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निकाय चुनाव कुमाऊं के किस नेता का बढ़ा गये कद, और किसके लिए साबित हो सकते हैं ‘वाटरलू’

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-प्रकाश पंत ने किया प्रतिष्ठा अनुरूप उम्मीद से बेहतर, वहीं नेता प्रतिपक्ष डा. इंदिरा हदयेश के लिये वाटरलू हो सकते हैं परिणाम
नवीन जोशी, नैनीताल, 22 नवंबर 2018। कुमाऊं मंडल में निकाय चुनाव के परिणामांे से सत्तारूढ़ भाजपा को जहां संजीवनी मिली है, वहीं कांग्रेस को विधानसभा चुनावों के बाद एक बार फिर आत्ममंथन करने को मजबूर कर दिया है। चुनाव में जहां कुमाऊं की 34 नगर पालिका व नगर पंचायत सीटों पर भाजपा, कांग्रेस व निर्दलीयों के बीच 11-11 सीटें जीतकर ‘टाई’ हुआ है, और एक सीट बसपा को मिली है, वहीं भाजपा ने तीनों नगर निगम-हल्द्वानी-काठगोदाम, रुद्रपुर व काशीपुर को जिस तरह भाजपा ने एकतरफा जीता है, उसके सामने निर्दलीयों व कांग्रेस की नगर पालिकाओं व नगर पंचायतांे की जीत फीकी हो गयी है। इनमें भी खासकर हल्द्वानी में जिस तरह का प्रदर्शन भाजपा ने किया है, उसे तो प्रदेश की सबसे वरिष्ठ नेत्री व नेता प्रतिपक्ष के लिए ‘वाटरलू’ साबित होने की भी भविष्यवाणी की जा रही है। जबकि दूसरी ओर प्रकाश पंत ने कुमाऊं भाजपा में अपना कद सबसे ऊंचा कर लिया है।
भाजपा ने पिथौरागढ़ जिले की पिथौरागढ़, डीडीहाट व धारचूला नगर पालिका के साथ ही गंगोलीहाट नगर पंचायत की सीटें जीतकर कांग्रेस का सूपड़ा साफ कर दिया है। उन्होंने अपने गृह जनपद पिथौरागढ़ की सभी सीटें पार्टी प्रत्याशियों को जिताने के साथ ही अपने प्रभार के ऊधमसिंह जिले में भी रुद्रपुर व काशीपुर के दो नगर निगम जीतने सहित उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। इस प्रदर्शन से उनके आगे पार्टी अध्यक्ष अजय भट्ट भी कहीं टिकते नजर नहीं आ रहे हैं। अपने गृह जनपद की अल्मोड़ा व अपने गृह नगर रानीखेत की चिलियानौला जैसी छोटी सीट भी गंवाने के बाद भट्ट को उलाहना देनी पड़ी है कि वह तो खुद ही रानीखेत से हारे हुए हैं। यानी एक तरह से उन्होंने खुद ही हार मान ली है। इससे उनकी विधानसभा चुनाव हारने के बाद दुबारा से घर में कमजोरी बेपर्दा हो गयी है। अलबत्ता भाजपा को कुमाऊं में चंपावत जिले की सभी चार सीटें-चंपावत, लोहाघाट, टनकपुर व बनबसा हारने के साथ कड़ा सबक भी मिला है। इसके बाद पार्टी के चंपावत जिलाध्यक्ष मदन मोहन जोशी ने इस्तीफा भी दे दिया है। इसके पीछे भाजपा द्वारा मुख्यालय के निवर्तमान अध्यक्ष प्रकाश तिवारी का टिकट काटकर कांग्रेसी पृष्ठभूमि के व्यक्ति को टिकट देना और टनकपुर में भाजपाइयों द्वारा अपने प्रत्याशी दीप पाठक की जगह निर्दलीय विपिन के लिये काम करने जैसे भितरघात के आरोप भी आम हैं। कुमाऊं मंडल मुख्यालय में भी भाजपा को हार मिली है, अलबत्ता यहां भाजपा प्रत्याशी अरविंद पडियार ने भाजपा के इतिहास में सर्वाधिक वोट एवं पहली बार तीसरा स्थान प्राप्त किया है। लेकिन यदि यहां यदि भाजपा गत दिनों हुए डीएसबी परिसर के छात्र संघ चुनावों में एबीवीपी के विरोधी प्रत्याशी का समर्थन न करते तो इस चुनाव के नतीजे पहली बार जीत के रूप में ऐतिहासिक भी हो सकते थे। वहीं प्रदेश के शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे की गदरपुर सीट पर भाजपा की हार उनकी कमजोरी को प्रदर्शित करने वाली है।
वहीं नगर निगमों में पार्षद एवं निकायों में सभासद पदों पर भाजपा के प्रदर्शन पर इसलिये कोई टिप्पणी नहीं की जा सकती, क्योंकि चुनाव में केवल भाजपा ने ही इन पदों पर टिकट दिये। वास्तव में निकायों में सभासद-पार्षद पदों के लिए टिकट देने का फैसला ही किसी भी पार्टी के लिए बेहद जोखिम भरा था। ऐसे में सभी वार्डों में भाजपा के प्रत्याशी एक ओर और शेष सभी प्रत्याशी दूसरी ओर थे। यह वैसा ही है कि कि किसी नगर या वार्ड के लिए केवल एक प्र्रत्याशी किसी पार्टी के चुनाव चिन्ह पर लड़ रहा हो, और उसके साथ ही 9 निर्दलीय सहित कुल 10 प्रत्याशी भी मैदान में हों तो पार्टी प्रत्याशी सहित किसी भी एक प्रत्याशी के जीतने की प्रायिकता एक बट्टे 10 जबकि निर्दलीयों के जीतने की प्रायिकता 9 बट्टे 10 होती है। ऐसे में साफ तौर पर उनके जीतने की प्रायिकता सबसे कम और साथ ही जिस वार्ड में जितने अधिक प्रत्याशी थे, उसमें उतनी ही कम थी। साथ ही निकाय व पंचायत चुनावों में हमेशा ही सत्तारूढ़ दल को निर्दलीयों व विपक्ष से कम सीटें ही मिलती हैं। ऐसे में भाजपा प्रत्याशी जितनी सीटें भी जीते हैं, उनके लिये संतोषजनक हैं, और लोक सभा में जाने की तैयारी के बीच संभवतया पुराने अनुभवों के आधार पर हार के भय से निकाय चुनाव कराने से बच रही भाजपा के लिए निकाय चुनाव के परिणाम बड़ी राहत से कम नहीं हैं।

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नवीन जोशी, नैनीताल, 21  नवंबर 2018 । निकाय चुनाव के घोषित परिणामों ने नैनीताल जनपद में कई राजनेताओं का कद छोटा-बड़ा कर दिया है। इनमें सबसे बड़े नाम नेता प्रतिपक्ष एवं भाजपा की कद्दावर मंत्री डा. इंदिरा हृदयेश एवं पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के हैं। निकाय चुनाव से पूर्व ही रावत को असोम राज्य का दायित्व देने के साथ बनी असमंजस की स्थिति कि इससे रावत का कद बढ़ाया गया, अथवा उन्हें उत्तराखंड की राजनीति से दूर कर इंदिरा एवं प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह के खेमे को ‘फ्री हैंड’ दे दिया गया, निकाय चुनाव के लिए टिकट वितरण तक भी बना हुआ था। अब चुनाव परिणामों के बाद इन नेताओं की स्थिति एक बार फिर बदल गयी है। खासकर हल्द्वानी में कांग्रेस की जीत को कांग्रेस के ही नेता व कार्यकर्ता कुछ हद तक अतिवादी होकर इसे इंदिरा का ‘राजनीतिक अंत’ तक करार देने लगे हैं। और इसके बाद नैनीताल लोकसभा सीट के लिए इंदिरा की जगह हरीश रावत को टिकट मिलने के कयास भी लगाने लगे हैं। कहा जा रहा है कि इस चुनाव में टिकट बांटने की आजादी मिलने पर इंदिरा को बड़ा दिल दिखाते हुए ‘अंधा बांटे रेवड़ी, फिर-फिर अपने देऊ’ की नीति से बाहर निकल अपने पुत्र के बजाय किसी सशक्त कांग्रेस कार्यकर्ता को टिकट देना चाहिये था, और स्वयं लोक सभा की तैयारी करनी चाहिये थी।
उल्लेखनीय है कि नैनीताल जिले में समग्र तौर पर देखें तो जिले के सात निकायों में पिछली बार तीन-तीन सीटें भाजपा व कांग्रेस के पास तथा मुख्यालय की एक सीट कांग्रेस के पास थीं। वहीं इस बार कांग्रेस नैनीताल की उक्रांद से सीट छीनकर एक सीट के फायदे में हैं। यानी उसके पास अब चार निकाय हो गये हैं, और भाजपा के पास पिछली बार की तरह ही तीन निकाय हैं, और उक्रांद एक सीट भी गंवाकर पैदल हो गया है। भवाली में भाजपा तथा लालकुआ व रामनगर में कांग्रेस अपनी सीट बचाने में सफल रही है। वहीं भीमताल व कालाढुंगी में भाजपा-कांग्रेस दोनों ने एक-दूसरे की सीटें छीनकर हिसाब बराबर कर दिया है। परंतु वास्तव में हिसाब बराबर नहीं, बल्कि हिसाब का कांटा कांग्रेस के पास एक अतिरिक्त सीट होने के बावजूद भाजपा की ओर झुकता दिख रहा है। कारण, जिले की एकमात्र हल्द्वानी-काठगोदाम नगर निगम की सीट है, जिस पर न केवल भाजपा के निवर्तमान मेयर डा. जोगेंद्र सिंह रौतेला ने लगातार दूसरी जीत प्राप्त कर इतिहास रच दिया है, बल्कि प्रदेश की ताकतवर कांग्रेस नेत्री से पिछले विस चुनाव का बदला भी ले लिया है। कहना लाजमी है कि हल्द्वानी नगर निगम की सीट करीब तीन विधायकों के क्षेत्रों को समाहित कर उनके बराबर ताकत रखती है।

नैनीताल में सरिता ने निकाल ली इंदिरा के दांव की काट !

नैनीताल। नैनीताल मुख्यालय में कांग्रेस प्रत्याशी सचिन नेगी की जीत से भी इंदिरा हृदयेश के लिए अच्छा संदेश नहीं गया है। इस चुनाव में अपने समर्थक कांग्रेस नगर अध्यक्ष मारुति नंदन साह को छोड़ सचिन नेगी के साथ खड़े होकर और जिताकर महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष सरिता आर्य ने इंदिरा हृदयेश के उन्हें ‘घर बैठाने’ के दांव की काट निकाल ली है। इससे सरिता के राजनीतिक कद को नवजीवन मिल गया है। नैनीताल से विधायक रहने के साथ ही वर्ष 2003 से 2008 तक नैनीताल नगर पालिका की अध्यक्ष रह चुकी सरिता आर्या ने सचिन के रूप में दो कार्यकाल यानी 10 वर्षों के बाद नैनीताल की नगर पालिका में कांग्रेस को वापसी कराकर अपनी राजनीतिक प्रतिष्ठा बचा ली है। इसके अलावा स्वयं के आंकलन में करीब 3000 वोट ला रहे कांग्रेस प्रत्याशी सचिन नेगी को इस चुनाव में उम्मीद से करीब 800 वोट अधिक मिले। बताया जा रहा है इसमें बड़ी भूमिका उन्हें मदद कर रहे नाराज भाजपाइयों की तो रही ही, भाजपा के उन रणनीतिकारों की भी रही, जिन्होंने किसन नेगी को जीत से दूर करने के लिए मुस्लिम वोटों को किसन नेगी की बजाय, उनके अनुसार चुनाव हार रहे सचिन नेगी को दिलाने की रणनीति बनाई। सचिन की जीत इसलिये भी महत्वपूर्ण एवं राजनीतिक पंडितों के लिए भी अप्रत्याशित रही है, क्योंकि मैदान में खड़े 13 में से आधे से अधिक प्रत्याशी कांग्रेसी पृष्ठभूमि के थे। यदि वे खड़े न होते और समर्थन न भी करते तो अपने वोट तो अवश्य कांग्रेस को देते ही। वहीं नैनीताल विधानसभा की इंदिरा के खेमे से राजनीति करने वाले कांग्रेस नेताओं को भी गहरा राजनीतिक धक्का लगा है।
इधर, भाजपा के लिए नैनीताल मुख्यालय मे हार के बावजूद राहत भरी बात यह है कि भाजपा ने उत्तराखंड बनने के बाद के राजनीतिक इतिहास में पहली बार नैनीताल नगर में अध्यक्ष पद पर 2800 से अधिक मत प्राप्त किये हैं, और उसका प्रत्याशी तीसरे स्थान पर रहा है, जबकि इससे पूर्व 2013 के चुनाव में अनुसूचित वर्ग के लिए आरक्षित सीट पर कम प्रत्याशी होने के बावजूद तब के भाजपा प्रत्याशी संजय कुमार ‘संजू’ ने तब तक के सर्वाधिक, पर करीब 2200 वोट ही प्राप्त किये थे, और पांचवे स्थान पर रहे थे। वहीं निर्दलीय किसन नेगी के जीतने की जिस ‘आंधी’ के स्तर की हवा उनके समर्थकों ने उनके लिये फैलाई थी, वैसे वोट अपने गढ़ बताये जा रहे 7 नंबर व अपने गृह क्षेत्र आवागढ़ से नहीं ला पाए, और कमोबेश उन्हें हराने के लिए ही चुनाव मैदान में आये बताये जा रहे पूर्व डीएसए महासचिव अजय साह अपने मकसद में कामयाब रहे। इसके अलावा इस चुनाव में सबसे बड़ा बदलाव या नुकसान उक्रांद को उठाना पड़ा, जिनके वोट इस चुनाव में 2013 के चुनाव को छोड़कर सर्वाधिक कम हुए। इसका कारण निवर्तमान पालिकाध्यक्ष श्याम नारायण के स्वयं उनके अनुसार ‘असफल’ रहे कार्यकाल के साथ ही आखिरी दिन मल्लीताल में असफल रही जनसभा को भी माना जा रहा है। वहीं सरस्वती खेतवाल और अजय साह इस चुनाव में नैनीताल के नई शक्ति पुंज बन कर उभरे हैं। खेतवाल ने आखिरी दौर में शक्ति प्रदर्शन न करके शुरुवाती बढ़त को खो दिया। इस प्रकार इस चुनाव से पूर्व विधायक सरिता आर्य की डूबती साख भी लौटी है तो प्रत्याशी के हारने के बावजूद भाजपा विधायक संजीव आर्य की लाज भी बची है। वैसे वे भवाली की सीट भी संजय वर्मा की जीत के साथ बचाने में सफल रहे हैं।

पूरी तरह से नौसिखिया होगी नैनीताल की नयी नगर पालिका बोर्ड

नैनीताल। नैनीताल नगर पालिका की नई बोर्ड में सामान्य सीट से लगातार दूसरी बार जीती एकमात्र पूर्व सभासद सपना बिष्ट के अलावा सभी सदस्य नए यानी पहली बार चुने हुए पहुंचे हैं। इस लिये नई बोर्ड केवल एक महिला सभासद को छोड़कर पूरी तरह से नौसिखिया होगी। साथ ही यह भी दिलचस्प रहा कि सपना बिष्ट को छोड़कर इस चुनाव में मैदान में आये सभी पूर्व सभासदों के साथ ही उनकी पत्नियों को भी मतदाताओं ने नहीं जिताया। अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़े पूर्व सभासद राजेंद्र परगाई व दीपा मिश्रा के साथ ही पूर्व सभासद डीएन भट्ट, दीप नारायण, नीतू बोहरा, जितेंद्र बिष्ट, किरण साह, पूर्व मनोनीत सभासद राजेश वर्मा व पूर्व सभासद मनोज अधिकारी की पत्नी नीमा अधिकारी आदि सभी चुनाव हार गये। इसलिये नई बोर्ड के लिये उनका कार्यकाल चुनौती के साथ एक अवसर भी होगा। इस चुनाव से भाजपा को गैरभाजपाइयों को वार्डों में टिकट देने का सबक भी मिला है। भाजपा के 6 में से केवल एक सभासद प्रत्याशी कैलाश रौतेला ही चुनाव जीते हैं। अलबत्ता निर्दलीय जीती सपना बिष्ट भी भाजपा के मंडल महासचिव कुंदन बिष्ट की धर्मपत्नी हैं।

नैनीताल से कांग्रेस के सचिन नेगी जीते, सचिन को 3863, निर्दलीय किसन नेगी को 3577 और भाजपा के अरविंद पडियार को 2822 वोट मिले

नैनीताल, 18 नवंबर 2018। दिन भर की लंबी जद्दोजहद के बाद रात्रि नौ बजे घोषित परिणामों के अनुसरा नैनीताल से कांग्रेस के सचिन नेगी अध्यक्ष पद का चुनाव जीत गये हैं। सचिन को इस चुनाव में 3863 मत मिले, जबकि उनके निकटतम प्रत्याशी निर्दलीय प्रत्याशी किसन सिंह नेगी को 3577 मत मिले, यानी सचिन ने 293 मतों से चुनाव जीता। वहीं भाजपा के प्रत्याशी अरविंद पडियार को 2822 वोटों के साथ तीसरे स्थान के साथ निराशा मिली। सचिन की जीत से महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष सरिता आर्य की प्रतिष्ठा भी बच गयी है, जो नैनीताल से विधायक रहने के साथ वर्ष 2003 से 2008 तक नैनीताल नगर पालिका की अध्यक्ष रह चुकी हैं। इस प्रकार सचिन ने दो कार्यकाल यानी 10 वर्षों के बाद नैनीताल की नगर पालिका में कांग्रेस को वापसी करायी है। 

वहीं अन्य प्रत्याशियों की बात करें तो बसपा के उम्मीदवार रईश अहमद अंसारी को 247, उक्रांद के प्रकाश पांडे को 1363, निर्दलीय अजय साह को 1789, खजान सिंह डंगवाल को 200, पूर्व सभासद रही दीपा मिश्रा को 386, राज्य के पूर्व महाधिवक्ता वीबीएस नेगी की धर्मपत्नी नलिनी नेगी को 305, उत्तराखंड लोक वाहिनी के समर्थित प्रत्याशी नीरज जोशी को 436, पूर्व सभासद व उपभोक्ता फोरम के पूर्व सदस्य राजेंद्र परगाई को 695, अनेक संगठनों से जुड़़ी सामाजिक कार्यकत्री डा. सरस्वती खेतवाल को 1610 व संजय साह को सबसे कम 148 मत, जबकि नोटा को 48 मत मिले, तथा 671 मत अवैध घोषित हुए।

भीमताल से कांग्रेस के देवेंद्र चनौतिया ने भाजपा से सीट छीन ली

नैनीताल। भीमताल नगर पंचायत सीट से कांग्रेस के देवेंद्र सिंह चनौतिया ने भाजपा से सीट छीन ली। इस सीट पर भाजपा प्रत्याशी दिनेश सांगुड़ी तीसरे स्थान पर रहे। विजयी रहे कांग्रेस के देवेंद्र को 1674 और दूसरे स्थान पर रहे निर्दलीय हितेंद्र सिंह बिष्ट को 1367 वोट मिले। इस प्रकार चनौतिया की जीत 307 वोटों से रही। वहीं भाजपा के दिनेश सांगुड़ी 1193 वोट लाकर तीसरे स्थान पर रहे। उनके अलावा बसपा के महमूद खान को 356 तथा निर्दलीय सौरभ रौतेला को 355, संदीप पांडे को 190, देवेंद्र सिंह फर्त्याल को 393 व चिरंजी लाल को 122 वोट मिले।
वहीं सभासद पद पर मल्लीताल वार्ड से भाजपा के भारत लोशाली 199, डाक बंगला से निर्दलीय सीमा पहले एक वोट से हारने के बाद दुबारा से कराई गयी मतगणना के बाद 392 वोट प्राप्त कर भाजपा की तुलसी देवी को दो वोटों से हराकर जीतीं। वहीं विलासपुर वार्ड में निर्दलीय रामपाल सिंह गंगोला 201, नौकुचियाताल से निर्दलीय ललित मोहन सिंह मेहरा 267, तल्लीताल से निर्दलीय भुवन सिंह पडियार भाजपा प्रत्याशी किरन से सीधे मुकाबले में 317, जून स्टेट से निर्दलीय दीपक कुमार आर्या 450, कुंवाताल से निर्दलीय आशा उप्रेती शर्मा 185, इंडस्ट्रियल एरिया से भाजपा की सुनीता पांडे 284 एवं महरागांव से निर्दलीय निरंजन सिंह रैकुनी 192 वोट प्राप्त करके जीते।

भवाली से खिला संजय वर्मा ने खिलाया भाजपा का कमल

नैनीताल । नैनीताल जिले में सत्तारूढ़ भाजपा के लिये पहली सुखद खबर भवाली नगर पालिका से आयी। यहां अध्यक्ष पद पर स्थानीय विधायक संजीव आर्या के करीबी संजय वर्मा जीत गये हैं। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के पुष्पेश चंद्र पांडे को 243 मतों के अंतर से हराया। इस सीट पर 136 मत रद्द भी किये गये हैं। 

भवाली सीट पर विजयी रहे भाजपा के संजय वर्मा को 1657, कांग्रेस के पुष्पेश पांडे को 1038 मत मिले। वहीं भाजपा के बागी लवेंद्र सिंह क्वीरा 557 मत लेकर तीसरे, नरेश पांडे 541 मतों के साथ चौथे व बसपा के हरेंद्र 186 मतों के साथ सबसे पीछे रहे। 22 वोट नोटा को पड़े, जबकि 136 मत अवैध भी घोषित हुए।

वहीं वार्डों की बात करें तो सेनीटोरियम वार्ड पर निर्दलीय ममता आर्या ने ज्योति साह को 193 मतों के अंतर से हराया। 8 मत अवैध घोषित हुए। गांधी कलौनी वार्ड से निर्दलीय किशन अधिकारी ने कंचन सिंह बोनाल को 168 के अंतर से, रेहड़ से पूजा भारती ने मालती को 160 के अंतर से, मल्लीत बाजार से नाजमा ने बीना साह को 231 से, भौनियाधार से मुकेश कुमार ने मोहन चंद्र को 61 से, श्यामखेत-कहलक्वीरा से सुनील ने तरुण कुमार साह को 8 वोटों के अंतर से हराया। गौरतलब है कि इस वार्ड पर 9 मत अवैध भी घोषित हुए। वहीं दुगई स्टेट वार्ड से विनोद चंद्र तिवारी ने गिरीश जोशी को 124 मतों के अंतर से हराया। 

हल्द्वानी में चला ‘दिल्ली में नरेंद्र, दून में त्रिवेंद्र, हल्द्वानी में जोगेंद्र’ का नारा

-भाजपा के जोगेंद्र ने लगातार दूसरी बार मेयर बनकर रचा इतिहास
नवीन जोशी, नैनीताल। प्रदेश की आर्थिक राजधानी व कुमाऊं के प्रवेश द्वार हल्द्वानी में भाजपा प्रत्याशी जोगेंद्र सिंह रौतेला ने राज्य बनने के बाद हल्द्वानी का लगातार दूसरी बार नगर प्रमुख बनने के मामले में इतिहास रच दिया। इससे पूर्व 20वीं सदी में बेलवाल परिवार को यह गौरव प्राप्त था। जोगेंद्र की जीत में भाजपा द्वारा हल्द्वानी में दिये गये ‘दिल्ली में नरेंद्र, दून में त्रिवेंद्र व हल्द्वानी में जोगेंद्र’ का नारा चल पड़ा। जोगेंद्र की जीत ने कांग्रेस व खासकर प्रदेश की कद्दावर कांग्रेस नेत्री व नेता प्रतिपक्ष डा. इंदिरा हृदयेश के ‘काम बोलता है’ के नारे को थोथा साबित कर दिया, और पिछले विधान सभा चुनाव में उनसे मिली करीब 6 हजार वोटों के अंतर से मिली शिकस्त को उनके पुत्र सुमित हृदयेश को करीब 11 हजार वोटों के ‘शगुन’ जैसे अंतर से जीत के साथ एक तरह से लौटा दिया है। इसके साथ ही नेता प्रतिपक्ष डा. इंदिरा हृदयेश के राजनीतिक भविष्य पर स्वयं कांग्रेस जनों की ओर से भी कुछ अतिवादी स्वर सुनाई देने लगे हैं। जोगेंद्र की जीत में उनकी छवि, पिछले कार्यकाल में मेयर के रूप में किये गये कार्यों के साथ ही इस बार नगर निगम के क्षेत्र विस्तार में ग्रामीण क्षेत्रों को शामिल किये जाने की भी बड़ी भूमिका मानी जा रही है, जहां भाजपा पूर्व काबीना मंत्री व विधायक बंशीधर भगत व विधायक नवीन चंद्र दुम्का द्वारा किये गये कार्यों पर भी एक तरह से जनता ने मुहर लगा दी है।
मंगलवार देर रात्रि घोषित परिणामों के अनुसार हल्द्वानी से भाजपा के उम्मीदवार जोगेंद्र पाल सिंह रौतेला को 64793, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी सुमित हृदयेश को 53939 वोट मिले। इस प्रकार उनकी जीत का अंतर 10854 वोटों का रहा है। अन्य प्रत्याशी सपा के शोएब अहमद को 9234, बसपा के शिव गणेश को 1254, उक्रांद के सुशील उनियाल को 1328, आप की गीता बल्यूटिया को 555 तथा निर्दलीय अनिल कुमार को 785,रूपेद्र नागर को 2051 और ललित मोहन डालाकोटी को 851 तथा नोटा को 848 वोट मिले, जबकि 5204 वोट रद्द किये गये। वहीं पार्षद के पदों की बात करें तो निर्दलीयों को 39, भाजपा को 20 और उक्रांद को एक सीट मिली। नगर निगम में शामिल होने से पहले गांवों के प्रधान रहे कई प्रत्याशी भी पार्षद बनने में सफल रहे हैं। कांग्रेस ने पार्षद पदों के लिए टिकट नहीं दिये। कांग्रेस प्रत्याशी सुमित हृदयेश अपनी हार के लिए पार्षद के पदों पर कांग्रेस पार्टी द्वारा टिकट न दिये जाने को भी बड़ा कारण बताया।

हल्द्वानी नगर निगम में पार्षद पद पर विजयी प्रत्याशी :
वार्ड 1 – भाजपा की नीमा तिवारी
वार्ड 2 – भाजपा की अंजू जोशी
वार्ड 3 – निर्दलीय डेविड
वार्ड 4 – निर्दलीय दीपा बिष्ट
वार्ड 5 – भाजपा की मीना देवी
वार्ड 6 – निर्दलीय नरेंद्रजीत रोहडू
वार्ड 7 – भाजपा के धीरेंद्र रावत
वार्ड 8 – उक्रांद के रवि वाल्मीकि
वार्ड 9 – निर्दलीय राजेंद्र सिंह जीना
वार्ड 10 – निर्दलीय अनुराधा नेगी
वार्ड 11 – निर्दलीय रवि जोशी
वार्ड 12 – निर्दलीय राधा आर्या
वार्ड 13 – निर्दलीय मुन्नी कश्यप
वार्ड 14 – निर्दलीय महेश चंद
वार्ड 15 – निर्दलीय शाकिर हुसैन
वार्ड 16 – भाजपा के तन्मय रावत
वार्ड 17 – भाजपा के मधुकर श्रोत्रिय
वार्ड 18 – भाजपा के मनोज गुप्ता
वार्ड 19 – भाजपा के राजेंद्र कुमार।
वार्ड 20 – निर्दलीय हेमंत कुमार मोना
वार्ड 21 – निर्दलीय गुफरान
वार्ड 22 – निर्दलीय तरन्नुम
वार्ड 23 – निर्दलीय महबूब आलम
वार्ड 24 – निर्दलीय लईक अहमद
वार्ड 25- जिशान परवेज
वार्ड 26- ज्योति सुमित कुमार
वार्ड 27- रोहित कुमार
वार्ड 28 – निर्दलीय इमरान खान
वार्ड 29- जेबा वारसी
वार्ड 30 – निर्दलीय जाकिर हुसैन
वार्ड 31- शकील एहमद
वार्ड 32- फईम जेबा सलमानी
वार्ड 33- कुबरा बेगम
वार्ड 34- ज्योति पण्डे
वार्ड 35- रेनू टम्टा
वार्ड 36- चम्पा देवी, निर्दलीय
वार्ड 37- विद्या देवी, निर्दलीय
वार्ड 38- भाजपा के प्रमोद तोलिया
वार्ड 39- ममता जोशी
वार्ड 40- प्रमोद पंत
वार्ड 41- भाजपा के चंद प्रकाश
वार्ड 42- धीरज पांडे
वार्ड 43- पंकज चुफाल
वार्ड 44- सुरेन्द्र मोहन नेगी
वार्ड 45- गंगा जोशी, निर्दलीय
वार्ड 46- गोपाल बिष्ट, निर्दलीय
वार्ड 47- भाजपा के डूंगर सिंह बिष्ट
वार्ड 48- गीता बलुटिया, निर्दलीय
वार्ड 49- विनोद कुमार दानी, निर्दलीय
वार्ड 50- नीम भट्ट, निर्दलीय
वार्ड 51- मुकेश सिंह बिष्ट, निर्दलीय
वार्ड 52- भाजपा की राजेश्वरी भट्ट
वार्ड 53- नीरज बगडवाल, निर्दलीय
वार्ड 54- भाजपा के चंद शेकर कांडपाल
वार्ड 55- भाजपा के अमित बिष्ट
वार्ड 56- भाजपा के राजेन्द्र सिंह नेगी
वार्ड 57- भाजपा के दिनेश सिंह बिष्ट
वार्ड 58- मनोज जोशी, निर्दलीय
वार्ड 59- रईश अहमद वारसी, निर्दलीय
वार्ड 60- भाजपा के मनोज मटवाल

नैनीताल से अध्यक्ष प्रत्याशियों को वार्डवार सही-सही मिले मत :

अरविंद पडियार (भाजपा): 126 +130+120+60+256=692
रईस अंसारी (बसपा): 30+46+4+7+15=102
सचिन नेगी (कांग्रेस): 268+401+291+391+162=1513
प्रकाश पांडे (उक्रांद): 67+64+106+38+232=507
अजय साह (निर्दलीय): 203+109+78+53+56=499
किशन सिंह नेगी (निर्दलीय): 421+176+87+150+555=1389
खजान सिंह डंगवाल (निर्दलीय):10+96+4+2+4=116
दीपा मिश्रा (निर्दलीय):14+8+183+6+13=225
नलिनी नेगी (निर्दलीय):31+31+6+4+24=96
नीरज जोशी (निर्दलीय):32+34+5+31+40=142
राजेंद्र परगाई ‘राजू’ (निर्दलीय):39+56+32+42+15=184
सरस्वती खेतवाल (निर्दलीय): 64+100+101+140+93=498
संजय साह (निर्दलीय):7+2+3+3+11=26
नोटा:15, रद्द : 229

नैनीताल के सभाषद प्रत्याशियों की वार्डवार स्थिति :

वार्ड नम्बर 01:- श्री सागर आर्या।
वार्ड नंबर 02:- श्री सुरेश आर्य।
वार्ड नंबर 03:- श्रीमती निर्मला।
वार्ड नंबर 04:- श्रीमती रेखा आर्य।
वार्ड नंबर 05:- श्री पुष्कर बोरा।
वार्ड नंबर 06:- श्री भगवत सिंह महरा।
वार्ड नंबर 07:- श्रीमती गजाला कमाल (कांग्रेस)
वार्ड नंबर 08:- श्री मनोज साह जगाती।
वार्ड नंबर 09:- श्री दीपक बर्गली।
वार्ड नंबर 10:- श्रीमती सपना बिष्ट (भाजपा)
वार्ड नंबर 1:- श्री कैलाश रौतेला (भाजपा)।
वार्ड नंबर 12:- श्रीमती दया सुयाल।
वार्ड नंबर 13:- श्री राजू टाक।
वार्ड नंबर14:- श्री मोहन सिंह नेगी।
वार्ड नंबर 15:- श्रीमती प्रेमा अधिकारी।

वार्डवार मिले मत : वार्ड-1 स्टाफ हाउसः
कमल कुमार (निर्दलीय) : 169
तरुण कुमार मोंटी (निर्दलीय) : 270
रमेश प्रसाद (निर्दलीय) : 223
रोहित कुमार (निर्दलीय) : 288
सविता (निर्दलीय) : 27
सागर आर्या (निर्दलीय) : 314 (जीते)
नोटाः 3, रद्द हुए 54 कुल मत: 1348

वार्ड-2 शेर का डांडाः
अजय कुमार आर्या (निर्दलीय) : 147
अमरजीत सिंह (निर्दलीय) : 377
शशांक कुमार ‘गुड्डू’ (निर्दलीय) : 284
सुरेश चंद्र (निर्दलीय) : 452  (जीते)
नोटाः 11, रद्द हुए: 34, कुल वोट: 1305

वार्ड-3 राजभवनः
दीपा आर्या (निर्दलीय) : 440
निर्मला चंद्रा (निर्दलीय) : 478 (जीती)
विद्या देवी (निर्दलीय) : 124
नोटाः 12, रद्द हुए 43, कुल मत: 43

वार्ड -4 हरीनगरः
कमला (निर्दलीय) : 433
रेखा आर्या (निर्दलीय) : 483  (जीते)
नोटाः 14, रद्द हुए: 29, कुल मत 959

वार्ड-5 स्नोव्यूः
चंपा रेखाड़ी (निर्दलीय) : 61
जितेंद्र कुमार पांडे ‘जीनू’ (निर्दलीय) : 395
नारायण सिंह कार्की (निर्दलीय) : 213
नीरज डालाकोटी (निर्दलीय) : 22
पुष्कर बोरा (निर्दलीय) : 420 (जीते)
प्रशांत दीक्षित ‘गुड्डू’ (निर्दलीय) :362
विरेंद्र बिष्ट (निर्दलीय) : 19
नोटाः 5, रद्द हुए 38, कुल मत 1535

वार्ड -6 नारायण नगरः
सुधा साह (भाजपा)ः
अतुल कुमार (निर्दलीय)ः
नरेंद्र सिंह पपोला ‘नैन’ (निर्दलीय)ः
नरेंद्र सिंह बिष्ट (निर्दलीय)ः
भगवत सिंह रावत (निर्दलीय)ः 3 voton se जीते
मेहराज अहमद (निर्दलीय)ः
शिरीश चंद्र (निर्दलीय)ः
सचिन कुमार (निर्दलीय)ः
नोटाः

वार्ड -7 सूखातालः
विजय लक्ष्मी थापा (भाजपा) : 400
गजाला कमाल (निर्दलीय) : 675 (जीती)
नसरीन (निर्दलीय) : 413
नोटाः 8, रद्द हुए 57, कुल मत: 1553

वार्ड-8 अयारपाटाः
जितेंद्र सिंह बिष्ट (भाजपा) : 330
मनोज साह जगाती (निर्दलीय) : 652 जीते
रवि जोशी (निर्दलीय) : 99
नोटाः 4, रद्द हुए 1081, कुल वोट: 1124

वार्ड-9 अपर मालः
नीतू बोहरा (भाजपा) : 88
दीपक बर्गली (निर्दलीय) : 461 (जीते)
पूरन सिंह बिष्ट ‘पूरन भाई’ (निर्दलीय) : 377
पूरन सिंह बिष्ट (निर्दलीय) : 174
मनोहर सिंह कार्की (निर्दलीय) : 161
नोटाः 11, रद्द हुए 32, कुल वोट: 1304

वार्ड- 10 नैनीताल क्लबः
कुंदन सिंह नेगी (निर्दलीय) : 120
कैलाश आगरी (निर्दलीय) : 81
राजेश वर्मा (निर्दलीय) : 274
विक्रम सिंह रावत ‘विक्की’ (निर्दलीय)ः 167
शैलेश सिंह बिष्ट (निर्दलीय) : 80
सपना बिष्ट (निर्दलीय) : 356 (दूसरी बार जीती)
संदीप कुमार (निर्दलीय) : 62
नोटाः 5, रद्द हुए 35, कुल मत: 1180

वार्ड – 11 श्री कृष्णापुर

कैलाश सिंह रौतेला (भाजपा): 445 (जीते)
दीप नारायण (निर्दलीय): 414
डीएन भट्ट (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड -12 सैनिक स्कूल:

नीमा अधिकारी (भाजपा): 412
दया सुयाल (निर्दलीय): 539 (जीती)
नोटा:

वार्ड -13 आवागढ़ः

अजय सिंह बिष्ट (निर्दलीय) : 175
जितेंद्र सिंह ‘जीतू’ (निर्दलीय) : 242
पवन कुमार व्यास (निर्दलीय) : 115
राजू टांक (निर्दलीय) : 447 (जीते)
नोटाः 4, रद्द 34 कुल 1017

वार्ड-14 मल्लीताल बाजारः

मनोज साह (उक्रांद) : 78
मनीष साह ‘मिक्की’ : 206
मोहन सिंह नेगी (निर्दलीय) : 356 (जीते)
ललित मोहन सिंह (निर्दलीय) : 105
विजय साह (निर्दलीय) : 178
विनोद चंद्र जोशी (निर्दलीय) : 72
विवेक वर्मा (निर्दलीय) : 196
नोटाः 4, रद्द 29, कुल 1224

वार्ड-15 तल्लीताल बाजार:

किरण साह (निर्दलीय) : 281
गायत्री बिष्ट (निर्दलीय) : 32
प्रेमा अधिकारी (निर्दलीय) : 381(जीती)
फरहा नाज (निर्दलीय) : 56
हेमा बिष्ट (निर्दलीय) : 293
नोटा: 14, रद्द 33, कुल 1090

भवाली नगर पालिका में अध्यक्ष पद के प्रत्याशियों को मिले मतों की स्थिति:

पुष्पेश चंद्र पांडे (कांग्रेस): 1038
संजय वर्मा (भाजपा): 1657
हरेंद्र (बसपा): 186
नरेश पांडे (निर्दलीय): 541
लवेंद्र सिंह क्वीरा (निर्दलीय): 577
नोटा: 22, रद्द 136

वार्डवार सभासद पदों की स्थिति: वार्ड-1 सैनिटोरियम:

ज्योति साह (निर्दलीय): 155
ममता बिष्ट (निर्दलीय): 347 आगे
नोटा:

वार्ड-2 गांधी कलौनी :

किशन अधिकारी (निर्दलीय): 283 जीते
कैलाश चंद्र भगत (निर्दलीय): 97
कंचन सिंह बोनाल (निर्दलीय): 119
नोटा:

वार्ड-3 रेहड़:

पूजा भारती (निर्दलीय): 312 जीती
मालती (निर्दलीय): 152
रूपा रानी (निर्दलीय): 136
नोटा:

वार्ड-4 मल्ली बाजार:

इशरत (निर्दलीय):
नाजमा (निर्दलीय): 337 जीती
बीना साह (निर्दलीय): 204
नोटा:

वार्ड-5ः भौनियाधार:

मुकेश कुमार (निर्दलीय): आगे
मुकेश चंद्र आर्या (निर्दलीय):
मोहन चंद्र (निर्दलीय):
हेमंत कुमार (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड -6 श्यामखेत कहलक्वीरा:

तरुण कुमार साह (निर्दलीय):
धीरज चंद्र (निर्दलीय):
सुनील (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड -7 दुगई स्टेट:

गिरीश चंद्र जोशी (निर्दलीय):
विनोद चंद्र तिवारी (निर्दलीय): आगे
नोटा:

भीमताल नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के प्रत्याशियों को 2 वार्डों में मिले मतों की स्थिति:

दिनेश सांगुड़ी (भाजपा): 477
देवेंद्र सिंह चनौतिया (कांग्रेस): 338
महमूद खान (बसपा): 34
चिरंजी लाल (निर्दलीय): 10
देवेंद्र सिंह फर्त्याल (निर्दलीय): 65
सौरभ रौतेला (निर्दलीय): 163
संदीप पांडे (निर्दलीय): 17
हितेंद्र सिंह बिष्ट (निर्दलीय): 314
नोटा:

वार्डवार सभासद पदों की स्थिति: वार्ड -1 मल्लीताल:

भारत लोशाली (भाजपा): 193 जीते
कमलेश बिष्ट (निर्दलीय):
गुंजन रौतेला (निर्दलीय): 153
प्रमोद परिहार (निर्दलीय):
रजनीश थापा (निर्दलीय):
सतीश कुमार थापा(निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड -2 डाक बंगला:

तुलसी देवी (भाजपा) : 391 (केवल 1 वोट से जीती)
सीमा (निर्दलीय): 390
नोटा:

वार्ड -3 विलासपुर:

पुष्पा जोशी (निर्दलीय): 154
पूरन चंद्र (निर्दलीय):
रमेश सिंह मेहता (निर्दलीय):
रामपाल सिंह गंगोला (निर्दलीय): 201
नोटा:

वार्ड -4 नौकुचियाताल

बिशन सिंह पोखरिया
ललित सिंह (निर्दलीय):
विनोद चंद्र (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड -5 तल्लीताल

किरन
भुवन सिंह पडियार (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड-6 जून स्टेट:

अभिषेक कन्नौजिया (निर्दलीय):
कुलदीप कुमार (निर्दलीय):
दीपक आर्या (निर्दलीय):
भुवनेश चंद्र (निर्दलीय):
भूपेंद्र कन्नौजिया (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड – 7 कुवांताल

पुष्पा मेलकानी
आशा उप्रेती शर्मा (निर्दलीय):
आशा पाठक (निर्दलीय):
जीवंती देवी (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड-8 इंडस्ट्रियल एरिया:

सुनीता
भगवती पांडे (निर्दलीय):
भावना पांडे (निर्दलीय):
नोटा:

वार्ड-9 महरागांव:

हेमा पढ़ालनी
देवेंद्र सिंह महरा (निर्दलीय):
निरंजन सिंह रैकुनी (निर्दलीय):
नोटा:

रामनगर के परिणाम – कांग्रेस के मोहम्मद अकरम 5361 वोट से जीते, अकरम को पड़े 13425
भाजपा की रुचि गिरी शर्मा को पड़े 8064 मत।

पिथौरागढ़ जनपद के परिणाम : 
नगर पालिका अध्यक्ष पद पर बीजेपी के उम्मीदवार राजेन्द्र रावत 1017 से जीते।

दूसरे स्थान पर निर्दलीय शमशेर महर।

राजेन्द्र रावत को मिले 6113 वोट।
शमशेर महर को 5096 वोट।
कांग्रेस के जगत सिंह को 4803 वोट मिले।
वहीं
नगर पालिका डीडीहाट।

अध्यक्ष पद पर बीजेपी की कमला चुफाल 81 मतों से विजयी।
निर्दलीय धाना देवी रही दूसरे स्थान पर।

गंगोलीहाट नगर पंचायत।

बीजेपी की जयश्री पाठक आगे।

निर्दलीय विमला रावल दूसरे स्थान पर।

धारचूला नगर पालिका।

बीजेपी की राजेश्वरी देवी आगे।

कांग्रेस की लक्ष्मी गुंज्याल दूसरे स्थान पर।

धारचूला नगर पालिका।

बीजेपी की राजेश्वरी देवी 303 वोटो से जीती।

कांग्रेस की लक्ष्मी गुंज्याल दूसरे स्थान पर।

बीजेपी की राजेश्वरी देवी को मिले 1043 मत।
कांग्रेस की लक्ष्मी गुंज्याल को 740 वोट।

बेरीनाग नगर पंचायत अध्यक्ष।

निर्दलीय हेम पंत विजयी। 450 वोट से जीते।

दूसरे स्थान पर भी निर्दलीय।
पिथौरागढ़- नगर पालिका पिथौरागढ़।

सभासद पद के परिणाम :

वार्ड नंबर 1 बजेटी – बसंत राम निर्दलीय।

वार्ड नंबर 2 टकाना- पियाना: कोमल वाल्मीकि निर्दलीय।

वार्ड नंबर 3 विण जाखनी – विजय महर निर्दलीय।

वार्ड नंबर 4 नया बाजार – अनिल महरा निर्दलीय।

वार्ड नम्बद 5 सिनेमा लाइन – पवन माहरा निर्दलीय।

वार्ड नंबर 6 कुमौड – नीरज कुमार निर्दलीय।

वार्ड नं. 7 लुंठियूडा – राधिका लूंठी निर्दलीय।

वार्ड न. 8 भाटकोट – से सरस्वती मखोलिया निर्दलीय।

वार्ड न. 9 – सेरा- पुणेरी- ललित पुनेडा निर्दलीय।

वार्ड न.10 सिमलगैर : अनिल जोशी, निर्दलीय।

वार्ड न.11- शिवालय – राधा सुठा निर्दलीय।

वार्ड न. 12 पाण्डेयगाव – कमल किशोर पांडेय निर्दलीय।

वार्ड न. 13 तिलढुगरी – हेमा शाही निर्दलीय।

वार्ड नं.14– चंद्रभागा – दीपा राणा बीजेपी।

वार्ड नं.15– खड़कोट- किशन खड़ायत निर्दलीय।

वार्ड नं.16– दौला – भावना नगरकोटी निर्दलीय।

वार्ड- 17– कृष्णापुरी रविन्द्र बिष्ट निर्दलीय।

वार्ड नं.18– जगदम्बा कॉलोनी दिनेश सौन निर्दलीय।

वार्ड – 19– एंचोली महेश पांडे बीजेपी।

वार्ड नं.20– धनौड़ा दिनेश कापड़ी बीजेपी।

रूद्रपुर नगर निगम के मेयर पद के परिणाम : भाजपा के रामपाल सिंह 5135 मतों से विजयी घोषित किए गए हैं, उनको 39882 मत मिले जबकि उनके प्रतिद्नदी कांग्रेस के नन्दलाल को 34748 मत मिले। मेयर पद हेतु कुल 84793 मत पडे जिनमें से 80858 मत वैध पाये गये।

रुद्रपुर नगर निगम में जीते पार्षदों की सूची :

1.सुरेश गौरी कांग्रेस
2.मोनू निषाद कांग्रेस
3.विधान राय भाजपा
4.सुशील मंडल कांग्रेस
5.प्रीति साना कांग्रेस
6.निमित्त शर्मा भाजपा
7. कैलाश राठौर कांग्रेस
8.शिव कुमार गंगवार भाजपा
9.मोहन कुमार कांग्रेस
10. किरण राठौर भाजपा
11.बबिता बैरागी कांग्रेस
12.सीमा गुप्ता भाजपा
13.प्रकाश धामी भाजपा
14.जितेंद्र यादव निर्दलीय
15. कांग्रेस
16.प्रमोद शर्मा भाजपा
17. शालू पाल भाजपा
18. शायरा वानो कांग्रेस
19. सुनील कुमार भाजपा
20. मौ जाहिद कांग्रेस
21.अमित मिश्रा कांग्रेस
22. पुष्पा रानी भाजपा
23. पूजा कोली भाजपा
24. कमला देवी निर्दलीय
25. सुशील यादव भाजपा
26. रजनी रावत भाजपा
27.मधु शर्मा कांग्रेस
28. दिव्या अनेजा निर्दलीय
29.इल्मा समरीन कांग्रेस
30. आयुष तनेजा भाजपा
31.सुनीता मुंजाल कांग्रेस
32.मोहन खेड़ा कांग्रेस
33.सुशील चौहान भाजपा
34.अम्बर सिंह भाजपा
35. श्यामली विश्बास भाजपा
36.महेन्दर आर्या निर्दलीय
37.बबलू सागर भाजपा
38.रीना जग्गा भाजपा
39.रमेश कालड़ा कांग्रेस
40. राकेश कुमार कांग्रेस

काशीपुर नगर निगम पार्षद चुनाव के परिणाम : 

वार्ड नं 1/- वीना नेगी (भाजपा)
वार्ड नं 2/- दीप चंद जोशी (निर्दलीय)
वार्ड नं 3/- अनिल कुमार (भाजपा)
वार्ड नं 4/- श्रीमती मुनेश (कांग्रेस) )
वार्ड नं 5/- कदीर मलिक (निर्दलीय)
वार्ड नं 6/- एलम सिंह (निर्दलीय)
वार्ड नं 7/- दीपक कांडपाल (भाजपा)
वार्ड नं 8/- कुलवंत सिंह रंधावा (निर्दलीय)
वार्ड नं 9/- मंजू देवी (बसपा)
वार्ड नं10/- सूमा देवी (भाजपा)
वार्ड नं 11/- ममता कुमारी (भाजपा)
वार्ड नं 12/- श्रीमती रूबी सैफ़ी (कांग्रेस)
वार्ड नं 13/- देव प्रकाश (निर्दलीय)
वार्ड नं14/- मनोज बाली (भाजपा)
वार्ड नं 15/- संदीप सिंह मोनू (निर्दलीय)
वार्ड नं16/- मनोज जग्गा (निर्दलीय
वार्ड नं 17/- राजकुमार सेठी (भाजपा)
वार्ड नं 18/- गुरविंदर सिंह चंडोक (भाजपा)
वार्ड नं 19/- गंधार अग्रवाल (भाजपा)
वार्ड नं 20/- शाहीन जहां (कांग्रेस)
वार्ड नं 21/- हुसन जहां (निर्दलीय)
वार्ड नं 22/- नौशाद हुसैन (कांग्रेस)
वार्ड नं 23/- सादिक हुसैन (कांग्रेस)
वार्ड नं 24/- इरफाना (बसपा)
वार्ड नं25/- फिरोज हुसैन (निर्दलीय)
वार्ड नं 26/- पिंकी माहेश्वरी (भाजपा)
वार्ड नं 27/- शाह आलम (कांग्रेस)
वार्ड नं 28/- सीमा टंडन (निर्दलीय)
वार्ड नं 29/- श्रीमती संतोष देवी (निर्दलीय)
वार्ड नं 30/- सुरेश सैनी (भाजपा)
वार्ड नं 31/- नजमी अंसारी (निर्दलीय)
वार्ड नं 32/- माजिद हुसैन (कांग्रेस)
वार्ड नं 33/- मीनाक्षी सिद्धू (भाजपा)
वार्ड नं 34/- विजय कुमार बॉबी (भाजपा)
वार्ड नं 35/- जगत सिंह बिष्ट (भाजपा)
वार्ड नं 36/- श्रीमती विनेश चौधरी (निर्दलीय)
वार्ड नं 37/- वैशाली गुप्ता (निर्दलीय)
वार्ड नं38/- अनिल कुमार (निर्दलीय)
वार्ड नं 39/- अनिता काम्बोज (निर्दलीय)
वार्ड नं 40/- रवि कुमार (भाजपा)

सितारगंज नगर पालिका चुनाव के परिणाम :
निर्दलीय हरीश दूबे 1492 वोटो से विजयी
हरीश दूबे 6493
अनवार अहमद कांग्रेस 5001
संजय गोयल (भाजपा) 4267
इकशाद (बसपा) 1798
हेम बुधलाकोटी 150
नोटा 102

जसपुर नगर पालिका के परिणाम –

जसपुर नगर पालिका में अध्यक्ष पद पर बसपा का कब्जा

बसपा की प्रत्याशी मुमताज बेगम ने बीजेपी की दमयन्ती देवी को 2225 वोट से हराया

बसपा मुमताज बेगम-6944

बीजेपी की दमयन्ती देवी-4719

कांग्रेस के नौसाद सम्राट -4392

निर्दलीय प्रत्याशी अशोक खन्ना-4480

उक्रांद के मोहमद उमर 2407

कोटद्वार के वार्डों के परिणाम : 

वार्ड नंबर 1 रतनपुर सनेह से हरीश नेगी कांग्रेस।
वार्ड नंबर 2 कुम्भीचौड़ से अनिल रावत कांग्रेस।
वार्ड नंबर 3 सनेह से धीरज सिंह भाजपा।
वार्ड नंबर 4 गाड़ीघाट से कुलदीप सिंह निर्दलीय।
वार्ड नंबर 5 लकड़ीपड़ाव से नईम कांग्रेस।
वार्ड नंबर 6 काशीरामपुर तल्ला से सूरज कांति निर्दलीय।
वार्ड नंबर 7 कौड़िया से सुभाष पाण्डेय भाजपा।
वार्ड नंबर 8 गोविन्दनगर से जयदीप भाजपा।
वार्ड नंबर 9 काशीरामपुर मल्ला से प्रवेन्द्र रावत निर्दलीय।
वार्ड नंबर 10 पनियाली तल्ली से अंजुम शबा कांग्रेस।
वार्ड नंबर 11 झण्डाचौक बदरीनाथ मार्ग से विपिन डोबरियाल कांग्रेस।
वार्ड नंबर 12 कालाबड़ से मीनाक्षी कोटनाला निर्दलीय।
वार्ड नंबर 13 आढ़त बाजार किश्चियन कॉलोनी से अनीता मल्होत्रा निर्दलीय।
वार्ड नंबर 14 जौनपुर से आशा चौहान कांग्रेस।
वार्ड नंबर 15 गोविन्दनगर नयावाद से कविता मित्तल कांग्रेस।
वार्ड नंबर 16 सिताबपुर से गायत्री भट्ट भाजपा।
वार्ड नंबर 17 मानपुर से बीना नेगी कांग्रेस।
वार्ड नंबर 18 शिवपुर से ज्योति भाजपा।
वार्ड नंबर 19 लालपुर से लीला कर्णवाल निर्दलीय।
वार्ड नंबर 20 पदमपुर सुखरौ द्वितीय से विजेता निर्दलीय।
वार्ड नंबर 21 पदमपुर सुखरौ से पिंकी रावत निर्दलीय।
वार्ड नंबर 22 सिम्मलचौड़ से गिन्दी दास निर्दलीय।
वार्ड नंबर 23 शिब्बूनगर से सोनिया नेगी कांग्रेस।
वार्ड नंबर 24 बालासौंड से नीरू बाला निर्दलीय।
वार्ड नंबर 25 रतनपुर सुखरौ से रितु चमोली भाजपा।
वार्ड नंबर 26 बलभद्रपुर से अनिल नेगी निर्दलीय।
वार्ड नंबर 27 दुर्गापुर से कमल सिंह भाजपा।
वार्ड नंबर 28 निम्बूचौड़ से गीता नेगी निर्दलीय।
वार्ड नंबर 29 घमण्डपुर से कुलदीप रावत भाजपा।
वार्ड नंबर 30 नन्दपुर से दीपक लखेड़ा निर्दलीय।
वार्ड नंबर 31 पदमपुर मोटाढांक से सौरभ नौडियाल भाजपा।
वार्ड नंबर 32 शिवराजपुर से मनोज भाजपा।
वार्ड नंबर 33 हल्दूखाता मल्ला से शैलेश शैलेन्द्र डबराल भाजपा।
वार्ड नंबर 34 उदयरामपुर नयावाद से विवेक रावत कांग्रेस।
वार्ड नबंर 35 त्रिलोकपुर राकेश निर्दलीय।
वार्ड नंबर 36 शिवराजपुर से जगदीश निर्दलीय।
वार्ड नंबर 37 पश्चिमी झण्डीचौड़ से सुखपाल शाह निर्दलीय।
वार्ड नंबर 38 उत्तरी झण्डीचौड़ से अमित नेगी निर्दलीय।
वार्ड नंबर 39 पूर्वी झण्डीचौड़ से रोहणी निर्दलीय।
वार्ड नंबर 40 जशधोरपुर से मनीष भट्ट भाजपा।

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