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पर्यटकों के वाहनों को रोके जाने पर भवाली भीमताल होटल एसोसिएशन ने भी जताई नाराजगी

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डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 5 मई 2022। नैनीताल होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के बाद भवाली के होटल एसोसिएशन ने भी प्रशासन द्वारा वाहनों को लौटाने पर अपना विरोध जताया है।

होटल एसोसिएशन भवाली के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद कपिल के साथ ही सचिव संजय जोशी व संजीव भगत द्वारा जिलाधिकारी को ज्ञापन सोंपकर इस बात पर नाराजगी जताई है कि वाहनो को रानीबाग पुल से भीमताल की ओर नहीं आने दिया जा रहा है। कहा है कि इससे भवाली-भीमताल क्षेत्र के होटल व्यवसाय एवं पर्यटन से जुड़े सभी कारोबारों पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है।

लिहाजा वाहनों को बिना किसी अवरोध के भीमताल की ओर आने दिया जाए। यह सुझाव भी दिया है कि रानीबाग, बेलुवाखान व खुर्पाताल में पर्यटक सुविधा केंद्र स्थापित कर वहां पर पर्यटकों का पंजीकरण कर उन्हें होटलों व गेस्ट हाउसों की बुकिंग करने की सुविधा दी जाए। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : ‘नवीन समाचार’ के समाचार के बाद होटल एसोसिएशन की बैठक, दी पुलिस के रवैये के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की धमकी…

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 4 मई 2022। नैनीताल होटल एसोसिएशन के पदाधिकारीयो ने बुधवार को बैठक कर पुलिस द्वारा पर्यटकों के वाहनो को कालाढ़ूंगी में रोकने व उनके साथ दुर्व्यवहार को लेकर रोष प्रकट किया।

साथ ही एकमत से फैसला लिया है कि यदि आगे भी पुलिस का यही रवैया रहता है तो उनके विरोध में होटलों में काले झंडे लगाए जाएंगे व होटलों की लाइटें बंद रखी जाएंगी, और जरूरत पड़ी तो पुलिस व्यवस्थाओं के खिलाफ सड़कों पर भी उतरा जाएगा। उल्लेखनीय है कि ‘नवीन समाचार’ ने ही वाहनों को कालाढुंगी में रोके जाने का समाचार प्रकाशित किया था। इस पर होटल एसोसिएशन ने भी संज्ञान लेकर बैठक की और यह निर्णय लिया।

बैठक में होटल एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा कि गत दिवस जनपद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के साथ बैठक में यह फैसला हुआ था कि रूसी बाईपास तक हर पर्यटक को आने दिया जाएगा। वहां से केवल उन्ही गाड़ियों को आगे आने दिया जाएगा जिनके पास होटलों की बुकिंग व पार्किंग की व्यवस्था होगी। शेष सभी पर्यटक शटल टैक्सी से नगर में भेजे जाएंगे।

कहा कि इसके बावजूद नैनीताल शहर खाली होने के बावजूद भी वाहनों को कालाढुंगी में रोका गया जो न्यायोचित व मौलिक अधिकारों के अंतर्गत प्रतीत नहीं होता। कहा कि विगत कुछ वर्षों से पर्यटन व्यवसाय एक बुरे दौर से गुजर राहा है और पुलिस-प्रशासन का यही रवैया रहा तो आगे भी पर्यटन व्यवसाय का ऐसा ही बुरा हाल रहेगा। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैन्सी कॉन्वेंट कॉलेज ज्योलीकोट में छात्राओं का कॉलेज स्टाफ पर शारीरिक-मानसिक उत्पीड़न का आरोप, धरना-प्रदर्शन

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 1 मई 2022। मुख्यालय के निकट ज्योलीकोट स्थित नैन्सी कॉन्वेंट कॉलेज परिसर में नर्सिंग की छात्राओं ने उनके साथ शारीरिक व मानसिक उत्पीड़न किए जाने का आरोप लगाया है। इस मुद्दे पर कॉलेज में हंगामा हो रहा है। देखें विडियो :

कुछ छात्राओं को ‘नवीन समाचार’ को सूचना दी है कि वह नर्सिंग की छात्राएं हैं, लेकिन उनके साथ कॉन्वेंट कॉलेज की अलग यूनिट होने के बावजूद वहां के शिक्षकों के द्वारा मारपीट की जाती है। कॉलेज प्रबंधन उनके अधिकारों का हनन कर रहा है। उन पर तमाम तरह के अनावश्यक प्रतिबंध लगाए गए हैं। उनके मोबाइल में उनकी व्यक्तिगत चैटिंग आदि की जांच की जाती हैं। इस तरह उनका शारीरिक व मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा है। इस कारण उन्होंने धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया है।

उधर कॉलेज प्रबंधन ने प्रेस सहित हर तरह के बाहरी लोगों के लिए कॉलेज के गेट बंद कर दिये। तल्लीताल थाना प्रभारी रोहताश सिंह सागर ने बताया कि चौकी पुलिस को मौके पर भेजा गया। सूचना मिलने पर ज्योलीकोट चौकी प्रभारी नरेंद्र कुमार मौके पर पहुंचे और छात्राओं की समस्याएं जान उनकी कॉलेज प्रबंधनआईपी सिंह से वार्ता कराई।

चौकी प्रभारी नरेंद्र कुमार ने बताया कि वार्ता में छात्राओं को मोबाइल फोन का प्रयोग न करने देने, सुबह पांच बजे से होने वाली पीटी व बाहर न जाने देने सहित छह सूत्रीय मांगो पर भी छात्राओं ने विरोध जताया। प्रबंधन ने उनकी बातें मान लीं। इसके बाद छात्राएं शांत हुईं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : महंगाई पर विपक्ष का धर्म निभाने निकले कांग्रेस के एक दर्जन कार्यकर्ता, फूंका पुतला

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 31 मार्च 2022। चुनाव समाप्त होने के बाद खासकर डीजल-पेट्रोल एवं गैस के दामों में निरंतर हो रही वृद्धि पर आखिर कांग्रेस विपक्ष का धर्म निभाने की राह पर आ गई है। पार्टी के करीब एक दर्जन कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को नगर के तल्लीताल स्थित डांठ चौराहे पर महंगाई को लेकर केंद्र सरकार का पुतला फूंका और नारेबाजी की।

उन्होंने दावा किया कि सरकार जब तक बढ़ी हुई कीमतें वापस नहीं लेती, तब तक इसी तरह प्रदर्शन किए जाएंगे। प्रदर्शन में पूर्व सभासद कैलाश रौतेला, जिला पदाधिकारी पप्पू कर्नाटक, पंकज अधिकारी, संजय रावत, बंटू आर्य, सतीश आर्य, दीपक टम्टा व राजेंद्र आर्य शामिल रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : पोषाहार में अंडों के वितरण पर आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ व भारतीय मजदूर संघ ने जताया विरोध, जानें क्या है वजह..

-अंडों की टूटफूट व खराब होने की जानकारी आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों पर डाले जाने से हैं नाराज
डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 26 फरवरी 2022। उत्तरांचल आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ व भारतीय मजदूर संघ नैनीताल की सांस्कृतिक मंच भवाली में आयोजित हुई एक संयुक्त बैठक में विभाग द्वारा पोषाहार में अंडा वितरण करने का आदेश देने और अंडो की टूट-फूट व खराब होने की जिम्मेदारी आंगनबाड़ी कर्मचारियों पर डालने पर नाराजगी जताई गई है, और इस पर विरोध जताई है।

आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ की जिलाध्यक्ष लीला बिष्ट ने कहा कि यह तुगलकी फरमान है, इससे कर्मचारियों का शोषण किया जा रहा है। कहा कि जब तक केंद्रो में अंडो को नहीं पहुंचाया जाता तथा अंडो की टूट-फूट व गुणवत्ता की जिम्मेदारी विभागीय अधिकारियों द्वारा नहीं ली जाती है तब तक आंगनबाड़ी कार्यकत्री बहिनें अंडो के वितरण का कार्य नहीं करेंगी।

भारतीय मजदूर संघ के संरक्षक रमेश चंद्र जोशी व जिला मंत्री विरेंद्र खंकरियाल ने कहा कि जल्द ही संघ द्वारा बाल विकास अधिकारी व जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया जायेगा। बैठक में संगठन मंत्री प्रेमा बिष्ट, बेतालघाट की ब्लॉक अध्यक्ष गीता बिष्ट, भीमताल की ब्लाक अध्यक्ष चन्द्रकला गोस्वामी, भारतीय मजदूर संघ के जिला सदस्य विकास जोशी सहित दर्जनों आंगनबाड़ी कर्मचारी उपस्थित रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल: सभासद ने किया चुनाव बहिष्कार का ऐलान

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 28 जनवरी 2022। नैनीताल नगर पालिका के अयारपाटा वार्ड के सभासद मनोज साह जगाती ने आसन्न विधानसभा चुनाव के बहिष्कार का ऐलान किया है। उन्होंने इस आशय का पत्र कुमाऊं मंडल के आयुक्त को भेजा है, और मीडिया को जारी किया है।

पत्र में जगाती ने कहा है कि उन्होंने 26 नवंबर 2021 को मंडलायुक्त के साथ चुनाव आयुक्त उत्तराखंड एवं अन्य अधिकारियों को पत्र लिखकर अपने क्षेत्र की विद्युत विभाग से संबंधित समस्याओं का समाधान न होने पर विधानसभा चुनाव 2022 का बहिष्कार करने करने की चेतावनी दी थी। इस पर उन्हें राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी एवं मंडलायुक्त का पत्र भी प्राप्त हुआ, जिसमें संबंधित विभाग को समस्याओं का समाधान करने को कहा गया।

किंतु इसके बावजूद भी अब तक समाधान के लिए कोई कार्य नहीं किया गया है। इससे लगता है कि संबंधित विभागीय अधिकारियों को चुनाव आयुक्त एवं मंडलायुक्त का भी भय या डर नहीं है। इस अनदेखी को देखकर वह चुनाव का बहिष्कार करने को विवश हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : भाजपा को इन 26 व कांग्रेस को 24 सीटों पर भारी पड़ सकता है अपनों का असंतोष

नवीन समाचार, देहरादून, 26 जनवरी 2022। उत्तराखंड में भाजपा ने 59 और कांग्रेस ने 64 विधानसभा सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा की है। इसके बाद दोनों दलों में बगावत हो रही है। यहां तक कि टिकट कटने से विधानसभा के उपाध्यक्ष सहित भाजपा व कांग्रेस के कई पूर्व विधायक व मंत्री बागी हो गए हैं, और निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान कर रहे हैं। बताया गया है कि भाजपा को 59 में से 26 विधानसभा सीटों पर और कांग्रेस को 64 में से 24 विधानसभा सीटों पर टिकट के दावेदारों और उनके समर्थकों के असंतोष और नाराजगी की सामना करना पड़ रहा है।

सबसे बड़ी बगावत अल्मोड़ा सीट पर विधानसभा के उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान की ओर से देखी जा रही है। ऐसे सम्मानित पद पर रहने के बावजूद उनकी ओर से बगावत पर चौहान की काफी आलोचना भी हो रही है। इसी तर्ज पर थराली की विधायक मुन्नी देवी, कर्णप्रयाग के विधायक सुरेंद्र सिंह नेगी व द्वारहाट के विधायक महेश नेगी भी नाराज बताए जा रहे हैं। जबकि कांग्रेस की बात करें तो पूर्व कबीना मंत्री हरीश चंद्र दुर्गापाल ने पार्टी से नाता तोड़ दिया है।

रामनगर विस सीट पर पूर्व विधायत रणजीत रावत भी टिकट काटे जाने से नाराज होकर यहां से घोषित प्रत्याशी पूर्व सीएम हरीश रावत के खिलाफ हो गए हैं। इसी तरह बाजपुर में पूर्व प्रत्याशी सुनीता टम्टा बाजवा, सितारगंज में नारायण पाल, ऋषिकेश में पूर्व प्रत्याशी राजपाल खरोला और पूर्व कैबिनेट मंत्री शूरवीर सिंह सजवाण ने भी बगावती तेवर दिखाए हैं। यमुनोत्री, गंगोत्री, रुद्रप्रयाग, घनसाली, सहसपुर, रायपुर, बीएचईएल रानीपुर, यमकेश्वर, गंगोलीहाट, बागेश्वर, हल्द्वानी, काशीपुर, नानकमत्ता, देहरादून कैंट, ऋषिकेश, ज्वालापुर, झबरेड़ा, खानपुर, लैंसडौन तथा कालाढुंगी सीटों पर भी कांग्रेस में प्रत्याशी को लेकर आक्रोश है।

दूसरी ओर भाजपा की बात करें तो उसे यमुनोत्री, गंगोत्री, थराली, कर्णप्रयाग, घनसाली, नरेंद्रनगर, प्रतापनगर, धनोल्टी, पौड़ी, धारचूला, कपकोट, द्वारहाट, अल्मोड़ा, भीमताल, नैनीताल, धर्मपुर, रायपुर, राजपुर रोड, देहरादून, ऋषिकेश, ज्वालापुर, रुड़की, मंगलौर, लक्सर, यमकेश्वर, काशीपुर सीटों पर विरोध का सामना करना पड़ रहा है। पार्टियों की ओर से उन्हें मनाने की कोशिशें भी शुरू हो गई हैं। आगे देखने वाली बात होगी कि इनमें से कितने रूठे मान जाते हैं और कितने अपना बागी रुख बरकरार रखते हैं। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : सोनखमारी के ग्रामीणों ने सड़क के लिए किया चुनाव बहिष्कार का ऐलान…

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 25 जनवरी 2022। जिला व मंडल मुख्यालय नैनीताल के निकटवर्ती गांवों में ‘दीपक तले अंधेरा’ जैसी स्थिति है। जनपद मुख्यालय से मात्र 12 किलोमीटर की दूरी पर स्थित मंगोली के सोनखमारी गांव के लोग आज भी सड़क से दूर हैं। ग्रामीणों ने अब सड़क को लेकर चुनाव बहिष्कार की धमकी दी है।

उनका कहना है कि विधायकों, व मंत्रियों से लेकर मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री तक गांव के लिए सड़क बनाने की मांग कर चुके हैं, परंतु वादों के अतिरिक्त कुछ नहीं मिला। इसलिए उन्हें चुनाव बहिष्कार का निर्णय लेना पड़ रहा है।

अधोड़ा की ग्राम प्रधान प्रेमा मेहरा ने कहा है कि गांव में सड़क नहीं होने की वजह से सोनखमारी गांव के बच्चे दूर के स्कूल नहीं जा पाते हैं। ग्रामीणों की फसलें मंडी तक नहीं पहुंच पाती हैं। इस कारण कई ग्रामीण गांव से पलायन कर चुके हैं। इसलिए जब तक उनके गांव में सड़क का निर्माण नहीं होगा, तब तक ग्रामीण किसी भी प्रत्याशी को वोट नहीं देंगे।

स्थानीय ग्रामीण दीपक मेहरा ने बताया कि गत वर्ष प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर भी गांव के लिए सड़क बनवाने की मांग कर चुके हैं। इसलिए यह निर्णय लेना पड़ा है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : प्रत्याशियों की दूसरी सूची के साथ कांग्रेस में विद्रोह की आग सातवें आसमान पर

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 24 जनवरी 2022। पहले चरण की कसर कांग्रेस ने प्रत्याशियों की दूसरी सूची जारी कर पूरी कर दी है। इसके साथ कांग्रेस में पहले ही सुलग चुकी विद्रोह की आग इस कदर भड़क गई है कि अब इसके बाद कांग्रेस का सत्ता में आने का स्वप्न भी इस आग की चपेट में आने और कांग्रेसियों की नींद चौपट होने की बात कही जा रही है।

सबसे पहले बात रामनगर की। हरीश रावत यहां मुस्लिम एवं दलित वोटों के भरोसे अपनी जीत आसान मानने के साथ रणजीत रावत को राजनीतिक तौर पर ‘निपटाने’ के लिए उतर गए हैं तो रणजीत के लिए सल्ट सीट छोड़ी गई है, लेकिन जिस तरह सल्ट पर अभी किसी प्रत्याशी की घोषणा नहीं हुई, इससे पहले ही साफ हो गया कि रणजीत सल्ट लौटने को कत्तई तैयार नहीं हैं। तैयार होते तो उनके टिकट की घोषणा हो चुकी होती। वैसे भी कांग्रेस के पास वहां गंगा पंचोली के रूप में विकल्प तैयार है। ऐसे में रणजीत रावत निर्दलीय लड़ने का ऐलान कर दिया है। पालिकाध्यक्ष मोहम्मद अकरम यहां पहले ही रणजीत के समर्थन में मुस्लिम वोटों को हरीश के पक्ष में न जाने देने का ऐलान कर चुके हैं। ऐसे में हरीश की स्थित समझी जा सकती है।

कालाढुंगी में कांग्रेस ने पूर्व सांसद को पदावनत कर विधानसभा का टिकट दे दिया है, और पिछले 10 वर्षों से लगातार सक्रिय महेश शर्मा को लगातार तीसरी बार निर्दलीय लड़ने के लिए विवश कर दिया है। यही स्थिति लालकुआं में दिख रही है। यहां पिछली रात्रि से ही पूर्व में निर्दलीय लड़ और जीत कर मंत्री पद का स्वाद चख चुके बुजुर्ग हरीश दुर्गापाल की फिर निर्दलीय चुनाव लड़ने की संभावनाएं जवां होती दिख रही हैं। लैंसडाउन सीट पर भी कांग्रेस ने हरक के फेर में अनुकृति को टिकट देकर वहां के कांग्रेसियों का आक्रोश दिखाने और भाजपा के महंत गोपाल रावत के लिए जीतने की राह आसान कर दी है।

उल्लेखनीय है कि कांग्रेस के लिए सोमवार का दिन ही बुरा बीता। सुबह से ही गंगोलीहाट के पूर्व विधायक नारायण राम आर्य ने मोर्चा खोला। नारायण ने हरीश रावत के लिए कहा, जिसे आका समझा वही फरेबी निकला। कांग्रेस की यही नीति रही तो देश में पार्टी चलने वाली नहीं है। वह चालीस साल से कांग्रेस के सिपाही हैं। 2016 के 26 विधायक हरीश रावत के साथ रहे। हमें तमाम तरह के प्रलोभन दिए। तब अस्वस्थ रहने के बाद भी हरीश रावत ने सीएम आवास में एक कमरे में मुझे एक माह तक कैद रखा। जिसे हमने अपना आका समझा था वही इस समय चुनाव संचालन समिति के अध्यक्ष हैं। इसके बाद भी मुझे टिकट नहीं दिया। आज बाहरी व्यक्ति (खजान गुड्डू) को धनबल के आधार पर टिकट दे दिया गया है। गुड्डू ने पार्टी के अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ चुनाव लड़ा था।

जबकि बाजपुर से टिकट नहीं मिलने से नाराज सुनीता टम्टा बाजवा व उनके समर्थकों ने कांग्रेस को मौका परस्त करार देते हुए आक्रोश जाहिर किया। सुनीता टम्टा ने कहा है कि पार्टी का निर्णय बहुत ही गलत है। ‘लड़की हूं लड़ सकती हूं’ नारे के साथ महिलाओं का टिकट वितरण में पीछे धकेलना साबित करता है कि कांग्रेस की कथनी व करनी में स्पष्ट अंतर है। सुनीता के बहुजन समाज पार्टी अथवा आम आदमी पार्टी में जाने की चर्चाएं भी जोरों पर हैं। कोई बात नहीं बनती है तो वह निर्दलीय मैदान में उतर सकती हैं।

इधर सितारगंज से नारायण पाल ने भी आक्रोश दिखाया, जबकि मालती विश्वास के समर्थक भी निर्दलीय चुनाव लड़ाने की तैयारी करते दिखे। इधर, हरिद्वार में भेल रानीपुर सीट पर महेश प्रताप राणा, वरुण बालियान, संजीव चौधरी आदि ने भी आज विरोध दर्ज कराया। घनसाली सीट पर टिकट न मिलने से नाराज पूर्व विधायक भीमलाल आर्य ने तो खुले तौर पर बगावत शुरू करते हुए पार्टी प्रत्याशी के खिलाफ निर्दलीय चुनाव मैदान में उतरने का एलान कर दिया।

जबकि पौड़ी से टिकट की दौड़ में शामिल पार्टी की अनुसूचित जाति विभाग के पूर्व जिलाध्यक्ष व पूर्व जिला पंचायत सदस्य तामेश्वर आर्य ने पार्टी छोड़ने का एलान किया। वहीं पूर्व जिला उपाध्यक्ष विनोद दसोनी ने टिकट आवंटन के फॉर्मूले पर सवाल खड़े किए। इसी तरह कांग्रेस महिला प्रदेश महामंत्री व पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष लक्ष्मी राणा ने रुद्रप्रयाग विधानसभा से निर्दलीय चुनाव लड़ने का एलान कर दिया। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : कांग्रेस के प्रत्याशियों ने किया निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान, एक समाजवादी पार्टी में शमिल…

टिकट न मिलने से नाराज कांग्रेस प्रदेश महामंत्री बालकृष्ण देंगे इस्तीफाडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 23 जनवरी, 2021। कांग्रेस पार्टी के द्वारा प्रत्याशी घोषित होने के कुछ ही घंटों के भीतर बागेश्वर में बगावत सतह पर आ गई है। 2017 के चुनाव में कांग्रेस पार्टी से चुनाव लड़कर 2017 में 19 हजार 225 वोट लाए बालकृष्ण ने टिकट घोषित होते ही रात्रि में ही निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। उन्होंने कपकोट के पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण पर टिकट कटवाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि वह चुनाव हारने के बावजूद पिछले पांच वर्षों से जनता के बीच थे, और उन्हें उम्मीद थी कि वह 2017 की हार को जीत में बदलेंगे।

कांग्रेस से टिकट के दावेदार सज्जन लाल टम्टा ने खुलकर पत्रकारों के सामने आए।इसी सीट से अन्य कांग्रेस के अन्य दावेदार सज्जन लाल टम्टा ने भी विरोध का बिगुल फूकते हुए कहा कि हरीश रावत के यहां मुख्यमंत्री काल में नौकरी करने वाले को टिकट दे दिया गया है। यह शिल्पकारों के साथ अन्याय है। बागेश्वर जिले में दास जाति के लोग एक प्रतिशत भी नहीं हैं। शिल्पकारों के मतों का दोहन नहीं होने दिया जाएगा। कहा कि नाराज प्रत्याशियों में से एक विधानसभा बागेश्वर और वह स्वयं कपकोट विधानसभा से चुनाव लड़ेंगे। ताकि कांग्रेस को पता चले कि जमीनी कार्यकर्ता की अवहेलना क्या होती है। सोमवार को कांग्रेस के तमाम कार्यकर्ता सामूहिक रूप से इस्तीफा भी देंगे।

इसी तरह किच्छा सीट से कांग्रेस के दावेदार हरीश पनेरू ने टिकट न मिलने पर निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। पनेरू ने सोशल मीडिया पर अनूठे अंदाज में खुद को निर्दलीय प्रत्याशी बताते हुए कांग्रेस पार्टी के सभी प्रत्याशियों को जीत की ‘अग्रिम बधाई’ देते हुए लिखा है, ‘वक्त कम है साजिशें ज्याद, लड़ना तो यह है, जब कर लिया इरादा..’। यहीं से अन्य कांग्रेस दावेदार व प्रदेश सचिव ठाकुर संजीव कुमार सिंह ने कहा टिकटों में खेला हुआ है। पैंसे के आधार पर टिकट बंटे हैं। उन्होंने कहा, शाम तक साथियों से बात कर कोई निर्णय लेंगे। स्थानीय प्रत्याशी को टिकट मिलना चाहिए था।

इसी तरह बाजपुर सीट पर वर्ष 2017 में कांग्रेस की प्रत्याशी के तौर पर भाजपा प्रत्याशी यशपाल आर्य के खिलाफ चुनाव लड़कर 42329 मत प्राप्त करने वाली सुनीता टम्टा बाजवा ने कांग्रेस के खिलाफ चुनाव लड़ने की घोषणा कर दी है। सुनीता ने कांग्रेस पर भी भाजपा की तरह किसान और महिला विरोधी होने का आरोप लगाते हुए सोमवार सुबह 10 बजे एक बैठक बुलाकर अगली रणनीति पर चर्चा कर नये विकल्पों की घोषणा करने की बात कही है। जिले की सितारगंज सीट पर नारायण पाल भी सोमवार को कोई घोषणा कर सकते हैं। ऐसा ही कुछ इरादा गदरपुर सीट पर राजेंद्र पाल सिंह ने भी जताया है।

उधर यमुनोत्री में हाल ही में कांग्रेस में शामिल हुए जिला पंचायत अध्यक्ष दीपक बिजल्वाण को टिकट मिलने पर कांग्रेस ओबीसी प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष संजय डोभाल ने निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। संजय ने इस मौके पर कांग्रेस प्रत्याशी पर 50 से 60 करोड़ रुपए के सरकारी धन के गबन का आरोप लगाया है। कहा कि पार्टी में टिकट की खरीद फरोख्त हुई है।

उधर हरिद्वार में कांग्रेस से दावेदार रहे अशरफ अब्बासी ने अपने साथियों सहित समाजवादी पार्टी का दामन थाम लिया है। साथ ही आरोप लगाया है कि कांग्रेस मुस्लिमों को केवल वोट बैंक समझकर इस्तेमाल करना चाहती है। उनकी नीयत और बातों में भेदभाव साफ दिखता है। इसी कारण उन्हें यह कदम उठाने को मजबूर होना पड़ा है। लालकुआं सीट पर पूर्व मंत्री हरीश चंद्र दुर्गापाल टिकट की घोषणा होने से पूर्व ही अपने पक्ष में दबाव बनाने के लिए आज रात्रि ही कोई निर्णय लेने की बात कर रहे हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : टिकटों की घोषणा से नाराज पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष, जिला पंचायत सदस्य व पूर्व ब्लॉक प्रमुख आदि ने दिया भाजपा से इस्तीफा….

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 21 जनवरी, 2021। भीमताल सीट से भाजपा का टिकट नहीं मिलने से नाराज पूर्व मंडी समिति अध्यक्ष व नैनीताल के भाजपा जिलाध्यक्ष रह चुके मनोज साह ने पार्टी से त्यागपत्र दे दिया है। उन्होंने दावा किया है कि उनके साथ करीब 300 पार्टी कार्यकर्ताओं ने भी पार्टी से त्यागपत्र दे दिया है। साथ ही उन्होंने भीमताल से निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान भी कर दिया है।

उन्होंने बताया कि उनके साथ भारतीय जनता युवा मोर्चा के पूर्व जिलाध्यक्ष चतुर सिंह बोरा, धारी के मंडल अध्यक्ष कैलाश गुणवंत, महामंत्री हीरेश बिष्ट व दीप मेलकानी, ओखलकांडा के उपाध्यक्ष आलम सिंह नदगली, महामंत्री इंद्र कुमार, उपाध्यक्ष धन सिंह गैड़ाकोटी, रामगढ़ के महामंत्री शेर सिंह मेहता, पूर्व अध्यक्ष त्रिलोचन भट्ट, हेमंत बिष्ट, दिनेश बिष्ट व रवींद्र कर्नाटक तथा भुवन पनेरू आदि प्रमुख हैं।

उधर बागेश्वर जनपद की कपकोट पर सुरेश गड़िया को टिकट मिलने से नाराज तोली की जिला पंचायत सदस्य प्रभा गड़िया ने महिमन कपकोटी, भुवन गड़िया, भगवत गड़िया, लाल सिंह, दीवान सिंह, करम सिंह, विनोद कपकोटी, पूरन दानू, हरीश दानू, संजय जोशी, जगदीश सुरकाली, दीपक ऐठानी व राजेंद्र बिष्ट सहित करीब 39 कार्यकर्ताओं के साथ पार्टी से इस्तीफा देने का दावा किया है।

इसके अलावा द्वाराहाट सीट पर टिकट का विरोध करते हुए वहां चुनाव लड़ने का मन बना रहे कैलाश भट्ट की पत्नी, द्वाराहाट की पूर्व ब्लॉक प्रमुख ममता भट्ट ने भी भाजपा से इस्तीफा दे दिया है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल : दल-बदल की सुगबुगाहट पर महिला मोर्चा से उठे विरोध के स्वर, सरिता का भाजपा में शामिल होना टला

कहा-यदि भाजपा से सरिता आर्य को टिकट मिलता है तो भाजपा महिला मोर्चा करेगा इसका विरोध
डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 15 जनवरी 2022। शनिवार को भारतीय जनता पार्टी की महिला मोर्चा की मंडल अध्यक्ष दीपिका बिनवाल ने प्रेस को जारी लिखित बयान में कहा, ‘बाहर से आने वाले किसी भी पार्टी के महिला और पुरुष का पार्टी और महिला मोर्चा तहेदिल से स्वागत और अभिनंदन करती है परंतु यदि आगामी चुनाव में पार्टी से बाहर के आए हुए किसी ‘महिला या पुरुष’ को टिकट दिया जाता है तो नैनीताल महिला मोर्चा इसका कड़ा विरोध करेगी।

जोर देकर कहा कि टिकट पार्टी से जुड़े ही किसी महिला या पुरुष को मिलना चाहिए। भारतीय जनता पार्टी पूर्व की भांति गलती नहीं दोहराएगी। विज्ञप्ति जारी करने वालों में महिला मोर्चा की पूर्व प्रदेश मंत्री रीना मेहरा, पूर्व जिला अध्यक्ष जीवंती भट्ट, जिला उपाध्यक्ष और सभासद प्रेमा अधिकारी, जिला सोशल मीडिया प्रभारी सोनू साह, सह मीडिया कविता त्रिपाठी, मंडल महामंत्री तुसी साह, कविता गंगोला, ओबीसी मोर्चा अध्यक्ष ज्योति गोस्वामी, मंडल मंत्री आरती बिष्ट, मंडल मंत्री रूपा आर्य, मंडल उपाध्यक्ष भावना पपनै, माया बिष्ट, सविता सिंह, कमला आर्य व चंद्रा जोशी शामिल हैं।

उधर सरिता आर्या के भाजपा में शामिल होने और विधायक का टिकट दिए जाने की अटकलों पर भाजपा भवाली मंडल के अध्यक्ष पुष्कर जोशी, हरीश भट्ट व राहुल चौहान आदि ने कहा कि पूर्व के घटनाक्रम से सबक लेते हुए भाजपा के कर्मठ और भाजपा की रीति-नीति में विश्वास करने वालों को ही नैनीताल विधानसभा से टिकट दिया जाए जिससे कार्यकर्ताओ का विश्वास बना रहे।

इधर, भाजपा महिला मोर्चा के विरोध एवं पार्टी के स्थानीय नेताओं से मिली फीडबैक के बाद सरिता आर्य का भाजपा में शामिल होना फिलहाल टल गया लगता है। अपराह्न में सरिता आर्य देहरादून कांग्रेस के प्रदेश कार्यालय पहुंचीं। हालांकि इस दौरान भी मीडिया कर्मियों से बात करते हुए उन्होंने वही बात दोहराई कि टिकट मिलने पर वह भाजपा में शामिलहो सकती हैं। महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष रहते जब वह खुद का टिकट नहीं पा सकतीं तो मोर्चा की अन्य सदस्य भी अपना फैसला करने के लिए स्वतंत्र हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : प्रधानमंत्री के कार्यक्रम का रूट बताना व रास्ता जाम करने देना आपराधिक साजिश

पंजाब में पीएम मोदी की सुरक्षा में चूक को लेकर भाजपाइयों में आक्रोशडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 6 जनवरी 2022। पंजाब की कांग्रेस सरकार पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में चूक के आरोपों के साथ भाजपा कार्यकर्ताओं ने मंडल अध्यक्ष आनंद बिष्ट के नेतृत्व में गुरुवार मल्लीताल पंत पार्क में कांग्रेस सरकार का पुतला दहन किया। इस मौके पर मंडल अध्यक्ष बिष्ट ने आरोप लगाया कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के प्रधानमंत्री के काफिले को रूट बताया।

प्रधानमंत्री के रूट की जानकारी प्रदर्शनकारियों को देना और फिर उन्हें रास्ता जाम करने देना सबसे बड़ी अपराधिक साजिश है। इस आपराधिक साजिश में जो भी नेता, मंत्री व अधिकारी जिम्मेदार हैं, उन पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। प्रधानमंत्री मोदी की अपार लोकप्रियता से कांग्रेसियों में खलबली मची हुई है। इस कारण ही कांग्रेस इस तरीके की ओछी राजनीति में उतर आई है।

प्रदर्शन में भाजपा के भूपेंद्र बिष्ट, गोपाल रावत, अरविंद पडियार, कुंदन बिष्ट कलावती असवाल, मनोज जोशी, विमल बिष्ट, हरीश भट्ट, सागर आर्य, राहुल पुजारी, प्रेमा अधिकारी, गजाला कमाल, राजेंद्र बिष्ट, रोहित भाटिया, विश्वकेतु वैद्य व अरुण कुमार सहित कई अन्य भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : भाजपा सरकार के खिलाफ आपदा के मुद्दे पर बगलगीर दिखे दो पूर्व विधायक संजीव व सरिता

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 4 जनवरी 2022। भाजपा सरकार पर आपदा प्रभावित क्षेत्रों की घोर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए एवं प्रभावितों के विस्थापन, किसानों की प्रभावित भूमि का सही सर्वेक्षण, आपदाग्रस्त मोटर मार्गों, पेयजल योजनाओं, खैरना-गरमपानी बाजार के बचाव के लिए नदी में तटबंधों के निर्माणएवं निरंतर बढ़ती बेरोजगारी एवं महंगाई को लेकर मंगलवार को ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में तहसील कोश्या कुटोली में एकदिवसीय धरना प्रदर्शन किया गया।

इस दौरान उपजिलाधिकारी के माध्यम से प्रदेश के राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित किया गया। खास बात यह रही कि कार्यक्रम में संजीव व यशपाल की कड़ी मुखालफत कर रहीं पूर्व विधायक सरिता आर्या संजीव आर्य के बगलगीर दिखीं। प्रदर्शन में कांग्रेस जिलाध्यक्ष सतीश नैनवाल, भवाली के पूर्व पालिकाध्यक्ष दयाल आर्य तथा मुख्यालय के त्रिभुवन फर्त्याल, सूरज पांडे व जीनू पांडे आदि पार्टी कार्यकर्ता भी दिखे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल: अक्टूबर की जल प्रलय में ध्वस्त सड़क न बनी तो ‘रोड नहीं तो वोट नहीं’ के रास्ते सड़क पर उतरे क्षेत्रवासी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 2 जनवरी 2022। जिला-मंडल मुख्यालय में अक्टूबर माह में आई जल प्रलय में नगर का आल्मा काटेज-बिड़ला मार्ग पूरी तरह धराशायी हो गया था। तब से करीब दो माह बीतने के बाद भी इस मार्ग की मरम्मत के लिए कोई कार्य नहीं किया गया है। इस कारण इस मार्ग से केवल दो पहिया वाहन ही जा पा रहे हैं। चार पहिया वाहन नहीं जा पा रहे हैं। कोई भी राजनीतिक दल उनकी सुध लेने नहीं पहुंचा।

इससे गुस्साये नगर के स्नोभ्यू वार्ड के वासियों ने रविवार को स्थानीय सभासद पुष्कर बोरा व सामाजिक कार्यकर्ता खुशाल रावत के नेतृत्व में ‘रोड नही तो वोट नही’ व ‘क्षेत्रवासियों ने ठाना है वोट देने नही जाना है’ के साथ ही जिला प्रशासन, नगर पालिका परिषद व लोनिवि के विरुद्ध ‘हाय-हाय’ के नारे लगाये।

क्षेत्रवासियों ने कहा कि मजबूर होकर इस मार्ग को बनाने के लिए उन्होंने अभी अपने घर से इस लड़ाई को सड़कों पर उतारा है। अगर शासन-प्रशासन द्वारा सड़क निर्माण कार्य शीघ्र नही किया गया तो आमरण अनशन, से लेकर किसी भी आंदोलन करने के लिए तैयार रहेगें। धरना प्रदर्शन में वीरेंद्र बिष्ट, रमेश चंद्र, हरीश बिष्ट, पंकज, मदन बोरा, निर्मल तिवारी, चंदन बोरा, गोपाल बोरा, गिरीश बिष्ट सहित अन्य क्षेत्र वासी शामिल रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नारायण नगर में कूड़ा रिसाइकिलिंग प्लांट बनाए जाने का विरोध

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 18 दिसंबर 2021। नगर नारायण नगर वार्ड के सामाजिक कार्यकर्ताओं नरेंद्र बिष्ट व सचिन कुमार ने क्षेत्र कूड़ा रिसाइकिलिंग प्लांट बनाए जाने पर मंडलायुक्त को ज्ञापन भेजकर विरोध जताया है। उनका कहना है कि क्षेत्रीय निवासियों को बिना विश्वास में लिए कूड़ा रिसाइकिलिंग प्लांट लगाया जा रहा है, इससे क्षेत्रवासियों में रोष है।

क्योंकि कूड़ा यहां लाए जाने व इसके धुंवे से दुर्गंध फैलने, शोर शराबा होने एवं पर्यावरण दूषित होने व क्षेत्रवासियोंके स्वास्थ्य पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ने का खतरा है। इसलिए यह प्लांट आबादी से दूर बनाया जाना चाहिए। यदि फिर भी प्लांट लगाने की कोशिश की गई तो क्षेत्रीय जनता सड़क पर उतरकर विरोध करने को विवश होगी। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : यशपाल-संजीव के हमलावरों की गिरफ्तारी की मांग पर सरकार का पुतला फूका

भाजपा सरकार का पुतला फूंकते कांग्रेस कार्यकर्ता।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 5 दिसंबर 2021। नगर कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को मुख्यालय में नगर अध्यक्ष अनुपम कबडवाल की अगुवाई में तल्लीताल डांठ में भाजपा सरकार का पुतला फूंका और प्रदर्शन किया। इस दौरान कबडवाल ने शुक्रवार को बाजपुर में कांग्रेस पार्टी के कार्यक्रम में जाने के दौरान पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष व पूर्व मंत्री यशपाल आर्य व नैनीताल के निवर्तमान विधायक संजीव आर्य पर जान लेवा हमले का प्रयास करने का आरोप लगाया।

इस मामले में दोषियों की गिरफ्तारी व उन पर कठोर कार्रवाई की मांग की गई। इसके पश्चात तल्लीताल थाने के माध्यम से प्रदेश के पुलिस महानिदेशक को दोषियो के खिलाफ कार्यवाही को लेकर ज्ञापन दिया गया। प्रदर्शन में पूर्व सांसद डॉ. महेंद्र पाल पूर्व विधायक संजीव आर्य, पूर्व पालिकाध्यक्ष मुकेश जोशी, डॉ. रमेश पांडे त्रिभुवन फर्त्याल, धीरज बिष्ट, जेके शर्मा, पप्पू कर्नाटक, खष्टी बिष्ट, मोहन कांडपाल सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे। भवाली में भी इस मामले में नगर अध्यक्ष हितेश साह की अगुवाई में प्रदर्शन किया गया। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के पुत्र-पुत्रवधु ने कंगना रनौत के मुद्दे पर दिया धरना

धरना-प्रदर्शन करते गोपाल बिष्ट व पूनम बिष्ट आदि।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 23 नवंबर 2021। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय डुंगर सिंह बिष्ट के पुत्र पूर्व जिला पंचायत सदस्य एवं जिला सहकारी बैंक के निदेशक गोपाल बिष्ट एवं उनकी पुत्रवधु पूर्व जिला पंचायत सदस्य पूनम बिष्ट ने मंगलवार को तल्लीताल गांधी मूर्ति पर कंगना रनौत के मुद्दे पर धरना-प्रदर्शन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि कंगना को फिल्म फेयर अवार्ड के अतिरिक्त अन्य किसी पुरस्कार का महत्व मालूम नहीं है। उनके द्वारा की गई टिप्पणी स्वतंत्रता सेनानियों का घोर अपमान है। इसलिए कंगना पर देशद्रोह का मुकदमा चलना चाहिए।

इस दौरान उन्होंने उत्तराखंड के पूर्व सीएम पं. नारायण दत्त तिवारी, हेमवती नंदन बहुगुणा, विपिन त्रिपाठी व गुलाब सिंह को कोई राष्ट्रीय पुरस्कार न मिलने को खेद का विषय बताया। उल्लेखनीय है कि गोपाल बिष्ट भीमताल विधानसभा से कांग्रेस पार्टी से दावेदार भी हैं, और गत दिवस महिलाओं को संपत्ति में खातेदार बनाये जाने से संबंधित संशोधित अधिनियम लागू करने की मांग पर भी मुखर हुए थे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल सलमान के कई एकड़ में फैले फार्म हाउस में आगजनी- तोड़फोड़ की जांच शुरू, खोखे भी बरामद…

-मौके से 32 बोर के कारतूसों के सात खोखे भी बरामद, आरोपितों के बारे में पुलिस को नहीं मिली कोई जानकारी

रामगढ़ में पूर्व मंत्री के कॉटेज से नमूने एकत्र करती फॉरेंसिक टीम के सदस्य।

दान सिंह लोधियाल @ नवीन समाचार, धानाचूली (नैनीताल), 16 नवंबर 2021। पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद के कई एकड़ में फैले फार्म हाउस में सोमवार को हुई आगजनी, फायरिंग और पथराव के मामले में भवाली कोतवाली पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस के साथ फॉरेंसिक टीम ने पहुंचकर घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर वहां पर मौजूद संदिग्ध नमूनों को एकत्र कर पुलिस को सौंप दिया है। इन्हें पुलिस सील कर फॉरेंसिक लैब भेजने की तैयारी कर ली है। बरामद किए गए नमूनों में 32 बोर के सात खोखे भी शामिल हैं। अलबत्ता, पुलिस का कहना है कि आरोपितों के नाम नहीं खुल पाए हैं।

मंगलवार को मुक्तेश्वर के थाना प्रभारी आसिफ खान व जांच अधिकारी नियुक्त रामगढ़ चौकी के प्रभारी मनोज कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने सलमान खुर्शीद के कॉटेज के केयर टेकर व उसके परिवार के सदस्यों से गहनता से पूछताछ की। हल्द्वानी से फॉरेंसिक लैब की टीम से पहुंचे हेमचंद्र व ममता रजवार ने भी घटनास्थल का बारीकी से मुआयना कर वहां से नमूनों व साक्ष्यों को इकट्ठा कर पुलिस को सौपा। जांच अधिकारी मनोज कुमार ने बताया केयरटेकर के परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे है। अन्य लोगो से भी पूछताछ की जाएगी। जबकि भवाली के कोतवाल अशोक कुमार ने कहा कि मौके से 32 बोर के सात खोखे मिले हैं।

खिड़कियों के शीशे फरार झोंकने से टूटे
धानाचूली। जांच टीम ने अंदेशा जताया है कि 32 बोर के तमंचे से कॉटेज की खिड़कियों पर फायर किये गये। इनसे भी शीशे टूटे। इसके अलावा पत्थरों से भी शीशे तोड़े गए। फॉरेंसिक टीम ने दो खोखे कॉटेज के बाहर से जबकि दिल्ली से सलमान खुर्शीद के घर से चाबी पहुंचने के बाद घर खोले जाने पर 5 खोखे बेडरूम के पास से बरामद किए गए।

रामगढ़ में कई एकड़ भूमि के मालिक हैं सलमान खुर्शीद
धानाचूली। पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद की प्यूड़ा सतखोल में एकड़ों के हिसाब से जमीन है, जबकि स्थानीय लोगों के पास भी इतनी जमीन नहीं है। केयर टेकर सुंदरलाल ने बताया कि सलमान खुर्शीद ने 2001 में यह जमीन खरीदी थी और 2003 में कॉटेज बनाया था। खुर्शीद का परिवार साल में कभी-कभार यहां आता है। वर्तमान में केयरटेकर के चार लोग यहां रहते है। स्थानीय लोगों ने बताया कि सलमान खुर्शीद के पास 100 नाली यानी 5 एकड़ से अधिक जमीनी है। जबकि कॉटेज 3200 स्क्वायर फिट में बना है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : बिग ब्रेकिंग: सलमान खुर्शीद के नैनीताल जनपद स्थित घर पर तोड़फोड़ व आगजनी…

salman khurshid fir registered on book accused comparing hindutva terrorist  organization isis nchr | Salman Khurshid की किताब पर FIR दर्ज, हिंदुत्व की  तुलना आतंकी संगठन ISIS से करने का लगा आरोप |दान सिंह लोधियाल @ नवीन समाचार, धानाचूली (नैनीताल), 15 नवंबर 2021। कांग्रेस नेता व पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद के नैनीताल जनपद में भवाली थाने के अंतर्गत रामगढ़ विकासखंड के प्यूड़ा-सतखोल गांव में स्थित कॉटेज पर तोड़फोड़ व आगजनी किए जाने की घटना हुई है। देखें विडियो :

प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला मुख्यालय से करीब 75 किलोमीटर दूर, कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद के प्यूड़ा-सतखोल गांव में स्थित कॉटेज पर सोमवार दोपहर एक से डेढ़ बजे के बीच क्षेत्र के करीब 20-25 स्थानीय लोग पहुंचे और वहां पथराव, तोड़फोड़ और आगजनी कर दी। बताया गया है कि घर के बाहर कुछ सामान और घर का एक दरवाजा भी जलाया गया है। कुछ खिड़कियों के शीशे भी टूटे हैं। तोड़फोड़ व आगजनी का आरोप हिंदूवादियों पर लगा है। बताया जा रहा है इन लोगों ने खुर्शीद द्वारा हिंदू धर्म के बारे में की गई विवादित टिप्पणियों को लेकर की है।

सलमान खुर्शीद के घर आगजनी और पत्थर बाजी, देखिए VIDEO और PHOTOSघटना की सूचना मिलने पर नजदीक पड़ने के कारण भवाली की जगह मुक्तेश्वर से पुलिस टीम को मौके पर भेजा गया। मौके पर पहुंचे मुक्तेश्वर के थाना प्रभारी आसिफ खान ने मौके से बताया कि इस मामले में कांग्रेस नेता के प्यूड़ा स्थित कॉटेज के केयर टेकर सुंदर राम ने राकेश कपिल व अन्य 20 लोगों के खिलाफ नामजद तहरीर दी है। तहरीर पर मुकदमा दर्ज करने कार्रवाई भवाली पुलिस के द्वारा की जा रही है। आरोपित राकेश कपिल स्थानीय दुकानदार एवं हिंदूवादी संगठनों से जुड़े बताये गए हैं। मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बताई गई है। मुक्तेश्वर थाने के प्रभारी सहित आरक्षी सुरेंद्र सिंह, राम गिरि, विपिन शर्मा तथा होम गार्ड राजेंद्र व धर्मेंद्र मौके पर हैं।

उल्लेखनीय है कि सलमान खुर्शीद अपनी पुस्तक ‘सनराइज ओवर अयोध्या: नेशनहुड इन अवर टाइम्स’ में कथित तौर पर हिंदुत्व की तुलना आतंकवादी समूहों बोको हरम और आईएसआईएस के जिहादी इस्लाम से करने को लेकर हिंदूवादियों के निशाने पर हैं।  हम इस समाचार पर बने हुए हैं। इसकी अपडेट इसी लिंक पर अपडेट की जाएंगी। अपडेटेड समाचार देखने के लिए इस लिंक को रिफ्रेश करते रहें। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : हैदराबाद की घटना पर राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन, मोमबत्तियां जलाकर दी बच्ची को श्रद्धांजलि

-बच्चियों के बलात्कारियों को सख्त सजा के लिए
डॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 18 सितंबर 2021। देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ ने शनिवार को डीएम के माध्यम से देश के राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर छोटी बच्चियों को हवस का शिकार बनाने वालों के लिए ऐसी सजा का प्राविधान करने की माग की है, जिससे कोई भी ऐसी घटना करने से पहले सौ बार सोचे। संघ के अध्यक्ष धर्मेश प्रसाद व महासचिव सोनू सहदेव के हस्ताक्षरों से भेजे गए ज्ञापन में हैदराबाद में हवस का शिकार हुई 6 वर्ष की बच्ची को भी इंसाफ दिलाने की मांग की है।

बाद में देर शाम नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी, सभासद राजू टांक, सागर आर्य, मोहन नेगी, सपना बिष्ट व प्रेमा अधिकारी धर्मेश प्रसाद, अमित साजन सुजल सहदेव, राजा, अमन, विक्की, मंजीत अरुण सौदा, राहुल, विवेक सौदा व फैसल कुरैशी आदि ने इस मुद्दे पर तल्लीताल गांधी मूर्ति के पास मोमबत्तियां भी जलायीं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : 14 वर्षीय नाबालिग के सामूहिक दुष्कर्म मामले की आंच नैनीताल तक पहुंची…

-सभासदों व भाजपाइयों ने पुतला फूक कर जताया विरोध
डॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 10 सितंबर 2021। पुणे में 14 वर्षीय नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना पर देश भर में उभर रहे आक्रोश की आंच शुक्रवार को जिला व मंडल मुख्यालय तक पहुंच गई। यहां नगर पालिका के सभासदों व भाजपा नेताओं ने इस मुद्दे को लेकर शुक्रवार को प्रदर्शन किया और महाराष्ट्र पुलिस का पुतला दहन किया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने ‘वी वॉन्ट जस्टिस’ के नारे लगाए और इस जघन्य वारदात की जांच ‘फास्ट ट्रेक कोर्ट’ से कराए जाने, जल्द से जल्द सभी आरोपितों को गिरफ्तार करने व सजा दिलाए जाने की मांग की।

पुतला दहन व प्रदर्शन में सभासद गजाला कमाल, प्रेमा अधिकारी, निर्मला चंद्रा, मोहन नेगी, सागर आर्य, भगवत रावत, सपना बिष्ट, रेखा आर्य, राहुल पुजारी, भाजपा नेता अरविंद पडियार, विक्की वर्मा सहित कई अन्य लोग मौजूद रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : पालिका-प्रशासन के कोयला टाल में पार्किंग बनाने से स्थानीय लोगों में नाराजगी

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 05 जुलाई 2021। जिला प्रशासन एवं नगर पालिका ने नगर के मल्लीताल स्थित लकड़ी टाल में बहुमंजिला पार्किंग बनाने का प्रस्ताव किया है। हालांकि नगर में पूर्व में भी अशोक टॉकीज, अपर शिक्षा निदेशक कार्यालय के सामने सहित डीएसए मैदान, नारायण नगर व मेट्रोपोल आदि स्थानों पर कई बार बहुमंजिला पार्किंग बनाने के केवल दावे ही किये हैं, एक भी जगह बहुमंजिला पार्किंग नहीं बनी है। लेकिन इस बार कोयला टाल में पार्किंग बनाने पर स्थानीय लोगों की ओर से नाराजगी भी जाहिर हो गयी है।

क्षेत्रीय लोगों ने कहा है कि नगर का यह लकड़ीटाल यानी लकड़ियां व कोयला आदि वितरित करने का स्थान वर्ष 1974 से शहर में है। नगर में पहले लकड़ी के तीन टाल सूखाताल मल्लीताल एवं तल्लीताल में थे। लेकिन तल्लीताल में पार्किंग व सूखाताल में व्यवसायिक प्रतिष्ठान खोलकर टाल बंद कर दिए गए। अब यही एक टाल है, जहाँ से होलिका दहन, शवदाह के साथ ही पूरे शहर में लोगो को जलौनी लकड़िया मुहय्या कराई जाती हैं। यहां से लकड़ी लेकर नगर के होटल, बेकरी व्यवसाय तथा सर्दियों में घरों में जलाने वाले लोग लकड़ियां लेते हैं। लोगों का कहना है कि यहां पर पार्किंग बनाने हेतु पर्याप्त स्थान भी नहीं है। टाल को अन्यत्र भेजने पर लकड़ी ढोने की समस्या आ सकती है। इसलिए लोग पार्किंग कहीं और बनाकर लकड़ी टाल को यहीं बने रहने देने की मांग कर रहे हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। 

यह भी पढ़ें : बंगाल की हिंसक घटनाओं पर जताया जबर्दस्त विरोध

नवीन समाचार, नैनीताल, 5 मई 2021। पश्चिम बंगाल में चुनावी जंग के बाद हुई हिंसा व अराजकता के विरोध में बुधवार को भाजपा मंडल नैनीताल के कार्यकर्ताओं ने बंगाल सराकार के खिलाफ जबरदस्त विरोध प्रदर्शन किया। इस अवसर पर उपस्थित पार्टीजनों ने आकर्षक तरीके से तैयार किए गए पोस्टरों के जरिए कहा कि बंगाल में वहां की सरकार के संरक्षण में आगजनी, तोड़फोड़ व हिंसक घटनाएं कर लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं जो कि अत्यंत शर्मनाक व निंदनीय है।
इसकी आज पूरे देश में भाजपा कार्यकर्ता एकजुट होकर बंगाल की घटनाओं की भर्त्सना, निंदा एवं विरोध करते हैं। ऐसी घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विरोध प्रदर्शित करने वालों में मंडल अध्यक्ष आनंद बिष्ट, भूपेंद्र बिष्ट, गोपाल रावत, मनोज जोशी, विकास जोशी विवेक साह, दया किशन पोखरिया, विक्रम बिष्ट, लाल सिंह बिष्ट नीरज जोशी, मोहित साह, रोहित भाटिया, विश्वकेतु वैद्य व पीसी उपाध्याय आदि पार्टी कार्यकर्ता शामिल रहे।

यह भी पढ़ें : आबादी क्षेत्र के अस्पताल को कोविद अस्पताल में बदलने का शुरू हुआ जबरदस्त विरोध…

-कोविड अस्पताल के लिए तैयार किया जा रहा पुलिस अस्पताल -रिहायशी क्षेत्र में स्थित पुलिस अस्पताल को कोविड अस्पताल के रूप में परिवर्तित किए जाने की तैयारी
क्षेत्रवासियों ने कहा-यह कोविड नियमों का उल्लंघन, विरोध का किया ऐलान
नवीन समाचार, नैनीताल, 29 अप्रैल 2021। कोविड संक्रमण की लगातार बढ़ती दूसरी लहर

पुलिस के कोविड-19 अस्पताल के रूप में तैयार किया जा रहा तल्लीताल स्थित पुलिस हॉस्पिटल।

को देखते हुए पुलिस विभाग ने भी अपनी तैयारियां शुरु कर दी है। इसके तहत नगर के तल्लीताल के रिहायशी क्षेत्र में स्थित पुलिस अस्पताल को कोविड से ग्रसित पुलिस कर्मियों के उपचार के लिए तैयार किया जा रहा है। जबकि क्षेत्रवासियों ने इसके विरोध का ऐलान कर दिया है। क्षेत्रवासियों की ओर से कुमाऊं आयुक्त से इसकी शिकायत की जा चुकी है। साथ ही विधायक को भी इसकी सूचना देकर चेतावनी दी है कि इसका विरोध किया जाएगा। यदि जरूरत पड़ी तो इसके खिलाफ हाईकोर्ट भी जाएंगे।
नगर के तल्लीताल क्षेत्र में पुलिस अस्पताल स्थित हैं। अस्पताल में चिकित्सक व फार्मेसिस्ट आदि स्टाफ है। पुलिस कर्मियों के साथ ही समीपवर्ती क्षेत्र के दर्जनों लोग भी प्रतिदिन यहां उपचार के लिए आते हैं। हालांकि यहां 4 बैड ही मौजूद है, लेकिन कभी कोई मरीज को भर्ती नहीं किया जाता है। इधर कोविड की दूसरी लहर की दूसरी जानलेवा दस्तक के बाद पुलिस विभाग ने इसे कोविड से ग्रसित पुलिस कर्मियों के लिए तैयार कर लिया है। छोटे से कमरे में स्थित 4 बैड की संख्या 6 कर दी गई है, जबकि आक्सीजन की व्यवस्था भी की जा रही है। इसी अस्पताल के ऊपरी मंजिल में पुलिस अधिकारी व फार्मेसिस्ट रहते हैं। जबकि समीप में अस्पताल के लगभग 10 परिवार रहते हैं। इसी से सटे हुए क्षेत्र में संस्कृत विद्यालय है तथा बहुसंख्यक आबादी रहती है। पुलिस की इस पहल से अस्पताल के कर्मी बच्चों के भविष्य को लेकर डरे हुए हैं। क्षेत्र के डॉ.अजय रावत, डा.प्रदीप गोस्वामी, अधिवक्ता अखिल साह, राकेश सुयाल, विनय मेहरा, जगदीश साह, डीडी सती, ओम तिवारी, हरीश साह, संजय सुयाल, ललित जोशी, मुन्ना जोशी, लोकेश पांडे, हरीश चौधरी, हरीश जोशी, रवि पांडे, आलोक मिश्रा, पी शर्मा, हरीश जोशी, पूरन गुरुरानी, प्रदीप साह आदि ने इसका विरोध किया है। डॉ.रावत ने आयुक्त से सीधे वार्ता कर इसकी जानकारी दी है। अधिवक्ता अखिल साह ने कहा कि यह मार्ग उनकी निजी जमीन पर है। एंबुलेंस के संचालन को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वहीं पुलिस क्षेत्राधिकारी विजय थापा ने इस पर कहा कि पुलिस अस्पताल में बुखार आदि से पीड़ित पुलिस कर्मियों को रखे जाने की तैयारी की जा रही है। सुरक्षा की दृष्टि से आक्सीजन भी रखी जा रही है। अत्यधिक परेशानी पर पुलिस कर्मियों को हल्द्वानी रेफर किया जाएगा।

यह भी पढ़ें : जल संस्थान कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे सभासद जगाती

नवीन समाचार, नैनीताल, 16 मार्च 2021। नगर एवं अपने वार्ड की समस्याओं के लिए लगातार मुखर रहने वाले अयारपाटा वार्ड के सभासद मनोज साह जगाती मंगलवार को एक बार फिर उत्तराखंड जल संस्थान के अधिशासी अभियंता के कार्यालय के बाहर अकेले धरने पर बैठ गए। उनका कहना था कि उनके वार्ड के किलार्नी कंपाउंड में कई दिनों से सीवर खुले में बह रही है और उनके वार्ड में डीएसबी परिसर के पीछे तथा नगर पालिका कार्यालय के पास कैपिटॉल सिनेमा के पीछे के क्षेत्र में पानी नहीं आ रहा है। इसकी शिकायत कई बार जल संस्थान के अधिकारियों से करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं किया गया। इस कारण उन्हें धरने पर बैठना पड़ा।

यह भी पढ़ें : कांग्रेसियों ने फूंका प्रदेश सरकार का पुतला

नवीन समाचार, नैनीताल, 02 मार्च 2021। सोमवार को नंदप्रयाग-घाट मोटरमार्ग के चौड़ीकरण के मुद्दे पर विधानसभा का घेराव करने पहुंचे स्थानीय ग्रामीणों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में स्थानीय कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार का पुतला फूंका। नगर कांग्रेस अध्यक्ष अनुपम कबडवाल के नेतृत्व में कार्यकर्ता तल्लीताल डांठ पहुंचे और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला दहन किया। इस मौके पर कबडवाल ने कहा कि त्रिवेंद्र सरकार ना ही ग्रामीणों और ना ही बेरोजगारों की बात सुर रही है, उल्टा राज्य आंदोलन में महत्वपूर्ण योगदान देने वाली मातृशक्ति पर बर्बर तरीके से लाठीचार्ज किया जा रहा है।

तल्लीताल में राज्य सरकार का पुतला दहन करते कांग्रेस कार्यकर्ता।

प्रदर्शन में पूर्व विधायक सरिता आर्या, भीमताल के ज्येष्ठ उप प्रमुख हिमांशु पांडे, दिनेश कर्नाटक, प्रेम शर्मा, कैलाश अधिकारी, गौरव कुमार, बंटू आर्या, योगेश आर्या, राज्य आंदोलनकारी मुन्नी तिवारी, मोहन कांडपाल, सभासद निर्मला चंद्रा, रेखा आर्या व पुष्कर बोरा, धर्मा चंदेल, संजय कुमार, नरेश दुर्गापाल, धीरज कुमार, सोनू कुमार, पवन जाटव, मो. जुनैद, परवेज आलम, रईश भाई व बहादुर बिष्ट आदि कार्यकर्ता शामिल रहे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 13 जनवरी 2020। नगर के नारायण नगर वार्ड क्षेत्र में स्थानीय लोगों ने अपने आवासों को सीवर सीवर लाइन से वंचित किए जाने को लेकर प्रदर्शन किया। उनका कहना था कि करीब आधा दर्जन परिवारों को सीवर लाइन से वंचित किया जा रहा है। उनके घर की ओर सीवर लाइन नहीं डाली जा रही है। इसके लिए उन्होंने स्थानीय सभासद भगवत रावत पर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि सीवर लाइन सभासद की निजी भूमि से डाली जानी है, इसलिए सभासद उन्हें सीवर लाइन से वंचित कर रहे हैं। वहीं इस बारे में पूछे जाने पर सभासद रावत ने कहा कि विरोध कर रहे लोग उनके घर की ओर से सीवर लाइन डलवाना चाहते हैं, जबकि संबंधित लोगों के घरों के पीछे की ओर से, उनकी भूमि से भी सीवर लाइन डाली जा सकती है। लेकिन मैं अपनी भूमि देने को स्वयं तैयार नहीं है। जबकि उनका अपना संयुक्त परिवार है। परिवार के सभी लोगों को घर के आगे से सीवर लाइन डाले जाने के लिए सहमत करना संभव नहीं है। ऐसे में संबंधित लोगों से उनके पीछे की ओर से सीवर लाइन डाले जाने को कहा गया, लेकिन वह इसके लिए राजी नहीं है। वह लोग अपने आगे से अपने रास्तों पर भी अतिक्रमण कर चुके हैं फिर भी उन्हें कहा गया है कि संबंधित जेई अविंग ठेकेदार आदि के साथ वार्ता कर समस्या का कोई न कोई समाधान निकाला जाएगा इससे पहले ही वे विरोध प्रदर्शन पर उतर आए हैं जो दुखद है।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 06 जनवरी 2020। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत द्वारा नेता प्रतिपक्ष डा. इंदिरा हृदयेश पर की गई अमर्यादित टिप्पणी से समाज के आम लोग भी आहत दिखाई दे रहे हैं और भगत के खिलाफ अपनी नाराजगी जता रहे हैं। वहीं कांग्रेस कार्यकर्ताओं में इससे कहीं अधिक गुस्सा है। इसी कड़ी में यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा अध्यक्ष पवन जाटव के नेतृत्व में मल्लीताल पंत पार्क में भगत का पुतला दहन किया। इस दौरान जाटव ने कहा कि भीमताल में एक सभा मे बंशीधर भगत ने नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश की उम्र को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की। इस पर सभा में मौजूद भाजपा के लोग ठहाके लगा कर हँस रहे थे। यह भाजपा की महिलाओं व वृद्धों के प्रति सोच को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि जब तक भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सार्वजनिक रूप से माफी नही माँगते है तब तक उनका विरोध जारी रहेगा। इस दौरान ,परवेज आलम शकील, आकाश, शाहिद, नितिन, दीपक, गौरव व अफसर सहित अन्य कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 19 दिसम्बर 2020। कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को रसोई गैस और पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों को लेकर जिला मुख्यालय में सरकार विरोधी प्रदर्शन किया। पार्टी नगर अध्यक्ष अनुपम कबडवाल व पूर्व विधायक सरिता आर्य के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता तल्लीता डांठ पर एकत्रित हुए। इस दौरान उन्होंने रसोई गैस व पेट्रोल, डीजल के बढ़ते दामों को लेकर सरकार का पुतला दहन किया। साथ ही नारेबाजी कर बढ़े हुए दाम वापस लेने की मांग की। इस दौरान श्रीमती आर्य ने मानो हनुमान की तरह गैस का खाली सिलेंडर अपने हाथों में उठा लिया।

रसोई गैस और पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों को लेकर जिला मुख्यालय में सरकार विरोधी प्रदर्शन करती महिला कांग्रेस अध्यक्ष एवं अन्य।

उल्लेखनीय है कि इससे पहले सरिता ने 2017 के विधानसभा चुनाव के दौरान कोटाबाग में इसी तरह गेहूं की पकी फसल का गट्ठर भी सिर पर उठा लिया था।
उन्होंने कहा कि कोरोना काल में वैसे ही आम आदमी के पास रोजगार उपलब्ध नहीं है। ऐसे में सरकार रसोई गैस व पेट्रोल, डीजल जैसी मूलभूत चीजों के दामों में बढ़ोतरी कर रही है। अनुपम कबडवाल ने कहा कि किसानों को पहले ट्रैक्टर पहले सब्सिडी में मिलता था, अब सरकार ने उसे परिवहन वाहन घोषित कर टैक्स लगा दिया है। प्रदर्शन में उपप्रमुख हिमांशु पांडे, कैलाश अधिकारी, मनमोहन कांडपाल, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष मीना बिष्ट, सावित्री जंतवाल, शांति तिवारी, संजय आर्य, अर्जुन चौधरी, नरेश दुर्गापाल, कृष्णा साह, सुखदेव आनंद, नफीस अहमद, हेम आर्य, इमरान सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 17 दिसम्बर 2020। नगर पालिका सभासद मनोज साह जगाती की अगुवाई में बृहस्पवितार को नैनीताल चिड़ियाघर गेट के पास वन विभाग के खिलाफ धरना-प्रदर्शन किया गया। इस दौरान जगाती ने पातन समिति में पर्यावरण से संबंधित लोगो को रखने, नैनीताल में हो रहे हरे पेड़ो के कटान को रोकने, जंगलो में गश्त बढ़ाने, घायल जनवरों को तत्काल इलाज की सुविधा उपलब्ध कराने, जंगलो में आग को रोकने, चालान के नाम पर आम आदमी का शोषण न करने, वन विभाग के कर्मचारियों के द्वारा पेड़ों से लगे मकानों का भी चालान करने एवं वन विभाग से संबंधित कर्मियों के द्वारा अपने भवन से लगे पेड़ांे की शाखाओं को बिना अनुमति के पातन करने पर जांच और उचित कार्यवाही करने की मांगें रखीं। उन्होंने बताया कि बाद में डीएफओ ने उन्हें उनकी सभी मांगों पर उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। प्रदर्शन में परवेज आलम व जीशान अली भी शामिल रहे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 08 दिसम्बर 2020। आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को किसानों द्वारा आहूत भारत बंद के समर्थन में पंत पार्क मल्लीताल में धरना प्रदर्शन किया व सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान कृषि बिलों को किसान विरोधी बताते हुए इन्हें वापस लेने की मांग की गई। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ता सामाजिक दूरी बरतते नजर नहीं आए। धरने का नेतृत्व करते हुए पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रदीप दुम्का ने कहा कि मोदी सरकार को अन्नदाताओं से कोई सरोकार नहीं है। पूर्व आप अध्यक्ष देवेंद्र लाल ने कहा कि सरकार को तत्काल अपना बनाया काला कानून वापस ले लेना चाहिये, नहीं तो आआपा सड़क से संसद तक प्रदर्शन करेगी। प्रदर्शन में नगर अध्यक्ष शाकिर अली, पूर्व नगर अध्यक्ष देवेंद्र लाल, अधिवक्ता उमेश तिवारी, नगर महामंत्री महेश चंद्र आर्य, दीपक सिंह, हरीश सिंह बिष्ट, विनोद कुमार, विजय शाह, सुरेश चंद्र, गंगा सिंह, देवी सिंह नेगी, जीवन सिंह रावत, शंकर बहुगुणा, प्रदीप साह, अकरम अली, राम नारायण, सुनील कुमार, विद्या देवी, पूरन चंद, प्रदीप सिंह अधिकारी, आर एल शाह, दीवान राम, हर्ष सिंह गैड़ा, सतनाम सिंह, जसप्रीत कौर, विमला देवी, अदनान अंसारी, अजय कुमार, विनोद प्रसाद, ताराचंद, नईम अहमद आदि शामिल रहे।

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नवीन समाचार, रुद्रपुर, 29 नवंबर 2020। केंद्र सरकार के कृषि संबंधी अध्यादेशों के विरोध एवं पंजाब व हरियाणा व दिल्ली में आंदोलनरत किसानों को समर्थन देते हुए रविवार को बड़ी संख्या में कांग्रेसियों ने रविवार को शहर के प्रमुख व एनएच पर स्थित व्यस्ततम डीडी चौक पर विशाल धरना देकर जोरदार प्रदर्शन किया और जोरदार नारेबाजी करते हुए मोदी सरकार का पुतला फूंक डाला। खास बात यह भी रही कि इस दौरान कांग्रेसियों ने पुतले के साथ सोशल डिस्टेंसिंग और कोरोना गाइडलाइन्स की भी धज्जियां उड़ा डालीं और इस दौरान पुलिस मूक दर्शक बनी रही।

इस दौरान आंदोलन का नेतृत्व कर रहे कांग्रेस जिला महासचिव सुशील गाबा ने धरना स्थल पर सैकड़ों कांग्रेसियों और दूरदराज इलाकों से आए किसान-मजदूरों को संबोधित करते हुए कहा कि आज पूरे देश के लाखों किसान दिल्ली जाने वाली सड़कों पर कराह रहे हैं। आज देशभर के किसानों के साथ जो हो रहा है वो ठीक नहीं है। बीजेपी ने कहा था कि कर्जा माफ नही करेंगे लेकिन किसानों की आय दोगुनी कर देंगे लेकिन जुमलों के अलावा कुछ नहीं किया। लेकिन इस दौरान आम लोगों में पुतला दहन से अधिक कांग्रेसियों द्वारा कोरोना गाइड लाइन्स की इस तरह डीडी चौक जैसे शहर के प्रमुख चौराहे पर अवहेलना करने और पुलिस के मूकदर्शक बने रहने की अधिक चर्चा रही।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 30 सितंबर 2020। गत दिवस यूपी के हाथरस में वाल्मीकि समाज की बेटी के साथ दरिंदों के साथ हुई हृदय विदारक एवं अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण घटना पर चहुंओर नाराजगी व आक्रोश नजर आ रहा है। लोग इस पर जगह-जगह विरोध-प्रदर्शन भी कर रहे हैं। इसी कड़ी में बुधवार को जिला-मंडल मुख्यालय में भी अनेक संगठनों ने इस घटना को लेकर अपनी नाराजगी का प्रदर्शन किया।
नगर में भाजपा एवं वाल्मीकि समाज के द्वारा पंत पार्क मल्लीताल से देर शाम हाथों में मोमबत्तियां लेकर मौन जुलूस निकाला गया। इस दौरान जुलूस में शामिल लोगों ने घटना की कड़ी निंदा एवं भर्त्सना की तथा दरिंदों को कठोर से कठोर दंड देने की मांग की। जुलूस की समाप्ति पर तल्लीताल डॉट पर 2 मिनट का मौन धारण किया गया। इसके पश्चात वाल्मीकि समाज द्वारा, घटना के विरोध में विधायक प्रतिनिधि अरविंद परिवार के माध्यम से ज्ञापन दिया गया। प्रदर्शन में वाल्मीकि सभा के सरपंच मनोज पंवार, भाजपा नैनीताल मंडल के अध्यक्ष आनंद बिष्ट, अरविंद पडियार, भूपेंद्र बिष्ट, कलावती असवाल, सपना बिष्ट, कुंदन बिष्ट, राहुल पुजारी, भूपाल कार्की, अतुल पाल तथा विमल बिष्ट के साथ ही छात्र संघ की छात्रा उपाध्यक्ष सहित वाल्मीकि समाज के अनेक लोग शामिल हुए।
इससे पूर्व इसी घटना पर वाल्मीकि समाज ने पीड़िता के दोषियों को फांसी की सजा दिलाने की मांग को लेकर पंत पार्क में पुतला फूंका। उत्तराखंड वाल्मीकि समाज की ओर से कहा गया कि स्वर्गीय बहन को न्याय दिलाने की इस लड़ाई में सभी वाल्मीकि समुदाय के लोग एक है। कहा गया कि अपराधी की कोई जाति या धर्म नहीं होता। अपराधी सिर्फ अपराधी होता है। अपराधियों को जल्द से जल्द फासी मिलनी चाहिए।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 23 सितंबर 2020। नगर पालिकाध्यक्ष सचिन नेगी द्वारा बीते तीन दिनों से किये जा रहे आमरण अनशन एवं करीब डेढ़ सप्ताह से पालिकाध्यक्ष व सभासदों द्वारा नगर पालिका प्रांगण में दिये जा रहे धरने के समर्थन एवं सरकार के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बुधवार को सरकार का पुतला फूंका।

मल्लीताल पंत पार्क में राज्य सरकार का पुतला दहन करते हुए पूर्व विधायक व महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सरिता आर्य ने कहा कि विधायक संजीव आर्य गलत आंकड़े पेश कर भाजपा और सरकार का बचाव कर रहे है। उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक जमीनी हकीकत जाने बिना आंकड़ों की बाजीगरी ना पेश न करें। ऐसे वक्त में उनको नैनीताल का विधायक होने के नाते नैनीताल की जनता व नगर पालिका के हित को ध्यान में रखते हुए पालिकाध्यक्ष के अनशन को समर्थन करना चाहिए था क्योंकि नैनीताल की जनता ने ही उनको विधायक बनाया है। उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण के कारण नगर पालिका वित्तीय संकट से जूझ रही है। और उनके आय के दरवाजे भी पूरी तरह से बंद पड़े हैं। ऐसे में सरकार को पक्षपात नहीं करते हुए नैनीताल नगर पालिका को बजट देना चाहिए जिससे कि पालिका अपने कर्मचारियों की तनख्वाह व पालिका के खर्चे वहन कर सकें। प्रदर्शन में नगर कांग्रेस अध्यक्ष अनुपम कबडवाल, युवा कांग्रेस नगर अध्यक्ष संजय कुमार, यूथ कंाग्रेस के विधानसभा अध्यक्ष योगेश आर्य, सभासद पुष्कर बोरा, राजू टाँक, गजाला कमाल, रेखा आर्य, निर्मला चन्द्रा, पूर्व सभासद जेके शर्मा, जुनैद, जमीर अहमद, शेखर साह, तरुण टाकुली, रवि कुमार, सूरज कुमार, दिनेश कुमार, दीप आर्य व मनोज कुमार आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें : एक वन क्षेत्राधिकारी व उनके चालक के खिलाफ जन प्रतिनिधियों में आक्रोश

नवीन समाचार, नैनीताल, 21 सितंबर 2020। जनपद के हैड़ाखान विकास खंड की वन क्षेत्राधिकारी पर आरोप है कि उन्होंने स्थानीय जनप्रतिनिधियों के लिए अपशब्द कहे। इस पर सोमवार को क्षेत्रीय जन प्रतिनिधियों ने ब्लॉक प्रमुख डा. हरीश बिष्ट को ज्ञापन सोंपा। साथ ही प्रधान संगठन भीमताल की ओर से भी वन क्षेत्राधिकारी के क्रियाकलापों पर आक्रोश व्यक्त किया गया। जिला पंचायत सदस्य प्रेम बल्लभ ब्रजवासी, प्रधान नवीन पलड़िया, चिराग, हेम चंद्र, नंदन सिंह, आन सिंह, धीरज बोरा, निखिल महतोलिया, पंकज सम्मल, मनोज पलड़िया, इंदर सिंह, सतीश बेलवाल ने भी
इधर बताया गया है कि बीती रात्रि वन क्षेत्राधिकारी के चालक जीतेंद्र ने हैड़ाखान ने कुछ पिकअप वाहन चालकों के साथ अभद्रता की। घटना के समय किसी तरह की मारपीट से इंकार किया। बाद में चार पिकअप चालकों के खिलाफ राजस्व पुलिस में नामजद रिपोर्ट दर्ज करा दी, और राजस्व उप निरीक्षक से कहा कि इन चालकों ने उसे नहीं मारा व पर वे बताएंगे कि वास्तव में उसे किसने माना। इस पर भी क्षेत्रीय जन प्रतिनिधियों ने वन क्षेत्राधिकारी के चालक पर वन क्षेत्राधिकारी के नाम पर तानाशाही दिखाने का आरोप लगाते हुए उसके खिलाफ कड़ा आक्रोश जताया है।
वन क्षेत्राधिकारी व उनके चालक के खिलाफ ब्लॉक प्रमुख को ज्ञापन सोंपते क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि।

यह भी पढ़ें : भारी पड़ा फीस माफी के लिए पानी की टंकी पर चढ़कर धमकी देना, शायद मधुमक्खियों को नहीं भाया ‘अति उत्साह’

नवीन समाचार, नैनीताल, 15 सितंबर 2020। फीस माफी के लिए आंदोलन कर रहे हल्द्वानी के पार्षद रोहित आमरण अनशन से उठाए जाने के बाद मंगलवार को फिर धरने पर बैठ गए थे। इस दौरान वे फीस माफी की अपनी मांग पर अपना विरोध जताने के लिए जल संस्थान की करीब 100 फिट ऊंची टंकी पर चढ़ गये और वहां से वह कूदने की धमकी देने लगे। उन्हें बचाने के लिए कई लोग भी टंकी पर चढ़ गए, जहां मौजूद मधुमक्खियों को शायद उनका यह ‘अति उत्साह’ नहीं भाया। उन्होंने रोहित सहित कई लोगों को बुरी तरह से काट दिया। इस पर उन्हें अस्पताल में उपचार कराना पड़ गया। गनीमत रही कि जान बच गई। आंदोलन के लिए चढ़े थे पानी की टंकी पर, मधुमखियों ने कर दिया यह हाल
प्राप्त जानकारी के अनुसार फीस मांफी की मांग को लेकर पार्षद रोहित बुधपार्क पर आमरण अनशन कर रहे थे। उनके समर्थन में तमाम लोग बैठे थे। सोमवार को पुलिस आंदोलनकारियों को उठा ले गई। लेकिन वह लोग फिर जाकर बैठ गए। मंगलवार को वह विरोध दर्ज कराने के लिए जल संस्थान की टंकी पर चढ़ गया। वहां से वह कूदने की बात कहने लगा। इसी बीच पहुंची नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश ने भी उसको नीचे आकर बात करने को कहा। कुछ लोग चुपके से उन्हें उतारने के लिए टंकी पर चढ़ गए। इतने में मधुमक्खियां बिदक गई। मधुमक्खियों के हमले से परेशान लोग जान बचाकर भागे। जैसे-तैसे उन सभी को अस्पताल में लाकर उपचार कराया गया। बाद में रोहित को जूस पिलाकर लंबे समय से चल रहे धरने को डॉ. हृदयेश ने खत्म कराया।

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-महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन में सुमित हृदयेश भी रहे शामिल
नवीन समाचार, नैनीताल, 31 अगस्त 2020। कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने द्वाराहाट के विधायक पर महिला द्वारा लगाए गए दुष्कर्म के आरोपों को लेकर भाजपा सरकार को निशाने पर लिया। उन्होंने इन मुद्दों पर तल्लीताल गांधी पार्क में धरना-प्रदर्शन किया व विधायक की गिरफ्तारी की मांग करते हुए एसडीएम को ज्ञापन सौपा। इस दौरान देहरादून के मेयर की पुत्री को बिना विज्ञप्ति बैक डोर से नौकरी दिये जाने का मामला भी उठाया गया। प्रदर्शन में नेता प्रतिपक्ष डा. इंदिरा हृदयेश के पुत्र सुमित हृदयेश भी शामिल रहे।
इस मौके पर पूर्व विधायक एवं महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष सरिता आर्य ने कहा कि द्वाराहाट के विधायक पर दुष्कर्म का मामला राज्य सरकार के दबाब के कारण दर्ज नही किया जा रहा है। उन्होंने तंज कसा कि एक और भाजपा ‘बेटी बचाओ’ का नारा दे रही है। वही दूसरी ओर खुद ही उनके नेता बेटियों का अपमान कर रहे है। इससे भाजपा की कथनी और करनी में जमीन आसमान का फर्क साफ नजर आ रहा है। अब तो भाजपा के विधायकों से ही बेटियों का बचाना पड़ रहा है। उन्होंने विधायक प्रकरण की जल्द से जल्द बिना सरकार के दखल के जांच की मांग भी उठाई। प्रदर्शन में इस दौरान पूर्व सांसद डॉ महेंद्र पाल सिंह, नगर अध्यक्ष अनुपम कबड़वाल, हेम आर्य, सुमित हृदयेश, खष्टी बिष्ट, मुकेश जोशी ‘मंटू’, मनमोहन कनवाल, सभासद पुष्कर बोरा, जेके शर्मा, संजय कुमार, पप्पू कर्नाटक, सूरज पांडे, कैलाश अधिकारी व राजेंद्र ब्यास आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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-कहा-प्रधानमंत्री ने कोरोना से लड़ने के लिए 21 दिन मांगे थे, अब 100 दिन से भी अधिक गुजरने के बाद देश दुनिया में तीसरे नंबर पर पहुंच गया है

नवीन समाचार, नैनीताल, 21 जुलाई 2020। युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को थाली बजाकर प्रदर्शन करते हुए केंद्र सरकार का कोरोना को लेकर मखौल उड़ाया। प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए युवा कांग्रेस के नैनीताल विधानसभा अध्यक्ष पवन जाटव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी ने कोरोना से लड़ने के लिए देश से 21 दिनों का समय मांगा था पर आज सौ दिन से भी अधिक समय हो गया है और भारत कोरोना से निपटने की जगह तीसरे स्थान पर आ गया है। धरातल पर काम करने की जगह मोदी जी ताली बजवाकर, दिये जलवाकर, आरोग्य सेतु एप डाउनलोड करवाकर देश को गुमराह करते रहे। विधानसभा प्रभारी राहुल कांडपाल व जीवन बिष्ट ने कहा कि सरकार ने आपदा में अवसर ढूंढकर वेंटिलेटर घोटाला कर दिया है। खरीदे गए वेंटिलेटर भी सही कार्य नही कर रहे हैं इसलिये थाली बजाकर केंद्र व राज्य सरकार की नीतियो का विरोध कर रहे हैं। इस मौके पर शाहरुख अंसारी, नितिन जाटव, आशू, अंकित आदि कार्यकर्ता भी मौजुद रहे।

यह भी पढ़ें : कांग्रेसियों ने पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों को लेकर किया प्रदर्शन

नवीन समाचार, नैनीताल, 5 जुलाई 2020। प्रदेश भर के साथ नगर के कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी सोमवार को पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों को लेकर तल्लीताल पेट्रोल पंप के सामने प्रदर्शन किया। महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष सरिता आर्य के नेतृत्व में कांग्रेसी सोमवार अपराह्न तल्लीताल डांठ पर पहुंचे और राज्य सरकार पर जनता पर आर्थिक बोझ डालने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया।
सरिता आर्य ने कहा कि मोदी सरकार जनता के आर्थिक उत्पीड़न पर उतर आई है, वहीं विरोध करने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर झूठे मुकदमे लगा रही हैं। प्रदर्शन में पूर्व सांसद डा. महेंद्र पाल, प्रदेश उपाध्यक्ष डा. रमेश पांडे, रईश भाई, हेम आर्य व जेके शर्मा आदि पार्टीजन शामिल रहे।

चंपावत में निकाले जाने से आहत आशाओं ने किया प्रदर्शन
नैनीताल। एक्टू से संबद्ध आशा कार्यकत्रियों ने उत्तराखंड आशा हेल्थ वर्कर्स यूनियन के बैनर तले अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सोमवार का ेनगर के तल्लीताल डांठ पर प्रदर्शन किया व डीएम सविन बंसल के माध्यम से स्वास्थ्य मंत्री को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में उन्होंने कोरोना महामारी और लॉकडाउन में पूरी निष्ठा से ‘प्रथम पंक्ति की कोरोना योद्धाओं’ के रूप में कार्य करने का हवाला देते हुए उनके सवालों पर सहानुभूति पूर्वक विचार करने के बजाय अपनी न्यायसंगत मांगों को उठाने वाली आशाओं के खिलाफ कार्यवाही करने पर सवाल उठाए। उन्होंने चम्पावत जिले में मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा 264 आशाओं को निकालने के आदेश और ऊधमसिंहनगर जिले में भी आशाओं को बाहर निकालने के लिए लिस्ट बनाने की कार्यवाही को बेहद अन्यायपूर्ण व कोरोना योद्धा आशाओं के सम्मान पर चोट बताया। प्रदर्शन करने वालों में प्रदेश अध्यक्ष कमला कुंजवाल, प्रेमा पंत, भगवती शर्मा, कमला डालाकोटी, सुमन बिष्ट, रमा गैड़ा, दुर्गा टम्टा, पुष्पा खुल्बे, शांति आर्या, चंद्रा सती, हेमा आर्या, मुन्नी, दीपा अधिकारी, तुलसी बिष्ट, सरिता कुरिया, हंसी खड़ायत, विमला ठठोला व पूनम आर्या आदि शामिल रहे।

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बेहद गंभीर श्रेणी के हृदय रोगी निकले गृह एकांतवास में रखे व्यक्ति
नवीन समाचार, नैनीताल, 4 जुलाई 2020। नगर के अयारपाटा वार्ड के सभासद मनोज साह जगाती ने एक घर में दिल्ली के परिवार को रखने पर अपने प्रस्तावित धरने को स्थगित कर दिया। अलबत्ता उन्होंने इस संबंध में मंडलायुक्त अरविंद सिंह ह्यांकी को एक पत्र सोंपकर नगर में आम व खास लोगों को गृह एवं संस्थागत एकांतवास रखने में पक्षपात का आरोप लगाया।
इधर बीडी पांडे जिला चिकित्सालय के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. केएस धामी ने बताया कि सुबह संबंधित परिवार के बुजुर्ग की दिल्ली के वेदांत अस्पताल से प्रपत्र आ गये। जिनके अनुसार बुजुर्ग श्रेणी-4 यानी गंभीर श्रेणी के हृदय रोग के मरीज हैं। उन्हें गत दिनों बड़ा हृदयाघात होने के बाद बड़ा ऑपरेशन हुआ है, जिसके जरिये उन्हें दो स्टंट लगाये गये हैं। डा. धामी ने उन्हें कहा कि इतनी गंभीर स्थिति की, आना ही नहीं चाहिए था। बेहतर होगा कि वे वापस दिल्ली ही चले जाएं। क्योंकि जरूरत पड़ने पर उन्हें यहां अपेक्षित स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं मिल पाएंगी। इस बारे में उन्होंने सभासद जगाती से भी वार्ता की।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 3 जुलाई 2020। नगर पालिका के अयारपाटा वार्ड के सभासद मनोज साह जगाती ने शनिवार को अपने ही वार्ड के एक घर के आगे प्रशासन के विरोध स्वरूप धरना देने का ऐलान किया है। जगाती का कहना है कि उनके वार्ड स्थित गुलाटी भवन के नीचे श्री सच्चर के घर में दिल्ली से एक परिवार आया है, जिसे बीडी पांडे जिला चिकित्सालय प्रशासन ने दिल्ली के रेड जोन से आने के बावजूद ‘गृह एकांतवास’ में रखा है। जबकि नैनीताल नगर और उनके अयारपाटा वार्ड के बच्चों को सूखाताल और हल्द्वानी में एकांतवास में रखा गया है। इस पर पक्षपात का आरोप लगाते हुए उन्होंने प्रशासन के खिलाफ वे शनिवार को क्षेत्रीय जनता के साथ संबंधित घर के आगे धरना देंगे।
वहीं इस बारे में बीडी पांडे जिला चिकित्सालय के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. केएस धामी ने कहा कि संबंधित परिवार में पति-पत्नी व एक छोटा बच्चा है। यह परिवार बृहस्पतिवार को आया है। महिला ने बताया है कि वह हृदय रोगी है, और उसका हृदय का ऑपरेशन हुआ है। इस आधार पर वह तथा उसके पति उसकी देखभाल के लिए एवं छोटा बच्चा नियमानुसार गृह एकांतवास में रहने के अधिकारी हैं। अलबत्ता महिला अपने ऑपरेशन के कागजात नहीं दिखा पाई है। ऐसे में उन्हें शनिवार सुबह तक प्रपत्र दिखाने को कहा गया है। यदि वे ऐसा नहीं कर पाते हैं तो उनमें से एक व्यक्ति को बच्चे की देखरेख के लिए छोड़कर शेष किसी एक को संस्थागत एकांतवास में भेजा जाएगा। साथ ही उनके कोरोना जांच हेतु नमूने भी लिये जाएंगे।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 26 जून 2020। देहरादून में प्रदेश अध्यक्ष सहित अन्य कार्यकर्ताओं पर लगाये गये मुकदमों से आंक्रोशित कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को नगर में केंद्र व राज्य सरकारों का पुतला फूंका। गांधी चौक तल्लीताल पर आयोजित पुतला दहन में पूर्व विधायक सरिता आर्य के नेतृत्व में दर्जनों कांग्रेसियों ने डीजल-पेट्रोल के दाम में की गई वृद्धि को वापस किए जाने और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सहित कई लोगों पर जो लगाए गये झूठे मुकदमे तत्काल वापस लेने की मांग करते हुए नारे लगाए।
सरिता आर्य ने कहा कि जनता बेहाल है, और आर्थिक स्थिति से जूझ रही है। लेकिन गूंगी-बहरी सरकार परिवहन निगम की बसों का किराया दोगुना कर उनके जख्मों पर नमक छिड़क रही है। इस दौरान गलवान घाटी में शहीद हुए भारतीय सैनिकों को श्रद्धांजलि भी दी गई। विरोध-प्रदर्शन में पूर्व सांसद डा. महेंद्र पाल, प्रदेश उपाध्यक्ष डा. रमेश पांडे, पूर्व दर्जा मंत्री खष्टी बिष्ट, मारुति नंदर साह, जेके शर्मा, हेम आर्य, हिमांशु पांडे, त्रिभुवन फर्त्याल, केके शर्मा, संजय वर्मा, भैय्यू सती, सावित्री तिवारी, महिला जिला अध्यक्ष मीना बिष्ट सहित दर्जनों कार्यकर्ता शामिल रहे।

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-आम आदमी पार्टी और सरस्वती विहार ने किये भारतीय सैनिकों की शहादत पर आक्रोश प्रदर्शन

नवीन समाचार, नैनीताल, 20 जून 2020। चीनी सैनिकों द्वारा गत दिवस भारतीय सैनिकों पर धोखे से किये गये हमले के विरोध में शनिवार को आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदेश अध्यक्ष एसएस कलेर व जिला विधानसभा प्रभारी प्रदीप दुम्का के निर्देशन तथा वरिष्ठ कार्यकर्ता शाकिर अली के नेतृत्व में शनिवार को जिला व कुमाऊं मंडल मुख्यालय मुख्यालय में चीन के खिलाफ आक्रोश प्रदर्शन किया। राष्ट्रीय नेतृत्व के आह्वान पर प्रातः 11 बजे में किये गये प्रदर्शन में चीन सीमा पर शहीद हुये वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी गयी व चीन के खिलाफ नारेबाजी की गयी।
आक्रोश प्रदर्शन में वक्ताओं ने चीनी सेना द्वारा गलवान घाटी में भारतीय सेना पर धोखे से किये गये हमले की कड़े शब्दों में निंदा की व भर्त्सना की गयी। साथ ही शहीदों को मोमबत्ती जलाकर श्रद्धांजलि भी अर्पित की गयी। आक्रोश प्रदर्शन की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष एसएस कलेर व जिला प्रभारी प्रदीप दुम्का ने तथा संचालन वरिष्ठ कार्यकर्ता शाकिर अली ने किया। कार्यक्रम में अमित रस्तोगी, नईम अहमद, रियाजुद्दीन, सूरज कुमार, राजेंद्र प्रसाद, ललित पंत, देवेंद्र आर्य, नईम खान ( निम्मो ), विजय साह, दीपक कुमार, अभिषेक मुल्तानिया, मौनी भाई व गोधन सिंह आदि कार्यकर्ता शामिल हुए।
उधर नगर के पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार माध्यमिक विद्यालय दुर्गापुर में देश के 20 वीर शहीद जवानों को 101 दिये जलाकर श्रद्धांजलि दी गई। उपस्थित लोगों ने भारत माता की जय, वी शहीद अमर रहें, वंदे मातरम और चीनी सामान का बहिष्कार करने के नारे भी लगाए। विद्यालय के प्रधानाचार्य नरेंद्र सिंह ने भारत सरकार से आह्वान किया कि यदि चीन बाज नहीं आता तो उसके साथ व्यापार सहित तमाम रिश्ते खत्म किये जाने चाहिए। आरएसएस के जिला प्रचारक मनोज ने इस तथ्य को रेखांकित किया कि चीन हमारे ही पैंसों से धन्ना सेठ बना बैठा है, और हमें ही समय-समय पर क्षति पहुंचाता रहता है। यदि देशवासी चीनी सामान का बहिष्कार कर दें तो चीन अपनी औकात में आ जाएगा। कार्यक्रम में डा. माधव प्रसाद त्रिपाठी, विनोद कुमार, विवेक, योगेश, खजान उपाध्याय व राहुल सिंह आदि लोग उपस्थित रहे।
उधर तल्लीताल डांठ पर हिंदू जागरण मंच की युवा वाहिनी के सदस्यों ने चीन का पुतला और चीनी सामानों की होली जलाई। होली जलाने वालों में हिंजामं के नगर अध्यक्ष भास्कर आर्य, उपाध्यक्ष वैभव आर्य, महामंत्री तरुण राज, दक्ष सिंह, प्रमोद प्रसाद, विश्वकेतु वैद्य, समीर राज व धीरज कुमार आदि सदस्य शामिल रहे।

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-सीने में दर्द की शिकायत के बाद सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज को किया संदर्भित

नवीन समाचार, नैनीताल, 11 फरवरी 2020। नैनीताल जिला कारागार में बंद एक बंदी ने परिवार न्यायाधीश के आदेश के खिलाफ जेल के बाद जिला चिकित्सालय में ही अनशन जारी रखा है। जेलर रमेश कुमार भारती ने बताया कि रामनगर के मोहान निवासी कैलाश चंद खुल्बे ने परिवार न्यायालय के आदेश के बाद जेल पहुंचकर शनिवार 8 फरवरी से जेल में अनशन शुरू कर दिया था। स्वास्थ्य में खराबी आने पर उसे सोमवार को बीडी पांडे जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। इधर जिला चिकित्सालय में भी बंदी द्वारा अनशन जारी रखने की बात कही जा रही है। जिला चिकित्सालय के वरिष्ठ फिजीशियन डा. एमएस दुग्ताल ने बताया कि बंदी ने उनके सामने भोजन नहीं लिया है। उसने भोजन ग्रहण करने से इंकार कर दिया। अलबत्ता उसने पानी पिया। उसके सीने में कभी-कभी दर्द की समस्या आ रही है। इसके लिए उसके कुछ परीक्षण कराने के लिए मंगलवार सुबह सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी भेज दिया गया हैं। अस्पताल में भर्ती किये जाते समय उसके रक्तचाप में भी समस्या थी, जो कि अब उपचार के बाद सामान्य हो गया है।
बताया गया है कि बंदी कैलाश खुल्बे पुत्र दयाकिशन खुल्बे बीती 4 फरवरी से नैनीताल जिला कारागार में बंद है। उससे संबंधित वाद पारिवार न्यायालय रामनगर में विचाराधीन था। 7 फरवरी को उसे रामनगर न्यायालय भेजा गया। जहां परिवार न्यायाधीश की ओर से उसे तीन माह की कैद की सजा सुनाई, और भरण पोषण के लिए 78 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया। जुर्माने के विरोध में उसने उसी शाम से जेल में एक किनारे आसन लगा कर भूख हड़ताल शुरू कर दी है। कैलाश ने उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश, रजिस्ट्रार जनरल और मानवाधिकार आयोग से इस आदेश की शिकायत करने की बात कही। इस पर जेलर रमेश चंद्र भारती ने बताया कि कैलाश ने जेल प्रशासन को लिखित पत्र देकर कहा है कि उसे बगैर सम्मन दिए न्यायालय में गैर हाजिर रहना बताकर, गिरफ्तार कर लिया गया। वह बेरोजगार है, बावजूद पत्नी के भरण-पोषण के लिए काफी अधिक, 78 हजार रुपए जुर्माना लगाया गया। लिहाजा, उसकी सजा व जुर्माना कम किया जाए। न्याय मिलने तक वह आमरण अनशन करेगा। जेलर भारती ने बताया कि उसके पत्र को डीएम, परिवार न्यायालय के न्यायाधीश आदि को रिपोर्ट लगाकर भेज दिया गया है।

पत्नी का दिल पसीजा, कहा-रुपए मिल गए हैं
नैनीताल। इधर सूत्रों से पता चला है कि कैलाश खुल्बे के आमरण अनशन करने पर उसकी पत्नी का दिल पसीज गया है। उसने जेल प्रशासन को पत्र लिखकर सूचित किया है कि उसे रुपए मिल गए हैं। जेलर रमेश भारती ने ऐसा पत्र संज्ञान में आने की बात कही है, परंतु अभी इसकी पुष्टि नहीं की है।

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कमल जगाती @ नवीन समाचार, नैनीताल, 9 फरवरी 2020। नैनीताल जिला कारागार में बन्द एक बंदी ने परिवार न्यायाधीश के आदेश के खिलाफ जेल में ही अनशन शुरू कर दिया है। जेल प्रशासन अब बंदी की शिकायत से न्यायाधीश को अवगत कराने पर विचार कर रहा है। जेलर रमेश कुमार भारती ने बताया कि वो छुट्टी पर हैं। अलबत्ता उन्होंने जानकारी दी कि नैनीताल जिले के रामनगर में परिवार न्यायालय से पत्नी को खर्चा भत्ता देने और तीन साल की सजा होने के बाद करीब सप्ताह भर पहले जेल आये रामनगर के मोहान निवासी कैदी कैलाश चंद खुल्बे ने परिवार न्यायालय के आदेश के बाद जेल पहुंचकर अपनी शनिवार से नाराजगी व्यक्त करते हुए, एक किनारे आसन लगा लिया है और कुछ भी खाने से इनकार कर दिया है। पता चला है कि कैलाश, अदालती आदेश से परेशान था और जेल पहुँचकर उन्होंने भूख हड़ताल शुरू कर दी। उन्होंने बताया कि कैलाश का आरोप है कि बगैर सम्मन दिए उन्हें न्यायालय में गैर हाजिर रहना बताकर, उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। वह बेरोजगार है। उसकी सजा व जुर्माना कम किया जाए।कैलाश ने उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश, रजिस्ट्रार जनरल और मानवाधिकार आयोग से इस आदेश की शिकायत करने की बात कही है। कैलाश ने अदालत के भरण पोषण और तीन वर्षीय जेल संबंधी आदेश को उत्पीड़न बताते हुए कहा कि जब तक उसके साथ न्याय नहीं होगा वह भूख हड़ताल पर डटे रहेंगे।

जेलर रमेश ने कहा है कि कैलाश की तरफ से लिखित शिकायत मिलने के बाद वो परिवार न्यायालय के न्यायाधीश और जिलाधिकारी को अवगत कराएंगे। फिलहाल कैलाश का स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा।

यह भी पढ़ें : बड़ा समाचार : आखिर हल्द्वानी ‘हल्द्वानी’ ही रहा, ‘शाहीन बाग’ नहीं बना, रात्रि में दूर हुई सारी चिंताएं…

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 24 जनवरी 2020। आखिर हल्द्वानी हल्द्वानी ही रहा, शाहीन बाग नहीं बना। शहर में अमन-चैन, कौमी एकता बनी रही। रात्रि में सारी चिंताएं दूर हो गईं।  हल्द्वानी में पिछले 3 दिनों से सीएए के खिलाफ चल रहा मुस्लिम महिलाओं का धरना आखिर समाप्त हो गया है। प्रशासन और पुलिस के प्रयासों से शुक्रवार रात्रि आखिरकार 60 घंटे बाद धरना खत्म हो गया। इससे पूर्व शुक्रवार की दोपहर 12 बजे धरने को ताज चौराहे से लाइन नंबर आठ में शिफ्ट करा दिया गया था। डीआईजी की कोशिशों के बाद आंदोलनकारी मान गए और रात साढ़े दस बजे राष्ट्रगान व दुआ के साथ धरना खत्म कर दिया गया। इस दौरान राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसएसपी सुनील कुमार मीणा को सौंपा, जिसमें सीएए को वापस लेने की मांग उठाई गई। इसके बाद धरने पर बैठी महिलाएं घर चली गईं। इससे प्रशासन ने राहत की सांस ली है।, हालांकि प्रशासन आगे भी 27, 28 और 29 जनवरी को फिर से मुस्लिम समुदाय के संभावित धरने को देखते हुए एहतियात के तौर पर वनभूलपुरा में क्षेत्र में चौकसी बनाये हुए है। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के घुसपैठियों से संबंधित कड़े बयान के बाद प्रशासन क्षेत्र में धारा 144 लागू कर, प्रदर्शनकारियों को ताज चौराहे की जगह लाइन नंबर 8 में भेजने में सफल रहा था, और आज धरना समाप्त करने के रूप में बड़ी सफलता हासिल कर ली है। उल्लेखनीय है कि हल्द्वानी में धरना-प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक पूरे 3 दिन पूरी तरह से शांतिपूर्ण रहा।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी में कार्रवाई की तैयारी ! दो थाना क्षेत्रों में लगी धारा 144, सीएम ने कहा-जेएनयू-कश्मीर के घुसपैठिये शामिल, चिन्हित कर करेंगे कड़ी कार्रवाई

नवीन समाचार, देहरादून/हल्द्वानी, 23 जनवरी 2020। नागरिकता संशोधन अधिनियम और एनआरसी के खिलाफ हल्द्वानी के ताज चौराहे पर दिल्ली के ‘शाहीन बाग’ की तर्ज पर बीती रात भर बैठी मुस्लिम महिलाओं और बच्चों के आंदोलन पर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की प्रतिक्रिया आई है। उन्होंने कहा है-उन्हें जानकारी मिली है कि कुछ घुसपैठिये बाहर से राज्य में घुसकर यहां का माहौल बिगाड़ने का काम कर रहे हैं। ये लोग जामिया मिलिया यूनिवर्सिटी और कश्मीर से आए हैं। सीएम ने चेतावनी देते हुए कहा है कि ऐसे लोगों को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और उन्हें चिन्हित कर उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। इधर प्रशासन ने बृहस्पतिवार को हल्द्वानी के दो थाना क्षेत्रों में धारा 144 लगा दी है।

उल्लेखनीय है कि हल्द्वानी में महिलाएं और बच्चे हाथों में नारे लिखीं तख्तियां लेकर अपनी मांगों को उठा रहे हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी कर रहे हैं। इस पर सीएम ने त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बृहस्पतिवार को देहरादून के एसजीआरआर पीजी कॉलेज में आयोजित रोजगार मेले में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह बात कही है। वहीं दूसरी ओर प्रशासन ने हल्द्वानी के बनभूलपुरा और काठगोदाम थाना क्षेत्र में धारा 144 लागू कर दी है। सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह ने धारा 144 लागू करने के संबंध में जारी अपने आदेश पत्र में शांति भंग की आशंका जताई है। सिटी मजिस्ट्रेट ने पत्र में कहा है कि उन्हें सूत्रों से सूचना मिली है कि बनभूलपुरा और काठगोदाम थाना क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ असामाजिक तत्व माहौल खराब कर सकते हैं। इन सूचनाओं के परीक्षण और मंथन के बाद शांति और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए काठगोदाम और वनभूलपुरा थाना क्षेत्रों में अग्रिम आदेशों तक धारा 144 लागू की गई है। इस दौरान जिला मजिस्ट्रेट और संबंधित क्षेत्रीय मजिस्ट्रेट की अनुमति के बिना सार्वजनिक स्थान पर 5 या अधिक लोग एकत्र नहीं होंगे। बिना अनुमति सार्वजनिक सभा की इजाजत नहीं होगी। कोई भी व्यक्ति शस्त्र, लाठी, डंडा आदि लेकर संबंधित थाना क्षेत्रों में प्रवेश नहीं कर सकेगा। कोई भी व्यक्ति किसी भी प्रकार की अफवाह नहीं फैलाएगा। पत्र में यह भी कहा गया है कि ड्यूटी पर तैनात कर्मियों पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होंगे। आदेश के उल्लंघन पर भारतीय दंड संहिता की धारा 188 के तहत कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें : सीएए को लेकर इस हद तक जाएगी भाजपा

नवीन समाचार, नैनीताल, 1 जनवरी 2020। सीएए यानी संशोधित नागरिकता अधिनियम को लेकर विपक्ष के निशाने पर रही भाजपा अब इस मुद्दे पर सीधे तौर पर ‘फ्रंट फुट’ पर आने जा रही है। पार्टी नए वर्ष में एक से 15 जनवरी तक इस मुद्दे को बूथ स्तर तक लेकर जाएगी। बूथ स्तर तक सीएए पर पार्टी द्वारा तैयार पत्रक बांटे जाएंगे तथा हर बूथ से 25 लोगों के विचार लिखवाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भिजवाए जाएंगे। इसके लिए अलग-अलग कार्यकर्ताओं को बूथों की जिम्मेदारी दी जाएगी। साथ ही पार्टी के कार्यकर्ता आगामी सात से 10 जनवरी तक अलग-अलग वर्गों, कार्यालयों-बैंकों में महिला मोर्चा कार्यकत्रियां महिलाओं के बीच एवं युवा मोर्चा कार्यकर्ता स्कूल-कॉलेजों में इस मुद्दे को ले जाकर लोगों को सीएए के बारे में समझाएंगे। इसी कड़ी में आगामी 5 जनवरी को जनपद के हल्द्वानी में केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री डा. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ पत्रकार वार्ता करेंगे तथा 12 जनवरी को हल्द्वानी में पार्टी के बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ का सम्मेलन भी इसी मुद्दे पर होगा। इसके अलावा पार्टी इस नये कानून संशोधित से लाभान्वित होने की श्रेणी में जनपद में यदि कोई शरणार्थी होंगे तो उन्हें देश की नागरिकता जल्द ले लेने के लिए प्रेरित भी करेगी।

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पार्टी के नवनियुक्त नगर मंडल अध्यक्ष आनंद बिष्ट ने बुधवार को पार्टी की नैनीताल क्लब में आयोजित बैठक में पार्टी कार्यकर्ताओं को यह जानकारियां देते हुए बताया कि शरणार्थियों के लिए सरकार की ओर से 90 दिन के शिविर में लगने जा रहे हैं, ताकि शरणार्थी देश की नागरिकता लेने के लिए जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर लें। उन्हांेने जोर देकर कहा कि सीएए किसी की नागरिकता लेने का नहीं, बल्कि शरणार्थियों को देश की नागरिकता देने का कानून है। यह बात जनता को समझानी है। इस मौके पर कुमाऊं मंडल विकास निगम की उपाध्यक्ष रेनू अधिकारी बतौर मुख्य अतिथि तथा निगम के निदेशक कुंदन बिष्ट तथा पार्टी के पूर्व नगर अध्यक्ष मनोज जोशी, जीवंती भट्ट, तुलसी कठायत, दया किशन पोखरिया, नितिन कार्की, नीरज जोशी, मोहित साह, प्रमोद सुयाल, भूपेंद्र बिष्ट, रईश भाई, सभासद सागर आर्या, भगवत रावत सहित बड़ी संख्या में भाजपाई मौजूद रहे।

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-गत दिवस विरोध जुलूस का बताया जा रहा है जवाब
नवीन समाचार, नैनीताल, 26 दिसंबर 2019। सर्वधर्म की नगरी सरोवरनगरी नैनीताल बृहस्पतिवार को सीएए यानी संशोधित नागरिकता अधिनियम के समर्थन में उमड़ पड़ी। नगर के छात्रों, व्यापारियों एवं भाजपाइयों के साथ ही कांग्रेस से जुड़े युवा कार्यकर्ताओं ने हाथों में तिरंगा झंडा लेकर मल्लीताल रामलीला मैदान में एकत्र होकर माल रोड से होते हुए तल्लीताल तक जुलूस निकाला। जुलूस में लोग खासकर सीएए के विरोध में होर्डिंग हाथों में लिये हुए थे और ‘हिंदुस्तान में रहना होगा तो वंदे मातरम कहना होगा’ सरीखे नारे लगा रहे थे। वहीं होर्डिंगों में ‘वी सपोर्ट सीएए, हम भारतीयों का एक ही नारा-सीएए, भारत कोई धर्मशाला नहीं, हमे अपनी आने वाली पीढ़ियों की चिंता है, देश के सुरक्षित भविष्य को सीएए जरूरी’ हम सबको प्यारा व झूठ मत फैलाओ’ सरीखे नारे लिखे हुए थे। जुलूस में शामिल लोगों ने अपने गंतव्य तल्लीताल पहुंचकर राष्ट्रगान गाया तथा भारत माता की जय के नारे भी लगाए। एसडीएम विनोद कुमार के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा गया।
वहीं जुलूस की अगुवाई कर रहे लोगों ने कहा कि यह जुलूस गत दिवस सीएए के विरोध में निकाले गए जुलूस का प्रतिफल है। सरोवरनगरी सर्वधर्म की नगरी है। यहां सीएए के विरोध की कोई जरूरत ही नहीं थी। फिर भी इसके विरोध के लिए जुलूस निकाला गया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप आज के जुलूस की तैयारी की गई। जुलूस में कुंदन बिष्ट, नीरज जोशी, मोहित रौतेला, भूपाल बिष्ट, चंदन जोशी, अखिलेश बवाड़ी, विमल बिष्ट, रुचिर साह, सूरज पांडे, सौरभ रावत, आनंद बिष्ट, बिमला अधिकारी, मीनू बुधलाकोटी, विक्की राठौर, बीना जोशी, वैभव जोशी, आर्यन राज, दया किशन पोखरिया, कमलेश ढोंढियाल, भानु पंत, संगीता पंत, जीवंती भट्ट, गिरीश जोशी, गिरीश कांडपाल, हिमांशु जोशी, हिमांशु ओली व देवेंद्र सहित सर्वधर्म के सैकड़ों लोग शामिल रहे।

यह भी पढ़ें : नैनीताल में हुआ सीएए व एनआरसी का मौन विरोध, समर्थन जुलूस की भी तैयारी शुरू…

-मल्लीताल पंत पार्क से तल्लीताल गांधी मूर्ति तक निकाला मौन जुलूस, राष्ट्र ध्वज तिरंगा हाथों में लेकर राष्ट्रगान भी गाया
नवीन समाचार, नैनीताल, 24 दिसंबर 2019। नगर के मुस्लिमों की संस्था ‘द अंजुमन इस्लामिया’ की पहल पर नैनीताल नागरिक मंच के बैनर तले मंगलवार को कांग्रेस व बाम दलों सहित विभिन्न संगठनों से जुड़े सर्वधर्म के लोगों ने वरिष्ठ पत्रकार व उत्तराखंड लोक वाहिनी के कार्यकारी अध्यक्ष राजीव लोचन साह के नेतृत्व में नगर में सीएए यानी नागरिकता संशोधन अधिनियम एवं एनआरसी यानी भारतीय राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर के विरोध में उतर पड़े। उन्होंने मल्लीताल पंत पार्क से तल्लीताल गांधी मूर्ति तक हाथों में राष्ट्र ध्वज तिरंगा तथा ‘नागरिकता संशोधन अधिनियम रद्द करो, से नो टु एनआरसी, बोल के लब आजाद हैं तेरे, बोल जबान अब तक तेरे’ जैसे संदेश लिखे पोस्टर लेकर मौन जुलूस निकाला तथा तल्लीताल में समापन अवसर पर राष्ट्रगान भी गाया, सरकार से नागरिकता संसोधन अधिनियम को रद करने की मांग की। इस दौरान भारतीय संविधान की शपथ भी ली गई। और डीएम के प्रतिनिधि एसडीएम विनोद कुमार के माध्यम से देश के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को भेजा। विरोध करते हुए काले फीते भी बांधे।

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इस दौरान उपस्थित लोगों को केंद्र सरकार की मंशा बताते हुए दावा किया कि एनआरसी लागू होने पर लोगों को लाइनों में खड़ा रहना होगा। मौन जुलूस में पूर्व कांग्रेस विधायक सरिता आर्य, पूर्व दायित्वधारी रईश भाई, डा. रमेश पांडे, पालिकाध्यक्ष सचिन नेगी, हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सैयद नदीम खुर्शीद, सीपीएम के कैलाश जोशी, अंजुमन इस्लामिया के सदर फारूख सिद्दीकी, महासचिव मो. मतलूब, अब्दुल रज्जाक, मो. उस्मान, अब्दुल सत्तार, नाजिम बक्श, अजय कुमार, गीता पांडे, मोहम्मद अतर, अनिल बिष्ट, डा. कैलाश तिवारी, सभासद गजाला कमाल, डा. शबनम, अंजुमन व सुखविंदर सिंह सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे।

अब 26 को सीएए व एनआरसी के समर्थन में जुलूस की तैयारी

नैनीताल। सीएए व एनआरसी के विरोध के बाद अब नगर में इसके समर्थन में जुलूस निकालने की तैयारी भी प्रारंभ हो गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार 26 दिसंबर को शाम चार बजे से मल्लीताल रामलीला मैदान से सीएए व एनआरसी के विरोध में जुलूस निकाला जाएगा। जुलूस के लिए लोगों को आमंत्रित करने के लिए सोशल मीडिया पर लोगों से आह्वान किया जा रहा है।

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नवीन समाचार, नई दिल्ली (आईएएनएस), 21 दिसंबर 2019। देश के 62 फीसद लोग नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) का समर्थन करते हैं। वहीं असम के 68 फीसद लोग इस कानून के खिलाफ हैं। आईएएनएस-सी वोटर के सर्वेक्षण में शनिवार को यह राय सामने आई। देशभर में 3000 नागरिकों में 17 से 19 दिसम्बर के बीच कराए गए स्नैप पोल में नमूने के तौर पर सबसे अधिक लोग 500 असम से लिए गए थे, जिसमें पूर्वोत्तर व मुस्लिम समुदाय के लोग समान रूप से मौजूद रहे। रिपोर्ट के अनुसार देशभर के 62.1 फीसद लोगों ने कहा है कि वह सीएए के समर्थन में हैं, जबकि 36.8 फीसद लोगों ने कहा है कि वह इसके विरोध में हैं। रिपोर्ट में पूरब, पश्चिम, उत्तर और दक्षिण से 57.3, 64.2, 67.7 और 58.5 फीसद लोगों ने क्रमश: कानून के पक्ष में होने की बात कही। इसी प्रकार पूरब में 42.7 फीसद, पश्चिम में 35.4 फीसद, उत्तर में 31.2 फीसद और दक्षिण में 38.8 फीसद लोगों ने कहा कि वह इस कानून का विरोध करते हैं। पिछले हफ्ते पूर्वोत्तर में इस कानून का भारी विरोध हुआ था। रिपोर्ट में यह बात सामने आई है कि यहां 50.6 फीसद लोग कानून के समर्थन में हैं वहीं 47.7 लोग इस एक्ट के विरोध में हैं। हालांकि एक अन्य प्रश्न कि क्या सीएए की आड़ में आने वाले लोग देश के लिए खतरा बन सकते हैं, इस सवाल के जवाब में देश भर के 64.4 फीसद लोगों ने हां में उत्तर दिया। वहीं 32 फीसद ने कहा कि ऐसा नहीं होगा। सर्वे में कहा गया कि पूरब, पश्चिम और उत्तर भारत में 69, 66, 72.8 फीसद लोगों को क्रमश: ऐसा लगता है कि यदि दूसरे देशों से लोग भारत में आकर बसे तो सुरक्षा को खतरा हो सकता है। हालांकि, दक्षिण भारत के 47.2 फीसद लोग इस बात से सहमत हैं जबकि 50 फीसद को ऐसा लगता है कि अन्य देशों के लोगों के यहां बसने से देश को कोई खतरा नहीं होगा। पूर्वोत्तर राज्यों में केवल 59.8 फीसद लोग इस बात से सहमत हैं, जबकि 35.7 प्रतिशत इस बात का विरोध करते हैं। असम की बात करें तो 73.4 फीसद लोगों को ऐसा लगता है कि यदि विदेशी भारत में आकर बसें तो वह समाज और सुरक्षा के लिए खतरा साबित हो सकते हैं। वहीं, 21.8 फीसद लोगों को ऐसा नहीं लगता है।

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-लगाये तमाम आरोप, आगे शालीनता के साथ ही सड़क पर संघर्ष करने का किया ऐलान

नवीन समाचार, नैनीताल, 28 मई 2019। भारतीय जनता पार्टी लोक सभा चुनाव में ‘छप्पर फाड़ जीत’ से गदगद है। ऐसे में पार्टी ने मंगलवार को विधायक संजीव आर्य के मुख्यालय आगमन पर उनका अभिनंदन किया तथा दूसरी बार आपस में मिष्ठान्न वितरण किया। वहीं विधायक ने इस मौके पर नगर पालिका परिषद नैनीताल की कार्य प्रणाली पर अनेक आरोप लगाते हुए अब शालीनता के साथ ही सड़क पर संघर्ष करने का ऐलान किया। माना जा रहा है कि भाजपा की यह आगामी 2022 के विधानसभा चुनाव जीतने की रणनीति का एक हिस्सा हो सकता है, जिसके जरिये पार्टी जिला व मंडल मुख्यालय में अपनी हमेशा की कमजोरी को मजबूती में बदल सकती है।
अभिनंदन कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बात करते हुए विधायक संजीव आर्य ने आरोप लगाया कि नगर पालिका में पिछले पांच वर्षों से 5 लाख से अधिक का कोई कार्य एकमुस्त नहीं हुआ है। कहा कि पालिका में 60-70 हजार के या बड़े कार्यों को दो लाख से नीचे 1.99 लाख का बनाकर बिना निविदा प्रक्रिया के करने की प्रवृत्ति दिखाई दे रही है, जिसे बदलना जरूरी हो गया है। उनके विधायक के कार्यकाल में जहां अन्य जगह 90 फीसद कार्य पूरे हो चुके हैं, वहीं नैनीताल पालिका से धनराशि ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को स्थानांतरित करनी पड़ी है। पूर्व में स्वीकृत कैपिटॉल सिनेमा के पास के चिल्ड्रन पार्क में 28 लाख के सहित बाल्मीकि पार्क के कार्य शुरू भी नहीं हुए हैं। वहीं सवा करोड़ रुपये की कूड़ा गाड़ियां भी गलत तरीके से खरीदी गयी हैं। कहा कि भाजपा ने नई पालिका बोर्ड को अपने वादे के 6 माह से कहीं अधिक पर्याप्त समय दे दिया है। अब भाजपा इसके खिलाफ पार्टी संघर्ष शुरू करेगी। इस दौरान विधायक ने वर्ष 2016-17 के लिए डीएसबी परिसर के नामित छात्र संघ अध्यक्ष मोहित रौतेला का भी अभिनंदन किया। इस मौके पर नगर अध्यक्ष मनोज जोशी, शांति मेहरा, नितिन कार्की, जीवंती भट्ट, भानु पंत, कुंदन बिष्ट, रीना मेहरा, तुलसी कठायत, बिमला अधिकारी, पार्वती दोषाद, संगीता पंत, संतोष साह, निखिल बिष्ट, विकास जोशी, हरीश राणा, टैक्सी यूनियन के अध्यक्ष नीरज जोशी व अशोक तिवाड़ी सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।

नैनीताल शहर से 800 वोटों से जीती भाजपा पर अल्पसंख्यकों ने अब भी नहीं दिया वोट

नैनीताल। भाजपा प्रत्याशी अजय भट्ट को लोक सभा चुनाव में नैनीताल नगर मंडल से इस बार कांग्रेस प्रत्याशी से 800 वोट अधिक मिले हैं, जो कि ऐतिहासिक तौर पर सर्वाधिक है। इससे पहले राम लहर में भी भाजपा नगर से पीछे रही थी, अलबत्ता 2014 के लोक सभा चुनाव में कोश्यारी नैनीताल नगर से करीब ढाई हजार वोटों से आगे रहे थे, लेकिन 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी के तौर पर संजीव आर्य करीब 250 वोटों से नगर में पीछे रहे थे और इधर 2018 में हुए नगर पालिका के चुनाव में नैनीताल नगर से पालिकाध्यक्ष प्रत्याशी अरविंद पडियार करीब 800 वोटों से हारे थे। इस लिहाज से नैनीताल से इस बार भाजपा प्रत्याशी भट्ट का 800 वोटों से आगे रहना महत्वपूर्ण है, किंतु भाजपा विधायक संजीव इससे संतुष्ट नहीं हैं। बताया कि नैनीताल विस से इस बार भाजपा को उनके 31000 के मुकाबले 34000 हजार जबकि कांग्रेस को 5000 वोट लाने वाले एक निर्दलीय के भी कांग्रेस में जाने के बावजूद 24 हजार की जगह 22 हजार वोट मिले हैं। खासकर इस बात से कि नगर के मेट्रोपोल व हरिनगर सहित अल्पसंख्यक मुस्लिमों एवं इसाइयों के क्षेत्रों में भाजपा बुरी तरह से पीछे रही है। इस पर विधायक ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अल्पसंख्यकों के बारे में जिस तरह के नये संकेत दिये हैं, उसके बाद स्थानीय स्तर पर भी अल्पसंख्यकों को भाजपा से जोड़ने के प्रयास किये जाएंगे।

वैकल्पिक व्यवस्था के बिना किसी को उजाड़ना, उच्च न्यायालय के नाम पर उत्पीड़न स्वीकार नहीं

नैनीताल। विधायक संजीव आर्य ने अपनी ही सरकार की अंग नगर की प्रशासनिक व्यवस्था पर उच्च न्यायालय का नाम लेकर विभिन्न वर्गों के उत्पीड़न का आरोप लगाया। कहा कि यह स्वीकार्य नहीं है। उनका इशारा सोमवार को भाजपा नगर अध्यक्ष द्वारा एक फल वाले को एएसपी रचिता जुयाल के आदेश पर हटाने को लेकर सड़क पर लेटने को लेकर था। इसे तथा स्वयं अपने हरिनगर के भूस्खलन प्रभावितों के समर्थन में प्रदर्शन को जायज ठहराते हुए संजीव ने कहा कि भाजपा किसी नये अतिक्रमण के बिल्कुल खिलाफ है, किंतु वर्षों से संघर्ष कर रहे लोगों को बिना वैकल्पिक व्यवस्था के नहीं उजाड़ा जाना चाहिए। प्रपत्र दिखाते हुए बताया कि फल वाले के पास न्यायालय एवं नगर पालिका के स्थान आवंटन के वैध प्रपत्र हैं। बावजूद उसे हटाना किसी तरह उचित नहीं है।

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-केंद्र में अव्यवस्थाओं-दवाओं की अनुपलब्धता के लगाये आरोप, एक माह में व्यवस्थाएं सुधारने के आरोपों पर माने

-विपक्ष को विरोध के लिए नहीं मिलते स्थानीय मुद्दे, केंद्र-प्रान्त से मिलने वाले मुद्दों पर विरोध की खानापूरी करने तक सीमित रहता है विपक्ष

प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र में ताले जड़ते भाजपाई।

नवीन समाचार, नैनीताल, 21 जनवरी 2019। सत्तारूढ़ भाजपा ही नजर में विपक्ष की भूमिका में नजर आयी। नगर भाजपा मंडल अध्यक्ष मनोज जोशी के नेतृत्व में भाजपाइयों ने सोमवार को बीडी पांडे जिला चिकित्सालय परिसर में स्थापित जन औषधि केंद्र में तालाबंदी कर दी, और प्रदर्शन किया। जन औषधि केंद्र के संचालक जिला रेडक्रॉस सोसायटी के अध्यक्ष चंद्रशेखर रावत के एक माह के भीतर केंद्र की व्यवस्थाओं को सुधारने का आश्वासन देने के बाद ताले खोले गये। इस दौरान करीब ढाई घंटे जन औषधि केंद्र से दवाइयों का वितरण नहीं हो सका। उल्लेखनीय है कि ‘नवीन समाचार’ एवं ‘आजाद मंच’ ने भी ‘प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र में दवाइयां न मिलने की समस्या’ को प्रमुखता सेे उठाया था।
घटनाक्रम के अनुसार सुबह 9 बजे ही आक्रोशित भाजपाई जन औषधि केंद्र पहुंचे और केंद्र में अव्यवस्थाओं, खासकर दवाइयों की अनुपलब्धता का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन करते हुए तालाबंदी कर दी। उन्होंने आरोप लगाया कि यहां लंबे समय से रक्तचाप, मधुमेह व हृदय सहित अधिकांश दवाइयां नहीं हैं। परिवार नियोजन की दवाइयां भी नहीं हैं। अध्यक्ष जोशी ने इन स्थितियों की जांच एवं ऑडिट किए जाने की मांग की। प्रदर्शन की सूचना मिलने पर जिला रेडक्रॉस समिति के अध्यक्ष रावत व महासचिव आरएन प्रजापति मौके पर पहुंचे। उन्होंने एक माह में सभी दवाएं केंद्र में उपलब्ध करवाने तथा दवाइयों का ऑडिट कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद करीब पौने 12 बजे केंद्र का ताला खोला गया। प्रदर्शन में मोहित साह, मोहित रौतेला, विकास जोशी, हरीश राणा व भूपाल कार्की आदि भाजपाई शामिल रहे।

यह भी पढ़ें : ‘डिजिटल इंडिया’ के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्याय पार्क से उखाड़ दिये पेड़, आक्रोश…

नैनीताल, 20 जुलाई 2018। नैनीताल के मल्लीताल स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय पार्क में ‘डिजिटल इंडिया’ के लिए टावर लगाने की अनुमति पर संबंधित कंपनी पर बांज एवं चिनार के पेड़ उखाड़ने का आरोप लगा है। इस पार्क में कुछ वर्ष पूर्व इन पेड़ों तथा उनकी सुरक्षा के लिए टी-गार्ड भी लगाने वाली जन कल्याण समिति तथा भाजपा से जुड़े लोगों ने इस पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए शुक्रवार को पहले एसडीएम अभिषेक रुहेला, फिर एडीएम हरबीर सिंह, डीएम विनोद कुमार सुमन तथा कमिश्नर राजीव रौतेला के पास जाकर नाराजगी व शिकायत की। इस पर प्रशासन की ओर से कंपनी से कार्य रोक देने को कह दिया गया है। बताया गया है कि इंडस कंपनी को नगर में चार स्थानों पर इंटरनेट सेवा के टावर लगाने की अनुमति दी गयी थी, लेकिन कंपनी के कारिंदों के द्वारा कम से कम दो बांज तथा चार चिनार के पेड़ उखाड़ दिये गये। इस पर जन कल्याण समिति से जुड़े भाजपा नेता गोपाल रावत व पूरन तिवाड़ी सहित अनेक लोगों ने नाराजगी व्यक्त की।

यह भी पढ़ें : आशा नाम के निरोध पर विरोध, भड़की आशा कार्यकत्रियां, बांटने से किया इंकार

नैनीताल, 11 जुलाई 2018। समाज में कई बार ऐसे मसले खड़े हो जाते हैं  कि नाम के चक्कर में बदनामी हो जाती है। दबंग फिल्म का आइटम सोंग ‘मुन्नी बदनाम हुई डार्लिंग तेरे लिये’ जब आया तब मुन्नी नाम की लड़कियों को घर से बाहर निकलते ही छींटाकशियों का सामना करना पड़ा। वहीं  ‘शीला की जवानी’ गीत के दौरान शीला नाम वाली महिलायें शोहदों के निशाने पर रहीं। इसी तरह नोटबंदी के दौरान ‘सोनम गुप्ता बेवफा है’ लिखा नोट आने के बाद इस नाम की लड़कियों-महिलाओं के लिए परेशानियां आयीं। लेकिन अब ऐसा ही नाम पर ऐतराज वाला एक पुराना मामला फिर से उठ खडा हुआ है।

इधर उत्तराखंड सरकार ने 11 से 24 जुलाई तक चलने वाले जनसंख्या स्थिरीकरण पखवाड़े के दौरान बांटने के लिए ‘आशा’ नाम के निरोध भिजवाए हैं। और इन निरोध को आशा कार्यकत्रियों से बांटने को कहा गया है। यह जानकारी देतु हुए आशा हेल्थ वर्कर्स यूनियन की प्रदेश अध्यक्ष कमला कुंजवाल ने कहा कि आशा नाम के निरोध बांटने से आशा कार्यकत्रियों को भारी आघात पहुंचा है। यह आशाओं का अपमान है। पिछले वर्ष भी इसी नाम के निरोध आये थे, तब भी विरोध किया गया था। बावजूद इस वर्ष भी इसी नाम के निरोध आये हैं। कहा कि ऐसे में आशाओं ने आशा निरोध का विरोध करने और इन्हें न बांटने तथा जनसंख्या स्थिरीकरण पखवाड़े का भी विरोध करने का निर्णय लिया गया है। कहा कि यदि आशा निरोध को तुरंत वापस नहीं लिया जाता है तो इसका उग्र विरोध भी किया जाएगा। इस निर्णय से सीएमओ को भी अवगत करा दिया गया है। साथ ही कहा कि यदि शीघ्र उनकी प्रोत्साहन राशि नहीं दी जाती है तो आयुष्मान भारत योजना का भी विरोध करेंगी। ज्ञापन में सुमन बिष्ट, कुसुमलता सनवाल, राधा राणा, माधवी दर्मवाल, हेमा आर्या, सरिता कुरिया, पंकज शर्मा, दीपा टम्टा व दीपा अधिकारी आदि के भी हस्ताक्षर हैं।

आशा निरोध में आशा नाम बना आशा वर्कर्स की परेशानी

सरकारी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में परिवार नियोजन के लिये वितरित किये जाने वाले कंडोम पहले ‘डीलक्स निरोध’ के नाम से दिए जाते थे, अब उनका नाम बदलकर ‘आशा निरोध’ रख दिया गया है। उस पर बुरी बात ये कि इनका वितरण भी आशा वर्करों द्वारा किया जाता है जो कि महिलाएं ही हैं। इस पर आशा वर्करों का कहना है कि कंडोम का नाम आशा निरोध होने से उनके साथ छीटाकशी की जाती है। ‘एक आशा देना’ कहकर उनका मजाक उड़ाते हैं। यह सब बहुत ही असभ्य और भद्दे तरीके से होता है जिससे उन्हें शर्मसार होना पड़ता है। इतना ही नहीं सरकारी हिदायतें हैं कि निरोध जिसे भी दी जाये उससे एक रूपया भी कीमत के रूप में लिया जाये लेकिन शर्म के मारे वह यह भी नहीं ले पाती और इसका भुगतान अपनी जेब से करना पड़ता है।

उत्तराखंड में लग चुका है आशा निरोध पर प्रतिबंध

बताया गया है कि उत्तराखंड में पिछले वर्ष आशा कार्यकर्ताओं के विरोध व इनके वितरण से साफ मना करने के बाद इसे प्रतिबंधित कर दिया गया था। यहां तक कि आशा वर्कर्स की नेताओं ने कह दिया था कि स्वास्थ्य मंत्री यदि निरोध को स्वास्थ्य मंत्री निरोध नाम से जारी करें तो उनके परिजनों को कैसा लगेगा। आशा वर्कर्स के विरोध को देखते हुए राज्य सरकार को सारा स्टॉक केंद्र को वापस भेज दिया गया था। पंजाब व हरियाणा में भी निरोध के इस नाम पर विरोध हुआ है।

महिला विरोधी नज़रिया

निरोध का नाम आशा निरोध रखने से एक ओर जहां आशा वर्कस विरोध कर रही हैं वहीं इन्हें महिला विरोधी नज़रिये के तौर पर भी देखा जा रहा है। निशाना सीधा केंद्र सरकार की ओर है। कुछ महिला संगठनों का कहना है कि इससे केंद्र की बीजेपी सरकार का महिला विरोधी नज़रिया साफ झलकता है।

आशा वर्कर्स नहीं कुंठित सोच वाले हों शर्मसार

इस मामले में एक चीज़ तो साफ है कि लोगों के दिमाग में गंदगी अभी भी भरी पड़ी है। सामाजिक सोच का स्तर अभी तक निम्न है। निरोध के पैकेट से आशा नाम हो सकता है हटा भी लिया जाये लेकिन भद्दा मज़ाक करने वालों पर क्या इससे रोक लग जायेगी ? क्या उनके दिमागों की गंदगी दूर हो जायेगी ? क्या उनकी कुंठाएं शांत हो जायेंगी ? या फिर कुछ और रास्ते निकाल लिये जायेंगें। बेहतर हो कि इस मसले पर लोगों को सामाजिक रूप से जागरूक किया जाये। आशा वर्कर्स भी इसी समाज का हिस्सा हैं। निरोध का इस्तेमाल यौन शिक्षा का ही भाग है। लेकिन जहां महिलाओं की माहवारी पर अभी खुलकर बात नहीं होती वहां पर यौन संबंधों पर बात करना तो अश्लील ही माना जायेगा। और अगर कोई इस पर बात करना चाहेगा तो उसे या तो चरित्रहीन समझा जायेगा या फिर उसके साथ भद्दे मज़ाक किये जायेंगें।

नवीन समाचार
‘नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से ‘मन कही’ के रूप में जनवरी 2010 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।
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2 Replies to “पर्यटकों के वाहनों को रोके जाने पर भवाली भीमताल होटल एसोसिएशन ने भी जताई नाराजगी

  1. सरकार का जोर चलता है बस गरीब जनता पर, नेताओ पर कार्यवाही को साहस नही

  2. There is no rules & regulations for any political party. They are born to make rules for common man & any political party can break rules & no action on them but if common man break the rules then police department as well Administration take immediate action.

    ” MERA BHARAT MAHAN “

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