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कुमाऊं मंडल विकास निगम संयुक्त कर्मचारी महासंघ के रिकॉर्ड 27वीं बार अध्यक्ष चुने गए गुरुरानी

कुमाऊं मंडल विकास निगम के संयुक्त कर्मचारी महासंघ के नवनिर्वाचित पदाधिकारी।

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 4 जुलाई 2022। दिनेश गुरुरानी कुमाऊं मंडल विकास निगम के संयुक्त कर्मचारी महासंघ के लगातार 27वीं बार अध्यक्ष चुन लिए गए हैं। सोमवार को मुख्यालय स्थित पर्यटक आवास गृह सूखाताल में आयोजित हुए महासंघ के अधिवेशन में श्री गुरुरानी के साथ नई कार्यकारिणी का गठन किया गया। इसके बाद नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बतौर मुख्य अतिथि निगम के प्रबंध निदेशक विनीत तोमर ने शपथ दिलाई।

इस अवसर पर रिकॉर्ड 27वीं बार अध्यक्ष चुने गए श्री गुरुरानी ने कहा कि निगम में सबसे बड़ी समस्या बनी लंबे समय से संविदा में कार्य कर रहे कर्मियों का नियमितीकरण किए जाने, निगम को आर्थिक रूप से मजबूत करने के लिए महासंघ की ओर से संघर्ष करने की बात कही। महासंघ के वरिष्ठ उपाध्यक्ष कंचन चंदोला ने कहा कि अब नियमितीकरण की लड़ाई के लिए सभी संविदा कर्मचारियों को आगे आना होगा। इस दौरान पर्यटक आवास गृह परिसर में श्री गुरुरानी के ‘एक पौधा धरती मां के नाम’ अभियान के तहत पौधरोपण किया गया।

इससे पूर्व कार्यकारिणी के चुनाव का संचालन महामंत्री गुमान सिंह कुमटिया ने किया। नई कार्यकारिणी में दिनेश सांगुड़ी को संयोजक, दिनेश गुरुरानी को अध्यक्ष, कंचन चंदोला, रमेश कपकोटी व गणेश रियाल को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, महिमन सिंह कफलिया, पीतांबर दुम्का, रमेश पंत, अमर शाह, मंजुल सनवाल व गौतम कुमार को उपाध्यक्ष, गुमान सिंह कुमल्टिया को महामंत्री, तारा दत्त भट्ट को कोषाध्यक्ष, कैलाश आर्य व महेश चंद्र को सचिव, त्रिभुवन पुनेठा को प्रचार मंत्री तथा दीपक पांडे व धर्मानंद जोशी को मीडिया सलाहकार मनोनीत किया गया है।

कार्यक्रम में महासंघ के संयोजक दिनेश सागुडी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष कंचन चंदोला, रमेश कपकोटी, पीतांबर दुम्का, गौतम कुमार, कैलाश आर्य, गणेश चन्याल, त्रिभुवन पुनेठा, संदीप सहाय, धर्मानंद जोशी, महेंद्र आर्य, मंजुल सनवाल, रमेश पंत, कोषाध्यक्ष तारा दत्त भट्ट, वेद प्रकाश भट्ट, संदीप सहाय, दीपक पांडे, महिमन कफलिया, सुरेंद्र नेगी, गिरीश भट्ट, ललित सहाय और हरीश पांडे आदि मौजूद रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने की 30 जून तक डीपीसी कराने व शिथिलीकरण का लाभ देने की मांग…

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 17 जून 2022। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद नैनीताल की बैठक में कर्मचारियों की विभिन्न मांगों पर व्यापक विचार विमर्श किया गया, तथा शासनादेश के बावजूद भी विभिन्न विभागों की लापरवाही के कारण शिथिलीकरण के लाभ नहीं दिए जाने पर कडा रोष व्यक्त किया गया।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए राज्य कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष असलम अली ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा गत वर्ष कर्मचारियों की डीपीसी में एक वर्ष के शिथिलीकरण का शासनादेश जारी किया था। लेकिन कुछ विभागों की लापरवाही के कारण इस शिथिलीकरण का लाभ कर्मचारियों को नहीं मिल पा रहा है, और ना ही इस शासनादेश की किसी भी प्रकार की समीक्षा की जा रही है। विभिन्न विभागों में पदोन्नति के प्रस्ताव लंबित पड़े हैं। शासनादेश के अनुसार 30 जून को शिथिलीकरण की अंतिम तिथि है। जिसके चलते 15 जून तक सैकड़ों कर्मचारी पदोन्नति से वंचित हो गए हैं। इससे कर्मचारी जगत में अत्यंत आक्रोश की स्थिति उत्पन्न हो रही है।

बैठक में शासन से मांग की गई कि तत्काल 30 जून तक विभिन्न विभागों की डीपीसी करा कर शिथिलीकरण का लाभ कर्मचारियों को दिया जाए। साथ ही राज्य कर्मचारियों को 10, 16 व 26 वर्ष की सेवा पर पदोन्नति ना होने की दशा में एसीपी के अंतर्गत पदोन्नति वेतनमान अनुमन्य किए जाने, गोल्डन कार्ड के आधार पर राज्य कर्मचारियों एवं पेंशनरों को शासनादेश के अनुसार कैशलेस चिकित्सा अनुमान किए जाने, पुरानी पेंशन की बहाली व वेतन विसंगति को दूर किए जाने की मांग भी जोर-शोर से उठाई गई।

बैठक में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिला संरक्षक बहादुर बिष्ट, राजेंद्र प्रसाद, एएस जलाल, विरेंद्र सिंह, रणजीत सिंह, इशरार बेग, गोपाल सिंह, हरीश चंद्र, संतोष कुमार, आन सिंह, दीपक चंद, गोपाल राम तथा दिनेश चंद्र आदि कर्मचारी उपस्थित रहेे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : डीएसबी शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ ने कुलसचिव को भेजा 11 सूत्रीय मांग पत्र

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 16 जून 2022। कुमाऊं विश्वविद्यालय के डीएसबी परिसर शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ ने विश्वविद्यालय के कुलसचिव को 11 सूत्रीय मांगपत्र सोंपा है। अध्यक्ष जगदीश पपनै व महासचिव जय प्रकाश मिश्रा के हस्ताक्षरों से भेजे गए मांगपत्र में सेवानिवृत्त कर्मचारियों की जीपीएफ राशि सेवानिवृत्ति के दिन या 10 दिन के भीतर भुगतान करने तथा पेंशन पत्रावली एक माह के भीतर संबंधित विभाग को भेजने का कार्यालय आदेश जारी करनेकी मांग की है।

इसके अलावा मांग पत्र में सेवानिवृत्त होने जा रहे कर्मचारियों के स्थान पर एक माह पूर्व दूसरे कर्मचारी की नियुक्ति की व्यवस्था करवाने, कर्मचारियों के आवासों में आवश्यक मरम्मत कार्य को प्राथमिकता के आधार पर नियमानुसार करवाने, कर्मचारियों को समस्त प्रकार की जांचों, दवाइयों व परीक्षणों सहित चिकित्सा सुविधा बढ़ाने, प्रयोगात्मक परीक्षा के लिए नया पारिश्रमिक तय करने, विभागीय कर्मचारियों की कैडर प्रोन्नति स्वयमेव विभागीय प्रोन्नति समिति द्वारा करने व एसीपी का लाभ नियुक्ति माह से प्रदान करने की मांग की है।

इसके अलावा मांग पत्र में तृतीय श्रेणी लिपिक संवर्ग, प्रयोगशाला संवर्ग, तकनीकी संवर्ग, चतुर्थ श्रेधी के नियमित, दैनिक व संविदा कर्मियों की वरिष्ठता सूची जारी करने, दैनिक व संविदा कर्मियों को उनकी योग्यता के अनुसार रिक्त पदों के सापेक्ष समायोजित करने व उन्हें सीपीएफ व इंश्योरेंस की सुविधा देने, वर्ष 2010 से मुख्य, पूरक व प्रयोगात्मक परीक्षा, अग्रसारण व अन्य पारिश्रमिकों में यथोचित वृद्धि करने तथा कर्मचारियां की गोपनीय आख्या के उचित रखरखाव के लिए संबंधित कार्यालय को आदेशित करने की मांगें भी शामिल हैं। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : संविदा एएनएम को सता रही भविष्य की चिंता, सीएम से लगाई गुहार…

Good news: ANM on contract in UP will get the desired deployment - खुशखबरी:  यूपी में संविदा पर तैनात एएनएम को मिलेगी मनचाही तैनातीडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 16 जून 2022। उत्तराखंड में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अंतर्गत संविदा पर एएनएम के रूप में कार्यरत एएनएम अपने भविष्य के प्रति चिंतित हैं। खासकर संविदा पर एएनएम के रूप में कार्यरत आशा मेहता, मीता फर्त्याल, मुन्नी अधिकारी, ललिता अधिकारी, माया पांडेय, हेमा जोशी, नवलीन कौर, दीपा जलाल, अंबिका रौतेला, अंजु कंडारी, मंजू नेगी, रश्मि बिष्ट, संगीता रावत, रश्मि भट्ट, विनीता गैरौला, गीता तिवाड़ी, अंतेश्वरी उनियाल, अंजना बिष्ट, पुष्पा अवस्थी आदि का कहना है कि विभाग में 10 से 12 वर्षों से संविदा पर कार्य करने के बाद स्थायी नियुक्ति हेतु आयु निकल जाने के कारण वह अपने भविष्य के प्रति चिंतित हैं। लिहाजा, उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री ने उन्हें न्याय दिलाने की मांग की है।

उनका कहना है कि विभाग ने वीएचडब्लू महिला एएनएम के 824 पदों के लिए स्थायी नियुक्ति हेतु 2016 में विज्ञप्ति निकाली थी। लेकिन कुछ अन्य प्रदेशों से प्रशिक्षण प्राप्त एएनएम प्रशिक्षितों ने उच्च न्यायालय में वाद दायर कर नियमावली को चुनौती दी। इस पर विभाग ने अपनी त्रुटि मानते हुए 2022 में स्थायी नियुक्ति हेतु नई विज्ञप्ति निकाली। किंतु 2018 में प्रशिक्षण प्राप्त एएनएम प्रशिक्षित आयु सीमा को पार करने के कारण बाहर हो गए।

जबकि एएनएम नियमावली में प्रत्येक वर्ष खाली पदों पर भर्ती करने का नियम है, और अन्य विभागों में भी स्थायी नियुक्ति हेतु उम्र सीमा में छूट दी जाती है। उनका कहना है कि 2016 से एएनएम की स्थायी नियुक्तियां नहीं हुई हैं। ऐसे में उन्हें पिछले 10 से 12 वर्षों से संविदा में कार्य करने के बाद स्थायी नियुक्ति हेतु उम्र निकलने के कारण अपने भविष्य की चिंता सता रही है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : डीएसबी परिसर के शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ में सभी पदों पर निर्विरोध निर्वाचन तय

डीएसबी नैनीताल यानी उत्तराखंड में आधुनिकता का प्रवेश द्वार - Kafal Treeडॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 8 जून 2022। कुमाऊं विश्वविद्यालय के सर्वप्रमुख डीएसबी परिसर के शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ की नई कार्यकारिणी के लिए चुनाव की प्रक्रिया बुधवार से शुरू हो गई। इस दौरान अध्यक्ष सहित सभी पदों के लिए एक-एक कर्मचारी ने ही नामांकन किया तथा जांच में सभी नामांकन पत्र वैध पाए गए।

चुनाव अधिकारी डीएस नेगी ने बताया कि इस प्रकार अध्यक्ष पद पर जगदीश पपनै, महिला उपाध्यक्ष पद पर भावना राणा, उपाध्यक्ष पद पर मनीष कुमार, सचिव पद पर जयप्रकाश मिश्रा, उप सचिव पद पर राजेंद्र कुमार एवं कोषाध्यक्ष पद पर हेमंत प्रसाद का निर्विरोध निर्वाचन तय हो गया। नामांकन प्रक्रिया में आनंद रावत, राजेंद्र ढैला, देव सिंह राजपूत व गणेश राम आदि सदस्यों ने योगदान दिया। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : सरकारी कर्मियों के लिए खुशखबरी : जारी हुआ डीए में वृद्धि का शासनादेश

कर्मचारियों को झटका : कोरोना काल में रोकी गई महंगाई भत्ते की पिछली तीन  किस्त जारी करने से केंद्र सरकार का इनकार - shasnadesh.com शासनादेश डॉट कॉम  ...नवीन समाचार, देहरादून, 31 मई 2022। उत्तराखड सरकार ने राज्य कर्मचारियों, सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानो तथा शहरी स्थानीय निकायों के नियमित एवं पूर्णकालिक कर्मचारियों, कार्य प्रभारित कर्मचारियों तथा यूजीसी वेतनमानों में कार्यरत सातवां पुनरीक्षित वेतनमान अनुमन्य पदधारकों को एक जनवरी 2022 से बढ़ी हुई दरों पर महंगाई भत्ते का भुगतान करने का शासनादेश जारी कर दिया है।

बताया गया है कि इन कर्मियों को पूर्व निर्धारित शर्तो एवं प्रतिबंधों के अधीन 31 प्रतिशत की जगह 34 प्रतिशत महंगाई भत्ता देय होगा। गौरतलब है कि शासनादेश जारी होने की तारीख 31 मई 2022 की जगह 31 मई 2021 लिखी गई है। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : उत्तराखंड कलक्ट्रेट मिनिस्ट्रियल कर्मचारी संघ ने किया कार्य बहिष्कार

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 23 मई 2022। जिला कलक्ट्रेट के कार्यरत मिनिस्ट्रियल संवर्ग के कार्मिकों ने उनकी संबद्धता निरस्त करने की एक सूत्रीय मांग उठाई है। इस मांग पर सोमवार को उत्तराखंड कलक्ट्रेट मिनिस्ट्रियल कर्मचारी संघ की जनपद शाखा नैनीताल के पदाधिकारियों व सदस्यों ने जिला कलक्ट्रेट एवं संबद्ध सभी एसडीएम एवं तहसील कार्यालयों में सुबह 11 से 1 बजे तक दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया।

अध्यक्ष कमल उपाध्याय की अध्यक्षता एवं संरक्षक जय कृष्ण कांडपाल के संचालन में आयोजित हुए कार्य बहिष्कार के दौरान एक सूत्रीय मांग पर महामंत्री कमल भाकुनी, उपाध्यक्ष अरविंद कुमार, संयुक्त मंत्री मोत्र अकरम, संगठन मंत्री हिमाशु नेगी सहित प्रकाश पांडे, पूजा कड़ाकोटी, लता पांडे, रेखा पाडे, याचना कोरंगा, शांति जोशी, मनोज कबडोला व भूपेश तिवारी आदि ने विचार रखे। साथ ही निर्णय लिया कि यदि उनकी मांग पर विचार नहीं किया जाता है तो 24 मई को आपातकालीन बैठक बुलाकर कठोर कदम उठाने हेतु आगे की रणनीति बनाई जाएगी। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : कर्मचारी नेता के संबद्धीकरण पर भड़के कर्मचारी संगठन…

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 8 मई 2022। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद की जनपद इकाई ने पिथौरागढ़ शाखा के अध्यक्ष कैलाश पंत को पिथौरागढ़ से हटाकर चौखुटिया स्थित निदेशालय में संबद्ध किए जाने की घोर निंदा की है। रविवार को आयोजित संगठन की बैठक में

बैठक की अध्यक्षता करते हुए परिषद के जिला अध्यक्ष असलम अली ने कहा कि श्री पंत को सेवानिवृत्ति के मात्र छः माह ही शेष रहते अधिकारियों ने मनमाने तरीके से नियम विरुद्ध निदेशालय में संबद्ध किया है। यदि शीघ्र ही आदेश को वापस नहीं लिया गया तो राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद लामबंद होकर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ आंदोलन करने को बाध्य होगी।

बैठक में प्रांतीय उपाध्यक्ष गिरजेश कांडपाल ने इस मामले में शीघ्र ही प्रांतीय नेतृत्व की ओर से भी आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इसके अतिरिक्त बैठक में सरकार से गोल्डन कार्ड ,वेतन विसंगति, पुरानी पेंशन आदि अन्य मांगो को यथाशीघ्र पूर्ण करने की मांग भी की गई।

बैठक में उत्तराखंड अधिकारी कर्मचारी शिक्षक समन्वय समिति के जिला संयोजक जगदीश बिष्ट, इसरार बेग, रणजीत थापा, विवेक सिंह, आनंद सिंह, एनडी भट्ट, गोपाल राम, भोपाल सिंह, आनंद बल्लभ पांडे, संजय कुमार व डीएन कांडपाल सहित कई कर्मचारी उपस्थित रहे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : समस्या: अशासकीय विद्यालयों के शिक्षकों-कर्मचारियों को तीन माह से वेतन नहीं

डॉ. नवीन जोशी @ नवीन समाचार, नैनीताल, 28 अप्रैल 2022। राज्य के अशासकीय विद्यालयों के शिक्षकों व कर्मचारियों को फरवरी माह से वेतन का भुगतान नहीं किया जा रहा है। अप्रैल माह समाप्त होने को है, इस प्रकार शिक्षकों व कर्मचारियों को वेतन मिले करीब 3 माह होने जा रहे हैं।

उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षक सगठन के जिला मंत्री शैलेंद्र चौधरी ने शिक्षा विभाग एवं उत्तराखंड शासन से आग्रह किया है कि इस दिशा में त्वरित कार्रवाई करते हुए शिक्षकों व कर्मचारियों के वेतन की व्यवस्था कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि हर वर्ष मार्च माह में वेतन के भुगतान में समस्या आती है। विभागीय अधिकारी बजट की कमी की बात करते हैं, इसलिए समय से बजट की व्यवस्था किए जाने की आवश्यकता है।

संगठन के जिलाध्यक्ष पीसी जोशी ने भी वेतन भुगतान की त्वरित व्यवस्था कर शिक्षकों व कर्मचारियों को आर्थिक संकट से उबारने की व्यवस्था करें। अन्यथा संगठन के सदस्य कार्यालय में धरना देने के लिए बाध्य होंगे। आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें : बिग ब्रेकिंग-एक्सक्लूसिव: धाकड़ सीएम के राज में यह हाल: दिन में एक बजे पूरा कार्यालय मिला खाली, एक भी कर्मचारी कार्यालय में नहीं मिला

दान सिंह लोधियाल @ नवीन समाचार, धानाचूली-नैनीताल, 8 अप्रैल 2022। जहाँ से विकास की सीढ़ी शुरू होती है, अगर वहीं पर अधिकारी व कर्मचारियों की जगह खाली कुर्सियां व मेजें मिलेंगी तो क्या गांव का विकास हो सकेगा। यह सवाल धारी विकास खंड कार्यालय में उठा है। यहां शुक्रवार को एसडीएम द्वारा की गई छापेमारी में कार्यालय में एक भी कर्मचारी मौजूद नहीं मिला। यह तब है जब प्रदेश के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने दो दिन पहले ही राज्य की मशीनरी को कड़ा संदेश दिया था।

प्राप्त जानकारी के अनुसार शुक्रवार को एक बजे के करीब धारी के ज्येष्ठ उप प्रमुख संजय बिष्ट व कनिष्ठ प्रमुख कृपाल सिंह पहुंचे तो विकास खंड कार्यालय में कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। करीब एक घंटा इंतजार के बाद भी जब कोई कर्मचारी व अधिकारी नही पहुंचा, तो दोनों जनप्रतिनिधियों ने विधायक रामसिंह कैड़ा एवं सीडीओ डॉ. संदीप तिवारी को दूरभाष पर इसकी जानकारी दी। इस पर सीडीओ डॉ. तिवारी ने तत्काल एसडीएम धारी योगेश मेहरा को निरीक्षण कर रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए।

इस पर श्री मेहरा जांच के लिए पहुंचे। जांच के बाद उन्होंने बताया कि निरीक्षण के दौरान नदारद कर्मचारियों की सूची बनाकर मुख्य विकास अधिकारी को प्रेषित कर दी गई है, साथ ही उनके खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही किये जाने की संस्तुति भी की गई है। कार्यालय में सहायक खंड विकास अधिकारी महेश्वर सिंह, एडीओ पंचायत दिनेश जोशी,एडीओ कोऑपरेटिव अरविंद सिंह, लेखाकार आनंद नगरकोटी, लेखाकार गोविंद गिरी गोस्वामी, वरिष्ठ लेखाकार कुंदन बिष्ट, कनिष्ठ सहायक रूप लता दास अनुपस्थित पाए गए। बताया गया कि यह सभी समय से पूर्व कार्यालय छोड़कर चले गए थे।

इस कार्यवाही से ब्लॉक के कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। बताया गया है कि विकास खंड कार्यालय में आये दिन यही हाल रहता है, जो आज पकड़ में आ गया। इस पर ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों में ब्लॉक कर्मचारियों व अधिकारियों के प्रति भारी आक्रोश व्याप्त है। लोगों का कहना है कि सभी कार्यालयों में औचक निरीक्षण करने चाहिए, जिससे कर्मचारी अपना कार्य ठीक से कर जनता की सेवा कर सकें। (डॉ.नवीन जोशी) आज के अन्य ताजा ‘नवीन समाचार’ पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

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