नवीन समाचार, नैनीताल, 8 अगस्त 2026 (High Court on Bhimtal assault Case)। नैनीताल जनपद के भीमताल (Bhimtal) में गत माह रेस्टोरेंट के बाहर हुई मारपीट की एक चर्चित घटना में कानूनी कार्यवाही ने नया मोड़ ले लिया है। एक ओर तीन प्रमुख आरोपितों को निचली अदालत से मिली जमानत के विरुद्ध जिला एवं सत्र न्यायालय, नैनीताल (Nainital) में निगरानी याचिका दाखिल की गई है,
वहीं दूसरी ओर उत्तराखंड उच्च न्यायालय (High Court of Uttarakhand) ने निचली अदालत के उस आदेश को निरस्त कर दिया है, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109 के अंतर्गत आरोपितों का रिमांड स्वीकार करने से इन्कार किया गया था। उच्च न्यायालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए रिमांड प्रार्थना-पत्र पर किसी अन्य न्यायालय से विधि के अनुसार पुनः निर्णय कराने के निर्देश दिए हैं।

संबंधित पक्षों से प्राप्त जानकारी के अनुसार 6 जुलाई 2026 की रात्रि भीमताल स्थित एक रेस्टोरेंट के बाहर कथित रूप से शराब के नशे में पहुंचे कुछ लोगों का रेस्टोरेंट खोलने को लेकर विवाद हुआ। आरोप है कि विवाद के दौरान गाली-गलौज और मारपीट हुई। रेस्टोरेंट संचालक के भाई राहुल रैक्वाल को बचाने का प्रयास करने पर उनके साथ भी मारपीट की गई तथा वाहन को क्षतिग्रस्त किया गया। घटना की सूचना 112 आपातकालीन सेवा के माध्यम से पुलिस को दी गई थी।
उपचार के लिए जाते समय दोबारा हमला होने का आरोप
निगरानी याचिका में कहा गया है कि घटना के बाद घायल पक्ष के परिजन उपचार के लिए भीमताल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में आरोपितों और उनके साथ मौजूद अन्य लोगों ने वाहन रोककर दोबारा मारपीट की। इस घटना में रमेश किरौला और योगेश किरौला गंभीर रूप से घायल हुए।
रमेश किरौला को पहले हल्द्वानी और बाद में बेहतर उपचार के लिए दिल्ली के मैक्स चिकित्सालय (Max Hospital) संदर्भित किया गया, जहां वह वर्तमान में गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में भर्ती हैं, कॉमा की स्थिति में हैं और बयान देने की स्थिति में नहीं हैं। याचिका में चिकित्सकीय अभिलेखों का हवाला देते हुए सिर, आंख, कान तथा शरीर के अन्य महत्वपूर्ण हिस्सों में गंभीर चोटों का उल्लेख किया गया है।
जमानत आदेश को दी गई चुनौती
राहुल रावत, गौरांग रौतेला और अजय कुल्याल सहित अन्य आरोपितों को निचली अदालत से मिली जमानत के विरुद्ध जिला एवं सत्र न्यायालय, नैनीताल में निगरानी याचिका प्रस्तुत की गई है। याचिकाकर्ता ने 20 जुलाई 2026 के आदेश को विधिसम्मत न बताते हुए उसे निरस्त करने तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 के अंतर्गत आरोपितों का न्यायिक रिमांड स्वीकार करने की मांग की है। याचिका में कहा गया है कि गवाहों के बयान और चिकित्सकीय साक्ष्य सामूहिक रूप से हमला किए जाने की ओर संकेत करते हैं।
उच्च न्यायालय ने निचली अदालत की टिप्पणी पर जताई आपत्ति
इस बीच घायल हिमांशु रैक्वाल ने उत्तराखंड उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, नैनीताल के 20 जुलाई 2026 के आदेश को चुनौती दी। न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल (Rakesh Thapliyal) की एकलपीठ ने सुनवाई के दौरान कहा कि निचली अदालत ने बिना समुचित परीक्षण के रिमांड अस्वीकार किया। न्यायालय ने यह भी आश्चर्य व्यक्त किया कि कॉमा में भर्ती रमेश किरौला का बयान दर्ज न होने को आधार बनाया गया, जबकि चिकित्सकीय अभिलेखों के अनुसार वह बयान देने की स्थिति में ही नहीं थे।
उच्च न्यायालय ने उपलब्ध चिकित्सकीय रिपोर्टों और राज्य पक्ष की दलीलों पर विचार करने के बाद 20 जुलाई 2026 का आदेश निरस्त कर दिया। साथ ही निर्देश दिया कि अभियोजन के रिमांड प्रार्थना-पत्र पर किसी अन्य सक्षम न्यायालय में विधि के अनुरूप पुनः विचार किया जाए।
अब इस प्रकरण में एक ओर जिला एवं सत्र न्यायालय में जमानत आदेश को चुनौती देने वाली निगरानी याचिका पर सुनवाई होगी, जबकि दूसरी ओर उच्च न्यायालय के निर्देश के अनुसार धारा 109 के अंतर्गत रिमांड के प्रश्न पर पुनः न्यायिक निर्णय लिया जाएगा। ऐसे में इस चर्चित प्रकरण की आगे की न्यायिक कार्यवाही पर सभी की निगाहें बनी हुई हैं।
पाठकों से आग्रह है कि इस समाचार से संबंधित अपनी राय और विचार नीचे दिए गए कमेन्ट बॉक्स में अवश्य साझा करें।
नैनीताल में क्लिक करके नैनीताल जनपद में हाल के दिनों में हुई अन्य सभी महत्वपूर्ण घटनाओं से जुड़ी पूरी रिपोर्ट पढ़ी जा सकती हैं। इसी तरह पिथौरागढ़ के समाचार, अल्मोड़ा के समाचार, बागेश्वर के समाचार, चंपावत के समाचार, ऊधमसिंह नगर के समाचार, देहरादून के समाचार, उत्तरकाशी के समाचार, पौड़ी के समाचार, टिहरी जनपद के समाचार, चमोली के समाचार, रुद्रप्रयाग के समाचार, हरिद्वार के समाचार और उत्तराखंड से संबंधित अन्य समाचार भी पढ़ सकते हैं।
आज के अन्य एवं अधिक पढ़े जा रहे उत्तराखंड के नवीनतम अपडेट्स-‘नवीन समाचार’ पर पढ़ें। हमारे व्हाट्सएप चैनल से, फेसबुक ग्रुप से, गूगल न्यूज से, एक्स से, थ्रेड्स चैनल से और डेलीहंट से जुड़ें। अमेजॉन पर सर्वाधिक छूटों के साथ खरीददारी करने के लिए यहां क्लिक करें। यदि आपको लगता है कि ‘नवीन समाचार’ अच्छा कार्य कर रहा है तो हमें यहाँ क्लिक करके सहयोग करें..।
Tags (High Court on Bhimtal assault Case) :
High Court on Bhimtal assault Case, Uttarakhand News, Nainital News, Bhimtal News, Bhimtal Assault Case, Uttarakhand High Court, Nainital Court, Rahul Rawat, Gaurang Rautela, Ajay Kulyal, BNS Section 109, Judicial Remand, Crime News, Court News, Navin Samachar, Local News, Bhimtal Assault Latest News, High Court Order Uttarakhand, #Bhimtal #Nainital #Uttarakhand #HighCourt,

डॉ.नवीन जोशी, पिछले 20 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, ‘कुमाऊँ विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में पीएचडी की डिग्री प्राप्त पहले और वर्ष 2015 से उत्तराखंड सरकार से मान्यता प्राप्त पत्रकार हैं। 15 लाख से अधिक नए उपयोक्ताओं के द्वारा 150 मिलियन यानी 1.5 करोड़ से अधिक बार पढी गई आपकी अपनी पसंदीदा व भरोसेमंद समाचार वेबसाइट ‘नवीन समाचार’ के संपादक हैं, साथ ही राष्ट्रीय सहारा, हिन्दुस्थान समाचार आदि समाचार पत्र एवं समाचार एजेंसियों से भी जुड़े हैं। देश के पत्रकारों के सबसे बड़े संगठन ‘नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स (इंडिया) उत्तराखंड’ के उत्तराखंड प्रदेश के प्रदेश महामंत्री भी हैं और उत्तराखंड के मान्यता प्राप्त राज्य आंदोलनकारी भी हैं। डॉ. जोशी के बारे में विस्तार से पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें।
नवीन समाचार’ विश्व प्रसिद्ध पर्यटन नगरी नैनीताल से जून 2009 से इंटरननेट-वेब मीडिया पर सक्रिय, उत्तराखंड का सबसे पुराना ऑनलाइन पत्रकारिता में सक्रिय समूह है। यह उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त रहा, अलेक्सा रैंकिंग के अनुसार उत्तराखंड के समाचार पोर्टलों में अग्रणी, गूगल सर्च पर उत्तराखंड के सर्वश्रेष्ठ, भरोसेमंद समाचार पोर्टल के रूप में अग्रणी, समाचारों को नवीन दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाला ऑनलाइन समाचार पोर्टल भी है।
