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पड़ोस की किशोरी के हरदोई यूपी निवासी अपहर्ता को 4 साल के कठोर कारावास की सजा

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नवीन समाचार, हल्द्वानी, 8 दिसंबर 2018। नैनीताल मुख्यालय के तल्लीताल थानाक्षेत्र से 27 जून 2017 की रात एक किशोरी के अपहर्ता युवक को न्यायालय ने दोषी ठहराते हुए चार वर्ष के सश्रम कारावास तथा 13 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
उल्लेखनीय है कि नगर के तल्लीताल में रहने वाला मूलतः यूपी के हरदोई जिले के थाना दादव निवासी सौरभ गांगुली उर्फ फुंतरी 27 जून 2017 की रात अपने पड़ोसी के घर में घुसकर किशोरी का अपहरण कर ले गया। बाद में किशोरी उसके घर से बरामद की गयी, जबकि आरोपित घर से फरार हो गया था। इस पर किशोरी की मां ने 28 जून को तल्लीताल थाने में सौरभ के विरुद्ध धारा 457, 363 व 366 के तहत मुकदमा दर्ज कराया था। एक माह बाद उसे पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा। इधर हल्द्वानी स्थित पॉक्सो के विशेष न्यायाधीश मनीष पांडे की अदालत ने धारा 363 के तहत आरोपित को चार वर्ष के सश्रम कारावास व 8 हजार रुपये अर्थदंड और धारा 457 के तहत 3 साल के सश्रम कारावास व 5 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई, वहीं धारा 366 के आरोप से दोषमुक्त कर दिया। दोनों सजाएं साथ चलेंगी। दोनों अर्थदंड की धनराशि में से आधी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी।

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-10 मार्च 2017 को रामगढ़ ब्लॉक के ग्राम बोहराकोट में वृद्ध दंपति पर किया था हमला
-दोनों अभियुक्त हैं बिहार निवासी बढ़ई तीन दिन पूर्व ही गांव में आये थे और दंपत्ति के घर में ही रह रहे थे
नैनीताल, एसएनबी। करीब सवा वर्ष पूर्व एक वृद्ध दंपति को दया दिखाकर बिहार के दो युवकों को घर में शरण देना महंगा पड़ा था। स्वयं को बढ़ई बताने वाले युवकों ने तीसरे दिन ही वृद्ध दंपति जगत सिंह व तुलसी देवी को घर में अकेला देखकर उनकी आंखों में मिर्च झोंककर लूटपाट और मारपीट की थी। मामले में दंपति के पुत्र निर्भय सिंह हर्नवाल की तहरीर पर शनिवार को द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश पारुल गैरोला की अदालत ने दोनों आरोपितों-शिवशंकर शर्मा पुत्र गणेश दत्त शर्मा निवासी ग्राम बहुआराय मझोलिया जिला बेतिया बिहार एवं खुर्शीद आलम पुत्र सलीम मियां निवासी ग्राम सिस्का अल्गरी थाना बजरुआ जिला पूर्वी चंपारण बिहार को दंपति से लूटपाट करने के आरोप में सात वर्ष के कठोर कारावास एवं जानलेवा हमला करने के आरोप में 5 वर्ष के कारावास एवं 5-5 हजार रुपये जुर्माना तथा जुर्माना न देने की स्थिति में एक माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुना दी है। दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
अदालत में अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता सुशील कुमार शर्मा ने बताया कि दोनों आरोपित तीन दिन पूर्व ही गांव में आये थे और दंपति के घर में ही रह रहे थे। 10 मार्च 2017 को उन्होंने भरोसे को तोड़ते हुए दंपति पर लूट के इरादे से जानलेवा हमला कर दिया। इस समय रिपोर्टकर्ता उनका पुत्र निर्भय सिंह हल्द्वानी में था। घटना के बाद ग्रामीणों व रिश्तेदारों ने घायल दंपति को पहले स्थानीय अस्पताल व वहां से रेफर होने पर हल्द्वानी के निजी अस्पताल लाये और अभियुक्तों को ग्रामीणों ने पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया था।

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लालकुआं, 11 नवंबर 2018। पुलिस और गुप्तचर विभाग के द्वारा नैनीताल जिले के लालकुआ के निकटवर्ती क्षेत्र हाथीखाना में चलाए जा रहे सत्यापन अभियान के दौरान चार अफगान नागरिकों को संयुक्त अभियान के दौरान गिरफ्तार किया है। मिली जानकारी के अनुसार चारों अफगानिस्तान के काबुल के रहने वाले हैं। इनका नाम नूर अल्लाह पुत्र जानअल्लाह (36), सादुल्ला रोहनी पुत्र अब्दुल हकीक (72), जबी उल्लाह रहीमी पुत्र दीदार शाह (40) व सनाउल्लाह रोहनी पुत्र  हमीदुल्लाह (48) है।चारों को वीजा नियमों का उल्लंघन के तहत गिरफ्तार किया गया है। बताया गया है कि चारों बीती 9 नवंबर को टूरिस्ट वीजा पर भारत आए थे, मगर यहां सूखे मेवे, जड़ी-बूटियों का व्यापार कर रहे थे, जो कि टूरिस्ट बीजा नियमों के विरुद्ध है। ये चारों हल्द्वानी के लाइन नंबर आठ स्थित हनीफ होटल में रुके हुए थे। एसएसपी जनमेजय खंडूड़ी ने कहा कि एलआईयू इंस्पेक्टर से मामले की रिपोर्ट मांगी गई है। संबंधित होटल का भी 14 विदेशी अधिनियम के तहत चालान करने को कहा गया है। इनमें से एक का ससुराल अल्मोड़ा में है।

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नैनीताल, 5 सितंबर 2018। अक्सर महिलाएं कहती हैं, तो क्या तुम्हारी आरती उतारूं ? आरती से उनका क्या तात्पर्य होता है यह सब खूब जानते हैं। महालक्ष्मी से पहले धनतेरस पर्व की सुबह नगर की एक गृहलक्ष्मी यानी बहू ने अपने ससुर की पुलिस कोतवाली के सामने ही गाड़ीपड़ाव के पास अपने ससुर की सरेआम पिटाई कर दी। सूचना मिली तो मल्लीताल कोतवाली से एसआई आशा बिष्ट मौके पर पहुंची और किसी तरह बहू को गिरफ्त में लेकर बमुश्किल कोतवाली ले कर आयी। बताया गया कि यहां पुलिस को भी बहू की ‘थोड़ी-बहुत खातिर’ करनी पड़ी, क्योंकि वह शांत ही नहीं हो रही थी। बाद में उत्तराखंड पुलिस एक्ट के तहत चालान करके उसे छोड़ दिया गया।
हालांकि यह मामला इतना ही सीधा भी नहीं है। पुलिस ने बताया कि वास्तव में महिला का ससुर नगर पालिका में कार्यरत है। शरीर से कमजोर है, इसलिए खुद काम पर नहीं जाता है, बल्कि उसकी जगह उसकी बहू ही काम करती है। अलबत्ता ससुर वेतन लेने जरूर समय पर पहुंच जाता है ओर वेतन के रुपये भी घर पर देने के बजाय किसी अन्य महिला को दे आता है। उसकी इन्हीं हरकतों से आजिज आकर बहू ने आज उसकी ‘आरती’ उतारी। बताया गया है कि वह ससुर से त्योहार में खर्च के लिए रुपये मांग रही थी, और ससुर महीने की पांचवी तारीख से पहले ही रुपये उड़ा चुका था। लेकिन चूंकि वह शरेआम चौराहे पर कानून को हाथ में ले रही थी, इसलिए पुलिस को भी उसकी ‘खातिर’ करनी पड़ी। मामले में फिलहाल किसी भी पक्ष की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं की गयी है।

नैनीताल जिले में बड़ा फर्जीवाड़ा : फर्जी वसीयत से भाइयों को कर दिया पारिवारिक संपत्ति से बेदखल, सधवा बहन को विधवा बना सरकार से भी हड़प ली जमीन

नैनीताल, 23 अक्टूबर 2018। जनपद में एक ऐसा सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है, जिसमें दो भाइयों का आरोप है कि उनके सगे भाई ने अपने पिता की फर्जी वसीयत के जरिये उन्हें संपत्ति से बेदखल कर दिया है। उन्होंने इस मामले में डीएम को शिकायती पत्र सोंपकर वसीयत की जांच करने की मांग की है। साथ ही भाई पर अपनी सधवा बहन को विधवा दिखाकर शासन को गुमराह करके जमीन हासिल की है।

जिला कलक्ट्रेट पहुंचे पीड़ित।
राष्ट्रीय सहारा, 25

मंगलवार को सूचनाधिकार कार्यकर्ता हेमंत गौनिया के साथ जिला कार्यालय पहुंचे जिले के ग्राम अनोठी पोस्ट सरगाखेत पट्टी गहना तहसील व जिला नैनीताल निवासी लाल सिंह व उनके भतीजों दीप सिंह, हरेंद्र सिंह व तारा सिंह ने डीएम की अनुपस्थिति में उनके कार्यालय में संबोधित शिकायती पत्र सोंपा। पत्र में कहा गया है कि उनके पिता नैन सिंह की मृत्यु वर्ष 2010 में हुई। इसके बाद उनकी जमीन की दाखिल खारिज उनके पुत्रों-दीवान सिंह व लाल सिंह तथा बिशनी देवी पत्नी स्वर्गीय तेज सिंह व पौत्र दीप सिंह, हरेंद्र ंिसह व तारा सिंह के नाम पर हुई। लेकिन एक-दो वर्षों के बाद उन्हें पता चला कि इस 35 नाली आठ मुट्ठी जमीन की दाखिल खारित बिना किसी कार्यवाही या जांच के पिता की कथित वसीयत के जरिये बहन माधवी देवी के नाम पर कर दी गयी, और उन्हें संपत्ति से बेदखल कर दिया गया। दावा किया कि पिता की बतायी जा रही वसीयत फर्जी है। उसमें पिता के हस्ताक्षर झूठे हैं, तथा अंगुलियों के निशान भी नहीं है। इससे साफ होता है कि यह पिता की मृत्यु के बाद फर्जी तरीके से बनायी गयी है। लिहाजा वसीयत की जांच व दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।

उनका आरोप है कि यह फर्जी वसीयत उनके ही भाई ने कराई है। बहन माधवी उसके साथ ही रहती है। लेकिन शायद बहन को भी इस पूरे फर्जी वाड़े की जानकारी न हो, क्योंकि समस्त कार्रवाई भाई ही करता है। जमीन जरूर बहन के नाम है, लेकिन इसका उपयोग भाई ही कर रहा है। यही नहीं, भाई ने बहन माधवी को सधवा होने के बावजूद विधवा और उसके नाम पर वसीयत से 35 नाली भूमि होने के बावजूद उसे भूमिहीन दिखाकर शासन से उसके नाम पर जमीन प्राप्त कर ली है। लिहाजा पूरे मामले की जांच होनी चाहिए। आरोपित आईवीआरआई मुक्तेश्वर में कार्यरत बताया गया है।

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-फैसले की प्रति प्रदेश के डीजीपी को भेजते हुए दोनों के खिलाफ कार्रवाई करने के दिये निर्देश
-हल्द्वानी के कमलवागांजा क्षेत्र में चचेरे भाई की हत्या का मामला, आरोपितों को सुनाई गयी आजीवन कारावास की सजा
नैनीताल, 10 अक्टूबर 2018। हल्द्वानी के लामाचौड़ चौकी के अंतर्गत कमलवागांजा क्षेत्र में स्थित विवाह आदि बड़े समारोहों के लिये बने एक गार्डन के स्वामी के द्वारा अपने चचेरे भाई की हत्या करने के मामले में प्रथम जिला एवं सत्र न्यायाधीश विनोद कुमार की अदालत ने आरोपित को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं अदालत ने मामले के दो विवेचकों के खिलाफ भी विवेचना में कई अनियमितताएं पाने पर ‘स्ट्रक्चर’ पास करते हुए आदेश की प्रति प्रदेश के डीजीपी को भेजी है, और दोनों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिये हैं।
उल्लेखनीय है कि मंगलवार को आरोपित कुलवंत सिंह पुत्र कपूर सिंह पर अपने चचेरे भाई हरजीत सिंह की 16 मई 2013 को की गयी भाई की हत्या का दोष सिद्ध हो गया था। पांच वर्ष पूर्व हुए इस बहुचर्चित हत्याकांड के मामले में बुधवार को अदालत में सजा पर सुनवाई हुई, और दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपित कुलवंत सिंह के खिलाफ हरजीत की हत्या के मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत आजीवन कारावास और 50 हजार रुपए जुर्माना तथा जुर्माना न चुकाने की स्थिति में एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास, छर्रों से निमरत व कमलजीत के घायल होने के मामले में धारा 324 के तहत 1 वर्ष की सजा और 3000 रुपए जुर्माना व जुर्माना न चुकाने की स्थिति में एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास तथा धारा 504 के तहत 1 वर्ष की सजा और 2000 रुपए जुर्माना व जुर्माना न चुकाने की स्थिति में एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा सुनाई। साथ ही धारा 357 के तहत जुर्माने की राशि जमा होने पर आधी धनराशि मृतक की पत्नी निंदर कौर को देने के आदेश भी दिये। साथ ही धारा 302 विवेचना में कई अनियमितताएं बरतने पर विवेचक वरिष्ठ उप निरीक्षक इंदर सिंह राणा और अभियुक्त द्वारा प्रयुक्त हथियार के बारे में विवेचना के दौरान अनियमितता बरतने पर उप निरीक्षक मोहन चंद्र पांडे के खिलाफ भी कार्रवाई आदेश पारित किये। कमजोर विवेचना के बावजूद अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की पैरवी जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने की, और दोषियों को सजा मिली।

उल्लेखनीय है कि आरोपित कुलवंत सिंह पुत्र कपूर सिंह घटना के दिन से पहले लगातार अपने चचेरे भाई हरजीत सिंह को धमकियां दे रहा था। घटना के दिन 16 मई को भी वह अपने भाई के घर के पास जोर से हॉर्न बजाकर उसे परेशान कर रहा था। इस पर हरजीत उसे समझाने को गया तो उसने हरजीत पर बंदूक तान दी। इस पर हरजीत के बेटे निमरत पाल सिंह, उसकी पत्नी निंदर कौर, बेटी गुरविंद, बहू मंजीत व भतीजे कमलजीत आदि बीच-बचाव करने पहुंचे, बावजूद कुलवंत ने हरजीत पर गोली दाग दी। इसके छर्रों से निमरत व कमलजीत भी घायल हुए। गंभीर घायल हरजीत ने इस घटना में दम तोड़ दिया। घटना की रिपोर्ट 17 मई को लिखाई गयी और 18 मई को कुलवंत को पुलिस ने गिरफ्तार किया।

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नैनीताल, 9  अक्टूबर 2018। नशाखोरी की लत पहाड़ के कई परिवारों को बर्बाद कर रही है। मंगलवार की देर शाम रामनगर में शराब पीने से पति को मना करना पत्‍नी के लिए जानलेवा हो गया। गुस्‍साए पति ने बेरहमी से पीटने के बाद  कर उसके मुंह पर चाकुओं से हमला कर लहूलुहान कर दिया। हमले में गंभीर रूप से घायल पीड़िता को परिजनों ने उपचार के लिये सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया है।

कोटाबाग निवासी भगवती देवी ने बताया कि उसका पति किशन होटल में नौकरी करता है, और रोज शाम को शराब पीकर गाली गलौच और मारपीट करता है। मंगलवार की देर शाम रोज की तरह उसका पति शाम को शराब पीकर घर आया तो उसने अपने पति से शराब पीने को मना किया तो पति ने गाली गलौज व मारपीट करते हुऐ चाकू से मुँह पर हमला कर दिया, किसी तरह महिला अपना बचाव कर परिजनों के पास पहुँची। परिजनों द्वारा महिला को उपचार के लिये सरकारी अस्पताल में ले जाया गया, जहां चिकित्सकों द्वारा महिला को प्राथमिक उपचार के बाद भर्ती कर लिया गया है।

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-नेपाली ने शराब के नशे में पत्नी को बुरी तरह से धुना, गंभीर

पति से पिटकर अस्पताल में भर्ती हुई महिला।

नैनीताल, 21 सितंबर 2018। नगर के रॉयल होटल कंपाउंड में रहने वाले एक नेपाली ने मानवीयता की हद पार करते हुए शराब के नशे में अपनी पत्नी को बुरी तरह से धुन डाला। महिला के मुंह, हाथ, पेट, कमर आदि में गंभीर चोटें हैं। उसे बीडी पांडे जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। पुलिस मामले की जांच के लिए अस्पताल पहुंची। महिला चोट के कारण ठीक से बोल भी नहीं पा रही है, और उसकी आंखें भी नहीं खुल पा रही हैं। पुलिस का कहना है कि महिला के ठीक होने के बाद तहरीर मिलने पर उसे न्याय दिलाया जाएगा।
बताया गया है कि मूलतः नेपाल के कालीकोट अंचल का रहने वाला नेपाली परिवार नगर के रॉयल होटल कंपाउंड क्षेत्र में रहता है। अस्पताल के रिकार्ड के अनुसार निकिता एवं पुलिस के अनुसार धनशिला नाम की 29 वर्षीया महिला के तीन बेटे व 1 बेटी है। शादी को करीब 10 वर्ष हुए हैं। नगर में एक राशन की दुकान में काम करने वाला उसका पति राजेंदर अक्सर शराब के नशे में मारपीट करता रहता है। इधर बृहस्पतिवार की रात्रि भी उसके साथ किसी बात पर लात-घूंसों से मारपीट की गयी। इस पर रात्रि पौने 12 बजे उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के बाद से पति उसे देखने भी अस्पताल नहीं आया है। एसआई सोनू बाफिला मामले की जांच कर रही है।

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नेवी अफसर सहित चार पर्यटकों का लेक ब्रिज चुंगी कर्मियों पर जानलेवा हमला करने का आरोप

नैनीताल, 9 अक्टूबर 2018। सरोवर नगरी घूमने पहुंचे नेवी के अधिकारी और उनके तीन साथियों पर सोमवार देर रात करीब साढ़े ग्यारह बजे लेक ब्रिज चुंगी कर्मियों के द्वारा टोल टैक्स को लेकर विवाद के बाद जानलेवा हमला-मारपीट करने का आरोप लगाया गया है। आरोप है कि नेवी अफसर व उनके साथियों ने चुंगी देने में आनाकानी की तो बात गाली गलौज से शुरू होकर बहस और मारपीट तक जा पहुंची। इस पर चुंगी कर्मियों ने प्रेशर कुकर, डंडे और प्लास आदि जो हाथ में आया, उससे सैलानियों पर हमला बोल दिया, इससे नेवी अधिकारी सहित तीन के सिर फट गए। सूचना मिलने पर पहुंची तल्लीताल पुलिस ने घायलों का बीडी पांडे जिला अस्पताल में मेडिकल कराया।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार देहरादून के नेहरू कॉलोनी निवासी नेवी में अधिकारी अंकित शर्मा अपने दोस्त राजेंद्रनगर मेरठ निवासी सारांश कौशिक, अर्पित कौशिक और अभिषेक शर्मा के साथ बीती रात्रि नैनीताल घूमने आए थे। इस दौरान तल्लीताल स्थित लेक ब्रिज चुंगी पर चुंगी के पैसे को लेकर दोनों पक्षों में गाली गलौज और मारपीट हो गयी। तल्लीताल थाने के एसआई मनोज सिंह नयाल, एसआई यूसी सती, कांस्टेबल सुमित सहित कई पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे, और सैलानियों को जिला अस्पताल लेकर गए। वहां दो युवकों के सिर पर टांके लगे। अलबत्ता घायलों की ओर से पुलिस को कोई लिखित शिकायत नहीं की गयी है। थाना प्रभारी राहुल राठी ने कहा कि शिकायत मिली तो जरूर ठोस कानूनी कार्रवाई की जायेगी। उल्लेखनीय है कि करीब 15 वर्षों से चुंगी नगर पालिका के द्वारा ठेके पर दी जाती है। हर वर्ष चुंगी के ठेकेदार और चुंगी कर्मियों के बदलने के बावजूद कमोबेश हर वर्ष ही सैलानियों के साथ चुंगी कर्मियों के द्वारा इस तरह की घटनाएं आम हैं। सैलानी मामला दर्ज कराने के बाद बार-बार अदालती चक्कर लगाने की बाध्यताओं के कारण कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए मामले पुलिस में दर्ज नहीं कराते हैं।

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-पहले भी जून माह में बिलकुल इसी तरह घटनास्थल से करीब 5 किमी दूर इसी तरह से फेंका गया था शव

शाकिर हुसैन, कालाढूंगी/नैनीताल, 14 सितंबर 2018। मुख्यालय से करीब 20 किमी दूर कालाढुंगी मार्ग पर मंगोली चौकी व मंगोली बाजार के बीच शिव मंदिर के निकट सड़क से करीब 150 मीटर गहरी खाई में करीब 30-32 वर्षीय अज्ञात युवक का शव मिला है। उल्लेखनीय है इसी वर्ष 12 मई को भी इसी स्थान से करीब 5 किमी पहले नैनीताल की ओर ठीक इसी तरह मुरादाबाद निवासी युवक का हाथ-पैर गला बंधा शव बरामद हुआ था। उसी की तरह माना जा रहा है कि यह शव भी किसी बाहरी, संभवतया यूपी के व्यक्ति का है। शव के-हाथ पैर बंधे हुए थे और मुंह में भी उसकी चीख को दबाने के लिए कपड़ा बांधा गया था। साथ ही गला भी रस्सी से घोंटा  गया है ।पहले कंबल में लिपटा और फिर खाद की बोरी में ठूंसा गया है। और संभवतया बीती रात्रि ही इसे यहां जंगल में डाला गया है।
घटना की सूचना किसी ग्वाले ने पहले मंगोली चौकी को दी, जिसके बाद मुख्यालय को सूचना मिलने पर जिले के एएसपी हरीश चंद्र सती, सीओ विजय थापा, मल्लीताल कोतवाल विजय पंत और घटना स्थल पर पहुंचे, और शव को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। शव के पास किसी तरह के पहचान के कागजात नहीं है, ऐसे में इसकी शिनाख्त अगले कुछ समय में पुलिस के लिये चुनौती साबित होने वाली है। साफ तौर पर लग रहा है युवक के शव को कहीं बाहर हत्या कर यहां लाकर फेंका गया है। पुलिस के अधिकारियों के अनुसार शिनाख्त के लिए यूपी व उत्तराखण्ड के सभी थानों को सूचित किया जा रहा है। मंगोली पुलिस चौकी प्रभारी भावना बिष्ट, आरक्षी मनोज जोशी, राजकुमार व संजय सहित कई पुलिस कर्मी मौजूद थे।

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-कहीं बाहर से हत्या कर शव फेंका गया लगता है, पुलिस शिनाख्त के प्रयासों में जुटी, स्वयं भी दर्ज कर सकती है अज्ञात के विरुद्ध हत्या का मुकदमा
-नैनीताल व कालाढुंगी पुलिस की सक्रियता पर भी उठे सवाल

नैनीताल, 12 मई 2018। मुख्यालय से करीब 15 किमी दूर कालाढुंगी रोड पर बजून से आगे सड़क से करीब 10-15 मीटर नीचे एक युवक का शव बरामद हुआ है। खास बात यह है कि करीब 30-35 वर्ष के युवक के शव के दोनों हाथ व पांव आपस में बंधे हुए हैं। साथ ही उसके गले में कपड़े का फंदा भी लगा हुआ है, तथा उसके गले से ऊपर चेहरा का हिस्सा खून जमने से लाल पड़ा है। साथ ही एक चादर भी मिली है। इससे उसकी कहीं अन्यत्र गला घोंट कर हत्या किये जाने और चादर में बांध कर लाने तथा यहां फैंके जाने के बात साफ तौर पर समझी जा सकती है। एएसपी हरीश चंद्र सती ने मृतक के हुलिये के आधार पर भी कहा कि वह उत्तराखंड मूल का नहीं लगता है। एएसपी ने बताया कि मृतक के कपड़े रेडीमेड हैं, तथा शव के पास किसी तरह का पहचान का चिन्ह नहीं मिला है। बावजूद पुलिस उसकी शिनाख्त करने के प्रयास कर रही है। शव अधिक पुराना भी नहीं मालूम हो रहा है, लिहाजा माना जा रहा है कि शव को एक दिन पहले ही अथवा बीती रात्रि ही कहीं बाहर से लाकर यहां फेंका गया है।
इससे पूर्व सुबह मल्लीताल कोतवाली के अंतर्गत मंगोली चौकी को स्थानीय लोगों से शव देखे जाने की सूचना मिली। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वयं एएसपी सती, सीओ विजय थापा, मल्लीताल कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षण बीसी मासीवाल व एसआई भावना बिष्ट सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा, एवं खाई से शव को सड़क पर लाकर उसकी शिनाख्त के प्रयास किये। समाचार लिखे जाने तक उसकी शिनाख्त नहीं हो पाई है। वहीं मामले में पुलिस अपनी ओर से भी हत्या का मुकदमा लिख सकती है। अलबत्ता, चिंताजनक बात यह है कि बीते कुछ समय से बाहर से शव लाकर जनपद में फैंकने की घटनाओं में आई कमी पर इस घटना ने पलीता लगा दिया है, तथा खासकर नैनीताल व कालाढुंगी पुलिस की सक्रियता पर भी सवाल उठा दिये हैं, जिनके क्षेत्र से शव को यहां लाकर फेंका गया है।

मुरादाबाद के नृशंस हत्याकांड में भाई के बाद मृतक का करीबी दोस्त भी गिरफ्तार

-12 मई को गला घोंटकर, हाथ-पांव बांधकर मुरादाबाद से लाकर किया गया था कत्ल

मल्लीताल कोतवाली में पुलिस गिरफ्त में आरोपित।

नैनीताल। बीती 12 मई को मुख्यालय से करीब 15 किमी दूर कालाढुंगी रोड पर बजून से आगे बूड़ा पहाड़ के पास सड़क से करीब 10-15 मीटर नीचे मृत अवस्था में मिले युवक के दूसरे हत्यारोपित को भी नैनीताल पुलिस ने रविवार को दबोच लिया। रिस्तों की रिस्तों के द्वारा ही कत्ल किये जाने की इस घटना में इसे दुर्योग ही कहेंगे कि पहले गिरफ्तार किया गया हत्यारा जहां मृतक का सगा छोटा भाई था, वहीं आग गिरफ्तार किया गया युवक मृतक का बेहद करीबी दोस्त है। मृतक के सगे छोटे भाई को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है। मामले में अभी दो और युवकों तथा मुख्य आरोपित की सास भी आरोपित हैं। उनकी भी शीघ्र गिरफ्तारी हो सकती है।
उल्लेखनीय है कि 12 मई को मिले युवक के शव के दोनों हाथ व पांव आपस में बंधे हुए हैं। साथ ही उसके गले में कपड़े का फंदा भी लगा हुआ है, तथा उसके गले से ऊपर चेहरा का हिस्सा खून जमने से लाल पड़ा है। 15 मई को मृतक के पिता ने उसकी शिनाख्त मनोज चौधरी के रूप में की, और अपने छोटे पुत्र पर ही हत्या करने का शक जताया, जो जांच में सच साबित हुआ। इसके बाद पुलिस ने बीते शनिवार को मृतक के हत्यारे उसी के छोटे भाई रवि पुत्र जहेंद्र चौधरी निवासी टांडा अमरपुर थाना बिलारी जिला मुरादाबाद को दबिस देकर उसके घर से गिरफ्तार किया था। रवि ने अपने बयान में गुनाह कबूलते हुए हत्या का कारण जमीन के मालिकाना हक प्राप्त करना और हत्या में अपने दोस्तों संजीव उर्फ प्रथम पुत्र नेत्रपाल व राहुल निवासी टांडा अमरपुर बिलारी तथा सास को भी कथित तौर पर शामिल बताया था। इधर कोतवाल विपिन पंत ने बताया कि रवि की गिरफ्तारी के बाद संजीव अपने वकील रिश्तेदार के घर देहरादून चला गया था। रविवार की सुबह अदालत में आत्मसमर्पण करने के लिए वह नैनीताल पहुंचा था। इसकी सूचना मिलने पर सुबह 10.45 बजे उसे तल्लीताल रोडवेज बस स्टेशन के पास से गिरफ्तार कर लिया गया। कहा कि जल्द अन्य आरोपितों की भी गिरफ्तारी की जाएगी।

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पुलिस गिरफ्त में हत्यारा छोटा भाई

नैनीताल, 26 मई 2018। बीती 12 मई को मुख्यालय से करीब 15 किमी दूर कालाढुंगी रोड पर बजून से आगे सड़क से करीब 10-15 मीटर नीचे एक युवक का शव बरामद हुआ है। शव के दोनों हाथ व पांव आपस में बंधे हुए हैं। साथ ही उसके गले में कपड़े का फंदा भी लगा हुआ है, तथा उसके गले से ऊपर चेहरा का हिस्सा खून जमने से लाल पड़ा है। पुलिस ने शनिवार को मृतक मनोज चौधरी के हत्यारे उसीके छोटे भाई रवि पुत्र जहेंद्र चौधरी निवासी टांडा अमरपुर थाना बिलारी जिला मुरादाबाद को दबिस देकर उसके घर से गिरफ्तार कर लिया है। एसएसपी जनमेजय खंडूड़ी ने बताया कि हत्यारे भाई ने अपना गुनाह कबूलते हुए बताया है कि हत्या का कारण जमीन के मालिकाना हक प्राप्त करना था। इसी नीयत से वह नौ मई की रात्रि मनोज को अपने दोस्टों संजीव पुत्र नेत्रपाल व राहुल निवासी टांडा अमरपुर बिलारी को पैंसे का लालच देकर एक बुलेरो कार से नैनीताल के बूड़ा पहाड़ लेकर आये। यहां आकर उन्होंने मनोज के हाथ-पैर बांधकर व गला घोंटकर हत्या की तथा शव को पहाड़ी से नीचे फेंक दिया। पुलिस के अनुसार मामले में रवि की सास विनोद देवी द्वारा सहयोग करने की बात भी प्रकाश में आयी है।

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छोटे भाई पर हत्या का शक जमीनी विवाद बताया जा रहा है कारण
नैनीताल। मुख्यालय से करीब 15 किमी दूर कालाढुंगी रोड पर बजून से आगे बूड़ा पहाड़ के पास सड़क से नीचे बीती 12 अप्रैल को मिला शव पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जनपद के ग्राम टांडा अमरपुर थाना बिलारी निवासी मनोज चौधरी का निकला है। मृतक के पिता जहेंद्र पाल ने मंगलवार को मुख्यालय पहुंचकर शव की शिनाख्त की। अलबत्ता, मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि पिता ने अपने ही छोटे बेटे पर जमीन-जायदाद हड़पने के लिए बड़े भाई की हत्या करने का शक जताया है। पुलिस आगे तथ्यों की पड़ताल कर रही है। यदि इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस एवं मौका-ए-वारदात से इस संबंध में तथ्यों की कड़ी जुड़ती है तो नैनीताल पुलिस जल्द ही हत्यारों को गिरफ्तार कर सकती है।
एक छोटे भाई द्वारा अपने ही इकलौते बड़े भाई की इस तरह दोनों हाथ-पैर आपस में बांधकर व गला घोंटकर हत्या करने और शव को करीब 100 किमी दूर लाकर नैनीताल जनपद के बूड़ा पहाड़ के पास जंगल में फेंक देने की इस अविश्वसनीय सी दिल-दहला देने वाली घटना की कलई स्वयं मृतक के पिता जहेंद्र पाल ने खोली है। अपने बड़े व छोटे भाई के साथ बड़े बेटे के शव की शिनाख्त करने के बाद शोक संतप्त पिता का कहना था कि उनका छोटा बेटा रवि चार वर्ष पूर्व विवाह होने के बाद से बिगड़ गया है। वह ससुरालियों के साथ मिलकर उनकी संपत्ति हड़पना चाहता है।
करीब 6 माह पूर्व उसने इसी नीयत से उन (पिता) पर जानलेवा हमला किया था, जिसके बाद वे बड़े बेटे मनोज व अन्य परिजनों के साथ संभल आकर किराये के घर में रहने लगे। इधर वे गांव की जमीन बेचकर संभल में ही प्लॉट खरीदकर घर बनाने की सोच रहे थे। इसी दौरान 9 मई को प्लॉट देखने के लिये किसी का फोन आने पर मनोज प्लॉट देखने गया था, और इसके बाद से वापस नहीं लौटा। संभवतया गांव की जमीन पर काबिज रवि को उनकी जमीन बेचने की मंशा का भान हो गया होगा, इसलिये उसने अपने बड़े भाई मनोज को धोखे से बुलाकर उसकी हत्या कर दी होगी। सभी जगह तलाश करने के बाद उन्होंने 12 मई को थाना मनियाढेर में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई। इधर उन्हें पुलिस से नैनीताल में बेटे का शव मिलने की सूचना मिली।

सोशल मीडिया के जरिये हुई शव की शिनाख्त
नैनीताल। 12 मई को बूड़ा पहाड़ के पास मिले शव की शिनाख्त में आधुनिक सोशल मीडिया माध्यम ह्वाट्सएप की बड़ी भूमिका रही। मामले के विवेचक नगर कोतवाल विपिन चंद्र पंत ने बताया कि घटनास्थल पर कई बार तलाशी के बावजूद हत्यारों और मृतक की शिनाख्त से संबंधित कोई सबूत हाथ नहीं लगा था। केवल मृतक शक्ल से यूपी का लग रहा था। इस पर उन्होंने ह्वाट्सएप पर उसकी फोटो डालकर इसे यूपी के सीमावर्ती रुहेलखंड मंडल मंें भिजवाया। यह फोटो ह्वाट्सएप पर ही संभल के थाना मनियाढेर में 12 मई को ही दर्ज हुई युवक की गुमशुदगी की जांच कर रहे उप निरीक्षक श्रीनिवास तक पहुंची। उन्होंने मृतक व गुमशुदा युवक की शक्ल मिलाई तो करीब-करीब दोनों मिल गये। इसके बाद उसके परिजनों को नैनीताल भेजकर शिनाख्त करवाई गयी। मामले में कोतवाल पंत ने कहा कि मामले में जल्दी ही हत्यारों की गिरफ्तारी कर ली जाएगी।

3 सवारियों ने दिन दहाड़े ड्राइवर से लूट ली स्कार्पियो गाड़ी, कानून-पुलिस के इकबाल पर सवाल

शाकिर हुसैन, कालाढूंगी 12 सितंबर 2018 । नैनीताल जिले में कोई ऐसा दिन नहीं गुजर रहा, जब जिले की कानून व्यवस्था और पुलिस के इकबाल पर अपराधी सवाल नहीं उठा रहे। अब 3 सवारियों के भेष में आये अपराधियों के द्वारा दिन दहाड़े ड्राइवर से स्कार्पियो गाड़ी लूट ली गयी है। हल्द्वानी से रामनगर के लिए बुकिंग की गई गाड़ी को 3 बदमाश लूट के फरार हो गये हैं, और पुलिस तलाश में लकीर पीटने को मजबूर है।

जानकारी के अनुसार बुधवार की सुबह अज्ञात तीन लोगों ने हल्द्वानी टेक्सी स्टैंड से UK04TV-0361 नम्बर की स्कार्पियों गाड़ी को हल्द्वानी से रामनगर के लिए दो हजार रुपए में बुक किया था। ड्राइवर द्वारा मालूम करने पर कि रामनगर में किस से मिलना है, उन्होंने किसी ठेकेदार से मिलने की बात कही थी। इस पर ड्राइवर तीनों को गाड़ी में बैठा कर हल्द्वानी से रामनगर की ओर चल दिया। ड्राइवर का कहना है कि जैसे ही वह धनपुर धमोला बैलपड़ाव चौकी अंतर्गत पहुचा तो उन्होंने उसके साथ मारपीट शुरू कर दी व उदयपुरी के पास गाड़ी रोकने को कहा और नही रोकने पर जान से मारने की धमकी दी। तीनों युवकों ने ड्राइवर राजेन्द्र सिंह उर्फ राणा निवासी वार्ड नम्बर 1 कालाढुंगी के साथ मारपीट व जान से मारने की धमकी देते हुवे उसके हाथ पैर बांध कर व मुँह पर टेप लगाकर सड़क किनारे खेत मे फेक कर गाड़ी लेकर कालाढुंगी की ओर फरार हो गए। तभी किसी गांव वाले ने खेत में पड़े युवक को देखकर उसकी सूचना पुलिस व ग्रामीणों को दी। सूचना पाकर बैलपड़ाव व कालाढुंगी पुलिस सहित रामनगर सीओ लोकजीत सिंह भी मौके पर पहुच गए। पुलिस को ड्राइवर ने आप बीती सुनाई व घटना की सूचना गाड़ी मालिक हल्द्वानी निवासी कुंदन राम आर्या को भी दी।ड्राइवर की जानकारी के आधार पर पुलिस ने छानबीन शुरू कर उदयपुरी व कालाढुंगी की बीच लगे सभी सीसीटीवी फुटेज तलाश की जिसमे प्रतीत हो रहा है कि बदमाश गाड़ी को नयागांव से मोड़कर बाजपुर की ओर ले गए। कालाढुंगी थाना अध्य्क्ष नरेश चौहान ने बताया कि मामले की अभी लिखित तहरीर नही दी गई है। ड्राइवर से की गई  पूछताछ के आधार पर छानबीन की जा रही है।

यह भी पढ़ें : क्षेत्र पंचायत सदस्य वीरेंद्र मनराल का हत्यारोपी बाऊ तीन साथियों सहित गिरफ्तार

नैनीताल, 4 सितंबर 2018। बीती 1 सितंबर 2018 को रामनगर स्थित कोर्ट परिसर के बाहर समय क्षेत्र पंचायत सदस्य वीरेंद्र मनराल के हत्यारोपी देवेंद्र सिंह उर्फ बाऊ पुत्र सुरजीत सिंह निवासी एचसी पेट्रोल पंप के पास बैलपड़ाव तहसील रामनगर को गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी पुत्र मेजर सिंह निवासी बन्दरजूड़ा तल्ला बैलपड़ाव व दर्शन सिंह पुत्र दिलबाग सिंह निवासी अलीगंज रोड बांसखेड़ा थाना आईटीआई काशीपुर के साथ अपराह्. 1.05 बजे गिरफ्तार कर लिया। उनकी गिरफ्तारी बैलपड़ाव के पास से दिखाई गयी है। बताया गया है कि बाऊ ने पूछताछ पुलिस को बताया है कि मृतक वीरेंद्र मनराल द्वारा वर्ष 2016 में हेमंत फर्त्याल की हत्या करने के लिए उसे पैसे देने की बात कही थी परंतु हत्या के बाद उसने पैसे देने से इंकार कर दिया था, और पैसे की मांग करने पर मरवाने की धमकी दी थी। हेमंत की हत्या करने के बाद जेल में रहने तथा जमानत लेने के लिए उसके घर वालों को अपना प्लॉट भी बेचना पड़ा जिससे उसके परिवार की आर्थिक स्थिति काफी खराब हो गई थी। इस कारण उसने वीरेंद्र को मारने की ठानी। कई बाद वीरेंद्र के अकेले ना होने के कारण ऐसा न हो सका। इधर 1 सितंबर 2018 को सोनू कांडपाल की वीरेन्द्र मनराल के कोर्ट में अकेले आने की सूचना पर बाऊ अपने साथियों के साथ कोर्ट पहुंचा, लेकिन उसने कोर्ट में अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं कराई और जब वीरेंद्र अपनी उपस्थिति दर्ज करा कर वापस कार पार्किंग में आया तो बाऊ ने पीछे से उसे गोली मार दी तथा अपने दोनों साथियों के साथ मिलकर अपनी कार संख्या यूके-04 डब्ल्यू-2389 को टंकी के पास छोड़ कर जंगल की ओर भाग गया। पुलिस ने बताया कि हेमंत फर्त्याल की हत्या में बाऊ को वर्ष 2017 में बाजपुर पुलिस द्वारा भी उसके एक अन्य साथी के साथ हथियारों सहित गिरफ्तार किया गया था।

यह भी पढ़ें : क्षेत्र पंचायत सदस्य की अदालत के बाहर गोली मार कर हत्या, हत्यारा सुपारी किलर, ब्लॉक प्रमुख पर भी आरोप !

नैनीताल, 1 सितंबर 2018। रामनगर में अदालत के बाहर छोई के क्षेत्र पंचायत सदस्य की गोली मार कर हत्या कर दी गई है। घटना गैंगवार का परिणाम और पुलिस की मौजूदगी में होनी बताई जा रही है। पुलिस ने घटना के बाद हत्यारों की धर पकड़ के लिए रामनगर से जाने वाले तमाम रास्तों को सीज कर दिया है। उधर मृतक के भाई शिव सिंह मनराल ने कथित तौर पर सुपारी किलर देवेंद्र उर्फ बाऊ, रामनगर के ब्लॉक प्रमुख संजय नेगी, हरीश फर्त्याल व सोनू कांडपाल पर हत्या करने का आरोप लगाया है। जबकि यह भी बताया जा रहा है कि नेगी ही मृतक को उपचार के लिए अस्पताल लेकर आये थे। मृतक भाजपा से भी जुड़ा था, और कांग्रेस से जुड़े हेमंत फर्त्याल की हत्या के मामले में सुपारी किलर बाऊ के साथ जेल भी जा चुका था। इसी मामले की तारीख पर वह अदालत आया था, तभी अज्ञात लोगों ने गोली मार कर उसकी हत्या कर दी।

मिली जानकारी के अनुसार शनिवार दोपहर छोई के पंचायत सदस्य वीरेंद्र मनराल रामनगर अदालत में एक पुराने मामले में पेशी के लिए आए थे। तभी अदालत के बाहर जीआईसी के पास एक काले शीशों वाली आल्टो कार से आए अज्ञात लोगों ने उन पर फायरिंग कर दी। इससे मनराल की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंच गई और शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। रामनगर से निकलने वाले तमाम रास्तों को सीज कर दिया गया है। अभी हत्यारे पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। बताया गया है कि कुछ वर्ष पूर्व कोसी बैराज पर हेमंत फर्त्याल नाम के युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी और मामले में वीरेंद्र को गवाही के लिए कोर्ट मेंं पेश होना था। (इनपुट सलीम मलिक, रामनगर)

तो हेमंत के हत्यारे ने ही की है वीरेंद्र की हत्या !

बताया जा रहा है कि  वीरेंद्र मनराल का पहले हेमंत फर्त्याल के साथ काफी समय तक विवाद रहा। जिसके बाद वीरेंद्र ने छोई निवासी बाऊ को हेमंत को मारने की सुपारी दी थी। 28 जून 2016 को बाऊ ने हेमन्त की अपने पंजाब के एक साथी के साथ मिलकर हत्या कर दी थी। इस मामले में बाऊ पकड़ा गया था और वीरेंद्र को भी पुलिस ने हत्या के षड्यंत्र में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार किया था। जेल से छूटने के बाद बाऊ लगातार सुपारी की रकम मांग रहा था, जिसे वीरेंद्र अभी तक नहीं दे पाया था। आज बाहू भी मामले के सिलसिले में कोर्ट पहुंचा था। उधर हत्या में प्रयुक्त कार कोटद्वार रोड पर लावारिस हालत में कुछ हथियारों सहित खड़ी मिल गयी है। माना जा रहा है कि वारदात को अंजाम देने के बाद हत्यारे बिजरानी के जंगलो की ओर भाग गए हैं।

सगे चाचा की कर दी थी पत्थरों से कूटकर हत्या, हत्यारे तीन सगे भाइयों को उम्रकैद, 2.1 लाख का जुर्माना

-जुर्माने की धनराशि में से आधी पीड़ित को मिलेगी, हत्यारों की डर से घर से भागकर काशीपुर में रहने को है पीड़ित का परिवार
नैनीताल, 29 अगस्त 2018। जनपद के प्रथम अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश विनोद कुमार की अदालत ने सगे वृद्ध सगे चाचा की नृशंसतापूर्ण हत्या के मामले में तीन सगे भाइयों को आजीवन कारावास तथा 2.1 लाख रुपए के अर्थदंड की सजा सुनायी है। अर्थदंड में से आधी धनराशि घटना के बाद हत्यारों के डर से गांव छोड़ कर काशीपुर में रह रहे पीड़ित पक्ष को मिलेगी।
मामले में बुधवार को अदालत हत्योरोपितों की सजा पर सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी करते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने अदालत को बताया कि 10 अक्टूबर 2016 की शाम को नैनीताल जिले के ग्राम चमोली निवासी गजेंद्र राम की उसके सगे भतीजों हरेंद्र पाल, महेश व मनोज कुमार ने ग्राम गलनी के पास पत्थरों से मारकर और नाले में धकेलकर तब हत्या कर दी थी, जब वह अपने पुत्र संजय कुमार व पोती कंचना के साथ मोटरसाइकिल से खनस्यूं से अपने घर को आ रहा था। साथ ही अपने पिता को बचाने की कोशिश कर रहे संजय को भी लहूलुहान कर दिया था। इससे दो दिन पूर्व गांव के मंदिर के पुजारी बनने को लेकर आरोपितों के पिता शंकर राम ने भी उन्हें देख लेने की धमकी दी थी। इसलिए तीनों हत्यारोपितों के साथ ही उनके पिता के खिलाफ भी भारतीय दंड संहिता की धारा 302/34, 307, 506 व 120 बी के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के बाद डरा हुआ संजय गांव छोड़कर परिवार को लेकर काशीपुर जाकर रहने लगा था। मामले में श्री शर्मा ने 8 गवाह पेश किये ओर आरोपितों के अपराध को चाचा-भतीजे के रिश्ते को भी शर्मशार करने वाला बताते हुए कड़े से कड़े दंड की सिफारिश की, जबकि बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने आरोपितों का कोई पुराना आपराधिक इतिहास न होने व गरीब परिवार से होने का हवाला देते हुए कम से कम सजा देने की गुहार लगाई, किंतु न्यायालय ने तीनों भाइयों को हत्या के आरोप में आजीवन कारावास व 50-50 हजार रुपए जुर्मानाा व जुर्माना न चुकाने पर 1-1 वर्ष के अतिरिक्त कारावास की सजा एवं संजय पर जानलेवा हमले के आरोप में 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास एवं 20-20 हजार रुपए जुर्माना व जुर्माना न भुगतने पर 6-6 माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई। उल्लेखनीय है कि मामले में आरोपित भाइयों के पिता को दो दिन पूर्व बरी कर दिया गया था।

भ्रामक सूचना फैलाई तो न मिलेगी नौकरी, न ठेके, न लाइसेंस, न पासपोर्ट…

एडीजी-आईजी ने जारी की एडवाइजरी, न अफवाह फैलाएं, न संदिग्धों से मारपीट करें
नैनीताल, 20 जुलाई 2018। उत्तराखंड के अपर पुलिस महानिदेशक-अपराध एवं कानून व्यवस्था तथा कुमाऊं परिक्षेत्र के आईजी पूरन सिंह रावत ने भी सोशल मीडिया पर इन दिनों बच्चा चोरी करने वाले, बंग्लादेशी व छैमार गिराहों तथा अन्य अपराधिक समूहों के विभिन्न नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय होने की अफवाहें फैलाने पर एडवाइजरी जारी की है। साथ ही लोगों को ऐसे संदेशों की बिना सोचे समझे, बिना पुष्टि किये आगे न फैलाने की नसीहत दी है। उन्होंने सभी जिम्मेदार नागरिकों से आग्रह किया है कि वह इस प्रकार के भड़काऊ, अफवाहजनक तथा दुष्प्रचार करने वाले मैसेज को फारवर्ड न करें तथा किसी भी मैसेज को फारवर्ड करने से पूर्व उसके सम्बन्ध में भली-भांति जांच पड़ताल कर लें। यदि किसी व्यक्ति को इस प्रकार के मैसेज मिलते हैं तो वह उन नम्बरों सम्पर्क करे जिनसे उन्हें इस प्रकार के मैसेज प्राप्त हुए है, उसकी पुष्टि संबंधित नम्बर से करने का कष्ट करें। इस प्रकार के भड़काऊ मैसेज फैलाना अपराधिक कृत्य है। बताया कि अब तक कुमाऊं परिक्षेत्र जनपद नैनीताल में 5, बागेश्वर में 1 तथा चम्पावत में 3 लोगों के विरूद्ध ऐसे भड़काऊ मैसेज फैलाने के आरोप में पुलिस द्वारा कार्यवाही की जा चुकी है। कहा कि ऐसे लोगों सरकारी नौकरी के लिए होने वाले सत्यापन, ठेकेदारी के लिए पंजीकरण, असलहों का लाईसेंस बनाने, पासपोर्ट बनाने व इसी प्रकार के अन्य सत्यापनों के दौरान भी सत्यापन प्रपत्र में इसका स्पष्ट उल्लेख किया जायेगा, जिसके कारण संबंधित व्यक्ति अपेक्षित लाभ से वंचित हो जायेगा। अपने क्षेत्रों में रात्रि में गश्त के नाम पर अन्य लोगों को संदिग्ध समझकर मारपीट या अमानवीय हरकत करने वालों को भी आईजी ने कार्रवाई के लिए चेताया है।

पढ़ें: एडीजी अशोक कुमार का संदेश:

विगत दिनों से प्रदेश के जनपदों में कुछ अराजक तत्वों द्वारा सामाजिक माहौल को खराब करने के उद्देश्य से सोशल मीडिया (WhatsApp/Facebook) पर कुछ झूठे/भ्रामक सन्देश प्रसारित किये जा रहे हैं, जिससे समाज में भय का माहौल उत्पन्न हो रहा है :

“काकड़ीघाट अल्मोड़ा से भिखारी के बेस में पांच सौ लोग निकलने जो रास्ते में जो मिलता है उसको काटकर कलेजे और कीडनी निकाल रहे है जिसमे से छः सात लोग पकड़े गए है .जो पकडे़ गए हैं वही लोग को कडी़ पूछताछ के बाद पांच सौ लोग आने की बात कबुल की है। कृपया सावधान रहे 15 से 20 लोगों की टोली आई है उनके साथ बच्चे और लेडीज हैं और उनके पास हथियार भी हैं और और आधी रात को किसी भी वक्त आते हैं और बच्चे के रोने की आवाज आती है“।

’’थाना मुक्तेश्वर क्षेत्रान्तर्गत धानाचूली धारी क्षेत्र में बच्चों/वयस्कों का अपहरण कर किडनी निकालने वाले गिरोह को पकड़ा गया है, इसी तरह क्षेत्र में बच्चा चोर गिरोह सक्रिय है तथा रात में संदिग्ध व्यक्ति देखे जा रहे हैं’’।

“अलर्ट उत्तराखंड” : ख़ासकर घरेलू महिलाओं से अनुरोध है, किसी भी अजनबी जैसे कबाड़ीवाला, फेरीवाला, बाबा या कोई भिखारी कोई भी हो उसके लिए दरवाज़ा ना खोले ना ही कोई बात करे बस हल्ला करके भगा दें। ग़लती से भी ये शब्द ना कहे । “अभी घर में कोई नही है, बाद में आना या चले जाओ“ घर में अगर कुत्ता है तो उसे खोल दो उसी टाइम और मेन गेट मत खोलो । अपना और अपने बच्चे का ध्यान रखिए। सतर्क रहें। सुरक्षित रहें।

सोशल मीडिया पर इस प्रकार की झूठी सूचना प्रसारित करना दण्डनीय अपराध है। जनपद पुलिस द्वारा ऐसे भ्रामक सन्देश प्रसारित करने वालों को चिन्हित कर उनके विरूद्ध वैधानिक कार्यवाही की गयी है। आपसे अपील की है कि फेसबुक, ट्विटर या व्हट्सएप्प में पोस्ट को डालने से पहले अपने विवेक से काम लें। कोई भी मैसेज या विडियो शेयर करने से पहले उसकी वास्तविकता का भी पता लगाएं, बिना सच्चाई का पता किए कोई भी विडियो या पोस्ट शेयर नहीं करें। आप सभी लोगों से अनुरोध है कि इस प्रकार की भ्रामक सूचनाओं पर ध्यान ना दे, ना ही सोशल मीडिया में इसे शेयर करें। इस सम्बन्ध में अपने आस-पास के लोगों को भी जागरूक करें।

अतः सोच विचार कर, खबर की पुष्टि कर पोस्ट एवं शेयर करें। अन्यथा शेयर करने वालों पर भी मुकदमा/FIR दर्ज की जा सकती है।

मीडिया सेल,
पुलिस मुख्यालय, उत्तराखण्ड।

सोशल मीडिया पर झूठी अफवाह फैलाने वाले का 5000 का चालान किया

नैनीताल, 20 जुलाई 2018। थाना मुक्तेश्वर की पुलिस ने सोशल मीडिया पर धानाचूली-धारी क्षेत्र में बच्चो व बड़ों अपहरण कर किडनी निकालने वाले गिरोह को पकड़ने जाने तथा क्षेत्र में बच्चा चोर गिरोह के सक्रिय होने तथा रात में संदिग्ध व्यक्ति देखे जाने की भ्रामक अफवाह फैलाने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। मुक्तेश्वर थानाध्यक्ष कैलाश जोशी ने बताया कि उन्होंने इस खबर की तस्दीक करायी, जिसमें यह खबर पूरी तरह से झूठी अफवाह पायी गयी। ऐसी अफवाहों की रोकथाम के लिए पुलिस ने इसे फैला रहे लोगों को चिन्हित किया और विनोद बिष्ट पुत्र बच्ची सिंह निवासी धानाचूली, तहसील धारी को चिन्हित कर सोशल मीडिया के जरिये झूठी अफवाह फैलाने के आरोप में पुलिस एक्ट की धारा 83 के तहत चालान करते हुए 5000 के अर्थदंड से दण्डित किया गया तथा भविष्य में ऐसी अफवाह ना फैलाने की हिदायत देने के बाद छोड़ा।
उल्लेखनीय है कि पूर्व में भी मुक्तेश्वर थानाध्यक्ष ने अपने थाना क्षेत्रांतर्गत मनोज कुमार पुत्र भारत भूषण निवासी ग्राम सुन मुक्तेश्वर का भी पुलिस एक्ट में चालान किया था। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी ऐसे व्यक्तियों को चिन्हित करने की कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी।

जनपद नैनीताल के पुलिस अधिकारियों के नाम, मोबाइल व फोन नंबर : 
1- वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, नैनीताल। 9411112712, 05942-235730, 235586, 05946-220740
2- अपर पुलिस अधीक्षक, नैनीताल। 9997243044, 05942-235730,
3- अपर पुलिस अधीक्षक, हल्द्वानी। 9411112743, 05946-221538
4- क्षेत्राधिकारी नैनीताल। 9411112084, 05942-235730,
5- क्षेत्राधिकारी भवाली 9411112757 
6- क्षेत्राधिकारी हल्द्वानी 9411112741, 05946-220797
7- क्षेत्राधिकारी रामनगर 9411112097, 05947-254673
8-  क्षेत्राधिकारी लालकुआं 9411112088 
9 – निरीक्षक एलआईयू नैनीताल 9411315784, 05942-237515,231950
10 – श्री विपिन चन्द्र पंत कोतवाली मल्लीताल 9411112869, 05942-23424
11- श्री राहुल राठी थाना तल्लीताल 9411112870, 05942-236470
12 – श्री उम्मेद सिंह दानू कोतवाली भवाली 9411112990, 05942-220023
13 – श्री प्रमोद पाठक थाना भीमताल 9411112872, 05942-247044
14 – श्री कैलाश जोशी थाना मुक्तेश्वर 9411112871, 05942-286178
15 – श्री रोहताश सिंह थाना बेतालघाट 9411112880, 05942-241918
16 – श्री नरेश चौहान प्रभारी कालाढूॅगी 9411112875, 05942-242233
17 – श्री विक्रम सिंह राठौर प्रभारी कोतवाली रामनगर 9411112876, 05947-251343
18 – श्री रवि कुमार सैनी प्रभारी कोतवाली लालकुऑ 9411112873, 05945-268036
19- श्री के0आर0 पाण्डेय प्रभारी कोतवाली हल्द्वानी 9411112877, 05946-284329
20 – श्री नन्दन सिंह रावत थानाध्यक्ष  मुखानी 9837633858, 05946-260755
21 – श्री दिनेश नाथ महंत थानाध्यक्ष वनभूलपुरा 9412507516, 05946-255100
22- श्री कमाल हसन थानाध्यक्ष काठगोदाम 9411112879, 05946-266744
23-  श्री शांति कुमार गंगवार थानाध्यक्ष चोरगलिया 9411112878, 05945-243400
24 – श्री हरकेश कुमार प्रभारी सीपीयू हल्द्वानी 9690314608 
25 – श्री महेश चन्द्रा प्रभारी निरीक्षक यातायात हल्द्वानी 9412374312 
26 – डी0सी0आर0 नैनीताल 9411112979, 05942-235847
27- सी0सी0आर0 हल्द्वानी – 05946-220019
जनपद नैनीताल के चौकी प्रभारियों के नाम व मोबाइल नंबर : 
1- सुश्री भावना बिष्ट चौकी प्रभारी मंगोली कोतवाली मल्लीताल 8193040454 
2- श्री दिनेश जोशी चौकी प्रभारी ज्योलीकोट कोतवाली मल्लीताल 9808446257 
3- श्री देवेन्द्र सिंह बिष्ट चौकी प्रभारी खैरना कोतवाली भवाली 73511100 
4- श्री अनिल आर्या चौकी प्रभारी रामगढ़ कोतवाली भवाली 9411907952 
5- श्री देवनाथ गोस्वामी चौकी प्रभारी क्वारब कोतवाली भवाली 9759861663, 9456117096 
6- श्री खेम सिंह अधिकारी चौकी प्रभारी कोटाबाग थाना कालाढूॅगी 9411118075 
7- श्री कविन्द्र शर्मा चौकी प्रभारी पीरूमदारा कोतवाली रामनगर 9897140686 
8- श्री सुशील जोशी चौकी प्रभारी बैलपड़ाव थाना कालाढूॅगी 9456130333, 9837134000 
9- श्री मुन्नवर हसन चौकी प्रभारी मालधनचौड़ कोतवाली रामनगर 7500540951 
10- श्री हरीश पुरी चौकी गर्जिया प्रभारी कोतवाली रामनगर 9720047369 
11- चौकी ढेला कोतवाली प्रभारी, रामनगर 
12- श्री सजंय जोशी चौकी प्रभारी लामाचौड़ थाना मुखानी 9412976900 
13- श्री प्रेमराम विश्वकर्मा चौकी प्रभारी मंगलपड़ाव कोतवाली हल्द्वानी 8937031642 
14- श्री प्रताप सिंह नगरकोटी चौकी प्रभारी भोटियापड़ाव कोतवाली हल्द्वानी 9837000334 
15- श्री अजेन्द्र प्रसाद चौकी प्रभारी टी0पी0 नगर 9411196894 
16- श्री राजेश कुमार चौकी प्रभारी मण्डी कोतवाली हल्द्वानी 7830202038 
17- श्री कैलाश जोशी प्रभारी चौकी मेडिकल कोतवाली हल्द्वानी 9411794035, 9760723333 
18- श्री त्रिलोचन जोशी चौकी प्रभारी काठगोदाम थाना काठगोदाम 9410311422, 8449910191 
19- श्री निर्मल लटवाल चौकी प्रभारी हीरानगर कोतवाली हल्द्वानी 7983488305 
20- श्री विमल मिश्रा चौकी प्रभारी हल्दूचौड़ कोतवाली लालकुऑ 9412394286

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-मोबाइल की मरम्मत के बाद तात्कालिक विवाद में पूर्व फौजी ने लाइसेंसी बंदूक से चलायी गोली

मृतक कुश बख्शी

हल्द्वानी, 5 जुलाई 2018। जनपद के हल्द्वानी में कालाढुंगी रोड पर स्थित प्रतिष्ठान गौरी कम्युनिकेशन के स्वामी कुश बख्शी की सरेआम कनपटी पर बंदूक सटाकर गोली मारकर हत्या कर दी गयी है। हत्या का आरोप मोहन सिंह रावत नाम के काफलीगैर बागेश्वर निवासी पूर्व फौजी पर लगा है। हत्या का कारण बहुत ही मामूली, दुकान पर मोबाइल सही कराने में मात्र ₹ 600 की मोबाइल बैटरी लगाने के बावजूद मोबाइल न चलने के कारण हुआ तात्कालिक विवाद बताया जा रहा है। घटना के बाद से क्षेत्र में हड़कंप की स्थिति है।

इस घटना से यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या हमारी जिंदगी में मोबाइल की अहमियत जिंदगी से अधिक हो गयी है, जो एक व्यक्ति ने मोबाइल समय पर मरम्मत के बाद न मिलने पर दूसरे की हत्या ही कर दी।

पुलिस के उच्चाधिकारियों ने बताया कि बृहस्पतिवार देर शाम पौने आठ बजे के करीब कालाढुंगी के निकट सती मिष्ठान्न भंडार से रामपुर रोड को जोड़ने वाली संकरी गली में स्थित गौरी कम्युनिकेशन के स्वामी की दुकान पर ही एक व्यक्ति ने गोली मारकर हत्या कर दी। नगर के सुुुभाष नगर भोटिया पड़ाव निवासी मृतक युवा व्यवसायी दुकान पर मोबाइलों की मरम्मत का भी काम करता था। बताया जा रहा है कि एचएमटी फैक्टरी में गार्ड के रूप में तैनात पूर्व फौजी मोहन सिंह रावत पहले दिन में उसकी दुकान पर आया था। इस दौरान मोबाइल ठीक करने को लेेकर दोनों के बीच विवाद हो गया। दुकान स्वामी कुश ने ₹ 600 में उसके मोबाइल की बैटरी बदली। इसके लिए उसे 2-3 बार दुकान पर बुलाया। बावजूद मोबाइल नहीं चला। इस पर फौजी ने मोबाइल फोन दुकान पर ही पटक दिया, जिससे मोबाइल दीवार पर लगी मृतक कुश के स्वर्गीय पिता की तस्वीर पर लग गया। कुश ने इसका प्रतिवाद किया और उसे धक्का देकर जमीन पर गिरा दिया। इससे विवाद और अधिक गहरा गया। उसकी कमीज गंदी हो गयी। इससे खार खाये फौजी ने कुश को देख लेने की धमकी दी, और अपने रानीबाग स्थित आवास जाकर अपनी लाइसेंसी बंदूक लेकर शाम करीब पौने आठ बजे दुकान पर लौट आया, और इरादतन अपनी लाइसेंसी बंदूक कुश की कनपटी पर सटाकर गोली गोली मार दी। जिससे कुश की मौके पर ही मृत्यु हो गयी। वह दुकान से भागता, इससे पूर्व ही आसपास के लोगों व एकत्रित हुई भीड़ ने फौजी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। इस प्रकार एक मामूली विवाद ने एक परिवार से उसका बेटा, पति व पिता हमेशा के लिये खो दिया है, तो दूसरे परिवार को भी कानूनी शिकंजे में फंसा दिया है।
फौजी के नशे में धुत होने की बात भी कही जा रही है, पर एसएसपी ने इससे इनकार किया है। इधर व्यापार मंडल ने शुक्रवार को हल्द्वानी बंद करने का एलान किया है। आगे इस बिंदु पर भी सवाल उठने लाजिमी हैं कि ऐसे मामूली विवाद पर आप खोने वाले व्यक्ति को पूर्व फौजी होने के बावजूद भी क्या बन्दूक का लाइसेंस दिया जाना सही है ?

पत्रकार व स्थायी अधिवक्ता के घर से लाखों की चोरी

नैनीताल, 20 मई 2018। उत्तराखंड उच्च न्यायालय में केंद्र एवं राज्य सरकार के स्थायी अधिवक्ता (स्टैंडिंग कांउसिल) तथा आकाशवाणी में कार्यरत मान्यता प्राप्त पत्रकार के आवास से बीती रात्रि चोरी की बड़ी घटना प्रकाश में आई है। पत्रकार व अधिवक्ता बीएस परिहार ने बताया कि  बीती 23 अप्रैल से ही नगर के मल्लीताल में मुख्य डाकघर के सामने पॉश माने जाने वाले क्षेत्र में किराए के आवास में रह रहे थे। इधर शनिवार को बच्चों के 10 दिन के अवकाश होने पर वे उन्हें छोड़ने खुर्पाताल स्थित बच्चों के ननिहाल गए थे। रविवार सुबह उन्हें आसपास रहने वाले लोगों ने फोन करके घर के ताले टूटे होने की सूचना दी। लौट कर देखा तो घर के दरवाजों के साथ ही अलमारी व लॉकर भी टूटा था, और इसके अंदर रखे हुए करीब डेढ़ लाख रुपये की नगदी तथा पत्नी के सोने के दो हार व माला एवं 2-3 कान के टॉप्स गायब थे, जबकि अन्य सामान यथावत था।
सुबह 8 बजे ही उन्होंने घटना की सूचना कोतवाली पुलिस को दी, जिसके बाद कोतवाल विपिन चंद्र पंत, एसआई बीसी मासीवाल, पीएस मर्तोलिया आदि मौके पर पहुंचे एवं कुछ अंगुलियों के निशान भी लिए। लॉकर तोड़ने के लिये गैस लाइटर का प्रयोग करने की बात भी प्रकाश में आई है। उल्लेखनीय है कि घटनास्थल के पास ही पब्लिक सर्विस ट्रिब्यूनल कि कोर्ट भी है और यह क्षेत्र काफी व्यस्त भी माना जाता है, इसलिए ऐसे क्षेत्र में चोरी की यह हाइप्रोफाइल चोरी पुलिस के लिए बड़ी चुनौती साबित होने वाली है।

बागेश्वर में तीसरी बार चली कुल्हाड़ी, कलयुगी बेटे ने उड़ा दी बाप की गर्दन

उत्तराखंड के बागेश्वर जिले के साथ कुल्हाड़े से अपनों की गर्दन तराशने का बेहद बुरा दुर्योग लगातार जुड़ता जा रहा है। बीते करीब 1 वर्ष में इस तरह की कम से कम तीसरी घटना सामने आई है। अभी 13 अप्रैल 2018 को बागेश्वर जिले के पंद्रहपाली गांव में चाचा और भतीजे में किसी बात को लेकर हुए विवाद के बाद गुस्साए भतीजे ने चाचा की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी थी। वहीं चंपावत जिले के लेक अमोड़ी निवासी ईश्वरी दत्त (32) पुत्र जोगा दत्त द्वारा 19 अप्रैल 2017 को अपनी पत्नी की कुल्हाड़ी से काट कर ह्त्या करने का मामला प्रकाश में आया था।

इधर रविवार 6 मई 2018 को जिले के डंगोली पुलिस चौकी के अंतर्गत भिलकोट गांव में एक बेटे ने कुल्हाड़ी से बाप की गर्दन काट दी। इससे बाप की मौके पर ही मौत हो गई। दिल दहलाने वाली इस घटना से ग्रामीण स्तब्ध हैं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में ले लिया है। हत्यारोपित मौके से फरार है। देर रात सोमेश्वर की ओर जा रहे हत्यारोपित को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मल्ला भिलकोट में रघुबीर सिंह (68) अपनी पत्नी देवकी देवी के साथ आंगन में गेहूं की मढ़ाई कर रहे थे। उन्होंने अपने मझले पुत्र चंदन सिंह से मढ़ाई में हाथ बंटाने को कहा। इस पर चंदन आगबबूला हो गया। वह घर के भीतर से कुल्हाड़ी निकाल लाया। उसने कुल्हाड़ी से अपने पिता रघुबीर सिंह की गर्दन पर ताबड़तोड़ वार कर उसकी गर्दन काट दी। इससे रघुबीर सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद हत्यारा वहां से चल दिया। रघुबीर सिंह के तीन बेटे हैं। बड़ा बेटा गोविंद सिंह बाहर नौकरी करता है। छोटा बेटा चमन सिंह घटनास्थल से कुछ दूरी पर रहता है। मझला बेटा हत्यारोपित चंदन सिंह माता-पिता के साथ रहता है। वह अविवाहित और बेरोजगार है। बताया जा रहा है कि वह कुछ समय से मानसिक रूप से अस्वस्थ है।

यह भी पढ़ें :अपहरण का मुकदमा वापस लेने के दबाव में चौथी मंजिल से फेंक दी 10वीं की छात्रा

जिला चिकित्सालय में एएसपी के समक्ष बिलखती पीड़ित छात्रा की मां, बहन व परिजन।

-हालत गंभीर, 10 माह पूर्व पड़ोसी युवक ने किया था अपहरण, मुकदमा दर्ज करने के दबाव में हुआ विवाद
नैनीताल, 24 मार्च 2018। करीब 10 माह पूर्व अपहरण की गयी 10वीं कक्षा की छात्रा को दर्ज मुकदमा वापस लेने के लिए दबाव बनाने के तहत चौथी मंजिल से नीचे फेंकने का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। घटना तब हुई जब छात्रा शनिवार सुबह परीक्षा देने के लिए तैयार हो रही थी। आरोप है कि तभी पड़ोस में ही रहने वाले आरोपित परिवार के दर्जन भर सदस्य उसके पीछे पड़ गये, इस पर बचने की कोशिश में वह चौथी मंजिल पर चली गयी, आरोपित लाठी-डंडों के साथ उसके पीछे भागे और आरोप है कि उसे चौथी मंजिल से नीचे धकेल दिया, अथवा भय से वह नीचे जमीन पर आ गिरी। घटना में वह बुरी तरह से घायल हो गयी। परिजन उसे बीडी पांडे जिला चिकित्सालय उपचार के लिए लाये। उसके मुंह से भी खून निकल रहा था। यहां प्राथमिक उपचार के उपरांत चिकित्सकों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे हल्द्वानी के सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज भेज दिया। अलबत्ता पुलिस के अनुसार छात्रा की हालत खतरे से बाहर है। उसके पैर में फ्रेक्चर है।

घटना के अनुसार नगर के समीपवर्ती दुर्गापुर में प्रशासन के द्वारा जेएलएनयूआरएम योजना के तहत बनी कॉलोनी में शानिवार सुबह लगभग 9 बजे रिंकी (16) पुत्री प्रेम चंद्र सागर मुख्यालय के मोहन लाल साह बाल विद्या मंदिर में 10 वीं की परीक्षा देने के लिए तैयार हो रही थी। तभी एक दिन पूर्व भी हुआ और पुलिस तक भी पहुंचा आपसी विवाद का मामला तूल पकड़ गया, फलस्वरूप दो भाई व दो बहनों में दूसरे नंबर की रिंकी चौथी मंजिल से जमीन पर आ गिरी।
इधर जिला चिकित्सालय में उसके परिजनों, मां शशि, बहन अंजलि आदि ने बताया कि लगभग 10 माह पूर्व पड़ोस में रहने वाला फुंतरी नाम का 19-20 की उम्र का युवक रिंकी का अपहरण कर ले गया था, जिस पर उन्होंने मुकदमा दर्ज कराया है। इसके बाद से यह परिवार उन पर मुकदमा वापस लेने का दबाव बनाते हुए लड़ता रहता था। एक दिन पूर्व भी विवाद होने पर उन्होंने पुलिस में शिकायत की थी, जिसके बाद शनिवार को यह घटना हो गयी। आरोप लगाया कि रिंकी के चौथी मंजिल से जान से मारने की नीयत से गिराने वालों में स्वयं फंुतरी, हेम, सुरेश, पूजा, गुड्डी, मल्ला, मोती, पिंकी, कालू सहित एक दर्जन से अधिक लोग शामिल थे। घटना के बाद पीड़ित पक्ष के लोग हल्द्वानी चले गए। इधर मौके पर पहुंचे एएसपी हरीश चंद्र सती ने उनकी शिकायत सुनने के बाद तल्लीताल थाना प्रभारी को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए, अलबत्ता थाना प्रभारी प्रमोद पाठक ने बताया कि परिजनों के हल्द्वानी उपचार के लिए होने के कारण अभी तहरीर नहीं दी गयी है। कार्रवाई की जाएगी।

पत्नी वियोग में जलती आग में कूदा प्रतिष्ठित परिवार का युवक

-बीते वर्ष ही हुआ था विवाह, विवाह के कुछ ही दिनों साथ रहकर पत्नी चले गयी थी मायके
नैनीताल, 3 मार्च 2018। नगर के प्रतिष्ठित परिवार का युवक बीती रात्रि घर में लगी आग में जलकर जिंदा भुन गया। युवक का विवाह बीते वर्ष ही 28 अप्रैल 2017 को हुआ था, और विवाह के बाद कुछ ही दिन साथ रहने के बाद उसकी पत्नी मायके चली गयी थी। बताया गया है कि तभी से वह गहरे अवसाद में था।

घटनाक्रम के अनुसार शुक्रवार रात्रि करीब 12 बजे नगर के शेरवानी लॉज क्षेत्र में अज्ञात कारणों से जबर्दस्त आग लग गयी। घर में नगर पालिका के अध्यक्ष पद के लिए भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ चुकी विद्या भास्कर पत्नी स्वर्गीय मदन लाल भास्कर (पूर्व सहायक शिक्षाधिकारी) अपने पुत्र पंकज कुमार (37) के साथ रहती थीं। आग लगने के बाद दोनों घर से बाहर निकल आए, और स्थानीय लोगों की मदद से आग बुझाने का प्रयास हुआ। आग न बुझने व विकराल रूप लेने पर करीब एक बजे आग की सूचना अग्निशमन विभाग को एवं कालाढुंगी रोड पर रहने वाली वाणिज्य कर विभाग में उपायुक्त के पद पर कार्यरत बेटी एवं नैनीताल जिले के मुख्य विकास अधिकारी प्रकाश चंद्र व दूसरे बेटे गदरपुर (ऊधमसिंह नगर) में ग्राम विकास अधिकारी के पद पर कार्यरत विमल कुमार आदि को दी गयी, तथा वे करीब डेढ़ बजे मौके पर पहुंचे। इस बीच आग को अन्य सटे हुए घरों में फैलने से बचाने के लिए टिन की छत को तोड़ने व खास कर घर के भीतर मौजूद गैस सिलेंडरों को बाहर निकालने, के काम में व्यस्त लोगों के बीच से पंकज किसी समय धधकती आग से घिरे घर के भीतर चला गया, और किसी तरह चीखा-चिल्लाया भी नहीं। स्थिति यह रही कि आग के करीब-करीब बुझने के बाद सुबह चार-साढ़े चार बजे उसके धधकते घर के भीतर होने का पता चला। तब तक वह बुरी तरह से भुन चुका था। सुबह करीब सात बजे उसके शव को घर से बाहर लाया जा सका। वहीं करीब 12-13 वर्ष पूर्व घर की दूसरी मंजिल कमोबेश भष्म हो चुकी है। आग बुझाने में अग्निशमन विभाग व एसडीआरएफ के जवानों के साथ ही क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता भूपेंद्र बिष्ट, पप्पू भट्ट, राम सिंह रौतेला, हरीश जोशी, गोपाल मेहरा, प्रताप बिष्ट आदि ने उल्लेखनीय योगदान दिया। घर में सुबह नौ बजे भी आग की लपटें उठती देखी गयीं। वाहनों के लिए तीक्ष्ण चढ़ाई का मार्ग होने की वजह से अग्निशमन विभाग के वाहन चढ़ने में दिक्कत आई, जबकि पेयजल की हो रही कटौती के कारण पानी भी उपलब्ध नहीं हुआ। आसपास के लोगों ने अपनी पानी की टंकियां खाली कर आग बुझाने में योगदान दिया।

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मेरा जन्म 26 नवंबर 1972 को हुआ था। मैं नैनीताल, भारत में मूलतः एक पत्रकार हूँ। वर्तमान में मार्च 2010 से राष्ट्रीय हिन्दी दैनिक समाचार पत्र-राष्ट्रीय सहारा में ब्यूरो चीफ के रूप में कार्य कर रहा हूँ। इससे पहले मैं पांच साल के लिए दैनिक जागरण के लिए काम कर चुका हूँ। कुमाऊँ विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग से ‘नए मीडिया’ विषय पर शोधरत हूँ। फोटोग्राफ़ी मेरा शौक है। मैं NIKON COOLPIX P530 और अडोब फोटोशॉप 7.0 के साथ फोटोग्राफी कर रहा हूँ। फोटोग्राफी मेरे लिए दुनियां की खूबसूरती को अपनी ओर से चिरस्थाई बनाने का बहुत छोटा सा प्रयास है। एक फोटो पत्रकार के रूप में मेरी तस्वीरों को नैनीताल राजभवन सहित विभिन्न प्रदर्शनियों में प्रस्तुत किया गया, तथा उत्तराखंड की राज्यपाल श्रीमती मार्गरेट अलवा द्वारा सम्मानित किया गया है। कुछ चित्रों को राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार भी प्राप्त हो चुके हैं। गूगल अर्थ पर चित्र उपलब्ध कराने वाली पैनोरामियो साइट पर मेरी प्रोफाइल को 18.85 Lacs से भी अधिक हिट्स प्राप्त हैं।पत्रकारिता और फोटोग्राफी के अलावा मुझे कवितायेँ लिखना पसंद है। काव्य क्षेत्र में मैंने नवीन जोशी “नवेन्दु” के रूप में अपनी पहचान बनाई है। मैंने बहुत सी कुमाउनी कवितायेँ लिखी हैं, कुमाउनी भाषा में मेरा काव्य संकलन उघड़ी आंखोंक स्वींड़ प्रकाशित हो चुका है, जो कि पुस्तक के के साथ ही डिजिटल (PDF) फार्मेट पर भी उपलब्ध होने वाली कुमाउनी की पहली पुस्तक है। मेरी यह पुस्तक गूगल एप्स पर भी उपलब्ध है। ’ यहां है एक पत्रकार, लेखक, कवि एवं छाया चित्रकार के रूप में मेरी रचनात्मकता, लेख, आलेख, छायाचित्र, कविताएं, हिंदी-कुमाउनी के ब्लॉग आदि कार्यों का पूरा समग्र। मेरी कोशिश है कि यहां नैनीताल, कुमाऊं, उत्तराखंड और वृहद संदर्भ में देश की विरासत, संस्कृति, इतिहास और वर्तमान को समग्र रूप में संग्रहीत करने की….। मेरे दिल में बसता है, मेरा नैनीताल, मेरा कुमाऊं और मेरा उत्तराखंड