लाखों कैडेटों में से नैनीताल की आकांक्षा को मिला रक्षा मंत्री सहित वीआईपी को ब्रीफिंग का मौका

यहाँ से दोस्तों को भी शेयर करके पढ़ाइये
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

नियमित रूप से नैनीताल, कुमाऊं, उत्तराखंड के समाचार अपने फोन पर प्राप्त करना चाहते हैं तो हमारे टेलीग्राम ग्रुप में इस लिंक https://t.me/joinchat/NgtSoxbnPOLCH8bVufyiGQ से एवं ह्वाट्सएप ग्रुप से इस लिंक https://chat.whatsapp.com/ECouFBsgQEl5z5oH7FVYCO पर क्लिक करके जुड़ें।

-परिसर के 8 अन्य छात्रों को मिला गणतंत्र दिवस की परेड, प्रधानमंत्री की रैली सहित अन्य गतिविधियों में शामिल होने का अवसर

नई दिल्ली में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को एनसीसी कैडेटों के कैंप की गतिविधियों से अवगत कराती नैनीताल की कैडेट आकांक्षा वर्मा।

नवीन समाचार, नैनीताल, 25 जनवरी 2020। कुमाऊं विश्वविद्यालय के डीएसबी परिसर की नेवल एनसीसी कैडेट आकांक्षा वर्मा को बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। आकांक्षा को पूरे देश के 28 राज्यों के 17 निदेशालयों के लाखों एनसीसी कैडेटों में से गणतंत्र दिवस के अवसर पर राजधानी नई दिल्ली में आयोजित हो रहे एनसीसी के गणतंत्र दिवस कैंप में देश के रक्षा मंत्री राजनाथ व देश के वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल राकेश कुमार भदौरिया सहित कैंप में आने वाले विशिष्टजनों को कैंप की गतिविधियों से अवगत कराने-ब्रीफिंग करने का अवसर मिला है। बड़ी बात यह भी है कि आकांक्षा का चयन इस कार्य के लिए हुआ। इसके अलावा डीएसबी परिसर नैनीताल के दो कैडेटों- भरत बिष्ट व मोहित रावत का चयन गार्ड ऑफ ऑनर के लिए, अन्य दो कैडेट रोहित जोशी व लक्ष्मण बिष्ट का चयन राजपथ पर होने वाली ऐतिहासिक परेड में प्रतिभाग करने के लिए एवं चार कैडेटों-दीपक ढैला, हरीश रौतेला, किशन सिंह व निकिता गोस्वामी का चयन प्रधानमंत्री की रैली के लिए हुआ है। कैडेटों की इस उपलब्धि पर कमांडिंग ऑफिसर डीके सिंह, परिसर निदेशक प्रो. एलएम जोशी, अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. डीएस बिष्ट, कुलानुशासक प्रो. नीता बोरा शर्मा, सब लेफ्टिनेंट डॉ. रीतेश साह, प्रो. हरीश बिष्ट, मुख्य प्रशिक्षक चीफ पैटी ऑफिसर एके सिंह व आरपी सिंह सहित नैनीताल स्थित नौसेना एनसीसी के अधिकारियों, कर्मचारियों व कैडेटों ने हर्ष व्यक्त किया है।

सांसद अजय भट्ट होंगे गणतंत्र दिवस परेड के मुख्य अतिथि
नैनीताल। सांसद अजय भट्ट आगामी 26 जनवरी को मुख्यालय में आयोजित होने वाले गणतंत्र दिवस परेड के मुख्य अतिथि होंगे। भाजपा नेता विवेक साह ने यह जानकारी दी। उल्लेखनीय है कि इस दिन प्रदेश के वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत भी मुख्यालय में होंगे, अलबत्ता उनका गणतंत्र दिवस परेड के बाबत कार्यक्रम की जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।

यह भी पढ़ें : कमाल: 11 साल की बच्ची ने एक मिनट में बना दिया विश्व रिकॉर्ड, आगे ओलंपिक गोल्ड का है सपना

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 20 जनवरी 2020। निकटवर्ती गौलापार निवासी मात्र 11 साल की बच्ची रिया ने महज एक मिनट के समय में विश्व रिकॉर्ड बनाने का कमाल कर दिखाया है। लेकिन इसके पीछे उसकी वर्षों की कड़ी मेहनत है। आप विश्वास नहीं करेंगे वह इस सफलता के लिए हर रोज करीब 15 किलोमीटर का सफर तय करती रही है। आगे उसका सपना ओलम्पिक में जिम्नास्टिक खेलकर गोल्ड मेडल जीतने का है। उन्होंने सोमवार को विश्व रिकॉर्ड बनाने वाला प्रदर्शन वेंडी स्कूल में दिल्ली से पहुंची गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड टीम के समक्ष यह कठिन आसन कर दिखाया। गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड के एशिया हेड आलोक कुमार ने रिया को वर्ल्ड रिकॉर्ड का प्रशस्ति पत्र दिया।  आलोक कुमार ने उसके प्रदर्शन की दिल खोल कर प्रशंसा की और उम्मीद जताई कि यह छोटी सी बच्ची जरूर ओलंपिक में देश के लिए जिम्नास्टिक में स्वर्ण पदक प्राप्त करने का सपना भी पूरा करेगी।

गौलापार के दौलतपुर स्थित वेंडी स्कूल में छठी कक्षा में पढ़ने वाली रिया बचपन से ही योग व जिम्नास्टिक की शौकीन रही है। उसने निरालंब चक्रासन को 1 मिनट में 21 बार कर विश्व रिकॉर्ड अपना नाम दर्ज करवा लिया है। अभी तक यह विश्व रिकॉर्ड दक्षिण भारत के मैसूर-आंध्रप्रदेश की रहने वाली की खुशी नाम की बच्ची के नाम था, जिसने इस आसन को 1 मिनट में 15 बार किया था। अपनी बेटी की इस कामयाबी पर रिया के पिता नवीन पलड़िया और मां सीमा पलड़िया के साथ ही उनके प्रशिक्षक अमित फूले नही समा रहे हैं। रिया का नाम विश्व रिकॉर्ड में दर्ज होने पर पूरे उत्तराखंड को उस पर नाज है।

यह भी पढ़ें : पहाड़ के लाल ने भारतीय समुद्री विश्वविद्यालय की प्रवेश परीक्षा में देश भर में पहली रैंक हासिल की

नवीन समाचार, देहरादून, 16 जनवरी 2020। शिक्षा के क्षेत्र में एक और सपूत ने प्रदेश का नाम रोशन किया है। पौड़ी जिले के दूरस्थ क्षेत्र थलीसैंण विकासखंड के अंतर्गत नौडी गांव के रहने वाले मोहित चमोली ने भारतीय समुद्री विश्वविद्यालय की प्रवेश परीक्षा में देशभर में पहली रैंकिंग हासिल की है। मोहित की इस सफलता से उनके परिवार व पूरे राठ क्षेत्र में खुशी का माहौल है। इस प्रवेश परीक्षा में देश के विभिन्न राज्यों से 60 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने भाग लिया था, जिसमें पौड़ी के मोहित चमोली ने पहला स्थान प्राप्त किया है। वह शिक्षक परिवार से तालुकात रखते हैं। मोहिता के पिता विष्णु प्रसाद चमोली व मां राठ क्षेत्र में ही शिक्षक हैं। मोहित बचपन से ही पढ़ाई मे अव्वल रहा है। कहता है कि समुद्री सेवाओं में काम करने का बचपन का सपना था जिसके लिए वह बचपन से मेहनत कर रहे हैं। समुद्री विवि की प्रवेश परीक्षा में पहली रैंकिंग प्राप्त कर उनका यह सपना अब साकार होने जा रहा है।

नियमित रूप से नैनीताल, कुमाऊं, उत्तराखंड के समाचार अपने फोन पर प्राप्त करना चाहते हैं तो हमारे टेलीग्राम ग्रुप में इस लिंक https://t.me/joinchat/NgtSoxbnPOLCH8bVufyiGQ से एवं ह्वाट्सएप ग्रुप से इस लिंक https://chat.whatsapp.com/ECouFBsgQEl5z5oH7FVYCO पर क्लिक करके जुड़ें।

इसका श्रेय वह अपने माता-पिता को देते हैं। इससे पहले नेशनल डिफेंस एकेडमी की प्रवेश परीक्षा भी मोहित ने पास की है। लेकिनउनकी प्राथमिकता में समुद्री विज्ञान को जानना रहा है। पहले प्रयास में उन्होंने अखिल भारतीय स्तर पर 126वीं रैंक प्राप्त की थी, लेकिन इससे वह संतुष्ट नहीं हुए। लिहाजा प्रवेश परीक्षा में दोबारा भाग लिया और पहली रैंक प्राप्त कर क्षेत्र व प्रदेश का नाम रोशन किया। भारतीय समुद्री विश्वविद्यालय चेन्नई में स्थित है। जहां से शिक्षा प्राप्त कर छात्र समुद्री विज्ञान में महारत हासिल करते हैं।

यह भी पढ़ें : अखिल भारतीय अंर्तविश्वविद्यालयी बॉक्सिंग प्रतियोगिता में कुमाऊं विवि की खिलाड़ियों ने जीता सोना-कांसा

-शोभा कोहली ने स्वर्ण जीता, गायत्री कसन्याल ने कांस्य
नवीन समाचार, नैनीताल, 24 दिसंबर 2019। अखिल भारतीय अंर्तविश्वविद्यालयी बॉक्सिंग प्रतियोगिता में कुमाऊं विवि की बॉक्सर शोभा कोहली ने स्वर्ण पदक जीता है। 20 से 24 दिसंबर तक यूपी के बागपत में मेरठ विश्वविद्यालय के तत्वावधान में आयोजित हो रही अखिल भारतीय अंर्तविश्वविद्यालयी बॉक्सिंग प्रतियोगिता के आखिरी दिन पिथौरागढ़ महाविद्यालय की छात्रा शोभा ने 45 से 48 किग्रा भार वर्ग के फाइनल में कुरुक्षेत्र विवि की खिलाड़ी को हराकर कमाल का प्रदर्शन करते हुए सोने का तमगा अपने गले में ग्रहण किया। उनके अलावा कुविवि के पिथौरागढ़ महाविद्यालय की छात्रा गायत्री कसन्याल ने 51 से 55 किग्रा भार वर्ग में सेमीफाइनल में महर्षि दयानंद विवि रोहतक की खिलाड़ी को हराकर कांस्य पदक अपने नाम किया। कुमाऊं विवि के क्रीड़ाधिकारी डा. नागेंद्र शर्मा ने पुष्टि करते हुए बताया कि कुविवि के कुलपति ने स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाली खिलाड़ी शोभा कोहली को 20 हजार एवं कांस्य पदक जीतने वाली खिलाड़़ी गायत्री कसन्याल को 15 हजार रुपए देने एवं विवि में सम्मानित करने की बात कही है।

यह भी पढ़ें : टीवी शो में बतौर एंकर दिखाई दीं नैनीताल की बेटी..

नवीन समाचार, नैनीताल, 16 दिसंबर 2019। ‘क्वीन ऑफ कुमाऊँ’ के नाम से प्रख्यात, साहित्य, कला, एवं संगीत के साथ ही गायिका, गीतकार और कवियत्री के रूप में भी बहुमुखी प्रतिभा सम्पन्न नैनीताल, उत्तराखंड की बेटी डा. मेघा भारती ‘मेघल’ के नाम एक और उपलब्धि जुड़ी है। मेघल ‘काव्यगंगा’ नाम के टीवी शो में बतौर एंकर नजर आईं। रविवार को इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया। इस टीवी शो पर आने से खासा उत्साहित मेघल फिलहाल इस कार्यक्रम में अपनी शानदार प्रस्तुति के लिए बधाइयां बटोर रहीं हैं।

नियमित रूप से नैनीताल, कुमाऊं, उत्तराखंड के समाचार अपने फोन पर प्राप्त करना चाहते हैं तो हमारे टेलीग्राम ग्रुप में इस लिंक https://t.me/joinchat/NgtSoxbnPOLCH8bVufyiGQ से एवं ह्वाट्सएप ग्रुप से इस लिंक https://chat.whatsapp.com/ECouFBsgQEl5z5oH7FVYCO पर क्लिक करके जुड़ें।

उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी मेघल कई मंचों पर संचालन कर चुकी हैं। वे ‘जश्न-ए-आजादी’ सहित कई टीवी शो में अपने गीतों के साथ ही, बॉलीवुड के माया गोविंद, सुनील पाल, अभिलाष, शेखर अस्तित्व, नेहा शरद, इत्यादि, जैसे दिग्गज कलाकारों के साथ भी कई शोज कर चुकी हैं। उन्होंने बताया कि वे उत्तराखंड की प्रथम एवं एकमात्र महिला गीतकार और कम्पोजर हैं, और अब मुम्बई में बतौर एंकर टीवी पर आने वालीं पहली महिला भी बन चुकी हैं। महाराष्ट्र सरकार द्वारा भी मेघल को उनके कार्यों के लिए सम्मानित किया जा चुका है। मेघल, नैनीताल में ही जन्मी और पली-बढ़ी हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा नैनीताल ंके सेंट मैरी कान्वेंट से हुई हैं, और यहीं डीएसबी परिसर से उन्होंने अंग्रेजी साहित्य में पीएचडी की डिग्री हासिल करके कुमाऊँ विश्वविद्यालय के एसएसजे परिसर अल्मोड़ा में अंग्रेजी विभाग में ग्यारह वर्षों तक प्रवक्ता व प्रोफेसर भी रह चुकी हैं।

यह भी पढ़ें : नैनीताल विंटर कार्निवाल की आखिरी शाम नैनीताल की बेटी मेघल ने पेश किया कुछ खास

इन दिनों मुंबई में रह रहीं बहुआयामी प्रतिभा सम्पन्न संगीत की दुनिया और साहित्य जगत का एक प्रसिद्ध व बेहद लोकप्रिय नाम ‘मेघल’ हाल ही में महाराष्ट्र सरकार के मंत्री कृपाशंकर सिंह द्वारा गायिकी, लेखन, फिल्म इंडस्ट्री और समाज सेवा के क्षेत्रों में अपने योगदान के लिये सम्मानित की गयी हैं। गायकी में वे ‘गजल शहजादी’ के खिताब से नवाजी गईं हैं, तो गीतकार के रूप में जर्मन फिल्म फेस्टिवल में नामित हो चुकी हैं, और ‘सर्वश्रेष्ठ गीतकार’ का पुरस्कार भी इन्हें मिल चुका है। प्रोफेसर के रूप में उन्हें ‘इंटरनेशनल ग्लोबल रोल मॉडल टीचर्स’ का पुरस्कार प्राप्त हुआ है, तो समाज सेविका के रूप में ‘यूथ आइकॉन’ अवार्ड से और कवयित्री के रूप में ‘अंतरष्ट्रीय हिंदी काव्य रत्न’ के साथ ही ‘श्री अटल बिहारी बाजपाई वूमन अचीवर अवार्ड’ सम्मान से नवाजी जा चुकी हैं। वहीं एक शायरा और लेखिका के रूप में उनकी पुस्तकों को अमेरिका से 5 स्टार रेटिंग प्राप्त हुई है। साथ ही वह उत्तराखंड की प्रथम एवं एकमात्र महिला गीतकार और कम्पोजर भी हैं। इस तरह उन्होंने जिस क्षेत्र में भी कदम रखा, वहां अपना परचम लहराया है। जो कि निश्चित ही उत्तराखंड राज्य और विशेष रूप से नैनीताल शहर के लिए गौरव की बात है।उल्लेखनीय है कि मेघल नैनीताल में जन्मी और पली व बढ़ी हैं। उन्होंने प्रारंभिक शिक्षा नैनीताल के सेंट मैरीज कान्वेंट से प्राप्त की और डीएसबी परिसर से अंग्रेजी साहित्य में नारीवाद पर पीएचडी की डिग्री हासिल करके कुमाऊँ विश्वविद्यालय में अंग्रेजी विभाग में प्रवक्ता भी बनीं। साथ ही उन्होंने संगीत और साहित्य के क्षेत्र में भी अपनी एक अलग पहचान बनाई। उनकी कई फिल्में एवं एल्बम बाजार में हैं। वह उत्तराखंड की पहली ऐसी गायिका भी बतायी जाती हैं जिनके मार्केट में सबसे पहले सोलो एलबम्स आये। पहाडी पॉप म्यूजिक को जन्म देने का श्रेय भी उन्हें दिया जाता है। पहली बार राज्य में ‘मेघा भारती नाईट’ के नाम से स्टार नाईट का आयोजन भी उनके नाम से ही शुरू हुआ, जिसके तहत वे देशभर में शो करती हैं और नैनीताल शरदोत्सव में भी 2004 से शो कर चुकी हैं। बहुत ही कम उम्र से मेघल को कई राष्टीय एवं अंतरष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त हो चुके हैं और कई खिताबों से भी नवाजी गईं हैं। उनका ‘मेघा भारती प्रोडक्शन’ नाम से एक प्रोडक्टशन हाउस भी है, जिसके माध्यम से वे निर्धन बच्चों एवं युवाओं को निःशुल्क कला प्रशिक्षण तथा प्रतिभा प्रदर्शन के लिए मंच भी देती हैंं।
मेघल बताती हैं, जब वे दसवीं कक्षा की छात्रा थी तब ही उन्हें उत्तराखण्ड की पहली सिनेमास्कोप फिल्म में बतौर गीतकार और अदाकारा के रूप में अपना हुनर दिखाने का मौका मिला था। उनके लिखे और कंपोज किए गीतों ने आम जनता के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोहों में भी खासी प्रशंसा लूटी। उनके लिखे एवं कम्पोज किये गीत बॉलीवुड की प्रख्यात पार्श्व गायिका साधना सरगम भी स्वर दे चुकी हैं। वर्तमान में वे मुम्बई में गायन व लेखन के साथ बॉलीवुड के माया गोविंद, सुनील पाल, अभिलाष, शेखर अस्तित्व, नेहा शरद, जैसे दिग्गज कलाकारों के साथ शो कर रही हैं। अंग्रेजी विषय की प्राध्यापक होने के बावजूद अपनी मातृभाषा हिंदी एवं कुमांउनी पर उनकी अच्छी पकड़ है। उनका मानना है कि व्यक्ति जीवन में तभी आगे बढ़ सकता है जब वह अपनी जड़ों से मजबूती से जुड़ा हो।

यह भी पढ़ें : चंद दिनों की कड़ी मेहनत से रुद्रपुर की बालिकाओं ने राज्य में पाया मुकाम, बजा दी सबकी ‘बैंड’

नवीन समाचार, हरिद्वार, 15 नवंबर 2019। हरिद्वार के गायत्री विद्यापीठ, शांतिकुंज हरिद्वार में 15 नवंबर को आयोजित राज्य स्तरीय अंतर विद्यालयी बैंड प्रतियोगिता में जनपद ऊधमसिंह नगर के राजकीय कन्या उच्च प्राथमिक विद्यालय ट्रांजिट कैंप रुद्रपुर की बालिकाओं की टीम में राज्य भर में तृतीय स्थान प्राप्त किया। इस उपलब्धि के लिए टीम की मार्गदर्शक की भूमिका निभाने वाली इस विद्यालय की सहायक अध्यापिका विनय प्रभा पाठक को भी प्रदेश के सचिव विद्यालयी शिक्षा व राज्य परियोजना निदेशक समग्र शिक्षा डा. आर मीनाक्षी सुंदरम, अपर राज्य परियोजना निदेशक समग्र शिक्षा डा. मुकुल कुमार सती व हरिद्वार जनपद के मुख्य शिक्षा अधिकारी व जिला परियोजना अधिकारी समग्र शिक्षा डा. आनंद भारद्वाज की ओर से खास तौर पर सम्मानित किया गया है। बताया गया है कि राजकीय कन्या उच्च प्राथमिक विद्यालय ट्रांजिट कैंप रुद्रपुर की बालिकाओं ने यह उपलब्धि अपनी शिक्षिका विनय प्रभा पाठक के निर्देशन में बेहद सीमित संसाधनों के बीच कुछ ही दिन की मेहनत के बाद वर्ष भर बैंड वादन करने वाले स्वनामधन्य स्कूलों की टीमों को हराकर अर्जित की है। इस उपलब्धि पर ऊधमसिंह नगर जनपद के मुख्य शिक्षा अधिकारी रमेश चंद्र आर्य, उप शिक्षा अधिकारी डा. गुंजन अमरोही आदि उच्चाधिकारियों ने भी विद्यालय की पूरी टीम को बधाई दी है।

यह भी पढ़ें : वाह ! एमटीवी के रियलिटी शो में हुई नैनीताल की ‘मिस स्माइलिंग फेस’ आयुषी की ‘वाइल्ड कार्ड एंट्री’

-नगर के बिशप शॉ स्कूल की पूर्व छात्रा और भवाली की रहने वाली हैं आयुषी

आयुषी

नवीन समाचार, नैनीताल, 16 नवंबर 2019। नगर के बिशप शॉ स्कूल की पूर्व छात्रा आयुषी एमटीवी चैनल में प्रसारित हो रहे रियालिटी शो के ‘मिस्टर एंड मिस 7 स्टेट्स’ में भी कार्य कर चुकी हैं। आयुषी मूल रूप से भवाली की रहने वाली हैं। पिछले वर्ष ही आयुषी ने बिशप शॉ से इंटरमीडिएट की परीक्षा पास की है। आयुषी के अनुसार उन्हें इस शो में उनकी वाइल्ड कार्ड एंट्री हुई है। शो का प्रसारण एमटीवी चौनल में रात 11 बजे से किया जा रहा है। इसमें उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, पंजाब, दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा आदि राज्यों से प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। आयुषी का कहना है कि वह यह शो जीतकर उत्तराखंड का नाम रोशन करना चाहती हैं। इससे पहले भी वह 2016 में ‘मिस स्माइलिंग फेस’ का खिताब जीत चुकी हैं। साथ ही एक टीवी सीरियल में भी अभिनय कर चुकी हैं। उनको बचपन से ही मॉडलिंग का शौक रहा है। वह डांस व सिंगिंग में भी रूचि रखती है, और आगे मॉडलिंग में ही अपना करियर बनाना चाहती है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल, अल्मोड़ा-उत्तराखंड के लिए बहुत बड़ा सम्मान : शहीद बवाड़ी के नाम पर सिक्किम में हुआ सेना का एक पुल

नवीन समाचार, नैनीताल, 6 नवंबर 2019। भारतीय सेना ने सिक्किम में एक पुल का नाम नैनीताल निवासी शहीद मनोहर दत्त बवाड़ी के नाम पर ‘बवाड़ी ब्रिज’ रखा है। नगर के मल्लीताल नैनीताल क्लब के पीछे पंचवटी कुटीर में रहने वाले मनोहर दत्त बवाड़ी जीआरईएफ-ग्रेफ में सिविल इंजीनियर थे। वे 15 अप्रैल 1994 को सिक्किम में सेवा के दौरान शहीद हो गए थे। उन्हें देश के राष्ट्रपति के द्वारा 1995 में गणतंत्र दिवस पर मरणोपरांत शौर्य चक्र से सम्मानित किया गया था। इधर बुधवार को ग्रेफ के सेकेंड इन कमांड कैप्टन मो. असलम शमीम द्वारा स्वर्गीय बवाड़ी की पुणे महाराष्ट्र में शिक्षारत पुत्री रक्षिता को भेजा गया पत्र प्राप्त हुआ। जिसमें बताया गया है कि उत्तरी सिक्किम के के मुंशिथांग में एक वैली ब्रिज का नाम बवाड़ी ब्रिज रखा गया है। इसके बाद नगर में उनके परिजनों के साथ ही परिचितों एवं नगर वासियों में गर्व के साथ हर्ष की लहर छा गई। उनके पड़ोसी रहे गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा के सचिव नरेंद्र पाल सिंह गंभीर ने स्वर्गीय बवाड़ी के नाम पर सिक्किम में एक पुल का नाम रखे जाने को नैनीताल एवं पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात बताया।
उल्लेखनीय है कि स्वर्गीय बवाड़ी का परिवार मूल रूप से अल्मोड़ा जनपद के सल्ट के निकट बवाड़ी किचार गांव का निवासी है। वे चार भाई थे। उनके एक भाई अंबा दत्त बवाड़ी नगर में ए श्रेणी के ठेकेदार एवं उत्तराखंड क्रांति दल के नेता हैं। स्वर्गीय बवाड़ी के दो पुत्र एवं दो पुत्रियां हैं। इनमें से एक पुत्र व एक पुत्री का ही अभी विवाह हुआ है। जिस बेटी रक्षिता को पत्र प्राप्त हुआ है वह उनके शहीद होने के दौरान मात्र एक वर्ष की थी। उनकी पत्नी का भी इस बीच देहांत हो चुका है।

यह भी पढ़ें : बधाई ! उत्तराखंड के रिपुंजय ने अपने नाम के अर्थ साकार करते हुए एनडीए में किया टॉप

रिपुंजय नैथानी

नवीन समाचार, देहरादून, 6 नवंबर 2019। संघ लोक सेवा द्वारा आयोजित एनडीए यानी नेशनल डिफेंस एकेडमी और नेवल एकेडमी (एनए)-1 की प्रवेश परीक्षा में देहरादून निवासी रिपुंजय नैथानी ने अपने नाम को साकार करते हुए पहले प्रयास में ही देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। आरआइएमसी कैडेट रिपुंजय के नाम का अर्थ होता है शत्रु पर विजय। एक विजय प्राप्त करने के बाद उनसे उम्मीद है कि वे देश के दुश्मनों पर भी इसी तरह से विजय प्राप्त करेंगे। रिपंुजय देशभर से चयनित 447 युवाओं में रिपुंजय शीर्ष पर रहे हैं। मूल रूप से ग्राम तम्लाग पौड़ी गढ़वाल निवासी उनका परिवार दून के बसंत विहार में रहता है। पिता आरके नैथानी फौज में कर्नल और मां पूजा नैथानी हिल फाउंडेशन स्कूल में प्रधानाचार्य हैं।
उल्लेखनीय है कि संघ लोक सेवा ने इसी अप्रैल माह में एनडीए-एनए की लिखित परीक्षा का आयोजन किया था। जिसके बाद सर्विस सलेक्शन बोर्ड ने साक्षात्कार का आयोजन किया और अब अंतिम परिणाम जारी कर दिया गया है। नया बैच दो जनवरी से शुरू होगा। एग्जाम टॉपर रिपुंजय नैथानी सैन्य गुरुकुल कहे जाने वाले राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज (आरआइएमसी) में कैडेट कैप्टन हैं। आरआइएमसी के कुल 14 कैडेटों ने लिखित परीक्षा और साक्षात्कार में कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच मेरिट सूची में अपना स्थान बनाया है। इनमें चार कैडेट प्रथम पांच में शामिल हैं। उधर, उत्तराखंड के होनहार रिपुंजय नैथानी के देश में प्रथम स्थान हासिल करने पर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने रिपुंजय के उज्जवल भविष्य की कामना की है, तथा उम्मीद की है कि राज्य के अन्य युवा भी उनसे प्रेरणा लेकर इसी तरह देश में उत्तराखंड का नाम रोशन करेंगे।संघ लोक सेवा द्वारा आयोजित एनडीए यानी नेशनल डिफेंस एकेडमी और नेवल एकेडमी (एनए)-1 की प्रवेश परीक्षा में देहरादून निवासी रिपुंजय नैथानी ने अपने नाम को साकार करते हुए पहले प्रयास में ही देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। आरआइएमसी कैडेट रिपुंजय के नाम का अर्थ होता है शत्रु पर विजय। एक विजय प्राप्त करने के बाद उनसे उम्मीद है कि वे देश के दुश्मनों पर भी इसी तरह से विजय प्राप्त करेंगे। रिपंुजय देशभर से चयनित 447 युवाओं में रिपुंजय शीर्ष पर रहे हैं। मूल रूप से ग्राम तम्लाग पौड़ी गढ़वाल निवासी उनका परिवार दून के बसंत विहार में रहता है। पिता आरके नैथानी फौज में कर्नल और मां पूजा नैथानी हिल फाउंडेशन स्कूल में प्रधानाचार्य हैं।

उल्लेखनीय है कि संघ लोक सेवा ने इसी अप्रैल माह में एनडीए-एनए की लिखित परीक्षा का आयोजन किया था। जिसके बाद सर्विस सलेक्शन बोर्ड ने साक्षात्कार का आयोजन किया और अब अंतिम परिणाम जारी कर दिया गया है। नया बैच दो जनवरी से शुरू होगा। एग्जाम टॉपर रिपुंजय नैथानी सैन्य गुरुकुल कहे जाने वाले राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज (आरआइएमसी) में कैडेट कैप्टन हैं। आरआइएमसी के कुल 14 कैडेटों ने लिखित परीक्षा और साक्षात्कार में कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच मेरिट सूची में अपना स्थान बनाया है। इनमें चार कैडेट प्रथम पांच में शामिल हैं। उधर, उत्तराखंड के होनहार रिपुंजय नैथानी के देश में प्रथम स्थान हासिल करने पर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने रिपुंजय के उज्जवल भविष्य की कामना की है, तथा उम्मीद की है कि राज्य के अन्य युवा भी उनसे प्रेरणा लेकर इसी तरह देश में उत्तराखंड का नाम रोशन करेंगे।

यह भी पढ़ें : बधाई ! अल्मोड़ा-नैनीताल के ‘लाल’ को मिला राष्ट्रपति का पुलिस मैडल..

-आईटीबीपी के असिस्टेंट कमांडेंट लाल सिंह को मिला राष्ट्रपति का पुलिस मैडल

आईटीबीपी के असिस्टेंट कमांडेंट लाल सिंह को राष्ट्रपति के पुलिस मैडल से सम्मानित करते केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किशन रेड्डी।

नवीन समाचार, नैनीताल, 30 अक्टूबर 2019। मूलतः अल्मोड़ा व वर्तमान में नैनीताल जनपद के निवासी आईटीबीपी यानी भारतीय-तिब्बत सीमा पुलिस बल की 34वीं बटालियन में असिस्टेंट कमांडेंट के पद पर कार्यरत लाल सिंह को ग्रेटर नोएडा में आयोजित आईटीबीपी के 58वें स्थापना दिवस पर राष्ट्रपति के पुलिस मैडल से सम्मानित किया गया है। उन्हें केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किशन रेड्डी ने अपने हाथों से यह पुरस्कार प्रदान किया। श्री सिंह मूलतः अल्मोड़ा जनपद के रानीखेत के निकट चौखुटिया के करकटया ग्राम निवासी हैं, तथा वर्तमान में उनका परिवार नैनीताल जनपद के हल्दूचौड़ में निवास करता है। 1983 में आईटीबीपी में भर्ती लाल सिंह को उनकी 36 वर्ष की उत्कृष्ट सेवा के प्रतिफल में उन्हें यह पुरस्कार मिलने पर उनके परिजनों, रिश्तेदारों व परिचितों के साथ ही अल्मोड़ा-नैनीताल जनपदों में भी हर्ष की लहर है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल के पूर्व डीएम दुनिया के शीर्ष 12 श्रेष्ठ नौकरशाहों में चयनित

नवीन समाचार, नैनीताल, 22 अक्तूबर 2019। नैनीताल के डीएम रहे उत्तराखंड कैडर के 1992 बैच के आईएएस अधिकारी डा. राकेश कुमार को लंदन स्कूल ऑफ हाइजीन एंड ट्रॉपिकल मेडिसिन ने ग्लोबल हेल्थ लीडरशिप प्रोग्राम के लिए दुनिया के शीर्ष 12 श्रेष्ठ नौकरशाहों में चयनित किया है। उल्लेखनीय है कि डा. कुमार 30 अगस्त 2004 से 30 सितंबर 2006 तक नैनीताल के 53वें डीएम तथा बाद में उत्तराखंड शासन में शिक्षा सचिव भी रहे। वर्तमान में वे संयुक्त राष्ट्र यूएनडीपी में एडिशनल कंट्री डायरेक्टर हैं। एमबीबीएस की पढ़ाई करके नेत्र चिकित्सक के रूप में भी कार्यरत रहे और बाद में भारतीय प्रशासनिक सेवा यानी आईएएस में आए डा. कुमार की गिनती नैनीताल जनपद में भी साफ और कर्मठ छवि के श्रेष्ठतम जिलाधिकारियों में होती रही है।
डा. राकेश कुमार को वर्ष 2015 में टीकाकरण से छूट गए बच्चों के लिए ‘मिशन इंद्रधनुष’ योजना चलाने का श्रेय दिया जाता है, जो इतनी प्रभावी और सफल रही कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी कई बार अपने भाषणों में इसका जिक्र करते रहे हैं। अब डा. कुमार ग्लोबल हेल्थ लीडरशिप प्रोग्राम के अंतर्गत विश्वस्तरीय औषधि और स्वास्थ्य संबंधी रणनीतियों को अमली जामा पहनाने में अपना योगदान देंगे।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी की बहु के सिर सजा ‘मिसेज यूनिवर्स 2019’ का ताज

नवीन समाचार, हल्द्वानी, 14 अक्तूबर 2019। इंटरनेशनल प्राइड वीमेन द्वारा गोआ में आयोजित मिसेज यूनिवर्स-2019 प्रतियोगिता का ताज हल्द्वानी उत्तराखंड की अनु नागर के मिला है। मिस इंडिया 2013 सिमरन आहूजा ने अनु को ताज पहनाया।
उल्लेखनीय है कि विगत 1 माह से चल रही मिसेज यूनिवर्स की खोज के लिए देशभर में लगभग 2500 महिलाओं ने भाग लिया था। इनमें से फाइनल के लिए हल्द्वानी की अनु शीर्ष 16 महिलाओं में पहले ही अपना स्थान बना चुकी थीं। प्रतियोगिता का फाइनल पहले सिंगापुर में होना था। किंतु शो के डारेक्टर, बॉलीवुड लेखक, निर्माता-निर्देशक हरविंदर मांकड़ के अनुसार हांगकांग में इस दौरान दंगे होने के कारण यह शो गोआ में आयोजित किया गया। इस शो की थीम ‘पानी और पेड़ बचाने’ की थी इसलिए समुद्र के पास इस आयोजन को सुनिश्चित किया गया था। अनु ने फाइनल स्टेज पर ‘बेटी पढ़ाओ-बेटी बचाओ, महिला सशक्तिकरण,ओर महिलाओं के उत्थान के लिए,के लिए आगे आने के विचार व्यक्त किये, और मिसेज यूनिवर्स बनने के बाद उन्होंने आयोजक डा. ऋतु वैष्णव और शो के डायरेक्टर हरविंदर माकड़ सहित पूरी टीम का आभार व्यक्त किया। आगे उन्होंने उत्तराखंड की घरेलू और कामकाजी महिलाओं के उत्थान के लिए कार्य करने और अपने समाजसेवी पति महेंद्र नागर के कंधों को मजबूत कर समाज की सेवा करने की बात कही है।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी की बहू ने जीता फैशन की दुनिया का एक अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार…

-अनु नागर 2019 इंटरनेशनल एक्सीलेंस अवॉर्ड से सम्मानित
नवीन समाचार, मेरठ, 7 मई 2019। मेरठ के होटल हारमनी इन में दो दिवसीय सेकंड इंटरनेशनल लीडरशिप समिट का आयोजन किया गया, जिसमें यूनाइटेड किंगडम, ऑस्ट्रेलिया, बंगलादेश, सिंगापुर, ज़िम्बाब्वे, ज़ाम्बिया, साउथ अफ्रीका, दुबई व इंडिया समेत 9 देशों ने प्रतिभाग किया। जिसमें हल्द्वानी (नैनीताल) की श्रीमती अनु नागर को “इंटरनेशनल एक्सीलेंस अवॉर्ड 2019” से सम्मानित किया गया।

अनु नागर को यह अवॉर्ड फ़ैशन एवं एंटरप्रेन्योरशिप के लिए दिया गया। यह अवॉर्ड फंग्सन “एस्थेटिक इंटरनेशनल” द्वारा आयोजित किया गया था। एस्थेटिक की डारेक्टर डॉ. कामाक्षी जिंदल ने कहा कि श्रीमती अनु नागर एक ऐसी महिला हैं जिन्होंने मैरिड महिलाओं को एक नई दिशा दिखाई है। वह मैरिड महिलाओं की प्रेरणास्रोत हैं।श्रीमती अनु नागर ने प्रुफ कर दिया है वह महिलाओं के लिए एक फ़ैशन आइकॉन हैं। उनसे अन्य महिलाओं को एक पॉजीटिव ऊर्जा मिलती है। अनु नागर को यह अवॉर्ड लंदन की बेहद फैमस फैशन डिजाइनर “लूसिया फ़र्नान्डिस” एवं भारत एक फैमस कार्टूनिस्ट मोटू-पतलू एवं फ़िल्म डारेक्टर व बाइस हज़ार बुकों के राईटर “हरविंदर मनकार” एस्थेटिक की डाइरेक्टर डॉ. कामाक्षी जिंदल, डॉ. आशा जिंदल द्वारा दिया गया। कार्यक्रम में क्रियेटिव डारेक्टर बालाजी टेलीफिल्म की निवेदिता बासु, तन्मय शर्मा, आशा आनंद, मीता शाह, प्रीति शर्मा, रत्ना तिवारी,अंजलि धर, डॉ. वेद तिवारी, मोरशेड चिस्ती, डॉ. कैरोलिन मकाका, वनिता सर्वांमुथू नेशनल डाइरेक्टर सिंगापुर आदि लोग उपस्थित थे। अनु के इंटरनेशनल अवॉर्ड मिलने पर नेशनल फ़िल्म बोर्ड के फ़िल्म डारेक्टर मुकेश चंद्रा, सिने स्टार हेमंत पांडे, एनएसडीएन व राइटर डॉ. एहशान बख्श, फ़ैशन डिज़ाइनर अर्जुन सिंह, राष्ट्रीय मानव अधिकार परिषद डाइरेक्टर जनरल ज़फर पिरज़ादा मुम्बई, फोटो जंक्शन दिल्ली के मशहूर फोटोग्राफर सचिन नागरे, आज़ाद अली, शशि, जतिन पांडे, आकाश नेगी, राजीव पांडे, चारु तिवारी व शम्भूदत्त आदि ने बधाई दी है।

यह भी पढ़ें : ‘नासा’ ने नैनीताल के 95 वर्षीय राष्ट्रीय खिलाड़ी का किया सम्मान

95 वर्षीय खिलाड़ी जीवन साह को सम्मानित करते नासा संस्था के लोग।

नवीन समाचार, नैनीताल, 13 अक्टूबर 2019। नगर की जल क्रीड़ा में आगे रहने वाली संस्था ‘नासा’ यानी ‘नैनीताल एक्वेटिक एवं एडवेंचर एसोसिएशन’ ने 1950 के दौर में खेल जगत में अद्वितीय योगदान देने वाले 95 वर्षीय जीवन लाल साह को उनके खेल जीवन के करीब 65 वर्ष बाद उनके घर जाकर सम्मानित किया। बताया गया कि श्री साह 1950 से 1986 तक नगर के हॉकी और क्रिकेट के महारथी खिलाड़ी रहे व राष्ट्रीय स्तर पर भी नैनी वंडर्स टीम से खेले। इस मौके पर श्री साह ने बताया कि 65 वर्षों के बाद किसी संस्था ने उनका सम्मान किया। इससे पूर्व उनकी पत्नी को ऐपण कला के लिए लोक चित्रकार पद्मश्री यशोधर मठपाल ने सम्मानिक किया था। नासा के यशपाल रावत ने कहा कि जीवन जी ने कई खिलाड़ियों को तैयार किया। इस मौके पर उमेश साह ‘गौड्से’, योगेश साह, रोहित गर्ग, एसएस अधिकारी, धीरज बिष्ट एवं नासा के राजा साह आदि लोग मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें : नैनीताल की बेटी प्रीशा ने अमेरिका में जीती सौंदर्य प्रतियोगिता

अमेरिका में इंस्पिरेशन मिस टीन भारत की उप विजेता का खिताब प्राप्त करती प्रीशा राठौर।

नवीन समाचार, नैनीताल, 2 अक्तूबर 2019। नैनीताल की बेटी प्रीशा राठौर को अमेरिका में आईएसीए यानी इंडियन अमेरिकन एसोसिएशन कल्चर की सौंदर्य प्रतियोगिता जीत कर नगर का नाम रोशन किया है। प्रीशा ने इस प्रतियोगिता में ‘मिस टीन यूएसए टॉप 5’ में रहने के साथ ही ‘बेस्ट टेलेंट अवार्ड’ तथा वे ‘इंस्पिरेशन मिस टीन भारत’ श्रेणी में उप विजेता और ‘मोस्ट रॉयल टाइटल’ जीते हैं। प्रीशा अब अगले दो माह के भीतर राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में भी प्रतिभाग करेंगी।
उल्लेखनीय है कि प्रीशा अमेरिका के जॉर्जिया स्टेट के अटलांटा शहर में रहती हैं। उनके पिता पवन राठौर सॉफ्टवेयर इंजीनियर और माता पूजा राठौर शिक्षिका हैं। उन्हें अमेरिका में रहते 23 वर्ष हो गए हैं। प्रीशा की ननिहाल नैनीताल में है। उनके नाना कुंदन सिंह भाकुनी, नानी हेमा भाकुनी व मामा धीरेंद्र भाकुनी यहां नगर के बलरामपुर हाउस में रहते हैं, जबकि उनका परिवार मूलतः बागेश्वर जनपद का निवासी है। अक्सर वे व उनका परिवार नैनीताल व बागेश्वर आते रहते हैं।

यह भी पढ़ें : डीएसबी के दो छात्रों अनुराग व पंकज का संतोष ट्राफी के लिए चयन

संतोष ट्राफी के लिए चयनित अनुराग व पंकज।

नवीन समाचार, नैनीताल, 22 सितंबर 2019। डीएसबी परिसर के दो छात्रों अनुराग चौधरी व पंकज आर्या का फुटबॉल की प्रतिष्ठित संतोष ट्राफी के लिए चयन किया गया है। दोनों 27 सितंबर तक खेली जाने वाली इस प्रतियोगिता में प्रदेश की टीम का हिस्सा होंगे। उत्तराखंड की टीम का नॉर्थ जोन में हरियाणा, जम्मू कश्मीर और पंजाब के साथ मुकाबला होगा। अनुराग डीएसबी परिसर के बीपीईएस यानी बैचलर ऑफ फिजिकल एजुकेशन एंड स्पोर्ट्स साइंसेज यानी शारीरिक शिक्षा विभाग के छात्र हैं। शारीरिक शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष डा. संतोष कुमार ने उन्हें बधाई देते हुए बताया कि अनुराग के पिता नैनीताल के व्यवसायी व माता ग्रहणी हैं। वहीं डीएसबी परिसर के ही छात्र पंकज शेरवुड कॉलेज परिसर नैनीताल के निवासी हैं। उनके पिता मोहन राम आर्या शेरवुड कॉलेज में कार्यरत हैं और मां देवकी देवी गृहिणी हैं। वह उत्तराखंड की टीम में सेंटर फारवर्ड में खेलेंगे। दोनों के चयन पर परिसर में गौरव एवं हर्ष का माहौल है।

यह भी पढ़ें : बड़ी उपलब्धि : कुमाऊं विवि के प्रोफेसर को जलवायु विज्ञान में देश का इकलौता राष्ट्रीय भूविज्ञान पुरस्कार

नवीन समाचार, नैनीताल, 19 सितंबर 2019। कुमाऊं विवि के प्रोफेसर बहादुर सिंह कोटलिया को वर्ष 2018 के लिए जलवायु विज्ञान में देश का इकलौता राष्ट्रीय भूविज्ञान पुरस्कार प्रदान किया गया है। कुमाऊं विवि के सेंटर ऑफ एडवांस्ड स्टडी इन जियोलॉजी यानी भूविज्ञान विभाग में तैनात यूजीसी के शोध वैज्ञानिक प्रो. कोटलिया जलवायु विज्ञान के अंतर्गत दीर्घकालीन जलवायु परिवर्तन पर शोधरत हैं। नई दिल्ली में गुरुवार को देश के राष्ट्रपति की ओर से भारत सरकार के खान मंत्रालय के सचिव अनिल मुकीम व मंत्री प्रह्लाद जोशी ने उन्हें संयुक्त रूप से यह पुरस्कार प्रदान किया। पुरस्कार के साथ उन्हें प्रशस्ति पत्र व तीन लाख रुपये की राशि भेंट की गई है। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व यह पुरस्कार उत्तराखंड के प्रो. केएस वल्दिया को भी मिल चुका है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल जनपद के एक और विद्यालय को राष्ट्रीय स्तर पर मिला पहला स्थान…

भीमताल के हरमन माइनर स्कूल को मिला राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थाननवीन समाचार, भीमताल, 13 सितंबर 2019। जनपद मुख्यालय स्थित भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय के बाद जनपद के एक और विद्यालय, भीमताल स्थित एसओएस हरमन माइनर को राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। विद्यालय के प्रधानाचार्य आरके वाधवा के हवाले से बताया गया है कि विद्यालय के शिक्षक विपिन उप्रेती के निर्देशन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में विद्यार्थियों द्वारा बनाये गये मॉडलों व कार्यों पर, भारत सरकार के नीति आयोग की ओर से स्थापित अटल टिंकरिंग प्रयोगशालाओं में स्टार्ट अप इंडिया, स्टैंड अप इंडिया व इन्नोवेशन एवं क्रिएटिविटी के नवीनतम एवं रचनात्मक कार्यों में विशेष योगदान के लिए हरमन माईनर स्कूल भीमताल के बाल वैज्ञानिकों को प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ है। बताया गया है कि नीति आयोग द्वारा देश के विभिन्न राज्यों में चयनित विद्यालयों के बीच राष्ट्रीय स्तर पर प्रतियोगितायें आयोजित कर विजेता को रोबोटिक कार्यों के लिए 20 लाख रुपये का अनुदान दिया जाता है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल-उत्तराखंड के विद्यालय को मिला देश में पहला, 2 लाख रुपए का पुरस्कार, राष्ट्रपति 6 को करेंगे प्रदान

-स्वच्छ भारत समर इंटर्नशिप में भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय की एनएसएस यूनिट को मिला देश में पहला स्थान
स्कूल में 26 खिलाड़ियों को किया सम्मानितनवीन समाचार, नैनीताल, 4 सितंबर 2019। उत्तराखंड के नैनीताल स्थित, यूपी के पूर्व मंत्री स्वर्गीय प्रताप भैया द्वारा स्थापित बीएसएसवी यानी भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय की एनएसएस यानी राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई को ‘स्वच्छ भारत समर इंटर्नशिप’ में देश में पहला स्थान प्राप्त हुआ है। विद्यालय को पुरस्कार के रूप में भारत सरकार के खेल एवं युवा मामलों के मंत्रालय के युवा मामले विभाग के अंतर्गत एनएसएस निदेशालय से दो लाख रुपए के पुरस्कार से नवाजा गया है। प्रतियोगिता में उडुपी कर्नाटक के श्री धर्मशाला मंजुनाथेश्वर कॉलेज ऑफ आयुर्वेदा एंड हॉस्पिटल कुथपेडी को 1 लाख का दूसरा एवं एवं मणीपुर के सेनापति जिले के डॉन बॉस्को कॉलेज मरम को 50 हजार रुपए के तीसरे पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। बताया गया है कि यह पुरस्कार आगामी 6 सितंबर को नई दिल्ली में देश के राष्ट्रपति के द्वारा विद्यालय की एनएसएस की कार्यक्रम अधिकारी डा. रेनू बिष्ट व स्वयंसेवी चंद्रप्रकाश को प्रदान किये जाएंगे।
बताया गया है कि इस प्रतियोगिता में भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय ने जनपद में पहला स्थान प्राप्त किया था और राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया था, और राज्य स्तर पर भी पहला पुरस्कार प्राप्त होने के बाद उत्तराखंड से केवल इसी विद्यालय ने देश के 28 राज्यों के साथ राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व किया था।
इस उपलब्धि पर कुमाऊं मंडल के अपर निदेशक डा. मुकुल सती, जिले के सीईओ केके गुप्ता, एनएसएस के जिला समन्वयक ललित मोहन पांडे, राज्य संपर्क अधिकारी अजय अग्रवाल, अपर निदेशक कार्यालय के एनएसएस प्रभारी जगमोहन रौतेला, विद्यालय के प्रबंधक ज्योति प्रकाश, प्रबंध समिति के सदस्य दुर्गा दत्त रुबाली, उपाध्यक्ष डा. नीता बोरा शर्मा, पूर्व प्रधानाचार्य पूरन सिंह, खीमराज बिष्ट, नेहरू युवा केंद्र के जिला युवा समन्वयक रजत शर्मा आदि ने इस उपलब्धि पर विद्यालय के प्रधानाचार्य बिशन सिंह मेहता, कार्यक्रम अधिकारी डा. रेनू बिष्ट सहित पूरे विद्यालय परिवार को बधाई दी है।

अमेरिका में इंस्पिरेशन मिस टीन भारत की उप विजेता का खिताब प्राप्त करती प्रीशा राठौर।

<

p style=”text-align: justify;”>नवीन समाचार, नैनीताल, 2 अक्तूबर 2019। नैनीताल की बेटी प्रीशा राठौर को अमेरिका में आईएसीए यानी इंडियन अमेरिकन एसोसिएशन कल्चर की सौंदर्य प्रतियोगिता जीत कर नगर का नाम रोशन किया है। प्रीशा ने इस प्रतियोगिता में ‘मिस टीन यूएसए टॉप 5’ में रहने के साथ ही ‘बेस्ट टेलेंट अवार्ड’ तथा वे ‘इंस्पिरेशन मिस टीन भारत’ श्रेणी में उप विजेता और ‘मोस्ट रॉयल टाइटल’ जीते हैं। प्रीशा अब अगले दो माह के भीतर राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में भी प्रतिभाग करेंगी।
उल्लेखनीय है कि प्रीशा अमेरिका के जॉर्जिया स्टेट के अटलांटा शहर में रहती हैं। उनके पिता पवन राठौर सॉफ्टवेयर इंजीनियर और माता पूजा राठौर शिक्षिका हैं। उन्हें अमेरिका में रहते 23 वर्ष हो गए हैं। प्रीशा की ननिहाल नैनीताल में है। उनके नाना कुंदन सिंह भाकुनी, नानी हेमा भाकुनी व मामा धीरेंद्र भाकुनी यहां नगर के बलरामपुर हाउस में रहते हैं, जबकि उनका परिवार मूलतः बागेश्वर जनपद का निवासी है। अक्सर वे व उनका परिवार नैनीताल व बागेश्वर आते रहते हैं।

यह भी पढ़ें : डीएसबी के दो छात्रों अनुराग व पंकज का संतोष ट्राफी के लिए चयन

संतोष ट्राफी के लिए चयनित अनुराग व पंकज।

नवीन समाचार, नैनीताल, 22 सितंबर 2019। डीएसबी परिसर के दो छात्रों अनुराग चौधरी व पंकज आर्या का फुटबॉल की प्रतिष्ठित संतोष ट्राफी के लिए चयन किया गया है। दोनों 27 सितंबर तक खेली जाने वाली इस प्रतियोगिता में प्रदेश की टीम का हिस्सा होंगे। उत्तराखंड की टीम का नॉर्थ जोन में हरियाणा, जम्मू कश्मीर और पंजाब के साथ मुकाबला होगा। अनुराग डीएसबी परिसर के बीपीईएस यानी बैचलर ऑफ फिजिकल एजुकेशन एंड स्पोर्ट्स साइंसेज यानी शारीरिक शिक्षा विभाग के छात्र हैं। शारीरिक शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष डा. संतोष कुमार ने उन्हें बधाई देते हुए बताया कि अनुराग के पिता नैनीताल के व्यवसायी व माता ग्रहणी हैं। वहीं डीएसबी परिसर के ही छात्र पंकज शेरवुड कॉलेज परिसर नैनीताल के निवासी हैं। उनके पिता मोहन राम आर्या शेरवुड कॉलेज में कार्यरत हैं और मां देवकी देवी गृहिणी हैं। वह उत्तराखंड की टीम में सेंटर फारवर्ड में खेलेंगे। दोनों के चयन पर परिसर में गौरव एवं हर्ष का माहौल है।

यह भी पढ़ें : बड़ी उपलब्धि : कुमाऊं विवि के प्रोफेसर को जलवायु विज्ञान में देश का इकलौता राष्ट्रीय भूविज्ञान पुरस्कार

नवीन समाचार, नैनीताल, 19 सितंबर 2019। कुमाऊं विवि के प्रोफेसर बहादुर सिंह कोटलिया को वर्ष 2018 के लिए जलवायु विज्ञान में देश का इकलौता राष्ट्रीय भूविज्ञान पुरस्कार प्रदान किया गया है। कुमाऊं विवि के सेंटर ऑफ एडवांस्ड स्टडी इन जियोलॉजी यानी भूविज्ञान विभाग में तैनात यूजीसी के शोध वैज्ञानिक प्रो. कोटलिया जलवायु विज्ञान के अंतर्गत दीर्घकालीन जलवायु परिवर्तन पर शोधरत हैं। नई दिल्ली में गुरुवार को देश के राष्ट्रपति की ओर से भारत सरकार के खान मंत्रालय के सचिव अनिल मुकीम व मंत्री प्रह्लाद जोशी ने उन्हें संयुक्त रूप से यह पुरस्कार प्रदान किया। पुरस्कार के साथ उन्हें प्रशस्ति पत्र व तीन लाख रुपये की राशि भेंट की गई है। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व यह पुरस्कार उत्तराखंड के प्रो. केएस वल्दिया को भी मिल चुका है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल जनपद के एक और विद्यालय को राष्ट्रीय स्तर पर मिला पहला स्थान…

भीमताल के हरमन माइनर स्कूल को मिला राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थाननवीन समाचार, भीमताल, 13 सितंबर 2019। जनपद मुख्यालय स्थित भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय के बाद जनपद के एक और विद्यालय, भीमताल स्थित एसओएस हरमन माइनर को राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। विद्यालय के प्रधानाचार्य आरके वाधवा के हवाले से बताया गया है कि विद्यालय के शिक्षक विपिन उप्रेती के निर्देशन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में विद्यार्थियों द्वारा बनाये गये मॉडलों व कार्यों पर, भारत सरकार के नीति आयोग की ओर से स्थापित अटल टिंकरिंग प्रयोगशालाओं में स्टार्ट अप इंडिया, स्टैंड अप इंडिया व इन्नोवेशन एवं क्रिएटिविटी के नवीनतम एवं रचनात्मक कार्यों में विशेष योगदान के लिए हरमन माईनर स्कूल भीमताल के बाल वैज्ञानिकों को प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ है। बताया गया है कि नीति आयोग द्वारा देश के विभिन्न राज्यों में चयनित विद्यालयों के बीच राष्ट्रीय स्तर पर प्रतियोगितायें आयोजित कर विजेता को रोबोटिक कार्यों के लिए 20 लाख रुपये का अनुदान दिया जाता है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल-उत्तराखंड के विद्यालय को मिला देश में पहला, 2 लाख रुपए का पुरस्कार, राष्ट्रपति 6 को करेंगे प्रदान

<

p style=”text-align: justify;”>-स्वच्छ भारत समर इंटर्नशिप में भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय की एनएसएस यूनिट को मिला देश में पहला स्थान
स्कूल में 26 खिलाड़ियों को किया सम्मानितनवीन समाचार, नैनीताल, 4 सितंबर 2019। उत्तराखंड के नैनीताल स्थित, यूपी के पूर्व मंत्री स्वर्गीय प्रताप भैया द्वारा स्थापित बीएसएसवी यानी भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय की एनएसएस यानी राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई को ‘स्वच्छ भारत समर इंटर्नशिप’ में देश में पहला स्थान प्राप्त हुआ है। विद्यालय को पुरस्कार के रूप में भारत सरकार के खेल एवं युवा मामलों के मंत्रालय के युवा मामले विभाग के अंतर्गत एनएसएस निदेशालय से दो लाख रुपए के पुरस्कार से नवाजा गया है। प्रतियोगिता में उडुपी कर्नाटक के श्री धर्मशाला मंजुनाथेश्वर कॉलेज ऑफ आयुर्वेदा एंड हॉस्पिटल कुथपेडी को 1 लाख का दूसरा एवं एवं मणीपुर के सेनापति जिले के डॉन बॉस्को कॉलेज मरम को 50 हजार रुपए के तीसरे पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। बताया गया है कि यह पुरस्कार आगामी 6 सितंबर को नई दिल्ली में देश के राष्ट्रपति के द्वारा विद्यालय की एनएसएस की कार्यक्रम अधिकारी डा. रेनू बिष्ट व स्वयंसेवी चंद्रप्रकाश को प्रदान किये जाएंगे।
बताया गया है कि इस प्रतियोगिता में भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय ने जनपद में पहला स्थान प्राप्त किया था और राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया था, और राज्य स्तर पर भी पहला पुरस्कार प्राप्त होने के बाद उत्तराखंड से केवल इसी विद्यालय ने देश के 28 राज्यों के साथ राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व किया था।
इस उपलब्धि पर कुमाऊं मंडल के अपर निदेशक डा. मुकुल सती, जिले के सीईओ केके गुप्ता, एनएसएस के जिला समन्वयक ललित मोहन पांडे, राज्य संपर्क अधिकारी अजय अग्रवाल, अपर निदेशक कार्यालय के एनएसएस प्रभारी जगमोहन रौतेला, विद्यालय के प्रबंधक ज्योति प्रकाश, प्रबंध समिति के सदस्य दुर्गा दत्त रुबाली, उपाध्यक्ष डा. नीता बोरा शर्मा, पूर्व प्रधानाचार्य पूरन सिंह, खीमराज बिष्ट, नेहरू युवा केंद्र के जिला युवा समन्वयक रजत शर्मा आदि ने इस उपलब्धि पर विद्यालय के प्रधानाचार्य बिशन सिंह मेहता, कार्यक्रम अधिकारी डा. रेनू बिष्ट सहित पूरे विद्यालय परिवार को बधाई दी है।

Leave a Reply

Loading...
loading...
google.com, pub-5887776798906288, DIRECT, f08c47fec0942fa0

ads

यह सामग्री कॉपी नहीं हो सकती है, फिर भी चाहिए तो व्हात्सएप से 9411591448 पर संपर्क करें..