Currency : नैनीताल में ऐसे 2000 के पुराने नोटों के जखीरे वाले लोग ? एक व्यक्ति ही बदल चुका है एक करोड़ से अधिक के, जबकि एक बैंक ही बांट चुका 30 करोड़ के पुराने नोट

नवीन समाचार, नैनीताल, 11 अगस्त 2023 Currency। नैनीताल कहने को बहुत छोटा सा पर्वतीय नगर है, लेकिन यहां कुछ लोग नोटों का कितना बड़ा जखीरा ले कर बैठे हैं, इसका कुछ-कुछ खुलासा इस वर्ष 19 मई को 2000 के नोटों की बंदी होने के बाद सामने आने के बाद हो रहा है। ‘नवीन समाचार’ को … Read more

Paudhropan : युवती को अश्लील फोटो-वीडियो भेजने वाले युवक को हाईकोर्ट ने सुनाई ऐसी सजा कि जीवन भर याद रखेगा…

नवीन समाचार, नैनीताल, 23 जुलाई 2023। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने एक युवती को अश्लील फोटो और वीडियो भेजने वाले युवक को अनूठी सजा दी है। उसे एक माह के भीतर 50 पौधे लगाने और पौधरोपण (Paudhropan) करने की पुष्टि के लिए प्रमाण पत्र जमा करने का आदेश दिया है।

Paudhropanमामले के अनुसार 3 फरवरी 2021 को एक युवती ने नीरज नाम के युवक के विरुद्ध पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कराई थी कि वह दोस्ती करने के बाद उसे अश्लील तस्वीरें और वीडियो भेज रहा था। लेकिन प्राथमिकी दर्ज होने के बाद उसने युवती से मांफी मांग ली और युवती ने उसे मांफ भी कर दिया। इसके बाद यह मामला प्राथमिकी निरस्त कराने की मांग पर उच्च न्यायालय पहुंचा।

युवती ने कहा कि दोनों के बीच घनिष्ठ संबंध हैं। इसलिए आपस में शांति और सद्भाव बनाए रखने के लिए उनके बीच समझौता आवेदन पर विचार करना आवश्यक है। इस पर सरकारी अधिवक्ता ने इस आधार पर समझौता आवेदन का विरोध किया कि छेड़छाड़ की धारा में मामला समझौता योग्य नहीं है। हालांकि सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत अपराध समझौता योग्य है।

उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति शरद कुमार शर्मा की एकलपीठ ने इस पर सुनवाई करने के बाद आदेश में कहा है कि युवती ने आरोपित को क्षमा कर दिया है और वह उस पर आगे अभियोग नहीं चलाना चाहती है। ऐसे में आपराधिक कार्रवाई को इस आधार पर रद्द किया जाएगा कि आरोपित युवक बागवानी विभाग की देखरेख में अपनी लागत पर एक माह के भीतर 50 पौधे लगाएगा, तथा सीजेएम यानी मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में पौधरोपण की पुष्टि से संबंधित प्रमाण पत्र जमा कराएगा। तभी आपराधिक कार्रवाई समाप्त होगी। 

एकलपीठ ने यह भी ताकीद की कि भविष्य में आरोपित खुद को इस प्रकार के अपराधों में शामिल नहीं करेगा और उसे यह सोचना चाहिए कि मैत्रीपूर्ण रिश्ते की पवित्रता को कैसे बनाये रखा जाए।

(डॉ. नवीन जोशी) आज के अन्य एवं अधिक पढ़े जा रहे ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। यदि आपको लगता है कि ‘नवीन समाचार’ अच्छा कार्य कर रहा है तो हमें सहयोग करें..यहां क्लिक कर हमें गूगल न्यूज पर फॉलो करें। यहां क्लिक कर यहां क्लिक कर हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से, हमारे टेलीग्राम पेज से और यहां क्लिक कर हमारे फेसबुक ग्रुप में जुड़ें। हमारे माध्यम से अमेजॉन पर सर्वाधिक छूटों के साथ खरीददारी करने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : नैनीताल : भाजपा नेत्री ने गांव में गोद ली डेढ़ हेक्टेयर भूमि, किया गया वृहद पौधरोपण (Paudhropan)..

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 28 जुलाई 2022। भाजपा सरकार में दायित्वधारी रहीं शांति मेहरा की पहल पर गुरुवार को जनपद की ग्राम सभा नलिनी की डेढ़ हेक्टेयर भूमि पर पौध रोपण किया गया। बताया गया है कि यह क्षेत्र श्रीमती मेहरा ने पौधरोपण के लिए लिया है। वह इसमें पिछले कुछ वर्षों से पौधरोपण कर रही है।

गुरुवार को इसी कड़ी में विधायक सरिता आर्या की मौजूदगी में यहां विभिन्न प्रजातियों के फलदार पौधे भी लगाए गए हैं जिनकी देखरेख की जिम्मेदारी श्रीमती मेहरा ने स्वयं ली हुई है। इस मौके पर पौधरोपण में डीएफओ नैनीताल चंद्रशेखर जोशी, श्रीमती मेहरा के पुत्र मयंक मेहरा, मयंक पावर हाउस की टीम के अरुण मेहरा, भाजपा मंडल अध्यक्ष आनंद बिष्ट, कुंदन अधिकारी, सभासद तारा राणा, दया सुयाल, हरीश राणा, डॉ. सरस्वती खेतवाल, मंजू कोटलिया, मधु बिष्ट, तारा बोरा, उमा पढालनी, मीनू बुधलाकोटी, अमिता शाह, दुर्गा मल्होत्रा, देवकी देवी, रेखा पंत, दीपा शर्मा, हेमा बिष्ट, आशा पालीवाल, हेमा पांडे, अरुण कुमार, रोहित भाटिया, संजय चंदेल, गणेश मेहरा, पूरन अधिकारी के साथ ही वन विभाग के मुकुल शर्मा, अतुल भगत सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी भी शामिल हुए।

इस दौरान विधायक सरिता आर्या ने परिवार उप कल्याण केंद्र मंगोली का निरीक्षण भी किया। वहां पर विद्युत आपूर्ति की समस्या को देखते हुए उन्होंने तत्काल संबंधित अधिकारियों को व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। देखें नैनीताल में हरेला पर किये गए पौधरोपण (Paudhropan) का विडियो :

यह भी पढ़ें : परंपरागत हर्षोल्लास के साथ पौधरोपण (Paudhropan) अभियानों के साथ मनाया गया हरेला पर्व…

In the Harela festival festival MLA Sarita Arya planted saplings in  Bhumiyadhar - हरेला पर्व महोत्सव में विधायक सरिता आर्या ने भूमियाधार में  किया पौधारोपणडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 16 जुलाई 2022। उत्तराखंड का सर्वप्रमुख प्रकृति एवं पर्यावरण से जुड़ा ऋतु पर्व हरेला सरोवरनगरी में हर्षोल्लास से मनाया गया। कहा जाता है कि इस मौके पर लगाये जाने वाले पौधे सूखते नहीं हैं। इस दौरान घर के बड़े-बुजुर्ग 10 दिन पूर्व से परंपरागत तरीके से घर के भीतर मंदिर में टोकरियों में उगाए जाने वाले 7 अनाजों के हरेला कहे जाने वाले पीले तिनके ‘जी रया जागि रया यो दिन यो मास भेटनै रया’ की आशीषें देते हुए घर के सदस्यों को चढ़ाए जाते हैं। हालिया वर्षों से इस दिन राज्य सरकार के आह्वान के साथ पौधरोपण अभियान चलाए जा रहे हैं।

इस मौके पर रोटरी क्लब नैनीताल के द्वारा हरेला त्योहार के उपलक्ष्य में नगर के विभिन्न विद्यालयों के करीब 200 छात्र-छात्राएं एवं क्लब के सदस्य डीएसए मैदान के बास्केटबॉल कोर्ट में जुटे, और यहां से मॉल रोड होते हुए कैनेडी पार्क तक पैदल पर्यावरण शांति मार्च निकाला। आगे कैनेडी पार्क में क्लब के द्वारा ही स्थापित जॉगर्स पार्क एवं खुले जिम के पास नगर के प्रकृति प्रेमी यशपाल रावत की संस्था नासा व एस-3 ग्रीन आर्मी के सदस्यों के साथ मिलकर हैडरंजिया के 250 पौधे पौधे लगाए गए। कार्यक्रम में क्लब के डिस्ट्रिक्ट 3110 के पर्यावरण समिति के अध्यक्ष विक्रम स्याल सहित सेंट जोसेफ कॉलेज से 30, सेंट मैरी कॉन्वेंट के 70, मोहन लाल साह बाल विद्या मंदिर की 30, सैनिक स्कूल के 30 सहित बिड़ला विद्या मंदिर, सनवाल स्कूल और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज के छात्र-छात्राओं सहित विद्यालयों के शिक्षक एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

उधर नैनीताल वन प्रभाग के तत्वावधान में भूमियाधार में मुख्य अतिथि विधायक सरिता आर्या की अगुवाई में उप प्रभागीय वनाधिकारी हेम चंद्र गहतोड़ी, भाजपा नगर अध्यक्ष आनंद बिष्ट, भवाली के नगर पालिका अध्यक्ष संजय वर्मा, बृज मोहन जोशी, जगदीश नेगी, ममता बिष्ट की अगुवाई में भवाली नगर पालिका, राजकीय इंटर कॉलेज भूमियाधार के प्रधानाचार्य एवं स्कूली बच्चों आदि ने देवदार, क्वैराल, नीबू, दाड़िम, पांगर, कनौल, उतीस व चमेली आदि के 25 पौधों का रोपण किया।

इसके अलावा रंगकर्मी अनिल घिल्डियाल की अगुवाई में ‘पिरूल से रोजगार’ गाने का विमोचन किया गया। इस दौरान हुई नृत्य प्रतियोगिता में सैंट मेरीज कॉन्वेंट कॉलेज प्रथम, विशप शॉ इंटर कॉलेज प्रथम व द्वितीय तथा नाटक प्रतियोगिता में विशप शॉ प्रथम व सेंट मेरीज द्वितीय स्थान पर रहे। इस दौरान वन क्षेत्राधिकारी अजय रावत, ममता चंद, प्रमोद तिवारी, सोनल पनेरू, प्रमोद कुमार आर्या, मुकुल शर्मा, भूपाल मेहता, ललित मोहन कार्की, महेश जोशी, नवीन जोशी, विजय भट्ट, विजय मेलकानी, बच्चे सिंह बजेठा, दीपक तिवारी, मनोज भगत, ललित, नरेंद्र सिंह, हर्षित नेगी, आनंद सिंह, सूरज सहित नैनीताल वन प्रभाग के सभी अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।

नगर के पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार में वंदना के दौरान सामाजिक विज्ञान के अध्यापक धनश्याम ने हरेला पर्व की विस्तार से जानकारी दी। छात्र मृदुल पंत, आयुष पांडे, यथार्थ शुक्ला, प्रद्युम्न बघेल आदि ने हरेला पर्व पर गीत आदि प्रस्तुत किया। प्रधानाचार्य डॉ. सूर्य प्रकाश ने कहा कि प्रकृति को समर्पित हरेला पर्व सम्पूर्ण विश्व में मनाया जाना चाहिए। यदि हरेला पर्व के सिद्धांतों पर चले तो ग्लोबल वार्मिगं नियंत्रित हो जायेगी और पृथ्वी हरीभरी हो जायेगी। संचालन अरुण यादव ने किया। कार्यक्रम में उमेश शर्मा, डॉ. डीएस नयाल, अतुल पाठक व रजत ंिसंह सहित सभी आचार्य उपस्थित रहे।

इधर वन विभाग की ओर से हनुमानगढ़ी में इस अवसर पर विशेष पौधरोपण अभियान चलाया गया। इस दौरान नगर पालिका अध्यक्ष सचिन नेगी ने बतौर मुख्य अतिथि पौधे रोपे। कार्यक्रम में वन क्षेत्राधिकारी प्रमोद तिवारी, पूनम हरीश धानिक, संतोष व नगर पालिका के शिवराज नेगी सहित अन्य लोग मौजूद रहे। इधर नगर की ‘आशा फाउंडेशन’ संस्था के द्वारा हरेला पर्व पर ‘पहाड़ बचाओ’ अभियान के तहत बिड़ला विद्या मंदिर के ऊपर मजार के पास 300 पौधे लगाए गए। अध्यक्ष आशा शर्मा ने बताया कि उनका प्रयास पहाड़ बचाना और युवा पीढ़ी को जागरूक करना है, ताकि पर्यावरण संरक्षण किया जा सके। इस दौरान संस्था के सचिव निश्चल शर्मा, दीपक कुमार ‘भोलू’ के मार्गदर्शन में बच्ची सिंह, गौरव, दीवान, किशन पालीवाल, बिडला विद्यालय के कर्मी और संस्था के सदस्य शामिल रहे।

इसके अलावा एनसीसी के कैडेटों ने डीएसबी परिसर में अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. एलएस लोधियाल, प्रो. पद्म सिंह बिष्ट, शोध निदेशक प्रो. ललित तिवारी के साथ संगीत एवं भौतिकी विभाग के पास तेजपत्ता, सुरई व तिमूर के पौधे रोपे तथा कार्बन उत्सर्जन को कम करने की अपील की। पौधरोपण में हिमांशु महरा, सौरभ रावत, बसंत, अंकित, गौरव मेहरा, दीपांशु, नवनीत, भूमिका बिष्ट, रूपा, भावना, सलोनी, मिस्कत, सब्बाग, निशा बिष्ट, कोमल मेहरा, अंजू, शिवानी, रीतिका व मनीषा आदि उपस्थित रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : दिवंगत पत्रकार प्रशांत दीक्षित की स्मृति में किया पौधरोपण (Paudhropan)

डॉ. नवीन जोशी, नवीन समाचार, नैनीताल, 11 सितंबर 2021। नैनीताल के वरिष्ठ पत्रकार, दैनिक समाचार पत्र आज के ब्यूरो प्रमुख एवं टाइम्स ऑफ इंडिया के प्रतिनिधि व नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स-इंडिया के तत्कालीन नैनीताल जिलाध्यक्ष स्वर्गीय प्रशांत दीक्षित की स्मृति में शनिवार सुबह मुख्यालय में पौधरोपण किया गया। उल्लेखनीय है कि प्रशांत का 24 अप्रैल 2021 को करीब 10 दिन तक कोरोना की बीमारी से जूझते हुए असामयिक निधन हो गया था।

Prashant Dixit
स्वर्गीय प्रशांत दीक्षित

गौरव कोहली के नेतत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में संस्था के संस्थापक नगर पालिका नैनीताल के सभासद मनोज साह जगाती, पवन आर्या, हेमंत डंगवाल व वैभव चंद्र ने अरविंद आश्रम के पास स्वर्गीय दीक्षित की स्मृति में 50 से अधिक बांज के पौधे लगाए। श्री जगाती ने बताया कि यह पौधे संस्था को कविता गंगोला, स्वर्गीय पंकज वर्मा के परिवार, भुवन लोहनी, अनीता तिवाड़ी व गिरीश साह ‘बॉबी’ से प्राप्त हुए। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : सुहावने मौसम में कई संस्थाओं ने किया पौधरोपण (Paudhropan)

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 25 जुलाई 2021। तराई-भावर व मैदानी क्षेत्रों में नमी युक्त झुलसाती गर्मी से इतर पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम बेहद खुशगवार बना हुआ है। रविवार को भी खासकर नैनीताल एवं निकटवर्ती क्षेत्रों में हल्के कोहरे के बीच कभी-कभी आ रही फुहारें मौसम को दिलकश बना रही हैं। ऐसे में मौसम में यहां विभिन्न संगठन पौधरोपण के अभियान चलाए हुए हैं।

इसी कड़ी में एस-3 फाउंडेशन की ग्रीन आर्मी की टीम की ओर से भवाली रोड पर तेजपात, कचनार, बुरांस, देवदार व रीठा आदि प्रजातियों के लगभग 400 पौधे लगाए। साथ ही आगे भी इसी स्थान पर पौध रोपण किये जाने का संकल्प जताया गया। टीम की ओर से अन्य लोगों से अपने आसपास साफ सफाई रखने और इस बरसात के मौसम में कम से कम एक पौधा अवश्य लगाने व उसकी देखरेख भी करने की अपील की गई। अभियान में जय जोशी, अजय कुमार, गोविंद प्रसाद, मानिक शाह, सुरेश चंद्र, राजेंद्र प्रसाद, सुनील चंद्रा, पंकज कुमार, बबली आर्या, पुरोधा कांडपाल, ज्योति दुर्गापाल, अनुकृति, विक्की व कुंदन आदि लोग शामिल रहे।

इसके अलावा ‘जय जननी-जय भारत’ संस्था की ओर से नगर के अयारपाटा क्षेत्र में कंकर वाली कोठी के पास हल्द्वानी के एलआईसी कर्मी भुवन लोहनी द्वारा उपलब्ध कराए गए पौधे लगाए गए। अभियान में सभासद मनोज साह जगाती, पवन आर्या व प्रियांशु शामिल रहे। इसके अलावा संस्था के द्वारा अपने दो वर्ष पूर्व लगाए गए पौधों की प्रगति भी जांची। साथ ही अयारपाटा वार्ड में बरसात के मौसम में संक्रामक बीमारियों की रोकथाम के लिए फॉगिंग भी की गई।

इसके अलावा आशा फाउंडेशन की ओर से पुनः बिड़ला विद्या मंदिर के ऊपर मजार के पास चिनार, बांज, देवदार, तितली, पुतली व मेहल आदि के करीब 120 पौधे लगाने की जानकारी दी गई। संस्था की प्रमुख आशा शर्मा ने कहा कि इस खाली पहाड़ में भूस्खलन शुरू हो रहा है। इसे रोकने के लिए वन महोत्सव के तहत डीएफओ बीजू लाल टीआर, रेंजर ममता जोशी व प्रमोद तिवारी द्वारा उपलब्ध कराए गए पौधों से यह अभियान शुरू किया गया है। इस दौरान पौधे लगाने वालों में संभव, निश्चल, नीलू एल्हेंस, डॉ. गीतिका गंगोला, डॉ. अभिनव गंगोला, रश्मि, सुमा, राजमित, मंजू जोशी, दीपिका शर्मा, दीपक चौधरी, मोनू, बच्ची सिंह, किशन पालीवाल, दीवान, भोलू, रजत, नंदन, संतोष जोशी सहित अनय लोग शामिल रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : महिलाओं ने ग्रामीणों को बांटे फलदार पौधे, जंगलों में डालीं ‘सीड बॉल’

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 22 जुलाई 2021। श्रीश्री रविशंकर की संस्था ‘आर्ट आफ लिविंग’ संस्था के ‘हैप्पीनेस वीमन कलेक्टिव’ समूह की महिलाओं ने बृहस्पतिवार को जनपद के दूरस्थ ग्राम बजेडी-धनियाकोट क्षेत्र के ग्रामीणों को पौध रोपण हेतू माल्टा एवं नीबू के 400 फलदार पौधे वितरित किये और कुछ पौधे मौके पर लगाए। इसके अलावा समूह की सदस्यों द्वारा बनाई गई 650 ‘सीड बॉल’ यानी बीज युक्त गोबर-मिट्टी के गोले भी आस-पास के जंगलों में डाले गए। ताकि भविष्य में वन्य जीवों को इनसे उगने वाले पेड़ों से चारा व भोजन मिल सके और वह ग्रामीण क्षेत्रों का रुख न करें।

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ग्राम बजेठी में ग्रामीणों को फलदार पौधे भेंट करती संस्था की महिलाएं।

आयोजन में समूह की शीर्ष सदस्य रेशमा टंडन, प्रशिक्षिका ज्योति मेहरा, कविता गंगोला सुनीता वर्मा, सिम्मी अरोरा, पूजा सिंह शाही, सोनी अरोरा, उमा कांडपाल, किरन टंडन, बीना शर्मा, पूजा मल्होत्रा, श्वेता अरोरा, कामना कम्बोज, रमा तिवारी, मंजू नेगी, प्रेमा गोसाई, मंजू बिष्ट, मंजू सनवाल, संगीता साह, सोमा साह, निम्मी कीर, मधु बिष्ट, संध्या तिवारी, नेहा डालाकोटी, प्रणव टंडन, उत्कर्षा व देवांश तथा क्षेत्रीय ग्राम प्रधान दीप बिष्ट, भूपेंद्र बिष्ट एवं संजय शाह आदि का सहयोग रहा। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : पौधरोपण जारी… विधायक ने कहा जीवन के लिए जरूरी जल व वायु दोनों देते हैं पौधे

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 18 जुलाई 2021। ऑल इंडिया वीमन कांफ्रेंस के तत्वावधान में हरेला पर्व के उपलक्ष्य में रविवार को मुख्यालय के निकटवर्ती मंगोली-नलनी क्षेत्र में पौधरोपण किया गया। कार्यक्रम में संगठन की वरिष्ठ सदस्य शांति मेहरा के आमंत्रण पर क्षेत्रीय विधायक संजीव आर्य भी पहुंचे और उन्होंने भी सदस्यों के साथ चौड़ी पत्ती वाले एवं फलदार व औषधीय गुणों युक्त पौधों का रोपण किया। इस मौके पर विधायक ने कहा कि पौधों की मानव जीवन में हवा एवं पानी दोनों देने के लिए बड़ी उपयोगिता है। इस मौके पर पौध रोपण करने वालों में मुन्नी तिवारी, तारा राणा व मंजू कोटलिया तथा पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य गणेश मेहरा सहित बड़ी संख्याा में सदस्य, स्थानीय युवा एवं वन विभाग के कर्मी मौजूद रहे।

आशा फाउंडेशन ने बिड़ला टॉप पर रोपे पौधे
नैनीताल। आशा फांउंडेशन के द्वारा अध्यक्ष आशा शर्मा की अगुवाई में रविवार को नगर के बिड़ला विद्या मंदिर से ऊपर टॉप पर मजार के पास भूस्खलन की जद में आ रहे खाली पहाड़ पर बांस, तितली, देवदार, सिल्वर ओक आदि प्रजातियों के 50-60 पौधों का रोपण किया गया। इस अभियान में नीलू एल्हेंस, दीपक कुमार ‘भोलू’, दीपिका शर्मा, संभव शर्मा, मंजू जोशी, सुमा, सुनीता, अर्चना, राजमित कौर, किशन पालीवाल, सीमा साह, मुन्नी आर्य, आशा आर्य, बिड़ला विद्या मंदिर के दीपक, गौरव, निश्चय शर्मा व बच्चे सिंह आदि लोग शामिल रहे। बताया गया कि यहां 200 पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : अब ‘रात की रानी’ की दिलकश खुशबू से महकेगी सरोवरनगरी की नैनीझील-माल रोड-ठंडी सड़क…

-मिशन पहाड़ के सदस्यों ने ताल के चारों ओर माल रोड, ठंडी सड़क, पंत पार्क, कैनेडी पार्क आदि खाली स्थानों पर रोपे गए खुशबूदार रात की रानी के करीब 300 पौधे

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रविवार को पंत पार्क में रात की रानी के पौधे रोपते मिशन पहाड़ संस्था के लोग।

नवीन समाचार, नैनीताल, 23 अगस्त 2020। सरोवरनगरी की विश्व प्रसिद्ध नैनी झील अब रात्रि में ‘रात की रानी’ के फूलों की खुशबू से महकेगी। ‘मिशन पहाड़’ संस्था के सदस्यों ने रविवार को नैनी झील के चारों ओर ठंडी सड़कें, माल रोड, मल्लीताल के पंत पार्क, कैनेडी गार्डन आदि स्थानों पर जहां भी जगह मिली, रात्रि में दिलकश खुशबू के लिए प्रसिद्ध रात की रानी के 300 पौधे रोपे हैं। उम्मीद की जा रही है यह पौधे एक वर्ष से भी कम समय में अपने फूलों की खुशबू रात्रि में महकाएंगे।

संस्था के प्रमुख सदस्य बीडी पांडे जिला चिकित्सालय के वरिष्ठ फिजीशियन डा. एमएस दुग्ताल ने बताया कि रात की रानी के फूलों की खुशबू मस्तिष्क में सकारात्मक विचार लाती है तथा इससे मानसिक तनाव भी घटता है। नगर में शाम की सैर करने वाले लोग एवं सैलानी इससे लाभान्वित हों, इस उद्देश्य से ही संस्था के सदस्यों ने अपने संपर्कों से रात की रानी की पौध एकत्र कर शहर में रोपी हैं। इस अभियान में प्रभागीय वनाधिकारी बीजू लाल टीआर, संस्था के नरेंद्र बिष्ट, भावना बिष्ट, डा. कासिम, शिवशंकर मजूमदार, डा. सरस्वती खेतवाल, नजर अली, कमल जगाती सहित अन्य लोग शामिल हुए। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : कुमाऊं विश्वविद्यालय ने गोद लिये पांच गांव, किया पौधरोपण

नवीन समाचार, नैनीताल, 17 जुलाई 2020। कुमाऊं विश्वविद्यालय ने ‘उन्नत भारत’ अभियान के तहत डीएम नैनीताल द्वारा आवंटित पांच गांवों-हल्द्वानी विकासखंड के विजयपुर गौलापार व बसानी-फतेहपुर, धारी विकास खंड के मटियाली, कोटाबाग के सौड़ एवं रामनगर के सांवलदेव पश्चिमी को गोद ले लिया है। इसी कड़ी में शुक्रवार को विवि के समन्वयक प्रो. भगवान सिंह बिष्ट, प्रो. ललित तिवारी व डा. विजय कुमार ने विजयपुर व बसानी गांवों जाकर यहां अखरोट, पद्म तथा जामुन के पौधे रोपे और ग्रामीणों को अभियान के तहत राजमा उत्पादन की जानकारी दी, साथ ही वहां की समस्याओं की जानकारी ली। विजयपुर में हल्द्वानी से मात्र आठ किमी दूर होने के बावजूद सड़क न होने व बसानी में मोबाइल टावर न होने की समस्या प्रकाश में आईं। इस मौके पर ग्राम विकास अधिकारी गोपाल दत्त जोशी, डा. नंदन सिंह, डा. कविता बिष्ट, दीवान, तड़ागी व अमित कुमार आदि भी अभियान में शामिल रहे।

नौलों के पास रोपे बांज, क्वैराल व उतीस के पौधे
नवीन समाचार, नैनीताल, 17 जुलाई 2020। आरोही संस्था के तत्वावधान में आजीविका संवर्धन, शिक्षा व स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत प्राकृतिक जल स्रोत-नौलों के संरक्षण के लिए ग्राम सभा दियारी में पांच नौलों के पास बांज, क्वैराल व उतीस के पौधों का रोपण किया गया। इस दौरान गांव में जल जीवन मिशन के तहत पेयजल एवं स्वच्छता समित का गठन भी किया गया। अभियान मंे ग्राम प्रधान लीला देवी, सरपंच इंद्रलाल, वन विभाग के प्रमोद कुमार, संजय आर्या, पुष्पलता, उमेद राम, कुंदन सिंह, किशन, हरीश कपिल, मोहन राम, डिकर राम, चंद्रशेखर, पूरन चंद्र, रेनू आर्या, पुष्पा आर्या, रूपा, बिंदिया, अंजलि, बबली, डौली, भाष्कर, सागर व चंदू आदि के साथ ही हिमोत्थान व जल निगम के प्रतिनिधि एवं अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।

पालिका द्वारा बांज के वृक्ष को चिनने पर एनजीटी से की गई शिकायत
नैनीताल। पर्यावरण प्रेमी गणेश गयाल ने भवाली में हर्षोली रोड स्थित पालिका द्वारा निर्मित दुकान में बाँज प्रजाति के वृक्ष को दुकान की चहारदीवारी व छत में कैद करने पर वन विभाग के उच्चाधिकारियों समेत एनजीटी यानी हरित विकास अधिकरण व जिला विकास प्राधिकरण को पत्र भेज कर वृक्ष को अतिक्रमित करने वाले लोगों व विभागीय लापरवाही पर कार्यवाही करने की मांग की है। उन्होंने बताया कि यहां कत्यूरी वंश की जियारानी के मंदिर के समीप स्थित समर हाउस को तोड़कर पालिका द्वारा नवनिर्मित दुकान का निर्माण किया गया और पालिका द्वारा उसमें बाँज के वृक्ष की बलि चढ़ा दी गई है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : हरेला: सिर में रखे ‘तिनके’, धरा में रोपे पौधे

-हर्षोल्लास से मनाया गया हरेला, जगह-जगह हुआ पौध रोपण
नवीन समाचार, नैनीताल, 16 जुलाई 2020। उत्तराखंड के सबसे बड़े प्रकृति से जुड़े लोक पर्व हरेला को मुख्यालय एवं आसपास के क्षेत्रों में धार्मिक हर्षोल्लास के साथ ही पौधरोपण पर्व के रूप में भी मनाया गया। इस दौरान घरों में बड़ी-बुजुर्ग माताओं ने सभी पारिवारिक सदस्यों को घरों के भीतर उगाये गये सात अनाजों के खास तरह से उगाये गये पौधों के तिनके चढ़ाकर ‘आकाश की तरह ऊंचे व धरती की तरह चौड़े होने’ के साथ स्वस्थ व दीर्घजीवी होने के आशीर्वाद दिये।
Harelaवहीं इस मौके पर मंडलायुक्त अरविंद सिंह ह्यांकी ने निकटवर्ती भवाली में शिप्रा नदी के जलागम क्षेत्र में स्थित सेनिटोरियम के पास आयोजित वृहध पौधारोपण कार्यक्रम में प्रतिभाग कर विभिन्न प्रकार के पौधों का रोपण किया। उन्होंने सभी नगारिकों को हरेला पर्व की शुभकामनाऐं दी। श्री ह्यांकी के सेनिटोरियम पहुॅचने पर नगर पालिका अध्यक्ष संजय वर्मा तथा सभासद ममता बिष्ट द्वारा परम्परागत तरीके से आयुक्त का स्वागत किया। इस मौके पर सीडीओ विनीत कुमार ने कहा कि पिछले वर्ष मानसून सत्र के दौरान विभिन्न प्रजाति के 15 लाख पौधे लगाये गये थे। इस वर्ष भी 15 लाख से ज्यादा पौधों का रोपण किया जायेगा। 1 जुलाई से 27 हजार पौधों का रोपण कराया जा रहा है। बताया कि शिप्रा नदी क्षेत्र में 844 लाख लीटर जल संरक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। इस अवसर पर बांज, बमोर, उदीस आदि के दो हजार पौधों का रोपण किया गया तथा नेपियर, ओंस, मौस, तुषार के घास प्रजाति के बीस हजार पौधों का भी रोपण किया गया। कार्यक्रम में सीएफओ कुबेर बिष्ट, डीएफओ टीआर बीजूलाल, डीडीओ रमा गोस्वामी, संगीता आर्या, अमन अनिरूद्ध व भावना जोशी आदि अधिकारी भी मौजूद रहे।

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वहीं मुख्यालय स्थित डॉ.आरएस टोलिया उत्तराखण्ड प्रशासन अकादमी के परिसर में निदेशक राजीव रौतेला के नेतृत्व में अकादमी के नवनीत पांडे, वीके सिंह, डॉ. दीपक पालीवाल, पूनम पाठक, दिनेश राणा, मनोज पाण्डे, डॉ. ओम प्रकाश, गीता कांडपाल, मंजू पांडे, मीनू पाठक आदि ने देवदार, बॉंज, चिनार, पांगर, तिमूर, पदम, गुलबहार, अजेलिया, मैग्नोलिया, कमेलिया आदि प्रजाति के कुल 55 पौधों का रोपण किया। जबकि आज आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एसएस कलेर ने जिला प्रवक्ता प्रदीप दुम्का, आईटी सेल के प्रवेश राजपूत आदि की मौजूदगी में अपने आवास पर पौधे रोपे। इधर भैरव सेना के प्रदेश प्रवक्ता व भाजपा नेता पंकज राठौर ने अल्पसंख्यक मौर्चे के अध्यक्ष फैसल कुरैशी व आंनद सिह कनवाल आदि के साथ नैनीताल नगर के हनुमानगढ़ क्षेत्र में आर्युर्वेद के औषधीय गुणों युक्त, जनोपयोगी व पर्यावरण को संरक्षित करने वाले आंवला, पद्म, दाड़िम, तेजपत्ता व बांज आदि प्रजातियों के पौधे लगाए। वहीं कुमाऊं विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन परिसर में कुलपति प्रो. एनके जोशी ने अखरोट, पद्म, जामुन, अश्वगंधा तथा सिल्वर ओक के पौधे रोपे। इस मौके पर एनएसएस के समन्वयक डा. विजय कुमार, प्रो. ललित तिवारी, प्रो. हरीश बिष्ट, डा. सुचेतन साह, डा. रीतेश साह, डा. मनोज आर्य, डा. सोहेल जावेद, प्रो. पद्म सिंह बिष्ट, प्रो. संजय पंत, एई भाकुनी व ललित आदि ने भी पौधरोपण किया। वहीं विश्वविद्यालय के कुलसचिव केआर भट्ट ने विश्वविद्यालय परिवार की ओर से आदर्श कॉलोनी भगवानपुर तल्ला में बीएस कोरंगा, आरसी भट्ट, पीतांबर दुर्गापाल, विमला, तनुष, मनीषा, अमित भट्ट, केसी भट्ट आदि के साथ करीब 100 पौधों का रोपण किया।
वहीं उत्तरांचल पंजाबी महासभा की ओर से नगर के मंगावली-स्नोव्यू क्षेत्र में आयोजित वृहद पौधरोपण कार्यक्रम में वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश अध्यक्ष राजीव भई भी मौजूद रहे। इस दौरान जिला महामंत्री जोगेंद्र शर्मा, उपाध्यक्ष अमनदीप सिंह, मंत्री प्रदीप कुमार जेइी, नगर उपाध्यक्ष प्रवीण शर्मा, विक्रम सयाल, कोषाध्यक्ष प्रीतपाल आहूजा, उपसचिव सुमित खन्ना, हर्ष छावड़ा, संगठन मंत्री प्रेम शर्मा, सुखदीप सिंह आनंद आदि ने एसडीएम विनोद कुमार की मौजूदगी में करीब 70 पौधे लगाए। आयोजन में गुरविंदर सिंह पिंकी, हरीश छावड़ा, जगजीत सिंह आनंद, धर्मेद्र शर्मा, जतिन अरोड़ा, अमन चड्ढा, राजीव कपूर, राहुल आहूला, राजीव गुप्ता, वन विभाग के रेंजर संतोष जोशी आदि ने भी उल्लेखनीय योगदान दिया।

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नवीन समाचार, नैनीताल, 3 जुलाई 2019। वन महोत्सव के उपलक्ष्य पर पर्यावरण प्रेमी चंदन सिंह नयाल और उनकी टीम के द्वारा जनपद के धारी ब्लाक के परबडा वन पंचायत में पौधा रोपड किया जा रहा। उल्लेखनीय है कि चंदन शिक्षक की नौकरी छोड़ कर पिछले पांच वर्षों से पौधे रोपित कर रहे हैं। इधर उन्होंने ‘बांज लगाओ-बांज बचाओ का नारा दिया था। उनका कहना है कि जल स्रोतों को रिचार्ज करने के लिए चौड़ी पत्ती के बांज के पौधे अत्यधिक उपयोगी हैं। इस अभियान के तहत वे बांज के कई पौधे रोपित कर चुके है, तथा जंगलों में बर्षा जल के जल संरक्षण के लिए चाल-खाल का निरीक्षण भी किया है। इस अभियान में थान सिंह बिष्ट, महेन्द्र सिंह बिष्ट, बचे सिंह, हरेन्द्र सिंह, लक्ष्मण सिंह, गंगा सिंह बिष्ट आदि भी उनका सहयोग कर रहे हैं।

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dr ashutosh pant
डा.आशुतोष पन्त

-पेड़ लगाने के जुनूनी हैं डा. पंत
-अपने पिता की प्रेरणा से वर्ष 1988 से लाखों औषधीय एवं फलदार पौधे लगा चुके हैं पेशे से चिकित्सक पर्यावरण प्रेमी
-प्रतिवर्ष न्यूनतम 10 हजार पौधे लगाने का है लक्ष्य
नवीन जोशी, नैनीताल। बीते कुछ वर्षों से शीतकाल में अपेक्षित बर्फ नहीं गिरने से बढ़ती ग्लोबल वार्मिंग के साथ आसमान में ओजोन परत के छिद्र में लगातार वृद्धि होने, ग्रीनहाउस गैसों के बढ़ते उत्सर्जन आदि पर चिंता तो सभी करते हैं, लेकिन विरले लोग ही हैं जो इन स्थितियों से स्वयं की चिंता किये बिना पूरी धरती को बचाने का भगीरथ प्रयास कर रहे हैं। पेशे से हल्द्वानी में चिकित्सक डा. आशुतोष पंत जैसा कार्य राज्यों की पूरी सरकारें भी कर लें तो कम है। डा. पंत अपने पिता स्वर्गीय सुशील चंद्र पंत की प्रेरणा से वर्ष 1988 से लगातार अपने स्वयं के संसाधनों से यथासंभव अधिक से अधिक संख्या में औषधीय और फलदार पेड़ लगाते आ रहे हैं, और अब तक लाखों पौधे लगा चुके हैं। उनका लक्ष्य प्रतिवर्ष कम से कम दस हजार पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है। खास बात यह भी है कि इसके लिये अब तक उन्होंने किसी भी संस्था या व्यक्ति से किसी प्रकार का कोई आर्थिक सहयोग नहीं लिया है, तथा आगे भी ऐसी कोई अपेक्षा नहीं रखते हैं। इधर उन्होंने प्रदेश के नैनीताल, चम्पावत और टिहरी जिलों के पर्वतीय क्षेत्रों में अखरोट की अच्छी प्रजातियों के तीन हजार पौधे लगाए हैं। बताया कि अखरोट के पेड़ों की आयु बहुत लंबी होती है, तथा इनके रोपण से पर्यावरण को लाभ के साथा ही ग्रामीणों की अच्छी आय भी होगी। कोई भी इच्छुक व्यक्ति अपनी भूमि पर लगाने के लिए उनसे नि: शुल्क पौधे प्राप्त कर सकता है।

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Devbhumi-देवभूमि के कण-कण में देवत्व : गुरु पूर्णिमा पर नैनीताल स्थित देश के गिने-चुने मंदिरों में शामिल देवगुरु बृहस्पति के मंदिर में हुई पूजा अर्चना, जानें कहां है यह मंदिर

Devbhumi

Devbhumi : Devidhura, located in Uttarakhand, is known for its unique tradition called Bagwal, where people engage in a stone war for public benefit. This ancient festival involves pelting stones at each other, and the person who bleeds the most is considered lucky as it signifies acceptance by the goddess. Despite its primitive nature, Bagwal has not resulted in any fatalities and is deeply rooted in the history and mythology of the region. Discover the historical significance of Devidhura, the Maa Barahi Devi temple, and the connection to the Mahabharata. Witness the thrilling stone battle and experience the cultural heritage of this fascinating festival.

रामगढ़ राजकीय उद्यान पार्क की जमीन सिडकुल को दिए जाने पर नेता प्रतिपक्ष ने जताया विरोध, कहा-रामगढ़ को हिमांचल बनाने पर तुली है सरकार…

-आंदोलन स्थल पर पहुंचकर कहा, सरकार अपना निर्णय वापस ले नवीन समाचार, नैनीताल, 10 फरवरी 2023। रामगढ़ में उद्यान विभाग की रामगढ़ राजकीय उद्यान पार्क की 4.4 एकड़ भूमि औद्योगिक विकास विभाग-सिडकुल को निःशुल्क हस्तांतरित करने के खिलाफ स्थानीय ग्रामीणों, व्यापारियों व किसानों के द्वारा अनिश्चितकालीन अनशन एवं धरना-प्रदर्शन चल रहा है। यह भी पढ़ें … Read more

नैनीताल जनपद के ग्राम कुमाटी स्थित कुमाऊँ मंडल की सबसे लंबी बाखली 50 लाख रुपए से होगी पुर्नजीवित

नवीन समाचार, नैनीताल, 2 फरवरी 2023। नैनीताल जनपद के रामगढ़ विकासखंड के ग्राम कुमाटी में कुमाऊँ मंडल की सबसे लंबी बाखली यानी घरों की सबसे लंबी श्रृंखला है। प्रदेश भर में हो रहे पलायन की मार इस बाखली और यहां रहने वाले लोगों पर भी पड़ी है। इसी समस्या के दृष्टिगत अब इस बाखली को … Read more

गौरवशाली क्षण ! गणतंत्र दिवस की परेड में उत्तराखंड की झांकी को मिला देश में प्रथम स्थान

नवीन समाचार, देहरादून, 30 जनवरी 2023। पहली बार राजपथ की जगह बदले नाम ‘कर्तव्य पथ’ पर गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित हुई पहली परेड में उत्तराखंड की झांकी ‘मानसखंड’ को देश में प्रथम स्थान मिला है। इसके साथ इतिहास में उत्तराखंड राज्य का नाम दर्ज हो गया। यह भी पढ़ें : दुःखद ब्रेकिंग: नैनीताल … Read more

शांत पहाड़ों पर मिला पाकिस्तानी झंडा, राज्य के साथ केंद्रीय एजेंसियां भी जांच में जुटीं..

नवीन समाचार, देहरादून, 31 दिसंबर 2022। उत्तराखंड के उत्तरकाशी जनपद के शांत पहाडों में पाकिस्तानी झंडा दिखने से हड़कंप मच गया है। राज्य के साथ देश की खुफिया एजेंसियों की इस घटना पर नजर है। यह झंडा यहां कैसे आया, इसे जानने के लिए हरसंभव प्रयास शुरू हो गए हैं। यह भी पढ़ें : प्रतिष्ठित … Read more

नैनीताल के लिए भी गौरवपूर्ण रहा राष्ट्रपति मुर्मू का प्रथम उत्तराखंड आगमन पर स्वागत कार्यक्रम…

नवीन समाचार, नैनीताल, 9 दिसंबर 2022। देश की दूसरी महिला एवं पहली आदिवासी राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू का पहली बार उत्तराखंड आगमन पर मुख्यमंत्री आवास के भव्य मैदान में आयोजित स्वागत-सिविक रिसेप्सन एवं उत्तराखंड सरकार की नौ परियोजनाओं के शिलान्यास-लोकार्पण का कार्यक्रम में कार्यक्रम नैनीताल के लिए भी गौरवपूर्ण रहा। इस कार्यक्रम में संचालक (मास्टर ऑफ … Read more

वरिष्ठ पत्रकार दिनेश शास्त्री का विशेष आलेख: हरदा से न सही, ‘मोद्दा’ से ही सीख लो कैसे बनती हैं ‘चार की पांच चवन्नियां’

दिनेश शास्त्री @ नवीन समाचार, देहरादून, 24 अक्तूबर 2022। प्रथम ज्योतिर्लिंग सौराष्ट्र से ग्यारहवें ज्योतिर्लिंग भगवान केदारेश्वर तक की हाल के दो तीन महीनों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा एक पंथ दो काज का अनुपम उदाहरण मानी जा सकती है। किसी भी अवसर का द्विगुणित लाभ कैसे उठाया जा सकता है, यह अगर सीखना … Read more

मोदी राज में नैनीताल-उत्तराखंड के एक और लाल शीर्ष पर….

-सीबीएसई के नए चेयरमैन जोशी का नैनीताल-उत्तराखंड से है संबंध डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 16 फरवरी 2022। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय द्वारा सीबीएसई यानी केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के नये चेयरमैन बनाये गये विनीत जोशी का संबंध नैनीताल जनपद व उत्तराखंड से है। विनीत जोशी वर्तमान में शिक्षा मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव तथा … Read more

गौरा-महेश को बेटी-जवांई के रूप में विवाह-बंधन में बांधने का पर्व: सातूं-आठूं (गंवरा या गमरा)

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 29 अगस्त 2021 (Satun-Aathun)। प्रकृति में रची-बसी देवभूमि के अधिकांश लोकपर्व-त्योहार प्रकृति के साथ देवी-देवताओं के साथ आध्यात्मिक तौर पर अत्यधिक गहरे जुड़े हुए हैं। सातूं-आठूं, गंवरा या गमरा लोक पर्व को देखिये। इस पर्व पर यहां की पर्वत पुत्रियां महादेवी गौरा से बेटी का और देवों के … Read more

मुख्यमंत्री ने किया प्रदेश के 26 वन गांवों को बिजली, पानी, सड़क के साथ ही ग्राम प्रधानों को मुहर भी देने का दावा

-जिम कार्बेट पार्क में अब 50-50 महिला नेचर गाइड व जिप्सी चालकें भी होंगी -10 हजार स्थानीय युवा कौशल विकास कर प्राप्त करेंगे स्वरोजगार नवीन समाचार, रामनगर, 21 मार्च 2021। प्रदेश के मुख्यमंत्री तीरथसिंह रावत ने रविवार को विश्व वानिकी दिवस के अवसर पर नैनीताल जनपद के रामनगर में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस … Read more

देश के लिए जान लुटाने वाले सेनानियों के आश्रितों को मात्र 4 हजार की कुटुंब पेंशन हास्यास्पद

-अपनी समस्याओं को लेकर मंडलायुक्त से मिले स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रित

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मंडलायुक्त को ज्ञापन सोंपते अखिल भारतीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी समिति संगठन के सदस्य।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 9 दिसंबर 2021। स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रितों का एक शिष्टमंडल बृहस्पतिवार को अखिल भारतीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी समिति संगठन के बैनर तले कुमाऊं मंडल के आयुक्त दीपक रावत से मिला। सदस्यों ने बताया कि स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रितों को वर्ष 2018 से उत्तराखंड सरकार के द्वारा चार हजार रुपए की कुटुंब पेंशन दिए जाने का प्राविधान किया गया है।

हास्यास्पद है कि यह पेंशन स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के सभी आश्रितों में बंटनी है। यानी यदि किसी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के 4 आश्रित हों तो सबको 1-1 हजार रुपए या 8 आश्रित होने पर 500-500 रुपए पेंशन मिलेगी। इसके बावजूद कई शर्ताें के कारण यह पेंशन भी पात्रों को नहीं मिल पा रही है।

इस दौरान स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के प्रथम पीढ़ी के आश्रितों को स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की भांति सुविधाएं एवं द्वितीय पीढ़ी के आश्रितों को भी प्रथम पीढ़ी के आश्रितों की भांति सुविधाएं देने, पूर्व में हो चुकी घोषणा के अनुरूप कुटुंब पेंशन की धनराशि 4 हजार को बढ़ाकर 10 हजार करने का शासनादेश जारी करने, बस के साथ रेलयात्रा की सुविधा भी देने, शिक्षा व नौकरी में 3 की जगह 5 फीसद आरक्षण दने, उत्तराधिकारी की बेटी की बेटियों को भी भी विवाह हेतु 50 हजार रुपए की धनराशि अनुदान स्वरूप देने तथा भूमिहीन उत्तराधिकारियों को शासनादेश के अनुरूप 100 वर्ग मीटर भूमि निःशुल्क आवंटित करने की मागें भी उठाई गई।

शिष्टमंडल में संगठन की संयोजक अनुपम उपाध्याय, जिलाध्यक्ष उमेश जोशी, महिला अध्यक्ष डॉ. सरिता कैड़ा, महिला उपाध्यक्ष बीना उप्रेती, पवन बिष्ट, आनंद जोशी व आकांक्षा उप्रेती आदि शामिल रहे।

2017-18 की इंटर उत्तीर्ण बालिकाओं को सिर्फ 5000 कन्याधन, अन्य को 51 हजार
नैनीताल। वार्ता के दौरान समस्या रखे जाने पर मंडलायुक्त दीपक रावत ने जिला कार्यक्रम अधिकारी वे वार्ता कर स्पष्ट किया कि 2017 व 2018 में इंटरमीडिएट उत्तीर्ण करने वाली बालिकाओं को केवल 5000 रुपए ही नंदा गौरा कन्याधन योजना के तहत मिलेगा, जबकि इससे पूर्व व बाद के वर्षों की बालिकाओं को 51 हजार रुपए कन्याधन दिया जा रहा है। माना गया कि यह इन बालिकाओं के साथ अन्याय जैसा है।

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-सोते हुए घर से गिरफ्तार किये गये, यातनाएं झेलीं, फिर भी अपनी सरकार ने भी नहीं दिया सम्मान-मान्यता
नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 25 जून 2020। 25 जून 1975 की मध्य रात्रि से 21 मार्च 1977 के बीच लगे आपातकाल के भारतीय लोकतंत्र के सर्वाधिक काले इतिहास दौर की भेंट चढ़ने वालों के जख्म हर वर्ष 25 जून को हरे हो जाते हैं। सरोवरनगरी के भी दो ऐसे वयोवृद्ध लोग हैं, जिन्होंने लोकतंत्र की हत्या होते न केवल अपनी आंखों से देखा, वरन इसके भुक्तभोगी भी बने। पुलिस द्वारा रात्रि में सोते हुए पकड़े गए। दो रात हवालात में रखकर पीटे गए। जेल जाने पर जमानत के लिए आवेदन किया तो न्यायालयों में भी व्याप्त हो चला भ्रष्टाचार झेला। किसी तरह जमानत मिली तो जमानती भी इसलिए नहीं मिले कि संबंध होने के आरोप में कहीं पुलिस उन्हें भी गिरफ्तार न कर ले। इसी कारण ना ही गिरफ्तार होने पर घर वालों की और ना ही जेल से छूटने के बाद उनकी कुशल क्षेम पूछने ही कोई परिचित-पड़ोसी आया। इसी कारण लंबे समय तक लोग उनकी दुकान पर भी नहीं आते थे। इतनी परेशानियां झेलीं तो स्वप्न देखते थे कि कभी अपनी सरकार भी आएगी। अपनी सरकार आई और है भी, लेकिन उसने भी ठुकरा दिया। कभी ताम्रपत्र देने की बात हुई। कभी लोकतंत्र सेनानी घोषित करने का ख्वाब दिखाया। लेकिन नतीजा सिफर। फलस्वरूप लोकतंत्र के ये सेनानी आज भी उन स्थितियों से उबर नहीं पा रहे हैं। अपनी ही सरकार में भी हताश-निराश हैं।

यह कहानी मुख्यालय निवासी भारतीय जनता पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष रहे भुवन चंद्र हरबोला एवं आरएसएस के कामेश्वर प्रसाद काला की है। हरबोला को 16 नवंबर 1975 को किराये के घर में सोते हुए हल्की पूछताछ के नाम पर मल्लीताल कोतवाली के गब्बर सिंह कहे जाने वाले तत्कालीन थाना प्रभारी ने की थी। उन्हें एक रात मल्लीताल और एक रात तल्लीताल थाने में रखा गया और 18 नवंबर को हल्द्वानी जेल भेजा गया, जबकि काला 1 दिसंबर को हल्द्वानी में सरकार विरोधी एक रैली के दौरान गिरफ्तार हुए। दोनों संघ के स्वयं सेवक थे। इसलिए सरकार उनके पीछे लगी थी। संघ के बड़े अधिकारियों ने उन्हें जल्दी जमानत ले लेने की सलाह दी, ताकि वे संघ की शाखाएं लगाने जैसी अपनी गतिविधियों को जारी रख सकें। इसलिए दोनों करीब एक सप्ताह जेल में रहकर जमानत पर बाहर आ गये। लेकिन न्यायालय में मुकदमा 21 मार्च 1977 को जनता पार्टी की सरकार आने तक चलता रहा। 1977 के चुनाव में देश के साथ नैनीताल लोक सभा में भी इंदिरा गांधी के नेतृत्व वाली कांग्रेस पार्टी को भारतीय लोकदल के  एक गुमनाम से चेहरे भारत भूषण ने पटखनी दे दी थी। श्री काला बताते हैं, जेल से आने पर भी कोई उनके घर की सीढ़ियां चढ़ने को तैयार नहीं था, क्योंकि लोग डरते थे कि उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा। वहीं हरबोला बताते हैं जेल से छूटने के बाद भी पुलिस-प्रशासन उन्हें फिर से किसी तरह अंदर करने की जुगत में था। इसलिए वे एक दिन अपने भाई के साथ नैनीताल की बिड़ला चुंगी से होते हुए पैदल जंगल के रास्ते रातीघाट होते हुए जनपद से बाहर निकल गये थे। उन्होंने कहा कि आपातकाल के दौरान जेल में गये गिने-चुने लोग ही बचे हैं, फिर भी सरकार की मंशा उन्हें किसी तरह की मान्यता-सम्मान देने की नहीं है। इससे वे निराश और हताश हैं।

उत्तराखंड सरकार की योजना का लाभ नहीं मिला

नैनीताल। विगत वर्षों में उत्तराखंड सरकार ने आपातकाल के दौरान डीआईआर यानी ‘डिफेंस इंडिया रूल्स’ से इतर मीसायानी ‘मेन्टीनेंस ऑफ इंटरनल सिक्योरिटी एक्ट’ में जेल गये ‘लोकतंत्र सेनानियों’ को प्रतिमाह 16 हजार रुपये की पेंशन देने की घोषणा की थी। इस पर नैनीताल जनपद में ऐसे लोगों की पड़ताल की गयी, तो तत्कालीन संयुक्त नैनीताल जिले के कुल 10 लोगों की पहचान हुई, जिनमें से पांच लोग वर्तमान में भी नैनीताल जिले और शेष पांच अब ऊधमसिंह नगर के हिस्से के निवासी मिले। सरकारी रिपोर्टों के अनुसार नैनीताल जिले के मौजूदा निवासी बताये गये पांच में से तीन लोगों की मृत्यु हो चुकी थी, जबकि शेष दो अपने पतों पर मिल नहीं पाये। अलबत्ता जिला प्रशासन के प्रयासों से अन्य जिलों से भी नैनीताल जनपद व खासकर हल्द्वानी में आ बसे कुल 9 लोगों ने आवेदन किये। इनमें हरबोला और काला भी शामिल रहे, लेकिन निर्धारित से कम अवधि जेल में रहने के कारण उन्हें योजना का लाभ नहीं मिला।

कोश्यारी, त्रिपाठी, शर्मा सहित उत्तराखंड के 325 सेनानी गये आपातकाल में जेल

नैनीताल। आपातकाल में उत्तराखंड के 325 लोगों को डीआईआर यानी ‘डिफेंस इंडिया रूल्स’ एवं मीसा यानी ‘मेन्टीनेंस ऑफ इंटरनल सिक्योरिटी एक्ट’ के जेलों में ठूंसा गया। इनमें पूर्व मुख्यमंत्री व मौजूदा महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी, पूर्व विधायक अधिवक्ता गोविंद सिंह, भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष पूरन चंद्र शर्मा, उत्तराखंड क्रांति दल के संस्थापक सदस्य व विधायक विपिन चंद्र त्रिपाठी जैसे वरिष्ठ नेता भी शामिल रहे।

सर्वाधिक 116 सेनानी ठूंसे गये हल्द्वानी जेल में

नैनीताल। आपातकाल के दौरान उत्तराखंड के जिन 325 लोगों को जेलों में ठूंसा गया, उनमें से सर्वाधिक 116 को नैनीताल जिले के हल्द्वानी उप कारागार में, 81 को नैनीताल जिला कारागार में, 52 को देहरादून की जेल में, 39 को अल्मोड़ा जिला जेल में, 29 को रुड़की जेल में और चार को टिहरी जेल में डाला गया था।

यह भी पढ़ें : आपातकाल के लोकतंत्र सेनानीः उम्र के आखिरी दौर में 7 को मिला लाभ, 4 के मामले लंबित

-नैनीताल जनपद से पहले 9 लोगों ने किया था आवेदन, इनमें से 7 को 1 वर्ष की पेंशन जारी, 2 के मामले में फिर से मांगी गयी है जांच रिपोर्ट, 2 नये आवेदन भी आये
नवीन जोशी, नैनीताल। उत्तराखंड सरकार ने 1975-77 के दौर में लगे आपातकाल के दौर में जेलों में ठूंस दिये गये ‘लोकतंत्र सेनानियों’ की सुध लेने में देर से ही सही लेकिन पहल कर दी है। कमोबेश बिना कारण झेली गयी उन भयावह यातनाओं को चार दशक से अधिक समय बीत जाने के बाद ‘लोकतंत्र सेनानियों’ को प्रतिमाह 16 हजार रुपये की पेंशन देने की घोषणा हुई है, जिसके बाद जनपद में जीवित बचे 10 में से 9 लोकतंत्र सेनानियों ने यह दर्जा व पेंशन हासिल करने के लिए आवेदन किया था। अलबत्ता, नैनीताल के पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष भुवन चंद्र हरबोला एवं वयोवृद्ध आरएसएस नेता कामेश्वर प्रसाद काला को छोड़कर शेष 7 लोगों को बीते माह पेंशन स्वीकृत होने के साथ ही 1 वर्ष की एकमुश्त जारी हो गयी है। वहीं इधर 2 नए लोगों ने भी बीते माह आवेदन कर दिये हैं। नैनीताल मुख्यालय निवासी इन दो लोकतंत्र सेनानियों के बारे में शासन ने फिर से जांच रिपोर्ट जिला प्रशासन से मांगी है।

उल्लेखनीय है कि 25 जून 1975 की मध्य रात्रि से 21 मार्च 1977 के बीच देश में लगे आपातकाल के दौर में देश भर के साथ उत्तराखंड राज्य के लोगों को भी तत्कालीन इंदिरा गांधी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार के आंखों में वैचारिक तौर पर खटकने भर से जेलों में ठूंस दिया गया था। इधर इस वर्ष राज्य सरकार ने आपातकाल के दौरान डीआईआर यानी ‘डिफेंस इंडिया रूल्स’ से इतर मीसायानी ‘मेन्टीनेंस ऑफ इंटरनल सिक्योरिटी एक्ट’ में जेल गये ‘लोकतंत्र सेनानियों’ को प्रतिमाह 16 हजार रुपये की पेंशन देने की घोषणा की थी। इस पर नैनीताल जनपद में ऐसे लोगों की पड़ताल की गयी, तो तत्कालीन संयुक्त नैनीताल जिले के कुल 10 लोगों की पहचान हुई, जिनमें से पांच लोग वर्तमान में भी नैनीताल जिले और शेष पांच अब ऊधम सिंह नगर के हिस्से के निवासी हैं। सरकारी रिपोर्टों के अनुसार नैनीताल जिले के मौजूदा निवासी बताये गये पांच में से तीन लोगों की मृत्यु हो चुकी है, जबकि शेष दो अपने पतों पर मिल नहीं पाये। अलबत्ता जिला प्रशासन के प्रयासों से अन्य जिलों से भी नैनीताल जनपद व खासकर हल्द्वानी में आ बसे कुल 9 लोगों ने आवेदन किये हैं।

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चीन के दबाव में कालापानी पर नेपाल का दावा भ्रामक और झूठा : कार्की

-हिंदू जागरण मंच के प्रदेश संगठन मंत्री ने कहा विकट परिस्थितियों के बावजूद सीमावर्ती नागरिकों का देशप्रेम का जज्बा अनुकरणीय -अगले साथ अगस्त 2021 में आदि कैलाश महोत्सव का आयोजन करेगा हिजामं नवीन समाचार, नैनीताल, 18 अक्टूबर 2020। हिंदू जागरण मंच के प्रदेश संगठन मंत्री भगवान कार्की ने एक सप्ताह पूर्व से भारत-नेपाल व चीन … Read more

मोदी होने के मायने….

PM Modi in Uttarakhand

डॉ.नवीन जोशी, नैनीताल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) के आप कटु आलोचक हो सकते हैं। उनके संबोधनों में प्रस्तुत आंकड़े कई बार गलत व बढ़ा-चढ़ाकर पेश किए गऐ हो सकते हैं। उनके द्वारा किए गये नोटबंदी, कोरोना से निपटने में लगाए गए ‘लॉक डाउन’ के फैसलों को आप भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा पेश किये गए … Read more