WhatsApp Channel Marketing | Logiprompt Pro AcademyJoin Our Facebook Group — Alliance for a Viable Future

हल्द्वानी के शुद्धिकरण यज्ञ विवाद में राहुल गांधी के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज, कॉंग्रेस भी आज प्रदेश भर के थानों में देगी शिकायत

इस समाचार को सुनने के लिए यहाँ क्लिक करें

नवीन समाचार, नैनीताल, 31 अगस्त 2026 (New Claim in Purification Controversy)। उत्तराखंड (Uttarakhand) के नैनीताल (Nainital) जनपद के हल्द्वानी (Haldwani) में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे (Mallikarjun Kharge) की रैली के बाद हुए कथित शुद्धिकरण यज्ञ को लेकर शुरू हुआ विवाद अब लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के खिलाफ एफआईआर (FIR) यानी प्राथमिकी दर्ज होने तक पहुंच गया है। हल्द्वानी कोतवाली में अनुसूचित जाति समुदाय से जुड़े अमित कुमार (Amit Kumar) की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है। आप यह संबंधित वीडियो भी जरूर देखना चाहेंगे :

शिकायतकर्ता का आरोप है कि राहुल गांधी ने बिना तथ्यों की पुष्टि किए सफाई और हवन अनुष्ठान को जाति तथा छुआछूत से जोड़कर अनुसूचित जाति समुदाय की भावनाएं आहत कीं और समाज में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, एफआईआर दर्ज होना आरोप सिद्ध होना नहीं है और मामले की वास्तविक कानूनी स्थिति पुलिस जांच तथा आगे की न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी।

प्राप्त जानकारी के अनुसार हल्द्वानी के पुलिस अधीक्षक नगर मनोज कुमार कत्याल (Manoj Kumar Katyal) ने राहुल गांधी के विरुद्ध एफआईआर दर्ज होने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि जवाहर नगर कॉलोनी निवासी अमित कुमार की ओर से दी गई शिकायत के आधार पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है और पूरे घटनाक्रम की गहन जांच की जा रही है।

कांग्रेस की रैली के बाद शुरू हुआ शुद्धिकरण यज्ञ विवाद

पूरा विवाद आठ अगस्त को हल्द्वानी के रामलीला मैदान (Ramlila Ground) में आयोजित कांग्रेस की रैली के बाद शुरू हुआ। इस कार्यक्रम को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने संबोधित किया था। रैली के बाद वहां कथित रूप से शुद्धिकरण यज्ञ और हवन अनुष्ठान कराए जाने की बात सामने आई।

आयोजकों की ओर से इस आयोजन को मैदान की सफाई और रैली के दौरान लगाए गए कथित नारों के विरोध से जोड़ा गया। दूसरी ओर कांग्रेस ने इस घटनाक्रम को मल्लिकार्जुन खड़गे की दलित पहचान से जोड़ते हुए गंभीर सवाल उठाए। इसके बाद यह मामला राजनीतिक विवाद का रूप लेता चला गया।

राहुल गांधी ने इस घटना को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर निशाना साधा। उन्होंने कथित शुद्धिकरण को छुआछूत का एक रूप बताते हुए इसे संविधान की भावना के विरुद्ध करार दिया। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) से भी इस मामले में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज कराने की मांग की थी।

राहुल गांधी का कहना था कि यदि किसी दलित नेता के कार्यक्रम के बाद उसकी जाति के आधार पर किसी स्थान का शुद्धिकरण किया गया है तो यह छुआछूत की मानसिकता को दर्शाता है और इस पर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।

अमित कुमार ने राहुल गांधी की टिप्पणी पर दर्ज कराई शिकायत

राहुल गांधी के खिलाफ शिकायत करने वाले अमित कुमार की उम्र 26 वर्ष बताई गई है। उन्होंने स्वयं को अनुसूचित जाति (Scheduled Caste) के वाल्मीकि (Valmiki) समुदाय का सदस्य बताया है। वह स्थानीय श्री राम सेना धर्मार्थ सेवा न्यास (Shri Ram Sena Dharmarth Seva Nyas) से भी जुड़े बताए गए हैं।

अमित कुमार ने हल्द्वानी कोतवाली में शिकायत देकर राहुल गांधी की ओर से शुद्धिकरण और हवन अनुष्ठान को लेकर की गई कथित टिप्पणी पर आपत्ति जताई। शिकायतकर्ता का आरोप है कि राहुल गांधी ने बिना पूरी जानकारी और तथ्यों की पुष्टि किए सफाई तथा हवन के आयोजन को जाति और छुआछूत से जोड़ दिया।

शिकायत में कहा गया है कि राहुल गांधी की कथित टिप्पणी से अनुसूचित जाति समुदाय की भावनाएं आहत हुईं और समाज के विभिन्न वर्गों के बीच तनाव अथवा वैमनस्य की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। शिकायतकर्ता के अनुसार, धार्मिक अनुष्ठान को किसी व्यक्ति अथवा जाति से जोड़कर प्रस्तुत करना उचित नहीं था।

29 अगस्त की नई दिल्ली प्रेस वार्ता से जुड़ा मामला

शिकायतकर्ता के अनुसार राहुल गांधी ने 29 अगस्त को नई दिल्ली (New Delhi) में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुए सफाई और हवन अनुष्ठान का उल्लेख किया था।

अमित कुमार का आरोप है कि राहुल गांधी ने इस आयोजन को तथ्यों की पुष्टि किए बिना छुआछूत (Untouchability) से जुड़ा हुआ बताया और इसे अनुसूचित जाति समुदाय के विरुद्ध अत्याचार के रूप में प्रस्तुत किया। इसी कथित टिप्पणी को आधार बनाकर अमित कुमार ने पुलिस में शिकायत दी।

शिकायत मिलने के बाद हल्द्वानी कोतवाली पुलिस ने राहुल गांधी के खिलाफ संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली। पुलिस अब शिकायत में लगाए गए आरोपों, राहुल गांधी की कथित टिप्पणी और पूरे घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों की जांच करेगी।

बीएनएस और एससी-एसटी अधिनियम की धाराओं में दर्ज हुआ मामला

पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (Bharatiya Nyaya Sanhita) की धारा 196 और धारा 299 के तहत कार्रवाई की है। इसके साथ ही अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम, 1989 (SC/ST Prevention of Atrocities Act, 1989) की संबंधित धारा के अंतर्गत भी मामला दर्ज किया गया है।

शिकायत में लगाए गए आरोपों के अनुसार पुलिस अब उपलब्ध साक्ष्यों और संबंधित बयानों की जांच करेगी। भारतीय न्याय संहिता की धारा 196 विभिन्न वर्गों के बीच वैमनस्य अथवा शत्रुता बढ़ाने से संबंधित मामलों से जुड़ी है।

एफआईआर में आरोप दर्ज किए जाने का अर्थ यह नहीं है कि आरोपित को दोषी ठहरा दिया गया है। पुलिस जांच के दौरान शिकायतकर्ता की ओर से दिए गए साक्ष्यों, राहुल गांधी की कथित टिप्पणी और रामलीला मैदान में हुए आयोजन से जुड़े तथ्यों की कानूनी कसौटी पर जांच की जाएगी।

आप यह भी पढ़ना चाहेंगे :  महिला मंत्री के क्षेत्र में महिला शौचालय नहीं : बाजार में अचानक मासिक धर्म होने पर युवती हुई परेशान, प्रशासनिक सुविधाओं पर उठे प्रश्न

भाजपा और कांग्रेस के दावे आमने-सामने

इस विवाद में भाजपा का पक्ष कांग्रेस के आरोपों से अलग है। भाजपा नेताओं ने कहा है कि पार्टी अथवा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का कथित शुद्धिकरण कार्यक्रम से कोई संबंध नहीं था। उत्तराखंड के भाजपा नेता खजान दास (Khajan Das) ने कांग्रेस पर इस घटना को लेकर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाया है।

दूसरी ओर कांग्रेस इस पूरे मामले को दलित सम्मान और छुआछूत के मुद्दे से जोड़ रही है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भी इस घटनाक्रम को गंभीर बताते हुए कथित शुद्धिकरण करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की थी।

इस प्रकार एक ही घटनाक्रम को लेकर दोनों राजनीतिक दलों के दावे पूरी तरह अलग हैं। कांग्रेस जहां इसे दलित नेता के कार्यक्रम के बाद हुए जातिगत भेदभाव से जोड़ रही है, वहीं भाजपा और अन्य पक्ष इसे जाति से असंबंधित धार्मिक अथवा सफाई से जुड़ा आयोजन बता रहे हैं।

हल्द्वानी में मंच शुद्धिकरण मामले को प्रदेशभर में थानों में तहरीर देगी कांग्रेस

हल्द्वानी। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद मंच के शुद्धिकरण को लेकर उठे विवाद को कांग्रेस अब प्रदेशव्यापी स्तर पर उठाने जा रही है। पार्टी ने सोमवार को प्रदेश के विभिन्न जिलों में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को संबंधित थानों, कोतवालियों तथा पुलिस चौकियों में पहुंचकर मामले में अभियोग दर्ज कराने की कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। कांग्रेस हाईकमान ने रविवार को प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल सहित वरिष्ठ नेताओं को दिल्ली बुलाकर मामले पर आगे की रणनीति तय की।

इसके बाद कांग्रेस महासचिव संगठन राजेंद्र भंडारी ने सभी जिलाध्यक्षों, महानगर अध्यक्षों, नगर अध्यक्षों और ब्लॉक अध्यक्षों को निर्देश जारी किए हैं। निर्देश के अनुसार सोमवार सुबह 11 बजे संबंधित क्षेत्रों के कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता थाने, कोतवाली या पुलिस रिपोर्टिंग चौकी पहुंचकर मंच के शुद्धिकरण में शामिल लोगों के साथ भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के विरुद्ध भी अभियोग दर्ज कराने की मांग करते हुए तहरीर देंगे।

पार्टी ने पुलिस को दी गई तहरीर की प्राप्ति प्रति दोपहर 12 बजे तक प्रदेश कांग्रेस कार्यालय भेजने को कहा है। इसके लिए संगठन की ओर से अभियोग का प्रारूप भी उपलब्ध कराया गया है। गौरतलब है कि 29 अगस्त को राहुल गांधी की पत्रकार वार्ता के बाद यह मामला एक बार फिर चर्चा में आया था।

अब पुलिस जांच के बाद तय होगी आगे की कानूनी कार्रवाई

हल्द्वानी कोतवाली में एफआईआर दर्ज होने के बाद अब पुलिस मामले की विस्तृत जांच करेगी। जांच के दौरान शिकायतकर्ता अमित कुमार की ओर से उपलब्ध कराए गए साक्ष्यों, राहुल गांधी की कथित टिप्पणी, 29 अगस्त की प्रेस वार्ता तथा रामलीला मैदान में हुए सफाई और हवन अनुष्ठान के पूरे घटनाक्रम की पड़ताल की जाएगी।

जांच के आधार पर ही आगे की कानूनी प्रक्रिया तय होगी। फिलहाल यह स्पष्ट है कि हल्द्वानी का शुद्धिकरण यज्ञ विवाद अब केवल कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक बयानबाजी तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि पुलिस जांच और कानूनी प्रक्रिया के दायरे में पहुंच गया है।

एफआईआर दर्ज होने के बावजूद राहुल गांधी के विरुद्ध लगाए गए आरोप अभी जांच के विषय हैं। पुलिस की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि शिकायत में लगाए गए आरोप तथ्यों और कानून की कसौटी पर कितने ठहरते हैं और मामले में आगे क्या कार्रवाई की जाती है।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी शुद्धिकरण विवाद में नया दावा: आयोजकों ने कहा- हवन में दलित समाज के सदस्य भी थे शामिल, कांग्रेस पर हिंदुओं को बांटने का आरोप

नवीन समाचार, नैनीताल, 30 अगस्त 2026 (New Claim in Purification Controversy)। उत्तराखंड (UTTARAKHAND) के नैनीताल (NAINITAL) जनपद स्थित हल्द्वानी (HALDWANI) के रामलीला मैदान (Ramlila Maidan) में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे (Mallikarjun Kharge) की रैली के बाद हुए शुद्धीकरण हवन को लेकर चल रहे राजनीतिक विवाद में अब आयोजक संस्था ने नया पक्ष सामने रखा है।

श्री राम सेना धर्मार्थ सेवा न्यास (Shri Ram Sena Dharmarth Seva Nyas) से जुड़े अंकित पाल (Ankit Pal) और विनोद आर्या (Vinod Arya) ने दावा किया कि वे दलित समाज से हैं और स्वयं शुद्धीकरण हवन में शामिल थे। संस्था ने कांग्रेस के इस आरोप को खारिज किया कि खड़गे के दलित समाज से होने के कारण हवन कराया गया था और कांग्रेस पर इस मुद्दे के जरिए हिंदुओं को बांटने का आरोप लगाया।

New Claim in Purification Controversy ANI on X: "#WATCH | Haldwani, Uttarakhand: On the purification row, Girish  Chandra Pandey, President, Shri Ram Sena Dharmarth Seva Nyas and the main  organiser of the purification program says, "The purificationहल्द्वानी में आठ अगस्त को कांग्रेस की शंखनाद रैली के बाद रामलीला मैदान में हुए हवन और शुद्धीकरण को लेकर कांग्रेस और आयोजक पक्ष आमने-सामने हैं। कांग्रेस इसे जातिगत भेदभाव और छुआछूत से जोड़ते हुए SC/ST Act के तहत कार्रवाई की मांग कर रही है, जबकि आयोजकों का कहना है कि हवन का उद्देश्य किसी व्यक्ति या समुदाय को निशाना बनाना नहीं था, बल्कि मैदान की सफाई के बाद धार्मिक परंपरा के अनुसार पूजन करना था।

दलित समाज के सदस्यों ने कहा- जाति के कारण हवन का आरोप गलत

ANI on X: "#WATCH | Haldwani, Uttarakhand: On the purification row, Girish  Chandra Pandey, President, Shri Ram Sena Dharmarth Seva Nyas and the main  organiser of the purification program says, "The purificationरामपुर रोड स्थित एक रेस्टोरेंट में आयोजित प्रेसवार्ता में श्री राम सेना धर्मार्थ सेवा न्यास के सदस्यों अंकित पाल और विनोद आर्या ने कहा कि वे दोनों दलित समुदाय से आते हैं और शुद्धीकरण हवन में शामिल रहे।

अंकित पाल ने कहा कि यदि कांग्रेस यह आरोप लगा रही है कि मल्लिकार्जुन खड़गे के दलित समाज से होने के कारण शुद्धीकरण हवन कराया गया, तो यह आरोप गलत है। उन्होंने कहा कि वह स्वयं दलित समाज से हैं और कार्यक्रम में उनकी भागीदारी रही।

उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस की रैली के बाद रामलीला मैदान में फैली गंदगी की सफाई की गई और इसके बाद हवन कराया गया। उनके अनुसार कार्यक्रम के दौरान किसी व्यक्ति अथवा किसी जाति का नाम लेकर कोई टिप्पणी नहीं की गई।

आप यह भी पढ़ना चाहेंगे :  हल्द्वानी शुद्धिकरण विवाद दिल्ली तक पहुंचा: राहुल गांधी ने खड़गे के अपमान का आरोप लगाकर PM से कार्रवाई मांगी, धामी बोले-यहाँ खड़गे की जाति ही कोई नहीं जानता

विनोद आर्या ने कहा कि शुद्धीकरण हवन में सभी वर्गों के लोग मौजूद थे। पूजन के बाद प्रसाद का वितरण भी किया गया। दोनों सदस्यों ने कांग्रेस पर इस मामले को लेकर गलत जानकारी फैलाने और हिंदू समाज को बांटने का आरोप लगाया।

आयोजकों का दावा- मैदान में मिली गंदगी के बाद कराया गया हवन

ANI's video on Xन्यास के अध्यक्ष गिरीश चंद्र पांडे (Girish Chandra Pandey) ने कहा कि रामलीला मैदान धार्मिक आस्था और बड़े धार्मिक आयोजनों का प्रमुख केंद्र है। उनके अनुसार आठ अगस्त को कांग्रेस की शंखनाद रैली के दौरान नारा-ए-तकबीर और अल्लाह-उ-अकबर जैसे नारे लगाए जाने का वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुआ था।

उन्होंने दावा किया कि इसके बाद संस्था के सदस्य मैदान में पहुंचे तो वहां काफी गंदगी मिली। गिरीश पांडे के अनुसार लगातार दो दिन तक ऐसी स्थिति रहने के बाद 11 अगस्त को परिसर की सफाई कर वहां हवन-पूजन किया गया।

उनका कहना है कि कार्यक्रम का उद्देश्य किसी व्यक्ति, राजनीतिक दल या जाति का अपमान करना नहीं था। संस्था ने केवल मैदान की सफाई कर उसे धार्मिक आयोजन के लिए पूजा योग्य बनाने के उद्देश्य से हवन कराया।

शराब की बोतलें, रैपर और अन्य गंदगी मिलने का भी दावा

गिरीश चंद्र पांडे ने एक समाचार एजेंसी से बातचीत में दावा किया कि रैली के बाद मंच और मैदान के आसपास शराब की बोतलें, पान की पीक, रैपर और अन्य प्रकार की गंदगी मिली थी।

उन्होंने कहा कि पहले पूरे परिसर की सफाई कराई गई और इसके बाद धार्मिक विधि के अनुसार यज्ञ किया गया। उनके अनुसार इसे राजनीतिक या जातिगत उद्देश्य से जोड़ना गलत है।

आयोजकों का कहना है कि रामलीला मैदान की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को देखते हुए सफाई के बाद हवन-पूजन कराया गया था।

राहुल गांधी को बताया अपरिपक्व नेता

राहुल गांधी (Rahul Gandhi) द्वारा इस मामले में SC/ST Act के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग किए जाने पर न्यास अध्यक्ष गिरीश पांडे ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने राहुल गांधी को अपरिपक्व नेता बताते हुए कहा कि उन्हें पूरे मामले की जानकारी नहीं है और कांग्रेस के क्षेत्रीय नेताओं द्वारा उन्हें गलत जानकारी दी जा रही है।

पांडे ने दावा किया कि कार्यक्रम में अलग-अलग सामाजिक वर्गों के लोगों ने भाग लिया था। उनके अनुसार कुछ लोगों ने मंच और परिसर की सफाई में योगदान दिया, जबकि दलित समाज के सदस्यों ने हवन में आहुति देने और प्रसाद वितरण में भी भागीदारी की।

उन्होंने कहा कि यदि राहुल गांधी को कार्यक्रम की पूरी जानकारी होती तो वह इसे जातिगत भेदभाव से नहीं जोड़ते।

कांग्रेस का आरोप- खड़गे के जाने के बाद हुआ शुद्धीकरण

दूसरी ओर कांग्रेस का कहना है कि आठ अगस्त को रामलीला मैदान में पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली हुई थी और इसके बाद मैदान में शुद्धीकरण हवन कराया गया। कांग्रेस ने इसे खड़गे की दलित पहचान से जोड़ते हुए गंभीर सवाल उठाए हैं।

मल्लिकार्जुन खड़गे इस मुद्दे को संसद में भी उठा चुके हैं। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि शुद्धीकरण की कार्रवाई दलित विरोधी मानसिकता और छुआछूत को दर्शाती है।

राहुल गांधी ने दिल्ली में प्रेसवार्ता के दौरान इस मुद्दे को उठाते हुए शुद्धीकरण को छुआछूत जैसी मानसिकता बताया था। उन्होंने कहा था कि इस मामले में जिम्मेदार लोगों के विरुद्ध SC/ST Act के तहत एफआईआर दर्ज की जानी चाहिए।

राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) से भी मामले में हस्तक्षेप करने और केंद्र तथा राज्य सरकार की ओर से उचित कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की थी।

सफाई या जातिगत भेदभाव, दो दावों के बीच बढ़ा राजनीतिक विवाद

हल्द्वानी के रामलीला मैदान का शुद्धीकरण विवाद अब उत्तराखंड की राजनीति का प्रमुख मुद्दा बन गया है। कांग्रेस जहां इसे मल्लिकार्जुन खड़गे की दलित पहचान और छुआछूत से जोड़ते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग कर रही है, वहीं हवन कराने वाली संस्था इसे मैदान की सफाई और धार्मिक परंपरा के तहत किया गया कार्यक्रम बता रही है।

आयोजक संस्था का नया दावा है कि हवन में दलित समाज के सदस्य भी शामिल थे और कार्यक्रम में किसी व्यक्ति या जाति का नाम नहीं लिया गया। कांग्रेस ने हालांकि इस पूरे घटनाक्रम को दलित समाज के सम्मान से जोड़ते हुए अपना विरोध जारी रखा है।

दोनों पक्षों के परस्पर विरोधी दावों के बीच यह मामला लगातार राजनीतिक और सामाजिक बहस का विषय बना हुआ है। अब इस विवाद में प्रशासनिक अथवा कानूनी स्तर पर आगे क्या कार्रवाई होती है और जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।

पाठकों से आग्रह है कि इस समाचार से संबंधित अपनी राय और विचार नीचे दिए गए कमेन्ट बॉक्स में अवश्य साझा करें।

नैनीताल में क्लिक करके नैनीताल जनपद में हाल के दिनों में हुई अन्य सभी महत्वपूर्ण घटनाओं से जुड़ी पूरी रिपोर्ट पढ़ी जा सकती हैं। इसी तरह पिथौरागढ़ के समाचार, अल्मोड़ा के समाचार, बागेश्वर के समाचार, चंपावत के समाचार, ऊधमसिंह नगर  के समाचार, देहरादून के समाचार, उत्तरकाशी के समाचार, पौड़ी के समाचार, टिहरी जनपद के समाचार, चमोली के समाचार, रुद्रप्रयाग के समाचार, हरिद्वार के समाचार और उत्तराखंड से संबंधित अन्य समाचार भी पढ़ सकते हैं। 

आज के अन्य एवं अधिक पढ़े जा रहे उत्तराखंड के नवीनतम अपडेट्स-‘नवीन समाचार’ पर पढ़ें। हमारे व्हाट्सएप चैनल से, फेसबुक ग्रुप से, गूगल न्यूज से, एक्स से, थ्रेड्स चैनल से और डेलीहंट से जुड़ें। अमेजॉन पर सर्वाधिक छूटों के साथ खरीददारी करने के लिए यहां क्लिक करें। यदि आपको लगता है कि ‘नवीन समाचार’ अच्छा कार्य कर रहा है तो हमें यहाँ क्लिक करके सहयोग करें..

Tags (New Claim in Purification Controversy) :

New Claim in Purification Controversy, Uttarakhand News, Haldwani News, Nainital News, Haldwani Shuddhikaran Controversy, Mallikarjun Kharge Rally, Rahul Gandhi News, Shri Ram Sena Dharmarth Seva Nyas, Girish Chandra Pandey, Ankit Pal, Vinod Arya, SC ST Act FIR Demand, Haldwani Political News, Uttarakhand Politics, Congress BJP Controversy, Ramlila Maidan Haldwani News, Rahul Gandhi FIR, Rahul Gandhi Haldwani Case, Haldwani Shuddhikaran Yagya Controversy, Uttarakhand News, Nainital News, Mallikarjun Kharge Rally Haldwani, Ramlila Ground Haldwani News, Amit Kumar Complaint Rahul Gandhi,

<

p style=”text-align: justify;”>SC ST Act Case, Bharatiya Nyaya Sanhita Section 196, Rahul Gandhi Latest News, Haldwani Political Controversy, Uttarakhand Political News, FIR Against Rahul Gandhi, Navin Samachar, #UttarakhandNews #HaldwaniNews #NainitalNews #ShuddhikaranControversy #MallikarjunKharge #RahulGandhi #UttarakhandPolitics #Congress #BJP #Haldwani #RahulGandhi #Haldwani #Uttarakhand #Nainital #FIR #ShuddhikaranYagya #MallikarjunKharge #SCSTAct #PoliticalNews #UttarakhandNews #HaldwaniNews #NavinSamachar

Leave a Reply