या में सैलानी व श्रद्धालु आते हैं। गत वर्ष प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाई प्रह्लाद मोदी व मोदी जी की धर्मपत्नी जशोदा बेन भी आए थे। गौरतलब है कि वन विभाग ने इस क्षेत्र में पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए पहाड़ी घर व छतरियों युक्त पार्क बनाए हैं, तथा हनुमानगढ़ी मोड़ पर भी इन दिनों पार्क बनाए जा रहे हैं। ऐसे में यहां घुरड़ों की मौजूदगी इस क्षेत्र के पर्यटन महत्व को एक नया आयाम दे सकती है।

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नवीन जोशी, नैनीताल। विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी सरोवरनगरी नैनीताल की वैश्विक पहचान केवल नगर के भीतर के नैनी सरोवर व अन्य आकर्षणों की वजह से नहीं, इसके बाहरी क्षेत्रों की खूबसूरती के समग्र से भी है। और यह खूबसूरती भी सैलानियों को सर्वाधिक आकर्षित करने वाले ग्रीष्मकालीन पर्यटन सीजन के दौरान की ही नहीं, वरन वर्ष भर और कमोबेस हर मौसम में अलग-अलग रूपों में कुदरत द्वारा उदारता से बरती जाने वाली नेमतों की वजह से भी है। मौजूदा वर्षा काल की ही बात करें तो इस मौसम में जहां पहाड़ की कमजोर प्रकृति की वजह से होने वाले खतरों की वजह से कम संख्या में सैलानी यहां आने का रुख कर पाते हैं, परंतु यही समय है जब यहां प्रकृति सुंदरी को उसकी वास्तविक सुंदरता को मानो नहा-धो कर साफ-स्वच्छ हुई स्थिति में देखा जा सकता है।

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कोरोना काल में ऐसा भी: हल्द्वानी में पुलिस ने पकड़े दो चोर, पर चोर हुए बाहर-पुलिस कर्मी ‘अंदर’..

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 20 अगस्त 2020। कोरोना काल में ऐसी घटनाएं भी हो रही हैं। हल्द्वानी मंडी पुलिस ने दो शातिर चोरों को पकड़ा। उनका मेडिकल कराया तो उनमें से एक कोरोना संक्रमित निकला। इससे महकमे में हड़कंप मच गया। इसके बाद चोरों को पकड़ने वाले छह पुलिस कर्मियों को क्वारंटाइन करना पड़ गया ताकि … Read more